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शनिवार, 10 दिसंबर 2011

हमारी ज़िम्मेवारी

   एक मिशनरी कार्यकर्ता जौन डी व्राईस ने अपनी कलपना से प्रभु यीशु के स्वर्गारोहण के तुरन्त बाद, वहाँ पहुँचने पर स्वर्गदूतों से हुए वार्तालाप का वर्णन लिखा है। वे लिखते हैं: स्वर्ग पहुँचते ही स्वर्गदूतों ने बड़े आनन्द से पृथ्वी पर अपने कार्य को पूरा कर के आए प्रभु यीशु का स्वागत किया। अब वे यह जानने को आतुर थे कि संसार को यह सुसमाचार कि प्रभु यीशु ने मृत्यु पर जय पा कर समस्त संसार के लिए पाप से मुक्ति और उद्धार का मार्ग खोल दिया है, पहुँचाने का कार्य कौन करेगा? स्वर्गदूतों की उम्मीदों पर पानी फेरते हुए, प्रभु ने पृथ्वी की ओर इशारा कर के वहाँ एकत्रित अपने चेलों के एक छोटे से झुँड को उन्हें दिखाया और बताया कि ये ही हैं वे जो संसार भर में मेरे गवाह होंगे। इन चेलों ने पाप से मुक्ति और उद्धार के रोमाँच को व्यक्तिगत रीति से अनुभव किया है; अब अपने इस अनुभव को वे संसार भर के लोगों तक ले कर भी जाएंगे।

   उद्धार के सुसमाचार के प्रचार की यह मशाल जो प्रभु ने स्वर्गदूतों को नहीं वरन अपने आरंभिक चेलों को पकड़ायी थी, आज अनेक पीढ़ीयों से होकर गुज़रती हुई हमारे हाथों में पहुँची है। अब यह हमारी ज़िम्मेवारी है कि पापों से मुक्ति और विश्वास द्वारा उद्धार के इस सुसमाचार को अपने समकालीन लोगों तक पहुँचाएं और इस ज़िम्मेवारी को फिर अपनी अगली पीढ़ी को सौंप कर जाएं।

   चाहे स्वर्गदूत सुसमाचार के प्रचार के इस अवसर के लिए तरसते हों लेकिन उन्होंने व्यक्तिगत रीति से पापों की क्षमा के आनन्द और महिमा की आशा को अनुभव नहीं किया है। इसलिए यह ज़िम्मेवारी उनकी नहीं हमारी है, जिन्होंने इसे व्यक्तिगत रीति से अनुभव किया है। - रिचर्ड डी हॉन


मसीही विश्वासी के लिए इस संसार में जीवित बने रहने का एकमात्र कारण है प्रभु यीशु का गवाह होना।

उस ने उन से कहा, तुम सारे जगत में जा कर सारी सृष्‍टि के लोगों को सुसमाचार प्रचार करो। - मरकुस १६:१५

बाइबल पाठ: मरकुस १६:१४-२०
Mar 16:14  पीछे वह उन ग्यारहों को भी, जब वे भोजन करने बैठे थे दिखाई दिया, और उन के अविश्वास और मन की कठोरता पर उलाहना दिया, क्‍योंकि जिन्‍होंने उसके जी उठने के बाद उसे देखा था, इन्‍होंने उन की प्रतीति न की थी।
Mar 16:15  और उस ने उन से कहा, तुम सारे जगत में जा कर सारी सृष्‍टि के लोगों को सुसमाचार प्रचार करो।
Mar 16:16  जो विश्वास करे और बपतिस्मा ले उसी का उद्धार होगा, परन्‍तु जो विश्वास ने करेगा वह दोषी ठहराया जाएगा।
Mar 16:17  और विश्वास करने वालों में ये चिन्‍ह होंगे कि वे मेरे नाम से दुष्‍टात्माओं को निकालेंगे।
Mar 16:18  नई नई भाषा बोलेंगे, सांपों को उठा लेंगे, और यदि वे नाशक वस्‍तु भी पी जांए तौभी उन की कुछ हानि न होगी, वे बीमारों पर हाथ रखेंगे, और वे चंगे हो जाएंगे।
Mar 16:19  निदान प्रभु यीशु उन से बातें करने के बाद स्‍वर्ग पर उठा लिया गया, और परमेश्वर की दाहिनी ओर बैठ गया।
Mar 16:20  और उन्‍होंने निकल कर हर जगह प्रचार किया, और प्रभु उन के साथ काम करता रहा, और उन चिन्‍हों के द्वारा जो साथ साथ होते थे वचन को, दृढ़ करता रहा। आमीन।
 
एक साल में बाइबल: 
  • होशे १-४ 
  • प्रकाशितवाक्य १

शुक्रवार, 9 दिसंबर 2011

अनावश्यक मज़दूरी

   मेक्सिको शहर में १९८५ में आए भयानक भूकंप से हुई त्रासदी के चित्र टेलिविज़न द्वारा समस्त विश्व में सजीव दिखाए जा रहे थे। टी०वी० के पटल पर ध्वस्त हुए कॉंन्क्रीट के मकानों और मकानों के खण्डहरों के चित्र भरे पड़े थे। बचाव कार्यों में लगे लोग इन खण्डरों को खोदने में जी-जान से लगे हुए थे कि जीवन के कहीं कोई चिन्ह मिलें। जगह जगह आग लगी हुई थी और धुँआ तथा धूल वायुमण्डल में भरे हुए थे। जब मैं यह सब देख रहा था तो अचानक टी०वी० के एक कोने में कुछ अक्षर लिखे हुए आए - "सौजन्य से: SIN"

   वास्तव में वे तीन अक्षर SIN "Spanish Ingternational Network" का लघु रूप थे; परन्तु एक क्षण के लिए मेरे मन में इस का भिन्न अर्थ आया, अर्थात अंग्रेज़ी शब्द "SIN" का अर्थ पाप ध्यान में आया। मुझे स्मरण आया कि संसार की सभी समस्याओं, दुखः और कष्टों का मूल कारण पाप है। मेरा यह तात्पर्य नहीं कि परमेश्वर ने मैक्सिको शहर का भूकंप द्वारा न्याय किया; किंतु यदि पाप प्रत्यक्ष अथवा परोक्ष रूप में किसी त्रासदी के लिए ज़िम्मेवार है तो हमें पाप को उसके वास्तविक घृणित रूप में पहचानना और देखना अति आवश्यक है ना कि उसे हलके में लेकर उस से कोई शिष्टाचार निभाना चाहिए।

   क्योंकि मनुष्यों के सारे दुख-दर्द का उदगम पाप से है, उसे कैसे हलके में लिया जा सकता है? हम क्यों पाप के साथ समझौता कर के रहें, जिस के कारण एक प्रेमी परमेश्वर को न्यायी बनना पड़ता है और प्रकाशितवाक्य ६ में वर्णित भयंकर न्याय को लाना पड़ता है? अब हम पाप के देनदार नहीं रहे हैं क्योंकि मसीह यीशु ने समस्त मानव जाति के लिए, कलवरी के क्रूस पर चढ़ कर, पाप के हर एक कर्ज़ को चुका दिया है और उसकी सामर्थ को निरस्त कर दिया है। परमेश्वर का वचन बाइबल बताती है कि "क्‍योंकि पाप की मजदूरी तो मृत्यु है, परन्‍तु परमेश्वर का वरदान हमारे प्रभु यीशु मसीह में अनन्‍त जीवन है" (रोमियों ६:२३); किंतु अब पाप को हमें किसी भी मज़दूरी के देने का कोई कारण शेष नहीं है। बस प्रभु यीशु से करी गई एक साधारण विश्वास की प्रार्थना "हे प्रभु यीशु मेरे पाप क्षमा करें और मुझे अपनी शरण में ले लें" और सच्चे मन से यीशु को किया गया समर्पण हमें पाप के हर एक कर्ज़ से मुक्त कर देने के लिए पर्याप्त है।

   प्रभु यीशु के पुनरुत्थान की सामर्थ में जीने से हम अपने पाप की अनावश्यक मज़दूरी पाने से बच जाते हैं। - मार्ट डी हॉन

यदि हम पाप के विरुद्ध खड़े होने का निर्णय लेते हैं तो उसमें परमेश्वर हमें विजय भी देता है।

सो हे भाइयो, हम शरीर के कर्जदार नहीं, ताकि शरीर के अनुसार दिन काटें। क्‍योंकि यदि तुम शरीर के अनुसार दिन काटोगे, तो मरोगे, यदि आत्मा से देह की क्रीयाओं को मारोगे, तो जीवित रहोगे। - रोमियों ८:१२, १३

बाइबल पाठ: रोमियों ६:६-१८
Rom 6:6  क्‍योंकि हम जानते हैं कि हमारा पुराना मनुष्यत्‍व उसके साथ क्रूस पर चढ़ाया गया, ताकि पाप का शरीर व्यर्थ हो जाए, ताकि हम आगे को पाप के दासत्‍व में न रहें।
Rom 6:7  क्‍योंकि जो मर गया, वह पाप से छूटकर धर्मी ठहरा।
Rom 6:8  सो यदि हम मसीह के साथ मर गए, तो हमारा विश्वास यह है, कि उसके साथ जीएंगे भी।
Rom 6:9  क्‍योंकि यह जानते हैं, कि मसीह मरे हुओं में से जी उठ कर फिर मरने का नहीं, उस पर फिर मृत्यु की प्रभुता नहीं होने की।
Rom 6:10  क्‍योंकि वह जो मर गया तो पाप के लिये एक ही बार मर गया; परन्‍तु जो जीवित है, तो परमेश्वर के लिये जीवित है।
Rom 6:11  ऐसे ही तुम भी अपने आप को पाप के लिये तो मरा, परन्‍तु परमेश्वर के लिये मसीह यीशु में जीवित समझो।
Rom 6:12  इसलिये पाप तुम्हारे मरणहार शरीर में राज्य न करे, कि तुम उस की लालसाओं के अधीन रहो।
Rom 6:13  और न अपने अंगो को अधर्म के हथियार होने के लिये पाप को सौंपो, पर अपने आप को मरे हुओं में से जी उठा हुआ जान कर परमेश्वर को सौंपो, और अपने अंगो को धर्म के हथियार होने के लिये परमेश्वर को सौंपो।
Rom 6:14  और तुम पर पाप की प्रभुता न होगी, क्‍योंकि तुम व्यवस्था के आधीन नहीं वरन अनुग्रह के आधीन हो।
Rom 6:15  तो क्‍या हुआ क्‍या हम इसलिये पाप करें, कि हम व्यवस्था के आधीन नहीं वरन अनुग्रह के आधीन हैं? कदापि नहीं।
Rom 6:16  क्‍या तुम नहीं जानते, कि जिस की आज्ञा मानने के लिये तुम अपने आप को दासों की नाईं सौंप देते हो, उसी के दास हो: और जिस की मानते हो, चाहे पाप के, जिस का अन्‍त मृत्यु है, चाहे आज्ञा मानने के, जिस का अन्‍त धामिर्कता है
Rom 6:17  परन्‍तु परमेश्वर का धन्यवाद हो, कि तुम जो पाप के दास थे तौभी मन से उस उपदेश के मानने वाले हो गए, जिस के सांचे में ढाले गए थे।
Rom 6:18  और पाप से छुड़ाए जाकर धर्म के दास हो गए।
 
एक साल में बाइबल: 
  • दानिय्येल ११-१२ 
  • यहूदा

गुरुवार, 8 दिसंबर 2011

शैतान के प्रतिरोध

   जब प्रभु यीशु ने अपने चेलों से निकट भविष्य में अपने यरूशलेम जाने और वहाँ पर यहूदियों के धर्म गुरुओं द्वारा पकड़वाए जाने और क्रूस पर चढ़ा कर मारे जाने के बारे में बताया, तो उन के चेले पतरस ने इसका विरोध किया और उन्हें ऐसा होने देने को रोक देने के लिए कहा। पतरस का यह प्रतिरोध उसके अनजाने में ही उस में होकर यीशु के विरुद्ध शैतान के द्वारा डाला जाने वाला प्रतिरोध था। प्रभु यीशु ने इस बात को प्रकट किया और पतरस में होकर कार्य कर रहे शैतान को इसके लिए डाँटा (मत्ती १६:२१-२३)।

   शैतान ने पहले यीशु को बचपन में ही मार डालने के प्रयास किए जब उसके जन्म के बाद राजा हेरोदेस ने उस इलाके में पैदा हुए सभी बच्चों को मरवा देने की आज्ञा दी ताकि उन बच्चों में यीशु भी मार डाला जाए (मत्ती २:१-१६)। जब से युहन्ना बपतिस्मा देने वाले ने प्रभु यीशु को परमेश्वर का मेमना कहा जो जगत के पाप उठा ले जाता है (युहन्ना १:२९), तब ही से शैतान यीशु को क्रूस पर जाने से रोकने के अपने प्रयासों में लग गया। पहले उसने यीशु की सेवकाई आरंभ होने से पहले ही उसे प्रलोभन दिया कि यीशु उस से संसार के राज्य ले ले और क्रूस पर जाने का अपना इरादा छोड़ दे। फिर सेवकाई के दौरान उसने कई बार यहूदी धर्म गुरुओं और अगुवों को उकसाया कि वे उस का विरोध करें, लोगों को उस के विरुद्ध भड़काएं, उसे पत्थरवाह कर के मार डालें जिससे वह क्रूस पर ना जा सके। जब शैतान के ये प्रयास विफल रहे तो उस ने अपनी रण नीति बदली और प्रभु के चेले पतरस को उकसाया कि वह परमेश्वर की योजना का विरोध करे और यीशु को क्रूस पर चढ़ाए जाने से रोके। जब यह भी कामयाब नहीं हुआ तो फिर शैतान एक और चेले यहूदा में समा गया (यूहन्ना १३:२७) कि यीशु का विरोध करे। उसके बाद शैतान ने प्रभु के चेलों से कायरता पूर्वक उसे अकेला छोड़ कर भागने, पतरस द्वारा तीन बार उसका इन्कार करने, रोमी सैनिको द्वारा बेरहमी से उसे पीटने, कोड़े मारने और उसका ठठा करने तथा जिन लोगों के बीच यीशु रहा और जिन्हें उसने चँगाईयाँ दीं, परमेश्वर का वचन सिखाया, उन्हीं के द्वारा उसके प्रति बेरुखी और दण्डित किए जाने की माँग रख कर शैतान ने यीशु को यह जताने के प्रयास किए कि मानव जाति इतनी गिरी हुई है कि उसके लिए क्रूस की मृत्यु सहना यीशु को गँवारा नहीं होना चाहिए।

   लेकिन शैतान के सभी प्रयास विफल हुए और यीशु परमेश्वर कि योजना में समस्त मानव जाति के उद्धार का मार्ग तैयार करने के लिए क्रूस पर मारा भी गया और फिर तीसरे दिन जी भी उठा, और आज जो कोई उसके इस कार्य पर विश्वास करके उसे ग्रहण करता है, उसे उद्धार भी देता है।

   शैतान ने भी अपने प्रयास बन्द नहीं किए हैं, अब उसने अपनी रण नीति एक बार फिर बदल ली है। अब वह प्रभु यीशु द्वारा उद्धार के सुसमाचार के प्रचार को बाधित कर रहा है, कि लोग या तो यह सुसमाचार सुने ही ना, या सुन कर भी उस पर विश्वास ना करें। इस कार्य के लिए उसने मसीही विश्वास का स्वरूप बिगाड़ कर उसे इसाई धर्म का रूप दे दिया और अब वह झूठी बातों और तथ्यों के तोड़-मरोड़ कर प्रस्तुत करे जाने के द्वारा यीशु पर विश्वास को धर्म परिवर्तन की संज्ञा दे कर लोगों को भड़काता है, आज भी धर्म गुरुओं और धर्म के अगुवों द्वारा सुसमाचार प्रचार का विरोध करवाता है, मसीही विश्वास के सुसमाचार प्रचारकों पर सताव और उत्पीड़न लाता है कि वे अपने प्रयासों को छोड़ दें और अन्य देखने वाले इस से डर जाएं तथा यीशु पर विश्वास नहीं करें। वह संसार के लोगों को उकसाता है कि परमेश्वर है ही नहीं और उस पर विश्वास करना व्यर्थ है। जो फिर भी परमेश्वर पर विश्वास करते हैं, उन्हें वह उकसाता है कि उन्हें यीशु की आवश्यक्ता नहीं है, वे स्वयं ही अपने प्रयासों, भले कार्यों और धर्म के कार्यों के द्वारा परमेश्वर को प्रसन्न कर सकते हैं और स्वर्ग जा सकते हैं।

   किंतु जैसे पहले हुआ, अब भी वैसे ही हो रहा है, शैतान के सभी प्रयासों के बावजूद प्रभु यीशु के क्रूस पर मारे जाने, गाड़े जाने और तीसरे दिन जी उठने और यीशु में पापों की क्षमा पर विश्वास कर के प्रति दिन हज़ारों लोग उद्धार पा रहे हैं और व्यक्तिगत रीति से अपने जीवनों में परमेश्वर की शान्ति का अनुभव कर रहे हैं। ये सभी उद्धार पाए हुए लोग यीशु के क्रूस और यीशु की खाली कब्र के कारण आनन्दित हैं और अपने विश्वास द्वारा वह स्थान प्राप्त कर चुके हैं जो वे किसी भी धर्म और अपने कर्मों द्वारा कभी पा नहीं सकते थे - परमेश्वर की सन्तान होने का दर्जा। यीशु में साधारण विश्वास द्वारा सेंत-मेंत उद्धार का यह अवसर समस्त मानव जाति के लिए आज भी उपलब्ध है, उद्धार का मार्ग अभी भी खुला है - आपके लिए भी।

   यीशु का क्रूस और उसकी खाली कब्र प्रमाण है कि शैतान हारा हुआ है और मसीही विश्वास सदा के लिए उस पर जयवन्त है और रहेगा। - हर्ब वैण्डर लुग्ट


कलवरी का क्रूस शैतान की पराजय और पतन का चिन्ह है।

उस ने फिर कर पतरस से कहा, हे शैतान, मेरे साम्हने से दूर हो: तू मेरे लिये ठोकर का कारण है; क्‍योंकि तू परमेश्वर की बातें नहीं, पर मनुष्यों की बातों पर मन लगाता है। - मत्ती १६:२३

बाइबल पाठ: मत्ती १६:२१-२८
Mat 16:21  उस समय से यीशु अपने चेलों को बताने लगा, कि मुझे अवश्य है, कि यरूशलेम को जाऊं, और पुरिनयों और महायाजकों और शास्‍त्रियों के हाथ से बहुत दुख उठाऊं; और मार डाला जाऊं, और तीसरे दिन जी उठूं।
Mat 16:22  इस पर पतरस उसे अलग ले जाकर झिड़कने लगा कि हे प्रभु, परमेश्वर न करे; तुझ पर ऐसा कभी न होगा।
Mat 16:23  उस ने फिर कर पतरस से कहा, हे शैतान, मेरे साम्हने से दूर हो: तू मेरे लिये ठोकर का कारण है; क्‍योंकि तू परमेश्वर की बातें नहीं, पर मनुष्यों की बातों पर मन लगाता है।
Mat 16:24  तब यीशु ने अपने चेलों से कहा, यदि कोई मेरे पीछे आना चाहे, तो अपने आप का इन्‍कार करे और अपना क्रूस उठाए, और मेरे पीछे हो ले।
Mat 16:25  क्‍योंकि जो कोई अपना प्राण बचाना चाहे, वह उसे खोएगा; और जो कोई मेरे लिये अपना प्राण खोएगा, वह उसे पाएगा।
Mat 16:26  यदि मनुष्य सारे जगत को प्राप्‍त करे, और अपने प्राण की हानि उठाए, तो उसे क्‍या लाभ होगा? या मनुष्य अपने प्राण के बदले में क्‍या देगा?
Mat 16:27  मनुष्य का पुत्र अपने स्‍वर्गदूतों के साथ अपने पिता की महिमा में आएगा, और उस समय वह हर एक को उस के कामों के अनुसार प्रतिफल देगा।
Mat 16:28  मैं तुम से सच कहता हूं, कि जो यहां खड़े हैं, उन में से कितने ऐसे हैं, कि जब तक मनुष्य के पुत्र को उसके राज्य में आते हुए न देख लेंगे, तब तक मृत्यु का स्‍वाद कभी न चखेंगे।
 
एक साल में बाइबल: 
  • दानिय्येल ८-१० 
  • ३ युहन्ना

बुधवार, 7 दिसंबर 2011

अभूतपूर्व परिवर्तन

   एक मनोवज्ञानिक चिकितस्क ने, जो जेल के कैदियों के बीच में कार्य करता था, खिसिया कर कहा, "मैं किसी के पागलपन का तो इलाज कर सकता हूँ लेकिन उसकी बुराई का नहीं"। मनुष्य के बुरे स्वभाव को बदल पाना किसी मानवीय सामर्थ और उपाय से बाहर है। केवल एक ही शक्ति है जो इस कार्य को कर सकती है, पाप पर जयवन्त प्रभु यीशु के सुसमाचार की शक्ति।

   चार्ल्स डारविन, जिसने क्रमिक विकास की धारणा को इतना महत्व दिया और माना, उसने भी इस बात को स्वीकार किया था। उसने एक प्रभु यीशु के सेवक को लिखा था: "हमारे गाँवों के सुधार के लिए जो आपने कुछ ही महीनों में कर दिखाया वह हमारी वर्षों की मेहनत से कहीं बढ़कर है। हम आज तक किसी एक भी शराबी व्यक्ति को सुधार नहीं सके थे, किंतु आपकी सेवाओं के बाद अब मुझे इन गाँवों में कोई शराबी दिखता ही नहीं।"

   बाद में डारविन दक्षिण अमेरिका के बिलकुल छोर पर स्थित इलाके Tierra Del Fuego गए, उन्हों ने वहाँ के लोगों में ऐसा वहशीपन देखा जो वर्णन से बाहर था। उसके कुछ समय पश्चात उन्हें फिर उस इलाके में जाने का अवसर मिला, तब तक एक मसीही सेवक वहाँ काम करने आ चुका था। अब जो डारविन ने वहाँ देखा वह उन्हें विस्मित कर देने वाला था; उन्होंने इस बात को स्वीकार किया कि प्रभु यीशु का सुसमाचार जीवन बदल देता है। वे वहाँ हुए परिवर्तन से इतना प्रभावित हुए कि उन्होंने अपनी मृत्यु के समय तक वहाँ के मिशन के कार्य के लिए पैसा देना ज़ारी रखा।

   परमेश्वर के वचन बाइबल में १ पतरस २ अध्याय में लिखा है कि क्रूस पर प्रभु यीशु के बलिदान ने ना केवल पाप के दण्ड को चुकाया वरन उसके सामर्थ को भी मिटा दिया। प्रेरित पौलुस ने उन लोगों के जघन्य अपराधों को गिनाने के बाद कुरिन्थ के विश्वासियों को लिखा कि, "और तुम में से कितने ऐसे ही थे, परन्‍तु तुम प्रभु यीशु मसीह के नाम से और हमारे परमेश्वर के आत्मा से धोए गए, और पवित्र हुए और धर्मी ठहरे" (१ कुरिन्थियों ६:११)।

   परमेश्वर की स्तुति हो, प्रभु यीशु वास्तव में अभूतपूर्व परिवर्तन लाकर, बुरों को भला बना देता है। - हर्ब वैण्डर लुग्ट

परमेश्वर ने हमें बनाया, पाप ने हमें बिगाड़ा, मसीह हमें पुनः सुधार देता है।

वह आप ही हमारे पापों को अपनी देह पर लिए हुए क्रूस पर चढ़ गया जिस से हम पापों के लिये मर कर के धामिर्कता के लिये जीवन बिताएं: उसी के मार खाने से तुम चंगे हुए। - १ पतरस २:२४

बाइबल पाठ: १ कुरिन्थियों १:१८-३१; ६:९-११
1Co 1:18  क्‍योंकि क्रूस की कथा नाश होने वालों के निकट मूर्खता है, परन्‍तु हम उद्धार पाने वालों के निकट परमेश्वर की सामर्थ है।
1Co 1:19  क्‍योकि लिखा है, कि मैं ज्ञानवानों के ज्ञान को नाश करूंगा, और समझदारों की समझ को तुच्‍छ कर दूंगा।
1Co 1:20  कहां रहा ज्ञानवान? कहां रहा शास्त्री? कहां इस संसार का विवादी? क्‍या परमेश्वर ने संसार के ज्ञान को मूर्खता नहीं ठहराया?
1Co 1:21  क्‍योंकि जब परमेश्वर के ज्ञान के अनुसार संसार ने ज्ञान से परमेश्वर को न जाना तो परमेश्वर को यह अच्‍छा लगा, कि इस प्रकार की मूर्खता के द्वारा विश्वास करने वालों को उद्धार दे।
1Co 1:22  यहूदी तो चिन्‍ह चाहते हैं, और यूनानी ज्ञान की खोज में हैं।
1Co 1:23  परन्‍तु हम तो उस क्रूस पर चढ़ाए हुए मसीह का प्रचार करते हैं जो यहूदियों के निकट ठोकर का कारण, और अन्यजातियों के निकट मूर्खता है।
1Co 1:24  परन्‍तु जो बुलाए हुए हैं क्‍या यहूदी, क्‍या यूनानी, उन के निकट मसीह परमेश्वर की सामर्थ, और परमेश्वर का ज्ञान है।
1Co 1:25  क्‍योंकि परमेश्वर की मूर्खता मनुष्यों के ज्ञान से ज्ञानवान है; और परमेश्वर की निर्बलता मनुष्यों के बल से बहुत बलवान है।
1Co 1:26  हे भाइयो, अपने बुलाए जाने को तो सोचो, कि न शरीर के अनुसार बहुत ज्ञानवान, और न बहुत सामर्थी, और न बहुत कुलीन बुलाए गए।
1Co 1:27  परन्‍तु परमेश्वर ने जगत के मूर्खों को चुन लिया है, कि ज्ञान वालों को लज्ज़ित करे; और परमेश्वर ने जगत के निर्बलों को चुन लिया है, कि बलवानों को लज्ज़ित करे।
1Co 1:28  और परमेश्वर ने जगत के नीचों और तुच्‍छों को, वरन जो हैं भी नहीं उन को भी चुन लिया, कि उन्‍हें जो हैं, व्यर्थ ठहराए।
1Co 1:29  ताकि कोई प्राणी परमेश्वर के साम्हने घमण्‍ड न करने पाए।
1Co 1:30  परन्‍तु उसी की ओर से तुम मसीह यीशु में हो, जो परमेश्वर की ओर से हमारे लिये ज्ञान ठहरा अर्थात धर्म, और पवित्रता, और छुटकारा।
1Co 1:31  ताकि जैसा लिखा है, वैसा ही हो, कि जो घमण्‍ड करे वह प्रभु में घमण्‍ड करे।
1Co 6:9  क्‍या तुम नहीं जानते, कि अन्यायी लोग परमेश्वर के राज्य के वारिस न होंगे धोखा न खाओ, न वेश्यागामी, न मूर्ति पूजक, न परस्त्रीगामी, न लुच्‍चे, न पुरूषगामी।
1Co 6:10  न चोर, न लोभी, न पियक्कड़, न गाली देने वाले, न अन्‍धेर करने वाले परमेश्वर के राज्य के वारिस होंगे।
1Co 6:11  और तुम में से कितने ऐसे ही थे, परन्‍तु तुम प्रभु यीशु मसीह के नाम से और हमारे परमेश्वर के आत्मा से धोए गए, और पवित्र हुए और धर्मी ठहरे।
 
एक साल में बाइबल: 
  • दानिय्येल ५-७ 
  • २ युहन्ना

मंगलवार, 6 दिसंबर 2011

खामियों से सुन्दरता

   अपने चारों ओर प्रकृति में हम खामियों और सुन्दरता का अद्भुत संबंध देख सकते हैं। उदाहरण स्वरूप स्फटीक (crystal) की रचना के बारे में ही सोचिए; वैज्ञानिक बताते हैं कि संसार में शायद ही कोई वस्तु हो जो स्फटीक के समान क्रमवार रीति से बनती हो। हर तरह के खनीज़ पदार्थ और रतन के स्फटीक बनने का एक विशेष क्रम होता है, जिसमें उस के अणु के निर्धारित क्रम और स्थान में एक दूसरे के साथ जुड़ते हैं और इसी से इन खनीज़ों और रतनों को उनका विशेष आकार और स्वरूप मिलता है। किंतु कभी कभी इस क्रम में गड़बड़ हो जाती है और कुछ अणु अपने क्रम की बजाए बेतरतीब जुड़ जाते हैं - यही गड़बड़ उस रतन को उसका विशिष्ट रंग और सुन्दरता प्रदान करती है। यदि यह गड़बड़ न होती तो रतन के अलग अलग प्रकार तथा रंग भी न होते।

   मानव स्वभाव के साथ भी ऐसा है। हम सब जानते हैं कि हम में कुछ न कुछ खामियाँ और कमज़ोरियाँ हैं। हम अपने आप में अन-इच्छित गुण पाते हैं जैसे स्वार्थीपन, चिड़चिड़ा स्वभाव, अधीरता, गरम-मिज़ाज़ आदि। ये सब हमारे साथ हमारे अन्दर बसे पाप के स्वभाव के कारण हैं। परन्तु फिर भी कितने ही ऐसे मसीही विश्वासी हैं जो यह गवासी देंगे कि उनकी यही खामियाँ उन के लिए वरदान बन गईं जब उन्होंने इन के दुषप्रभावों से बचने के लिए प्रभु यीशु मसीह पर और भी अधिक आधारित होना आरंभ कर दिया। परमेश्वर के आगे दीन होकर अपनी इन खामियों को स्वीकार कर लेने और उन पर अपनी सामर्थ से जयवन्त होने की असमर्थता को मान लेने से उन्होंने परमेश्वर की सामर्थ और अनुग्रह को अपने जीवन में अनुभव किया।

   अपने जीवनों में उपस्थित खामियों से चिन्तित होकर हमें हताश नहीं हो जाना चाहिए; वरन उन्हें स्वीकार कर के, प्रार्थना में उन्हें प्रभु के हाथों में रख दें और उस पर भरोसा करें कि वह हमें इन पर विजयी करेगा।

   भजनकार ने लिखा, "यहोवा मेरे लिये सब कुछ पूरा करेगा..." (भजन १३८:८)। - मार्ट डी हॉन


परमेश्वर के संसाधन हमारी कुल आवश्यक्ताओं से भी कहीं बढ़ कर हैं।

यहोवा मेरे लिये सब कुछ पूरा करेगा; हे यहोवा, तेरी करूणा सदा की है। तू अपने हाथों के कार्यों को त्याग न दे। - भजन १३८:८

बाइबल पाठ: भजन १३८
Psa 138:1  मैं पूरे मन से तेरा धन्यवाद करूंगा; देवताओं के साम्हने भी मैं तेरा भजन गाऊंगा।
Psa 138:2  मैं तेरे पवित्र मन्दिर की ओर दण्डवत् करूंगा, और तेरी करूणा और सच्चाई के कारण तेरे नाम का धन्यवाद करूंगा; क्योंकि तू ने अपने वचन को अपने बड़े नाम से अधिक महत्व दिया है।
Psa 138:3  जिस दिन मैं ने पुकारा, उसी दिन तू ने मेरी सुन ली, और मुझ में बल देकर हियाव बन्धाया।
Psa 138:4  हे यहोवा, पृथ्वी के सब राजा तेरा धन्यवाद करेंगे, क्योंकि उन्होंने तेरे वचन सुने हैं;
Psa 138:5  और वे यहोवा की गति के विषय में गाएंगे, क्योंकि यहोवा की महिमा बड़ी है।
Psa 138:6  यद्यपि यहोवा महान है, तौभी वह नम्र मनुष्य की ओर दृष्टि करता है; परन्तु अहंकारी को दूर ही से पहिचानता है।
Psa 138:7  चाहे मैं संकट के बीच में रहूं तौभी तू मुझे जिलाएगा, तू मेरे क्रोधित शत्रुओं के विरूद्ध हाथ बढ़ाएगा, और अपने दाहिने हाथ से मेरा उद्धार करेगा।
Psa 138:8  यहोवा मेरे लिये सब कुछ पूरा करेगा; हे यहोवा, तेरी करूणा सदा की है। तू अपने हाथों के कार्यों को त्याग न दे।
 
एक साल में बाइबल: 
  • दानिय्येल ३-४ 
  • १ युहन्ना ५

सोमवार, 5 दिसंबर 2011

अतुल्य विरासत

   नक्षत्रों का अध्ययन करने वाले फिस्क प्लैनिटेरियम को पैसे की आवश्यक्ता थी, इसलिए उस के संचालक ने एक चतुर उपाय सोचा। उसने विज्ञापन छपवाए जिन में मंगल ग्रह पर केवल २० डॉलर में ज़मीन के पट्टे देने का प्रस्ताव था। उस विज्ञापन के अनुसार, ये पट्टे मंगल ग्रह के ओलिंपस मोन्स इलाके में दिये जाने थे जो एवरेस्ट पर्वत से दोगुना ऊँचा और शांत हो चुका ज्वालमुखी पर्वत था। विज्ञापन में कहा गया कि, "वहाँ से आकाश गुलाबी नज़र आता है, वहाँ बिखरी हुई चट्टानों के लंबे-चौड़े बग़ीचे हैं और एक नहीं दो चान्द निकलते हैं। वह स्थान बहुत शांत और लुभावना है, वहाँ के निवासी भी इसी स्वभाव के हैं। क्योंकि वहाँ की गुरुत्वाकर्षण शक्ति पृथ्वी के गुरुत्वाकर्षण का छटवाँ भाग ही है, इसलिए वहाँ आप गोल्फ बहुत अच्छा खेल पाएंगे क्योंकि गेंद छः गुना दूरी तक जाएगी।" विचित्र बात थी कि यह हास्यसपद उपाय बेहद कामयाब रहा और देश भर से लोगों ने २० डॉलर भेजे ताकि उन्हें मंगल की धरती पर पट्टे के दस्तावेज़, अंतरिक्ष उड़ान में जाने के लिए वाचा पत्र और मंगल की मिट्टी के जैसा प्रतीत होने वाला मिट्टी का एक नमूना दीया जाए।

   किसी मनुष्य द्वारा चतुराई और लुभावने अस्त्य द्वारा मंगल ग्रह पर स्थान देने के वायदे से कहीं कहीं अधिक बढ़ कर विश्वास करने योग्य वायदा है शाश्वत और कभी न बदलने वाले परमेश्वर का उस के द्वारा स्वर्ग में स्थान दिये जाने का। परमेश्वर यह स्थान अपने प्रेम की निशानी के रूप में प्रभु यीशु के विश्वासियों के लिए तैयार कर रहा है। प्रभु स्वयं उद्धार पाए हुए अपने लोगों के साथ रहेगा। वहाँ न दुखः होगा, न आँसू और न मृत्यु, वहाँ केवल आनन्द ही आनन्द होगा। उस स्थान का वर्णन कर पाने में मनुष्य की बुद्धि, ज़ुबान और भाषा की सीमाओं असमर्थ हैं।

   परमेश्वर द्वारा स्वर्ग में स्थान का वायदा किसी मखौल के लिए किया गया कोई झूठा वायदा नहीं है और ना ही यह कोई पूरा न हो पाने वाल विज्ञापन मात्र है। हो सकता है कि यह सुनने में अविश्वसनीय लगे, लेकिन यह पूरी तरह विश्वासनीय है, प्रभु यीशु ने अपने निषकलंक लहू, अपनी मृत्यु और अपने पुनरुत्थान के द्वारा इसे स्थापित किया है। यदि प्रभु यीशु के अस्तित्व, उसकी मृत्यु और पुनरुत्थान को असत्य प्रमाणित किया जा सकता है तब ही उस के इस वायदे को असत्य प्रमाणित किया जा सकेगा।

   आज यह अवसर आपके पास है; इस अतुल्य विरासात को पा लेने के इस अवसर को गवाएं नहीं, विश्वास से अपना लें। - मार्ट डी हॉन

तैयार लोगों के लिए स्वर्ग तैयार किया हुआ स्थान है।

जो जय पाए, वही उन वस्‍तुओं का वारिस होगा; और मैं उस का परमेश्वर होऊंगा, और वह मेरा पुत्र होगा। - प्रकाशितवाक्य २१:७
 
बाइबल पाठ: प्रकाशितवाक्य २१:१-८
Rev 21:1  फिर मैं ने नए आकाश और नयी पृथ्वी को देखा, क्‍योंकि पहिला आकाश और पहिली पृथ्वी जाती रही थी, और समुद्र भी न रहा।
Rev 21:2  फिर मैं ने पवित्र नगर नए यरूशलेम को स्‍वर्ग पर से परमेश्वर के पास से उतरते देखा, और वह उस दुल्हिन के समान थी, जो अपने पति के लिए सिंगार किए हो।
Rev 21:3  फिर मैं ने सिंहासन में से किसी को ऊंचे शब्‍द से यह कहते सुना, कि देख, परमेश्वर का डेरा मनुष्यों के बीच में है वह उन के साथ डेरा करेगा, और वे उसके लोग होंगे, और परमेश्वर आप उन के साथ रहेगा; और उन का परमेश्वर होगा।
Rev 21:4  और वह उन की आंखों से सब आंसू पोंछ डालेगा; और इस के बाद मृत्यु न रहेगी, और न शोक, न विलाप, न पीड़ा रहेगी; पहिली बातें जाती रहीं।
Rev 21:5  और जो सिंहासन पर बैठा था, उस ने कहा, कि देख, मैं सब कुछ नया कर देता हूं: फिर उस ने कहा, कि लिख ले, क्‍योंकि ये वचन विश्वास के योग्य और सत्य हैं।
Rev 21:6  फिर उस ने मुझ से कहा, ये बातें पूरी हो गई हैं, मैं अलफा और ओमिगा, आदि और अन्‍त हूं: मैं प्यासे को जीवन के जल के सोते में से सेंतमेंत पिलाऊंगा।
Rev 21:7  जो जय पाए, वही उन वस्‍तुओं का वारिस होगा; और मैं उसका परमेश्वर होऊंगा, और वह मेरा पुत्र होगा।
Rev 21:8  पर डरपोकों, और अविश्वासियों, और घिनौनों, और हत्यारों, और व्यभिचारियों, और टोन्‍हों, और मूतिर्पूजकों, और सब झूठों का भाग उस झील में मिलेगा, जो आग और गन्‍धक से जलती रहती है: यह दूसरी मृत्यु है।
 
एक साल में बाइबल: 
  • दानिय्येल १-२ 
  • १ युहन्ना ४

रविवार, 4 दिसंबर 2011

वारिस

   एक पत्रकार एल०एम०बोयड के अनुसार, सन १९४९ की घटना है कि एक व्यक्ति, जैक वुर्म, जो कंगाल और बिना किसी नौकरी के था, सैन फ्रैन्सिस्को के समुद्र तट पर समय बिताने को टहल रहा था। तट पर जैक को एक बोतल पड़ी मिली, जिसके अन्दर एक कागज़ था, जिस पर लिखा था, "किसी भी उलझन से बचने के लिए मैं अपनी सारी संपत्ति उस भाग्यवान व्यक्ति के लिए, जिसे यह सन्देश मिलता है, और अपने वकील बैरी कोहेन के लिए छोड़ती हूँ। दोनो उसे बराबर बांट लें।"

   अदालत ने उस सन्देश को डेज़ी सिंगर ऐलिकज़ैंडर, जो सिंगर सिलाई मशीन बनानी वाली कम्पनी की मालकिन थी, का अन्तिम वसीयतनामा स्वीकार किया। डेज़ी ने इस सन्देश को १२ वर्ष पूर्व लन्डन की थेम्स नदी में फेंका था, और वह वहाँ से बहते-बहते, सागर पार कर के अमेरिका के कैलिफोर्निया प्रांत तक पहुँच गया, और जैक वुर्म रातों-रात कंगाल से करोड़पति बन गया।

   परमेश्वर का वचन बाइबल भी एक अजर और कल्पना से भी कहीं अधिक बहुमूल्य मिरास का सन्देश देती है, जो इस सन्देश पर विश्वास करने वालों के लिए स्वर्ग में रखी है (१ पतरस १:४)। जो कोई अपनी आत्मिक कंगाली स्वीकार कर के प्रभु यीशु पर विश्वास करता है, वह इस मीरास का मसीह के साथ संगी वारिस बन जाता है।

   डेज़ी सिंगर ऐलिकज़ैंडर ने अपनी संपत्ति एक बोतल में बन्द कर दी क्योंकि वे उसे अपने साथ ले जा नहीं सकती थीं। जैक वुर्म भी, जिसको वह संपत्ति मिली, उसे अपने साथ नहीं ले जा सकता था। लेकिन परमेश्वर का धन्यवाद हो कि उद्धार की जो विरासत वह हमें दे रहा है वह इस जीवन में आरंभ होती है और इस जीवन के बाद भी अनन्त काल तक बनी रहेगी। इस अद्भुत विरासत का बयाना परमेश्वर का पवित्र आत्मा स्वयं है, जो प्रभु यीशु पर विश्वास करने के क्षण से ही उस के प्रत्येक विश्वासी हृदय में आ कर रहने लग जाता है।

   मसीह का प्रत्येक विश्वासी एक अद्भुत, कल्पना से भी परे, अजर मीरास का वारिस है। - डेनिस डी हॉन

मसीह को ग्रहण करते ही, आप उस के साथ स्वर्ग के खज़ाने के संगी वारिस बन जाते हैं।

और उसी में तुम पर भी जब तुम ने सत्य का वचन सुना, जो तुम्हारे उद्धार का सुसमाचार है, और जिस पर तुम ने विश्वास किया, प्रतिज्ञा किए हुए पवित्र आत्मा की छाप लगी। वह उसके मोल लिए हुओं के छुटकारे के लिये हमारी मीरास का बयाना है, कि उस की महिमा की स्‍तुति हो। - इफीसियों १:१३, १४
 
बाइबल पाठ: इफीसियों १:१-१४
Eph 1:1  पौलुस की ओर से जो परमेश्वर की इच्‍छा से यीशु मसीह का प्रेरित है, उन पवित्र और मसीह यीशु में विश्वासी लोगों के नाम जो इफिसुस में हैं।
Eph 1:2  हमारे पिता परमेश्वर और प्रभु यीशु मसीह की ओर से तुम्हें अनुग्रह और शान्‍ति मिलती रहे।
Eph 1:3  हमारे प्रभु यीशु मसीह के परमेश्वर और पिता का धन्यवाद हो, कि उस ने हमें मसीह में स्‍वर्गीय स्थानों में सब प्रकार की आशीष दी है।
Eph 1:4  जैसा उस ने हमें जगत की उत्‍पति से पहिले उस में चुन लिया, कि हम उस के निकट प्रेम में पवित्र और निर्दोष हों।
Eph 1:5  और अपनी इच्‍छा की सुमति के अनुसार हमें अपने लिये पहिले से ठहराया, कि यीशु मसीह के द्वारा हम उस के लेपालक पुत्र हों,
Eph 1:6  कि उस के उस अनुग्रह की महिमा की स्‍तुति हो, जिसे उस ने हमें उस प्यारे में सेंत मेंत दिया।
Eph 1:7  हम को उस में उस के लोहू के द्वारा छुटकारा, अर्थात अपराधों की क्षमा, उस के उस अनुग्रह के धन के अनुसार मिला है।
Eph 1:8  जिसे उस ने सारे ज्ञान और समझ सहित हम पर बहुतायत से किया।
Eph 1:9  कि उस ने अपनी इच्‍छा का भेद उस सुमति के अनुसार हमें बताया जिसे उस ने अपने आप में ठान लिया था।
Eph 1:10  कि समयों के पूरे होने का ऐसा प्रबन्‍ध हो कि जो कुछ स्‍वर्ग में है, और जो कुछ पृथ्वी पर है, सब कुछ वह मसीह में एकत्र करे।
Eph 1:11  उसी में जिस में हम भी उसी की मनसा से जो अपनी इच्‍छा के मत के अनुसार सब कुछ करता है, पहिले से ठहराए जाकर मीरास बने।
Eph 1:12  कि हम जिन्‍होंने पहिले से मसीह पर आशा रखी थी, उस की महिमा की स्‍तुति के कारण हों।
Eph 1:13  और उसी में तुम पर भी जब तुम ने सत्य का वचन सुना, जो तुम्हारे उद्धार का सुसमाचार है, और जिस पर तुम ने विश्वास किया, प्रतिज्ञा किए हुए पवित्र आत्मा की छाप लगी।
Eph 1:14  वह उस के मोल लिए हुओं के छुटकारे के लिये हमारी मीरास का बयाना है, कि उस की महिमा की स्‍तुति हो।
 
एक साल में बाइबल: 
  • यहेजकेल ४७-४८ 
  • १ युहन्ना ३