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Wednesday, August 22, 2018

मार्ग



      जब मेरी एक सहेली गिर जाने द्वारा लगी गंभीर चोटों से उभर रही थी, अस्पताल के एक कार्यकर्ता ने उसकी कलाई पर एक चटकीले पीले रंग की पट्टी बाँध दी जिस पर लिखा था : गिरने का जोखिम। इस वाक्याँश को लिखकर लगाने का अभिप्राय था लोगों को सचेत करना कि वे इस व्यक्ति का ध्यान रखें, क्योंकि वह अपने पैरों पर अस्थिर हो सकती है, गिर सकती है; एक से दूसरे स्थान पर जाने में लोग उसकी सहायता करें।

      परमेश्वर के वचन बाइबल में पहला कुरिन्थियों के 10 अध्याय में मसीही विश्वासियों के लिए “गिर जाने के जोखिम” जैसी कुछ  चेतावनियाँ हैं। अपने पुरखाओं की ओर मुड़कर देखते हुए, पौलुस ने ध्यान किया कि मनुष्यों में पाप में गिर जाने की प्रवृत्ति है। मिस्र से परमेश्वर के अद्भुत कार्यों द्वारा बंधुवाई से निकाले जाने और कनान देश में जाकर बसने की यात्रा के मार्ग में, वे इस्राएली परमेश्वर के विरुद्ध कुड़कड़ाए, उन्होंने मूर्तिपूजा की, और अनैतिक संबंध बनाए। परमेश्वर उनसे अप्रसन्न हुआ, और उनके गलत कार्यों के परिणामों को उन्हें भुगतने दिया। लेकिन पौलुस ने उन बातों के विषय में लिखा कि “परन्तु यें सब बातें, जो उन पर पड़ी, दृष्‍टान्‍त की रीति पर भी: और वे हमारी चितावनी के लिये जो जगत के अन्‍तिम समय में रहते हैं लिखी गईं हैं। इसलिये जो समझता है, कि मैं स्थिर हूं, वह चौकस रहे; कि कहीं गिर न पड़े” (पद 11-12)।

      हमारे द्वारा अपने आप को इस भ्रम में बनाए रखना सरल होता है कि हम किसी पाप पर हमेशा के लिए जयवंत हो गए हैं। चाहे हम उस पाप से संबंधित सबसे बुरे दौर से निकल चुके हों, अपनी उस समस्या का अंगीकार कर लिया हो, उसके लिए पश्चाताप कर लिया हो और परमेश्वर को समर्पित जीवन व्यतीत करने के लिए अपने आप को पुनः अर्पित कर दिया हो, किन्तु उन्ही बातों को लेकर प्रलोभन और परीक्षाएं हम पर फिर भी आ सकती हैं।

      परमेश्वर हमारे लिए यह संभव करता है कि हम फिर से उन्हीं परीक्षाओं में पड़ने पर गिर न पड़ें; वह हमारे लिए उस पापमय स्वभाव में से निकल पाने का मार्ग बना कर देता है। अब यह हम पर होता है कि हम उसके द्वारा बना कर दिए गए मार्ग पर चलने के लिए तैयार हों, और उसके निर्देशानुसार उस मार्ग पर चलें भी। - जेनिफर बेन्सन शुल्ट


परमेश्वर की आशीषों के बाद बहुधा बड़ी परीक्षाएं आती हैं।

धर्मी पर बहुत सी विपत्तियां पड़ती तो हैं, परन्तु यहोवा उसको उन सब से मुक्त करता है। - भजन 34:19

बाइबल पाठ: 1 कुरिन्थियों 10:1-13
1 Corinthians 10:1 हे भाइयों, मैं नहीं चाहता, कि तुम इस बात से अज्ञात रहो, कि हमारे सब बाप-दादे बादल के नीचे थे, और सब के सब समुद्र के बीच से पार हो गए।
1 Corinthians 10:2 और सब ने बादल में, और समुद्र में, मूसा का बपतिस्मा लिया।
1 Corinthians 10:3 और सब ने एक ही आत्मिक भोजन किया।
1 Corinthians 10:4 और सब ने एक ही आत्मिक जल पीया, क्योंकि वे उस आत्मिक चट्टान से पीते थे, जो उन के साथ-साथ चलती थी; और वह चट्टान मसीह था।
1 Corinthians 10:5 परन्तु परमेश्वर उन में के बहुतेरों से प्रसन्न न हुआ, इसलिये वे जंगल में ढेर हो गए।
1 Corinthians 10:6 ये बातें हमारे लिये दृष्‍टान्‍त ठहरी, कि जैसे उन्होंने लालच किया, वैसे हम बुरी वस्‍तुओं का लालच न करें।
1 Corinthians 10:7 और न तुम मूरत पूजने वाले बनों; जैसे कि उन में से कितने बन गए थे, जैसा लिखा है, कि लोग खाने-पीने बैठे, और खेलने-कूदने उठे।
1 Corinthians 10:8 और न हम व्यभिचार करें; जैसा उन में से कितनों ने किया: एक दिन में तेईस हजार मर गये ।
1 Corinthians 10:9 और न हम प्रभु को परखें; जैसा उन में से कितनों ने किया, और सांपों के द्वारा नाश किए गए।
1 Corinthians 10:10 और न तुम कुड़कुड़ाओ, जिस रीति से उन में से कितने कुड़कुड़ाए, और नाश करने वाले के द्वारा नाश किए गए।
1 Corinthians 10:11 परन्तु यें सब बातें, जो उन पर पड़ी, दृष्‍टान्‍त की रीति पर भी: और वे हमारी चितावनी के लिये जो जगत के अन्‍तिम समय में रहते हैं लिखी गईं हैं।
1 Corinthians 10:12 इसलिये जो समझता है, कि मैं स्थिर हूं, वह चौकस रहे; कि कहीं गिर न पड़े।
1 Corinthians 10:13 तुम किसी ऐसी परीक्षा में नहीं पड़े, जो मनुष्य के सहने से बाहर है: और परमेश्वर सच्चा है: वह तुम्हें सामर्थ से बाहर परीक्षा में न पड़ने देगा, वरन परीक्षा के साथ निकास भी करेगा; कि तुम सह सको।


एक साल में बाइबल: 
  • भजन 110-112
  • 1कुरिन्थियों 5