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Sunday, May 11, 2014

प्रभावशाली महिला


   सोलहवीं शताबदी में योरप में हुए प्रोटेस्टेन्ट धर्म सुधार के आरंभिक दिनों में रोमन कैथोलिक मत से निकल कर आने वाली एक सन्यासिन कैथरीन वॉन बोरा का विवाह धर्म सुधार के अग्रणीय, विटिनबर्ग में रहने वाले मार्टिन लूथर से हुआ। उनका यह विवाह हर रीति से एक आनन्दमय पारिवारिक जीवन और पारस्परिक संबंध का जीवन था। लूथर ने अपने अनुभव के आधार पर लिखा, "संसार के संबंधों में भले विवाह संबंध से बढ़कर मधुर और कोई संबंध नहीं है, और जीवन साथी से बिछुड़ने से अधिक कटु कोई अनुभव नहीं है"।

   क्योंकि कैथरीना प्रति प्रातः 4 बजे उठकर अपनी ज़िम्मेदारियों का निर्वाह आरंभ कर देती थी, इसलिए लूथर उसे "विटिनबर्ग का भोर का तारा" कहते थे। कैथरीना अपने घर के फल और सबज़ी के बागीचे की मेहनत के साथ देख-रेख करती थी। वह पारिवारिक व्यवसाय, लूथर परिवार के घर और ज़ायदाद की भी उतनी ही मेहनत और लगन से देख-भाल करती थी। समय के साथ लूथर और कैथरीना के छः बच्चे भी हुए, जिनके लिए कैथरीना का मानना था कि उनके चरित्र निर्माण की पाठशाला उनका अपना घर ही है और वह इस ज़िम्मेदारी को भी उतनी ही लगन के साथ निभाती थी। कैथरीना की इस भली विचारधारा, मेहनत और लगन ने उसे वास्तव में एक बहुत प्रभावशाली महिला बना दिया था।

   परमेश्वर के वचन बाइबल की नीतिवचन पुस्तक के 31वें अध्याय में एक उत्तम गृहणी के चरित्र का वर्णन दिया है; कैथरीना उसी वर्णन के अनुसार अपने आप को चलाने वाली महिला थी। जो जो गुण बाइबल में दी गई उस महिला के जीवन में पाए जाते हैं, कैथरीना उन्हीं के अनुसार प्रातः होने से पहले ही उठ कर अपने घराने के लिए भोजन और परिवार की देखभाल के लिए मेहनत किया करती थी।

   कैथरीना जैसी प्रभावशाली महिलाओं के जीवनों से हम परमेश्वर के भय में जीना, हर संबंध को सच्चे प्रेम से निभाना और हर ज़िम्मेदारी को पूरी कर्मठता के साथ पूरा करना सीख सकते हैं। - डेनिस फिशर


परमेश्वर के भय में चलने वाली भली माताएं ना केवल शब्दों द्वारा जीवन जीना सिखाती हैं, वरन अपने जीवनों के उदाहरण से उसे जी कर भी दिखाती हैं।

हर बुद्धिमान स्त्री अपने घर को बनाती है, पर मूढ़ स्त्री उसको अपने ही हाथों से ढा देती है। - नीतिवचन 14:1

बाइबल पाठ: नीतिवचन 31:10-31
Proverbs 31:10 भली पत्नी कौन पा सकता है? क्योंकि उसका मूल्य मूंगों से भी बहुत अधिक है। उस के पति के मन में उस के प्रति विश्वास है। 
Proverbs 31:11 और उसे लाभ की घटी नहीं होती। 
Proverbs 31:12 वह अपने जीवन के सारे दिनों में उस से बुरा नहीं, वरन भला ही व्यवहार करती है। 
Proverbs 31:13 वह ऊन और सन ढूंढ़ ढूंढ़ कर, अपने हाथों से प्रसन्नता के साथ काम करती है। 
Proverbs 31:14 वह व्यापार के जहाजों की नाईं अपनी भोजन वस्तुएं दूर से मंगवाती हैं। 
Proverbs 31:15 वह रात ही को उठ बैठती है, और अपने घराने को भोजन खिलाती है और अपनी लौण्डियों को अलग अलग काम देती है। 
Proverbs 31:16 वह किसी खेत के विषय में सोच विचार करती है और उसे मोल ले लेती है; और अपने परिश्रम के फल से दाख की बारी लगाती है। 
Proverbs 31:17 वह अपनी कटि को बल के फेंटे से कसती है, और अपनी बाहों को दृढ़ बनाती है। 
Proverbs 31:18 वह परख लेती है कि मेरा व्यापार लाभदायक है। रात को उसका दिया नहीं बुझता। 
Proverbs 31:19 वह अटेरन में हाथ लगाती है, और चरखा पकड़ती है। 
Proverbs 31:20 वह दीन के लिये मुट्ठी खोलती है, और दरिद्र के संभालने को हाथ बढ़ाती है। 
Proverbs 31:21 वह अपने घराने के लिये हिम से नहीं डरती, क्योंकि उसके घर के सब लोग लाल कपड़े पहिनते हैं। 
Proverbs 31:22 वह तकिये बना लेती है; उसके वस्त्र सूक्ष्म सन और बैंजनी रंग के होते हैं। 
Proverbs 31:23 जब उसका पति सभा में देश के पुरनियों के संग बैठता है, तब उसका सम्मान होता है। 
Proverbs 31:24 वह सन के वस्त्र बनाकर बेचती है; और व्योपारी को कमरबन्द देती है। 
Proverbs 31:25 वह बल और प्रताप का पहिरावा पहिने रहती है, और आने वाले काल के विषय पर हंसती है। 
Proverbs 31:26 वह बुद्धि की बात बोलती है, और उस के वचन कृपा की शिक्षा के अनुसार होते हैं। 
Proverbs 31:27 वह अपने घराने के चाल चलन को ध्यान से देखती है, और अपनी रोटी बिना परिश्रम नहीं खाती। 
Proverbs 31:28 उसके पुत्र उठ उठ कर उसको धन्य कहते हैं, उनका पति भी उठ कर उसकी ऐसी प्रशंसा करता है: 
Proverbs 31:29 बहुत सी स्त्रियों ने अच्छे अच्छे काम तो किए हैं परन्तु तू उन सभों में श्रेष्ट है। 
Proverbs 31:30 शोभा तो झूठी और सुन्दरता व्यर्थ है, परन्तु जो स्त्री यहोवा का भय मानती है, उसकी प्रशंसा की जाएगी। 
Proverbs 31:31 उसके हाथों के परिश्रम का फल उसे दो, और उसके कार्यों से सभा में उसकी प्रशंसा होगी।

एक साल में बाइबल: 
  • एस्तेर 1-3