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बुधवार, 31 जनवरी 2018

बचाने आया


   फ्रांज़ काफ्का (1883-1924) ने अपने उपन्यासों, The Trial, और The Castle में जीवन को अमानवीय बनाने वाले अस्तित्व के रूप में प्रस्तुत किया है जिसमें लोग भावशून्य चेहरों, तथा बिना किसी पहचान और मूल्य के हो जाते हैं। काफ्का ने कहा, “जीवन की वाहकपट्टी आपको आगे ही लिए चलती है, यह कोई नहीं जानता है कि कहाँ। व्यक्ति जीवित प्राणी से अधिक एक वस्तु, एक पदार्थ बन जाता है।”

   अपनी सेवकाई के आरंभिक समय में प्रभु यीशु नासरत के एक आराधनालय में गए, और लोगों के सामने खड़े होकर उन्होंने यशायाह की पुस्तक में से पढ़ा: “प्रभु का आत्मा मुझ पर है, इसलिये कि उसने कंगालों को सुसमाचार सुनाने के लिये मेरा अभिषेक किया है, और मुझे इसलिये भेजा है, कि बन्‍धुओं को छुटकारे का और अन्‍धों को दृष्टि पाने का सुसमाचार प्रचार करूं और कुचले हुओं को छुड़ाऊं। और प्रभु के प्रसन्न रहने के वर्ष का प्रचार करूं” (लूका 4:18-19)।

   इसके पश्चात प्रभु बैठ गए और, “तब वह उन से कहने लगा, कि आज ही यह लेख तुम्हारे साम्हने पूरा हुआ है” (लूका 4:21)। इस घटना से सदियों पहले यशायाह भविष्यद्वक्ता ने उनके लिए भविष्यवाणी में ये शब्द कहे थे (यशायाह 61:1-2)। अब प्रभु यीशु ने लोगों से कहा कि भविष्यवाणी के वे शब्द उनमें पूरे हुए हैं।

   भविष्यवाणी के उन शब्दों में ध्यान करें कि प्रभु यीशु किन को छुड़ाने आया था – कंगालों, बंदियों, अन्धों, और कुचले हुओं को। वे पाप, दुःख, सताव, और शोषण के कारण अमानवीय हो गए लोगों को, वह हमें बचाने के लिए आए थे। - बिल क्राउडर


सँसार चाहे कितना भी अव्यैक्तिक लगे, 
प्रभु यीशु हम में से प्रत्येक से ऐसे प्रेम करता है मानों हम उसके एकलौते हों

यहोवा टूटे मन वालों के समीप रहता है, और पिसे हुओं का उद्धार करता है। - भजन 34:18

बाइबल पाठ: लूका 4:14-21
Luke 4:14 फिर यीशु आत्मा की सामर्थ से भरा हुआ गलील को लौटा, और उस की चर्चा आस पास के सारे देश में फैल गई।
Luke 4:15 और वह उन की आराधनालयों में उपदेश करता रहा, और सब उस की बड़ाई करते थे।
Luke 4:16 और वह नासरत में आया; जहां पाला पोसा गया था; और अपनी रीति के अनुसार सब्त के दिन आराधनालय में जा कर पढ़ने के लिये खड़ा हुआ।
Luke 4:17 यशायाह भविष्यद्वक्ता की पुस्‍तक उसे दी गई, और उसने पुस्‍तक खोल कर, वह जगह निकाली जहां यह लिखा था।
Luke 4:18 कि प्रभु का आत्मा मुझ पर है, इसलिये कि उसने कंगालों को सुसमाचार सुनाने के लिये मेरा अभिषेक किया है, और मुझे इसलिये भेजा है, कि बन्‍धुओं को छुटकारे का और अन्‍धों को दृष्टि पाने का सुसमाचार प्रचार करूं और कुचले हुओं को छुड़ाऊं।
Luke 4:19 और प्रभु के प्रसन्न रहने के वर्ष का प्रचार करूं।
Luke 4:20 तब उसने पुस्‍तक बन्‍द कर के सेवक के हाथ में दे दी, और बैठ गया: और आराधनालय के सब लोगों की आंख उस पर लगी थीं।
Luke 4:21 तब वह उन से कहने लगा, कि आज ही यह लेख तुम्हारे साम्हने पूरा हुआ है।


एक साल में बाइबल: 
  • निर्गमन 25-26
  • मत्ती 20:17-34



रविवार, 11 सितंबर 2016

बचाने के लिए


   11 सितंबर 2001 को न्यूयॉर्क शहर में हुए आतंकी हमले में वहाँ के ट्विन टावर्स के ध्वस्त हो जाने के बाद के बचाव कार्य में सहायता के लिए लाए गए खोजी कुत्तों की देखभाल सिंथिया ऑटो कर रही थीं। कुछ वर्ष पश्चात सिंथिया ने कार्य आने वाले कुत्तों के लिए एक केंद्र खोला जहाँ छोटे पिल्लों को आगे चल कर आपदा पीड़ित व्यक्त्तियों के बचाव में सहायता देने के लिए विशिष्ट प्रशीक्षण दिया जाता है। इन बचाव जानवरों के संबंध में सिंथिया ऑटो ने एक टिप्पणी करी: "ऐसे अनेकों कार्य हैं जहाँ कुत्तों की सहायता ली जाती है...वे जान बचाने में भी सहायक होते हैं।" उन पिल्लों के लिए ऑटो ने कहा कि एक दिन जान के खतरे वाली स्थिति में वे लोगों की महत्वपूर्ण सहायता करेंगे; वे बचाने के लिए ही जन्मे हैं।

   परमेश्वर का वचन बाइबल हमें प्रभु यीशु मसीह के बारे में बताती है जो मानव जाति को पाप के दण्ड से बचाने के लिए जन्मे थे। जो कार्य प्रभु यीशु ने किया वह तुलना में संसार के समस्त इतिहास के किसी भी व्यक्ति के किसी भी कार्य से कहीं बढ़कर है। दो हज़ार वर्ष पूर्व परमेश्वर स्वयं मनुष्य बन कर आ गया ताकि हमारे लिए वह कर के दे जो हम अपने लिए कभी कर नहीं सकते थे। जब परमेश्वर प्रभु यीशु के नाम से मनुष्य बनकर अवतरित हुआ तो वह यह जानता था, और उसने इसकी घोषणा भी करी, कि वह बचाने के लिए आया है; प्रभु यीशु ने कहा, "मनुष्य का पुत्र इसलिये नहीं आया, कि उस की सेवा टहल की जाए, पर इसलिये आया, कि आप सेवा टहल करे, और बहुतों की छुड़ौती के लिये अपना प्राण दे" (मरकुस 10:45)।

   आईए हम इस अद्भुत तारणहार, प्रभु यीशु मसीह को समर्पण करें, उसकी जो स्वर्ग की महिमा छोड़कर पृथ्वी पर हमें बचाने के लिए आ गया ताकि जो कोई स्वेच्छा से उस पर विश्वास करे वह नाश ना हो परन्तु अनन्त जीवन पाए (यूहन्ना 3:16), आराधना और स्तुति करें। - डैनिस फिशर


प्रभु यीशु मसीह खोए हुओं को ढ़ूँढ़ने और बचाने के लिए आए।

क्योंकि परमेश्वर ने जगत से ऐसा प्रेम रखा कि उसने अपना एकलौता पुत्र दे दिया, ताकि जो कोई उस पर विश्वास करे, वह नाश न हो, परन्तु अनन्त जीवन पाए। - यूहन्ना 3:16

बाइबल पाठ: मरकुस 10:35-45
Mark 10:35 तब जब्‍दी के पुत्र याकूब और यूहन्ना ने उसके पास आकर कहा, हे गुरू, हम चाहते हैं, कि जो कुछ हम तुझ से मांगे, वही तू हमारे लिये करे। 
Mark 10:36 उसने उन से कहा, तुम क्या चाहते हो कि मैं तुम्हारे लिये करूं? 
Mark 10:37 उन्होंने उस से कहा, कि हमें यह दे, कि तेरी महिमा में हम में से एक तेरे दाहिने और दूसरा तेरे बांए बैठे। 
Mark 10:38 यीशु ने उन से कहा, तुम नहीं जानते, कि क्या मांगते हो? जो कटोरा मैं पीने पर हूं, क्या पी सकते हो? और जो बपतिस्मा मैं लेने पर हूं, क्या ले सकते हो? 
Mark 10:39 उन्होंने उस से कहा, हम से हो सकता है: यीशु ने उन से कहा: जो कटोरा मैं पीने पर हूं, तुम पीओगे; और जो बपतिस्मा मैं लेने पर हूं, उसे लोगे। 
Mark 10:40 पर जिन के लिये तैयार किया गया है, उन्हें छोड़ और किसी को अपने दाहिने और अपने बाएं बिठाना मेरा काम नहीं। 
Mark 10:41 यह सुन कर दसों याकूब और यूहन्ना पर रिसयाने लगे। 
Mark 10:42 और यीशु ने उन को पास बुला कर उन से कहा, तुम जानते हो, कि जो अन्यजातियों के हाकिम समझे जाते हैं, वे उन पर प्रभुता करते हैं; और उन में जो बड़ें हैं, उन पर अधिकार जताते हैं। 
Mark 10:43 पर तुम में ऐसा नहीं है, वरन जो कोई तुम में बड़ा होना चाहे वह तुम्हारा सेवक बने। 
Mark 10:44 और जो कोई तुम में प्रधान होना चाहे, वह सब का दास बने। 
Mark 10:45 क्योंकि मनुष्य का पुत्र इसलिये नहीं आया, कि उस की सेवा टहल की जाए, पर इसलिये आया, कि आप सेवा टहल करे, और बहुतों की छुड़ौती के लिये अपना प्राण दे।

एक साल में बाइबल: 
  • नीतिवचन 10-12
  • 2 कुरिन्थियों 4