Tuesday, May 21, 2019

गुण



      व्यंग्य-चित्र बनाने वाले कलाकार सार्वजनिक स्थानों पर अपना चित्र बनाने का सामान लगाकर उन लोगों के व्यंग्य-चित्र बना देते हैं जो इसके लिए उनका पारिश्रमिक देने को तैयार होते हैं। उनके चित्र हमारा मनोरंजन करते हैं, क्योंकि वे हमारे शारीरिक गुणों में से एक या दो को ऐसा बढ़ाकर दिखाते है कि हम पहचाने तो जाएँ परन्तु हास्यासपद भी लगें।

      किन्तु परमेश्वर का व्यंग्य-चित्र, अर्थात उसके केवल कुछ गुणों को बढ़ा-चढ़ा कर दिखाना, हास्यास्पद नहीं होता है। ऐसा करने से परमेश्वर की एक विकृत छवि लोगों के सामने आती है, जिसे फिर वे सरलता से नकार देते हैं या जिसका तिरिस्कार कर देते हैं। जो परमेश्वर को केवल एक क्रोधी और ज़ोर जमाने वाले न्यायी के समान प्रस्तुत करते हैं, वे फिर सरलता से किसी ऐसे की ओर बहक जाते हैं जिसमें उन्हें दयालुता प्रतीत होती है। जो परमेश्वर को एक नरम-दिल दादाजी के समान देखते हैं, वे उसके न्यायी तथा दायित्व का निर्वाह करने पर बल देने वाला होने का इन्कार कर देते हैं। जो परमेश्वर को एक बुद्धिमत्ता का विचार मात्र समझते हैं, न कि एक जीवित, प्रेमी व्यक्तित्व, उन्हें फिर कोई अन्य विचार अधिक आकर्षक लगने लग जाता है। जिन्हें परमेश्वर एक मित्र समान प्रतीत होता है, वे उसे फिर किसी अन्य अधिक अच्छे लगने वाले मानवीय मित्र के लिए छोड़ देते हैं।

      परमेश्वर को उसके किसी एक या दो गुणों के द्वारा नहीं वरन उसके संपूर्ण व्यक्तित्व और गुणों के अनुसार जानना और मानना है। परमेश्वर ने अपने वचन बाइबल में हमारे लिए अपने गुणों और व्यक्तित्व को प्रगट किया है। उसने अपने आप को दयालु और करुणामय, किन्तु साथ ही दोषी को दण्डित करने वाला न्यायी परमेश्वर भी बताया (निर्गमन 34:6-7)।

      जब हम परमेश्वर में अपने विश्वास को व्यावाहारिक करते हैं, तो हमें ध्यान रखना चाहिए कि हम परमेश्वर के कुछ ही गुणों को, उन्हें जो हमें पसन्द हैं, प्रगट करने वाले न हों, वरन उसे उसकी संपूर्णता में प्रस्तुत करें। - जूली एैकरमैन लिंक


परमेश्वर परमेश्वर ही है।

कि यहोवा कोप करने में धीरजवन्त और अति करूणामय है, और अधर्म और अपराध का क्षमा करनेवाला है, परन्तु वह दोषी को किसी प्रकार से निर्दोष न ठहराएगा, और पूर्वजों के अधर्म का दण्ड उनके बेटों, और पोतों, और परपोतों को देता है। - गिनती 14:18

बाइबल पाठ: निर्गमन 34:1-9
Exodus 34:1 फिर यहोवा ने मूसा से कहा, पहिली तख्तियों के समान पत्थर की दो और तख्तियां गढ़ ले; तब जो वचन उन पहिली तख्तियों पर लिखे थे, जिन्हें तू ने तोड़ डाला, वे ही वचन मैं उन तख्तियों पर भी लिखूंगा।
Exodus 34:2 और बिहान को तैयार रहना, और भोर को सीनै पर्वत पर चढ़कर उसकी चोटी पर मेरे साम्हने खड़ा होना।
Exodus 34:3 और तेरे संग कोई न चढ़ पाए, वरन पर्वत भर पर कोई मनुष्य कहीं दिखाई न दे; और न भेड़-बकरी और गाय-बैल भी पर्वत के आगे चरते पाएं।
Exodus 34:4 तब मूसा ने पहिली तख्तियों के समान दो और तख्तियां गढ़ी; और बिहान को सवेरे उठ कर अपने हाथ में पत्थर की वे दोनों तख्तियां ले कर यहोवा की आज्ञा के अनुसार पर्वत पर चढ़ गया।
Exodus 34:5 तब यहोवा ने बादल में उतर के उसके संग वहां खड़ा हो कर यहोवा नाम का प्रचार किया।
Exodus 34:6 और यहोवा उसके साम्हने हो कर यों प्रचार करता हुआ चला, कि यहोवा, यहोवा, ईश्वर दयालु और अनुग्रहकारी, कोप करने में धीरजवन्त, और अति करूणामय और सत्य,
Exodus 34:7 हजारों पीढिय़ों तक निरन्तर करूणा करने वाला, अधर्म और अपराध और पाप का क्षमा करने वाला है, परन्तु दोषी को वह किसी प्रकार निर्दोष न ठहराएगा, वह पितरों के अधर्म का दण्ड उनके बेटों वरन पोतों और परपोतों को भी देने वाला है।
Exodus 34:8 तब मूसा ने फुर्ती कर पृथ्वी की ओर झुककर दण्डवत की।
Exodus 34:9 और उसने कहा, हे प्रभु, यदि तेरे अनुग्रह की दृष्टि मुझ पर हो तो प्रभु, हम लोगों के बीच में हो कर चले, ये लोग हठीले तो हैं, तौभी हमारे अधर्म और पाप को क्षमा कर, और हमें अपना निज भाग मान के ग्रहण कर।

एक साल में बाइबल:  
  • 1 इतिहास 13-15
  • यूहन्ना 7:1-27