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Wednesday, March 14, 2018

निकट



   सिंगापुर विश्वविद्यालय से औद्योगिक डिजाइन के एक स्नातक को चुनौती दी गई कि सामान्य साधारण वस्तुओं के प्रयोग के द्वारा एक आम समस्या का कोई नया समाधान सुझाए। उसने भीड़-भाड़ वाले इलाके में, जन-सामान्य द्वारा प्रयोग होने वाले भरी हुई ट्रेन एवं बसों में यात्रा करते समय लोगों द्वारा अपने व्यक्तिगत स्थान को सुरक्षित बनाए रखने के लिए एक जैकिट बनाई। जैकिट पर लंबी, लचीले प्लास्टिक के नोकीले कांटे लगे हुए थे, जिन्हें सामान्यतः बिल्लियों और पक्षियों को पौधों से दूर रखने के लिए प्रयोग किया जाता था।

   प्रभु यीशु जानते थे कि व्यक्तिगत स्थान की हानि क्या होती है; लोग उनके पास आने, और उन्हें छू भर लेने के लिए उनपर गिरे पड़ते थे। एक बार, एक महिला जिसे 12 वर्ष से लोहू बहने का रोग था और वह किसी भी उपचार से चंगी होने नहीं पाई थी, प्रभु के पास आई और चंगाई पाने के इरादे से उसके वस्त्र का कोना छू भर लिया; तुरंत उसका लोहू बहना थम गया (लूका 8:43-44)।

   प्रभु यीशु ने भी रुककर तुरंत ही प्रश्न किया, “मुझे किसने छुआ?” उसका यह पूछना उतना आश्चर्यजनक नहीं था जितना प्रतीत होता है, क्यों कि प्रभु ने अपने अन्दर से सामर्थ्य को निकलते हुए अनुभव किया था (पद 45-46)। उस स्त्री का वह छूना अन्य लोगों के छूने से, जो उसपर गिरे पड़ते थे और आनायास ही उसे छू लेते थे, भिन्न था।

   हमें यह मानना पड़ेगा कि यद्यपि हम अपने व्यक्तिगत स्थान को बनाए रखना और अन्य लोगों से कुछ पृथक रहना चाहते हैं, लेकिन दुखी लोगों की सहायता कर पाने के लिए हमें उन्हें अपने निकट आने के अवसर प्रदान करने होंगे, जिससे वे निकट आकर हम मसीही विश्वासियों के अन्दर कार्यकारी मसीह यीशु के प्रोत्साहन, सान्तवना और अनुग्रह के स्पर्श को अनुभव कर सकें। - सी. पी. हिया


मसीही विश्वासी का जीवन वह खिड़की है जिसमें से लोग मसीह को देखने पाते हैं।

उसी प्रकार तुम्हारा उजियाला मनुष्यों के साम्हने चमके कि वे तुम्हारे भले कामों को देखकर तुम्हारे पिता की, जो स्वर्ग में हैं, बड़ाई करें। - मत्ती 5:16

बाइबल पाठ: लूका 8:40-48
Luke 8:40 जब यीशु लौट रहा था, तो लोग उस से आनन्द के साथ मिले; क्योंकि वे सब उस की बाट जोह रहे थे।
Luke 8:41 और देखो, याईर नाम एक मनुष्य जो आराधनालय का सरदार था, आया, और यीशु के पांवों पर गिर के उस से बिनती करने लगा, कि मेरे घर चल।
Luke 8:42 क्योंकि उसके बारह वर्ष की एकलौती बेटी थी, और वह मरने पर थी: जब वह जा रहा था, तब लोग उस पर गिरे पड़ते थे।
Luke 8:43 और एक स्त्री ने जिस को बारह वर्ष से लोहू बहने का रोग था, और जो अपनी सारी जीविका वैद्यों के पीछे व्यय कर चुकी थी और तौभी किसी के हाथ से चंगी न हो सकी थी।
Luke 8:44 पीछे से आकर उसके वस्‍त्र के आंचल को छूआ, और तुरन्त उसका लोहू बहना थम गया।
Luke 8:45 इस पर यीशु ने कहा, मुझे किस ने छूआ जब सब मुकरने लगे, तो पतरस और उसके साथियों ने कहा; हे स्‍वामी, तुझे तो भीड़ दबा रही है और तुझ पर गिरी पड़ती है।
Luke 8:46 परन्तु यीशु ने कहा: किसी ने मुझे छूआ है क्योंकि मैं ने जान लिया है कि मुझ में से सामर्थ्य निकली है।
Luke 8:47 जब स्त्री ने देखा, कि मैं छिप नहीं सकती, तब कांपती हुई आई, और उसके पांवों पर गिरकर सब लोगों के साम्हने बताया, कि मैं ने किस कारण से तुझे छूआ, और क्योंकर तुरन्त चंगी हो गई।
Luke 8:48 उसने उस से कहा, बेटी तेरे विश्वास ने तुझे चंगा किया है, कुशल से चली जा।


एक साल में बाइबल: 
  • व्यवस्थाविवरण 23-25
  • मरकुस 14:1-26