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Saturday, May 2, 2015

प्रार्थना निवेदन


   हाल ही में हमारे परमेश्वर के वचन बाइबल के अध्ययन में, मसीही सेवकाई में लगी एक मिशनरी महिला आईं। वहाँ उन्होंने बाताया कि जहाँ वह सेवकाई कर रही हैं, वहाँ जाने के लिए उन्हें कैसे अपने घर-बार का  सारा सामान बाँध कर, संबंधियों एवं मित्रों से विदा लेकर, दूर स्थित एक नए और अनजान देश में जाना पड़ा। जब वे और उनका परिवार वहाँ पहुँचे तो उन्हें खतरनाक मार्गों एवं फलते-फूलते नशीले पदार्थों के व्यापार का सामना करना पड़ा। भाषा की दिक्कत के कारण उन्हें एकाकीपन के समय भी बिताने पड़े। स्वास्थ्य समस्याओं ने भी उन्हें दबाया - उन्हें पेट और अंतड़ियों के चार अलग अलग तरह के संक्रमण हुए; उनकी सबसे बड़ी बेटी सीढ़ी के किनारे लगे असुरक्षित जंगले के कारण गिरकर मरने से बाल-बाल बची। उन्हें अपनी सेवकाई के लिए प्रार्थना की बहुत आवश्यकता थी।

   प्रेरित पौलुस ने भी अपनी मिशनरी सेवकाई में बहुत सी कठिनाईयों और खतरों का सामना किया। उसे बन्दी-गृह में डाला गया, मारा-पीटा गया और समुद्र में जहाज़ के टूट जाने से जान के खतरों का सामना भी करना पड़ा। इसलिए यह कोई विस्मयकारी बात नहीं है कि उसने अपनी पत्रियों में पाठकों से उसके लिए प्रार्थना करने के निवेदन भी लिखे। पौलुस ने थिस्सुलुनीके के मसीही विश्वासियों से चाहा कि वे उसके लिए प्रार्थना करें जिससे कि उसके द्वारा सुसमाचार प्रचार सफलता से हो सके और "...प्रभु का वचन ऐसा शीघ्र फैले, और महिमा पाए...", और यह भी कि परमेश्वर उसे "...टेढ़े और दुष्‍ट मनुष्यों से..." बचाए (2 थिस्सुलुनीकियों 3:1-2)। पौलुस जानता था कि उसे सुसमाचार प्रचार के लिए प्रबल वचन की आवश्यकता होगी जिसे वह साहस के साथ उस सुसमाचार का भेद समझाने के लिए प्रयोग कर सके (इफिसीयों 6:19) इसीलिए प्रार्थना के लिए उसका यह भी एक निवेदन था।

   क्या आप ऐसे लोगों को जानते हैं जिन्हें सुसमाचार प्रचार के लिए अलौकिक सामर्थ की आवश्यकता है? पौलुस के निवेदन को स्मरण रखें: "...हे भाइयो, हमारे लिये प्रार्थना किया करो..." (2 थिस्सुलुनीकियों 3:1) और उन लोगों के लिए हमारे सामर्थी परमेश्वर पिता के सम्मुख प्रार्थना मे आएं। - जेनिफर बेन्सन शुल्ट


दूसरों के लिए प्रार्थना में परमेश्वर के सिंहासन के निकट आएं, उसके द्वार सदा खुले हैं।

और हर समय और हर प्रकार से आत्मा में प्रार्थना, और बिनती करते रहो, और इसी लिये जागते रहो, कि सब पवित्र लोगों के लिये लगातार बिनती किया करो। और मेरे लिये भी, कि मुझे बोलने के समय ऐसा प्रबल वचन दिया जाए, कि मैं हियाव से सुसमाचार का भेद बता सकूं जिस के लिये मैं जंजीर से जकड़ा हुआ राजदूत हूं। - इफिसीयों 6:18-19

बाइबल पाठ: 2 थिस्सुलुनीकियों 3:1-5
2 Thessalonians 3:1 निदान, हे भाइयो, हमारे लिये प्रार्थना किया करो, कि प्रभु का वचन ऐसा शीघ्र फैले, और महिमा पाए, जैसा तुम में हुआ। 
2 Thessalonians 3:2 और हम टेढ़े और दुष्‍ट मनुष्यों से बचे रहें क्योंकि हर एक में विश्वास नहीं।
2 Thessalonians 3:3 परन्तु प्रभु सच्चा है; वह तुम्हें दृढ़ता से स्थिर करेगा: और उस दुष्‍ट से सुरक्षित रखेगा। 
2 Thessalonians 3:4 और हमें प्रभु में तुम्हारे ऊपर भरोसा है, कि जो जो आज्ञा हम तुम्हें देते हैं, उन्हें तुम मानते हो, और मानते भी रहोगे। 
2 Thessalonians 3:5 परमेश्वर के प्रेम और मसीह के धीरज की ओर प्रभु तुम्हारे मन की अगुवाई करे।

एक साल में बाइबल: 
  • 1 राजा 12-13
  • लूका 22:1-20