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Friday, March 31, 2017

नेतृत्व


   दक्षिणी अफ्रीका के तट के निकट, 4 अगस्त 1991 को, एक भीष्ण समुद्री तूफान के कारण एम. टी. एस. ओशनोस नामक यात्री समुद्री जहाज़ डूबने लगा। जहाज़ को डूबता देख उसके कप्तान ने जहाज़ से भाग जाने का निर्णय लिया और, किसी को कुछ बताए बिना अपने साथी अफसरों के साथ जहाज़ को छोड़कर चला गया। जहाज़ के यात्रियों में से मौस हिल्स नामक एक ब्रिटिश संगीतज्ञ को आभास हुआ कि कुछ गड़बड़ है और उसने दक्षिणी अफ्रीका के कोस्ट गार्ड को बचाने आने के लिए खतरे का संकेत भेजा। फिर परिस्थिति को अपने हाथों में लेते हुए, मौस और उसकी पत्नि ट्रेसी तथा उनके साथी संगीतज्ञों ने सारे यात्रियों को बचाए जाने में सहायता की, उन्हें बचाव के लिए आए हेलिकॉप्टरों में चढ़ाया।

   कभी कभी हम जिनकी ओर नेतृत्व के लिए देखते हैं, वे ही हमारा साथ छोड़ देते हैं। परमेश्वर के वचन बाइबल में जब राजा शाऊल और उसके साथी सैनिक अधिकारियों को भीमकाय फिलिस्ती योद्धा गोलियत के अपमान भरी चुनौती का सामना करना पड़ा, तो उनका प्रत्युत्तर भय और भीरुता था (1 शमूएल 17:11)। परन्तु एक युवा चरवाहे और संगीतज्ञ, दाऊद, ने परमेश्वर पर भरोसा रखा, जिससे इस धमकी के प्रति उसका दृष्टिकोण बदल गया और उसने गोलियत से कहा, "...तू तो तलवार और भाला और सांग लिये हुए मेरे पास आता है; परन्तु मैं सेनाओं के यहोवा के नाम से तेरे पास आता हूं, जो इस्राएली सेना का परमेश्वर है, और उसी को तू ने ललकारा है" (1 शमूएल 17:45)। अपने भरोसे और परमेश्वर की सामर्थ द्वारा दाऊद ने गोलियत को मार डाला, शत्रु फिलिस्तियों को हरा दिया और उस युद्ध का रुख बदल दिया। यह सब इसलिए क्योंकि दाऊद ने साँसारिक नेतृत्व की ओर नहीं वरन एकमात्र जीवते परमेश्वर को अपनी सामर्थ का आधार बनाया।

   जब अन्य साथ छोड़ दें और हम असहाय अनुभव करें, तो संभव है कि परमेश्वर अपनी सामर्थ और प्रतिष्ठा सबके सामने प्रगट करने के लिए, हमें उसके लोगों का नेतृत्व करने के लिए बुला रहा हो। - डेनिस फिशर


प्रभु यीशु मसीह का अनुसरण करने के द्वारा ही 
हम औरों को सही मार्गदर्शन कर सकते हैं।

हम यहोवा का आसरा देखते आए हैं; वह हमारा सहायक और हमारी ढाल ठहरा है। हमारा हृदय उसके कारण आनन्दित होगा, क्योंकि हम ने उसके पवित्र नाम का भरोसा रखा है। - भजन 33:20-21

बाइबल पाठ: 1 शमूएल 17:31-54
1 Samuel 17:31 जब दाऊद की बातों की चर्चा हुई, तब शाऊल को भी सुनाईं गई; और उसने उसे बुलवा भेजा।
1 Samuel 17:32 तब दाऊद ने शाऊल से कहा, किसी मनुष्य का मन उसके कारण कच्चा न हो; तेरा दास जा कर उस पलिश्ती से लड़ेगा। 
1 Samuel 17:33 शाऊल ने दाऊद से कहा, तू जा कर उस पलिश्ती के विरुद्ध नहीं युद्ध कर सकता; क्योंकि तू तो लड़का ही है, और वह लड़कपन ही से योद्धा है। 
1 Samuel 17:34 दाऊद ने शाऊल से कहा, तेरा दास अपने पिता की भेड़ बकरियां चराता था; और जब कोई सिंह वा भालू झुंड में से मेम्ना उठा ले गया, 
1 Samuel 17:35 तब मैं ने उसका पीछा कर के उसे मारा, और मेम्ने को उसके मुंह से छुड़ाया; और जब उसने मुझ पर चढ़ाई की, तब मैं ने उसके केश को पकड़कर उसे मार डाला। 
1 Samuel 17:36 तेरे दास ने सिंह और भालू दोनों को मार डाला; और वह खतनारहित पलिश्ती उनके समान हो जाएगा, क्योंकि उसने जीवित परमेश्वर की सेना को ललकारा है। 
1 Samuel 17:37 फिर दाऊद ने कहा, यहोवा जिसने मुझ सिंह और भालू दोनों के पंजे से बचाया है, वह मुझे उस पलिश्ती के हाथ से भी बचाएगा। शाऊल ने दाऊद से कहा, जा, यहोवा तेरे साथ रहे। 
1 Samuel 17:38 तब शाऊल ने अपने वस्त्र दाऊद को पहिनाए, और पीतल का टोप उसके सिर पर रख दिया, और झिलम उसको पहिनाया। 
1 Samuel 17:39 और दाऊद ने उसकी तलवार वस्त्र के ऊपर कसी, और चलने का यत्न किया; उसने तो उन को न परखा था। इसलिये दाऊद ने शाऊल से कहा, इन्हें पहिने हुए मुझ से चला नहीं जाता, क्योंकि मैं ने नहीं परखा। और दाऊद ने उन्हें उतार दिया। 
1 Samuel 17:40 तब उसने अपनी लाठी हाथ में ले नाले में से पांच चिकने पत्थर छांटकर अपनी चरवाही की थैली, अर्थात अपने झोले में रखे; और अपना गोफन हाथ में ले कर पलिश्ती के निकट चला। 
1 Samuel 17:41 और पलिश्ती चलते चलते दाऊद के निकट पहुंचने लगा, और जो जन उसकी बड़ी ढाल लिये था वह उसके आगे आगे चला। 
1 Samuel 17:42 जब पलिश्ती ने दृष्टि कर के दाऊद को देखा, तब उसे तुच्छ जाना; क्योंकि वह लड़का ही था, और उसके मुख पर लाली झलकती थी, और वह सुन्दर था। 
1 Samuel 17:43 तब पलिश्ती ने दाऊद से कहा, क्या मैं कुत्ता हूं, कि तू लाठी ले कर मेरे पास आता है? तब पलिश्ती अपने देवताओं के नाम ले कर दाऊद को कोसने लगा। 
1 Samuel 17:44 फिर पलिश्ती ने दाऊद से कहा, मेरे पास आ, मैं तेरा मांस आकाश के पक्षियों और वनपशुओं को दे दूंगा। 
1 Samuel 17:45 दाऊद ने पलिश्ती से कहा, तू तो तलवार और भाला और सांग लिये हुए मेरे पास आता है; परन्तु मैं सेनाओं के यहोवा के नाम से तेरे पास आता हूं, जो इस्राएली सेना का परमेश्वर है, और उसी को तू ने ललकारा है। 
1 Samuel 17:46 आज के दिन यहोवा तुझ को मेरे हाथ में कर देगा, और मैं तुझ को मारूंगा, और तेरा सिर तेरे धड़ से अलग करूंगा; और मैं आज के दिन पलिश्ती सेना की लोथें आकाश के पक्षियों और पृथ्वी के जीव जन्तुओं को दे दूंगा; तब समस्त पृथ्वी के लोग जान लेंगे कि इस्राएल में एक परमेश्वर है। 
1 Samuel 17:47 और यह समस्त मण्डली जान लेगी की यहोवा तलवार वा भाले के द्वारा जयवन्त नहीं करता, इसलिये कि संग्राम तो यहोवा का है, और वही तुम्हें हमारे हाथ में कर देगा। 
1 Samuel 17:48 जब पलिश्ती उठ कर दाऊद का साम्हना करने के लिये निकट आया, तब दाऊद सेना की ओर पलिश्ती का साम्हना करने के लिये फुर्ती से दौड़ा। 
1 Samuel 17:49 फिर दाऊद ने अपनी थैली में हाथ डालकर उस में से एक पत्थर निकाला, और उसे गोफन में रखकर पलिश्ती के माथे पर ऐसा मारा कि पत्थर उसके माथे के भीतर घुस गया, और वह भूमि पर मुंह के बल गिर पड़ा। 
1 Samuel 17:50 यों दाऊद ने पलिश्ती पर गोफन और एक ही पत्थर के द्वारा प्रबल हो कर उसे मार डाला; परन्तु दाऊद के हाथ में तलवार न थी। 
1 Samuel 17:51 तब दाऊद दौड़कर पलिश्ती के ऊपर खड़ा हुआ, और उसकी तलवार पकड़कर मियान से खींची, और उसको घात किया, और उसका सिर उसी तलवार से काट डाला। यह देखकर कि हमारा वीर मर गया पलिश्ती भाग गए। 
1 Samuel 17:52 इस पर इस्राएली और यहूद पुरूष ललकार उठे, और गत और एक्रोन से फाटकों तक पलिश्तियों का पीछा करते गए, और घायल पलिश्ती शारैम के मार्ग में और गत और एक्रोन तक गिरते गए। 
1 Samuel 17:53 तब इस्राएली पलिश्तियों का पीछा छोड़कर लौट आए, और उनके डेरों को लूट लिया। 
1 Samuel 17:54 और दाऊद पलिश्ती का सिर यरूशलेम में ले गया; और उसके हथियार अपने डेरे में धर लिए। 
एक साल में बाइबल: 
  • न्यायियों 11-12
  • लूका 6:1-26


Thursday, March 30, 2017

भलाई


   कमपैशन इन्टरनैशनल नामक सारे विश्व में गरीबों की सहायता के लिए कार्य करने वाली संस्था के एक कार्यकर्ता ने एक महिला के साथ घटित घटना के बारे में बताया। उस महिला को अवसर मिला कि वह उस दूर देश में जाकर उस बच्चे से मिले जिसकी सहायतार्थ उसने संस्था को पैसे देते रहने का वायदा किया था। उस देश में पहुँचकर वह महिला उस बहुत ही निर्धनता में रहने वाले उस बच्चे से मिली और उसे अपने साथ भोजन करने के लिए एक रेस्टोरेंट में गई। वहाँ उस महिला ने अपने लिए सलाद और बच्चे के लिए बर्गर मँगवाया। जब भोजन मेज़ पर परोसा गया, तो उस बच्चे ने, जिसने निःसन्देह अपने जीवन में कभी ऐसा भोजन नहीं किया होगा, अपने सामने रखे बड़े से बर्गर को देखा और उस महिला के सामने रखे सिर्फ सलाद को देखा। फिर उसने चाकू लेकर अपने बर्गर को आधा आधा काटा और एक भाग उस महिला को देते हुए अपने पेट को सहलाते हुए संकेत से पूछा कि क्या उसे भूख लगी है?

   वह बच्चा, जिसने अपना जीवन बहुत ही कमी-घटी में बिताया था, जो उसके पास था उसे उस व्यक्ति के साथ बाँटने के लिए तैयार था जिसे देखकर उसे लगा कि वह भी ज़रूरतमन्द होगा। अगली बार जब हम किसी ऐसे व्यक्ति से मिलें जिसे कोई शारीरिक, आत्मिक या भावनात्मक आवश्यकता है, तो इस बालक द्वारा किया गया कार्य हमारे अनुसरण के लिए एक अच्छा उदाहरण हो सकता है। मसीह यीशु के अनुयायी होने के नाते, हमारा विश्वास हमारे कार्यों के द्वारा लोगों पर प्रगट होना चाहिए (याकूब 2:17)।

   प्रतिदिन हमारे संपर्क में ऐसे लोग आते हैं जो किसी ना किसी बात के लिए ज़रुरतमन्द होते हैं; वे चाहे किसी अन्य देश में हों या फिर अगली ही गली में रहते हों। किसी को गर्म भोजन की तो किसी को स्नेहपूर्ण व्यवहार या कोमल शब्दों की आवश्यकता हो सकती है। मसीही विश्वासी जिन्होंने प्रभु यीशु मसीह के प्रेम को अनुभव किया है, दूसरों के साथ भलाई करने के व्यवहार के द्वारा संसार में कितना अंतर ला सकते हैं (इब्रानियों 13:16)। - डेव ब्रैनन


भलाई करना मनुष्य का सर्वोत्तम कार्य है। - सोफोक्लेस

पर भलाई करना, और उदारता न भूलो; क्योंकि परमेश्वर ऐसे बलिदानों से प्रसन्न होता है। - इब्रानियों 13:16

बाइबल पाठ: याकूब 2:12-18
James 2:12 तुम उन लोगों की नाईं वचन बोलो, और काम भी करो, जिन का न्याय स्‍वतंत्रता की व्यवस्था के अनुसार होगा। 
James 2:13 क्योंकि जिसने दया नहीं की, उसका न्याय बिना दया के होगा: दया न्याय पर जयवन्‍त होती है।
James 2:14 हे मेरे भाइयों, यदि कोई कहे कि मुझे विश्वास है पर वह कर्म न करता हो, तो उस से क्या लाभ? क्या ऐसा विश्वास कभी उसका उद्धार कर सकता है? 
James 2:15 यदि कोई भाई या बहिन नगें उघाड़े हों, और उन्हें प्रति दिन भोजन की घटी हो। 
James 2:16 और तुम में से कोई उन से कहे, कुशल से जाओ, तुम गरम रहो और तृप्‍त रहो; पर जो वस्तुएं देह के लिये आवश्यक हैं वह उन्हें न दे, तो क्या लाभ? 
James 2:17 वैसे ही विश्वास भी, यदि कर्म सहित न हो तो अपने स्‍वभाव में मरा हुआ है। 
James 2:18 वरन कोई कह सकता है कि तुझे विश्वास है, और मैं कर्म करता हूं: तू अपना विश्वास मुझे कर्म बिना तो दिखा; और मैं अपना विश्वास अपने कर्मों के द्वारा तुझे दिखाऊंगा। 

एक साल में बाइबल: 
  • न्यायियों 9-10
  • लूका 5:17-39


Wednesday, March 29, 2017

कीचड़


   मेरे मित्र एड ने अपने छोटे बेटे के बारे में एक घटना बताई; उसका बेटा कीचड़ में जाकर खड़ा हो गया। जब एड ने उससे कहा कि वह कीचड़ से बाहर आए तो उस लड़के ने कीचड़ में भागना आरंभ कर दिया; इसपर एड ने कहा कि "कीचड़ में भागना भी नहीं है", तो वह कीचड़ में चलने लगा; एड ने फिर कहा "चलना भी नहीं है" तो वह थोड़ा सा बाहर आया और केवल अपने पैर के अंगूठे और ऊँगलियाँ कीचड़ में लगकार खड़ा हो गया और पिता की ओर ढिठाई से घूर कर देखने लगा। वह बच्चा जानता था कि उसका पिता क्या चाहता है, परन्तु वह पिता की इच्छा को करना नहीं चाहता था।

   कभी कभी मैं उस ढीठ बच्चे के समान हो जाता हूँ; मैं जानता हूँ कि जो मैं कर रहा हूँ उससे परमेश्वर प्रसन्न नहीं होगा, परन्तु फिर भी मैं वही करता रहता हूँ। परमेश्वर ने अपने वचन बाइबल में अपने लोगों, इस्त्राएलियों से कहा कि वे अपने परमेश्वर यहोवा की सभी आज्ञाएँ मानें (व्यवस्थाविवरण 28:1), परन्तु उन्होंने बारंबार इस की अवहेलना करी। भजनकार ने उनके इस संघर्ष का अपने भजन में अंगीकार करते हुए कहा, "भला होता कि तेरी विधियों के मानने के लिये मेरी चालचलन दृढ़ हो जाए" (भजन 119:5)।

   ईर्ष्या, घृणा, बलवा - ये सब बहुधा होता रहता है। परन्तु परमेश्वर ने हमारे पाप क्षमा तथा छुटकारे के लिए हमारे कर्मों को नहीं वरन प्रभु यीशु के क्रूस पर दिए बलिदान को माध्यम बनाया है। जब भी हम परीक्षाओं में आते हैं, परमेश्वर का पवित्र आत्मा उनसे बचने में हमारी सहायता करता है (1 कुरिन्थियों 10:13); और जब हम अपने पापों को मान लेते हैं, उनके लिए परमेश्वर से क्षमा माँग लेते हैं, तो परमेश्वर उन्हें क्षमा भी कर देता है (1 यूहन्ना 1:9)।

   यदि आप मेरे समान बार बार जीवन की कीचड़ में जाते रहते हैं, तो निराश होकर हार नहीं मान लें। परमेश्वर ना केवल आपको उन प्रलोभनों से बचने में सहायता करेगा, वरन आपके लिए उसका प्रेम भी कभी कम नहीं होगा; उसने अपने पुत्र प्रभु यीशु के बलिदान द्वारा जो आपको अपनाया है। - डेव एग्नर


प्रलोभनों तथा परीक्षाओं पर जयवन्त होने के लिए, प्रभु यीशु के आधीन हो जाईए।

तुम किसी ऐसी परीक्षा में नहीं पड़े, जो मनुष्य के सहने से बाहर है: और परमेश्वर सच्चा है: वह तुम्हें सामर्थ से बाहर परीक्षा में न पड़ने देगा, वरन परीक्षा के साथ निकास भी करेगा; कि तुम सह सको। - 1 कुरिन्थियों 10:13

बाइबल पाठ: भजन 119:1-8
Psalms 119:1 क्या ही धन्य हैं वे जो चाल के खरे हैं, और यहोवा की व्यवस्था पर चलते हैं! 
Psalms 119:2 क्या ही धन्य हैं वे जो उसकी चितौनियों को मानते हैं, और पूर्ण मन से उसके पास आते हैं! 
Psalms 119:3 फिर वे कुटिलता का काम नहीं करते, वे उसके मार्गों में चलते हैं। 
Psalms 119:4 तू ने अपने उपदेश इसलिये दिए हैं, कि वे यत्न से माने जाएं। 
Psalms 119:5 भला होता कि तेरी विधियों के मानने के लिये मेरी चालचलन दृढ़ हो जाए! 
Psalms 119:6 तब मैं तेरी सब आज्ञाओं की ओर चित्त लगाए रहूंगा, और मेरी आशा न टूटेगी। 
Psalms 119:7 जब मैं तेरे धर्ममय नियमों को सीखूंगा, तब तेरा धन्यवाद सीधे मन से करूंगा। 
Psalms 119:8 मैं तेरी विधियों को मानूंगा: मुझे पूरी रीति से न तज! 

एक साल में बाइबल: 
  • न्यायियों 7-8
  • लूका 5:1-16


Tuesday, March 28, 2017

मार्ग


   हाल के कुछ वर्षों से मेरी बेटी उत्तरी मिशिगन प्रांत, जहाँ वह निवास करती है, के मूल निवासियों के इतिहास की ओर बहुत आकर्षित हुई है। एक ग्रीष्म काल में, जब मैं उसके पास मिलने गई हुई थी, उसने मुझे एक मार्ग दिखाया जिसका नाम वहाँ लगी पट्टिया पर लिखा था "मार्ग संकेत वृक्ष"। उसने मुझे समझाया कि बहुत पहले, वे मूल निवासी छोटे पेड़ों को किसी विशेष दिशा में मोड़ देते थे जिससे कुछ विशेष स्थानों की दिशा दिखाई जा सके, और वे पेड़ उस टेढ़ेपन के साथ ही दिशा दिखाते हुए बढ़ते जाते थे।

   परमेश्वर के वचन बाइबल का पुराना नियम खण्ड भी कुछ ऐसे ही उद्देश्य की पूर्ति करता है। वहाँ दी गई अनेकों आज्ञाएं तथा शिक्षाएं हमें वह दिशा एवं मार्ग दिखाते हैं जिस पर प्रभु परमेश्वर चाहता है कि हम चलें और जिनके अनुसार हम जीवन व्यतीत करें। बाइबल में दी गई दस आज्ञाएं इसका एक महान उदाहरण हैं। इसके अतिरिक्त, पुराने नियम के भविष्यद्वक्ताओं ने आने वाले जगत के उद्धारकर्ता मसीहा की ओर प्रभु यीशु के जन्म से हज़ारों वर्ष पूर्व इशारा किया। उन्होंने बताया कि प्रभु यीशु का जन्म बेतलहेम में होगा (देखें मीका 5:2 और मत्ती 2:1-6)। उन भविष्यद्वाक्ताओं ने प्रभु यीशु के क्रूस पर मारे जाने का आश्चर्यजनक रीति से सटीक विवरण दिया "क्योंकि कुत्तों ने मुझे घेर लिया है; कुकर्मियों की मण्डली मेरी चारों ओर मुझे घेरे हुए है; वह मेरे हाथ और मेरे पैर छेदते हैं। मैं अपनी सब हडि्डयां गिन सकता हूं; वे मुझे देखते और निहारते हैं; वे मेरे वस्त्र आपस में बांटते हैं, और मेरे पहिरावे पर चिट्ठी डालते हैं" (भजन 22:16-18); (देखें भजन 22:14-18 और यूहन्ना 19:23-24) जबकि उन के द्वारा यह लिखे जाने के समय में क्रूस द्वारा मृत्युदण्ड था ही नहीं। यशायाह 53 में प्रभु यीशु द्वारा दिए गए अपने बलिदान को बताया गया है (देखें यशायाह 53:1-2, 6 और लूका 23:33)।

   हज़ारों वर्ष पहले, परमेश्वर के भविष्यद्वक्ताओं ने संसार के लोगों को परमेश्वर के पुत्र की ओर इशारा किया; जगत के पाप क्षमा और उद्धार के मार्ग की ओर। वही सारे जगत के सभी लोगों के लिए परमेश्वर के अनुग्रह में सेंत-मेंत प्रदान किया गया उद्धार और जीवन का मार्ग है। - सिंडी हैस कैस्पर


प्रभु यीशु ने हमें अनन्त जीवन देने के लिए अपने प्राण बलिदान किए।

यीशु ने उस से कहा, मार्ग और सच्चाई और जीवन मैं ही हूं; बिना मेरे द्वारा कोई पिता के पास नहीं पहुंच सकता। - यूहन्ना 14:6

बाइबल पाठ: यशायाह 53
Isaiah 53:1 जो समाचार हमें दिया गया, उसका किस ने विश्वास किया? और यहोवा का भुजबल किस पर प्रगट हुआ? 
Isaiah 53:2 क्योंकि वह उसक&