बाइबल और मसीही विश्वास सम्बन्धी अपने प्रश्नों के लिए यहाँ क्लिक करें:

GotQuestions?org

Thursday, September 15, 2016

निर्णय


   जब जेनी के पति ने उसे छोड़ कर एक अन्य स्त्री के साथ रहने का निर्णय लिया, तो जेनी ने प्रण किया कि वह उस दूसरी स्त्री से कभी नहीं मिलेगी। लेकिन जब उसने देखा कि उसके मन की यह कटुता उसके बच्चों के अपने पिता के साथ संबंधों में बिगाड़ उत्पन्न कर रही है, तो उसने परमेश्वर से प्रार्थना करी कि उसकी सहायता करे जिससे वह उस परिस्थिति के प्रति जिसे वह बदल नहीं सकती थी, अपने मन की कड़ुवाहट पर जय पा सके।

   परमेश्वर के वचन बाइबल में उत्पत्ति 16 में हम एक निःसंतान दंपत्ति की कहानी पढ़ते हैं, जिसे परमेश्वर से प्रतिज्ञा मिली थी कि परमेश्वर उन्हें संतान देगा। लेकिन पत्नि सारै ने इस बात को लेकर परमेश्वर पर पूरा विश्वास नहीं रखा और अपने पति अब्राम से कहा कि वह सारै की दासी हाजिरा को ले और उससे संतान उत्पन्न करे जिसे फिर सारै अपना लेगी। जब सारै के कहने अनुसार करने से हाजिरा गर्भवती हुई, तो हाजिरा ने सारै को तुच्छ जाना (उत्पत्ति 16:3-4), जिसे सारै कुँठित हो गई (पद 5-6)।

   अभी तक हाजिरा दासी थी, जिसके कोई अधिकार नहीं थे, परन्तु गर्भवती होते ही वह विशिष्ट हो गई; इसपर सारै ने क्या प्रतिक्रिया दी? सारै अपनी गलती के लिए दूसरों पर दोषारोपण करने लग गई, अपने पति अब्राम पर भी (पद 5)। परमेश्वर ने जो संतान की प्रतिज्ञा उन से करी थी, वह और 14 वर्ष के पश्चात पूरी हुई; लेकिन इतने समय तक भी सारै के मन की कड़ुवाहट बनी रही, और इस कड़ुवाहट ने सारै के पुत्र के दूध छुड़ाने के उत्सव को भी बिगाड़ दिया (उत्पत्ति 21:8-10)। परमेश्वर की योजना से आगे निकल कर अपनी इच्छानुसार करने के निर्णय के परिणामों को निभाना सारै के लिए कभी भी सरल नहीं रहा। सारै अपना निर्णय बदल नहीं सकती थी, और इस निर्णय ने उसके जीवन को कड़ुवाहट और कठिनाईयों भरा बना दिया। सारै के रवैये को बदलने के लिए संभवतः अनुग्रह के आश्चर्यकर्म की आवश्यकता होती, परन्तु यदि ऐसा हो जाता तो उसके लिए सब कुछ बदल जाता।

   किंतु हम मसीही विश्वासियों के लिए हमारे प्रभु परमेश्वर की प्रतिज्ञा है कि यदि हम अपने पापों को मान लें तो वह हमें क्षमा कर के हमारे उन गलत निर्णयों से हमें शुद्ध कर देगा (1 यूहन्ना 1:9)। क्या आपने प्रभु यीशु से अपने पापों की क्षमा प्राप्त करने और अपना जीवन उसे समर्पित कर देने का निर्णय ले लिया है? - मेरियन स्ट्राउड


परमेश्वर का अनुग्रह हमारे अन्धियारे जीवनों को भी ज्योतिर्मय बना देता है।

यदि हम अपने पापों को मान लें, तो वह हमारे पापों को क्षमा करने, और हमें सब अधर्म से शुद्ध करने में विश्वासयोग्य और धर्मी है। - 1 यूहन्ना 1:9 

बाइबल पाठ: उत्पत्ति 16:1-10; 21:6-13
Genesis 16:1 अब्राम की पत्नी सारै के कोई सन्तान न थी: और उसके हाजिरा नाम की एक मिस्री लौंडी थी। 
Genesis 16:2 सो सारै ने अब्राम से कहा, देख, यहोवा ने तो मेरी कोख बन्द कर रखी है सो मैं तुझ से बिनती करती हूं कि तू मेरी लौंडी के पास जा: सम्भव है कि मेरा घर उसके द्वारा बस जाए। 
Genesis 16:3 सो सारै की यह बात अब्राम ने मान ली। सो जब अब्राम को कनान देश में रहते दस वर्ष बीत चुके तब उसकी स्त्री सारै ने अपनी मिस्री लौंडी हाजिरा को ले कर अपने पति अब्राम को दिया, कि वह उसकी पत्नी हो। 
Genesis 16:4 और वह हाजिरा के पास गया, और वह गर्भवती हुई और जब उसने जाना कि वह गर्भवती है तब वह अपनी स्वामिनी को अपनी दृष्टि में तुच्छ समझने लगी। 
Genesis 16:5 तब सारै ने अब्राम से कहा, जो मुझ पर उपद्रव हुआ सो तेरे ही सिर पर हो: मैं ने तो अपनी लौंडी को तेरी पत्नी कर दिया; पर जब उसने जाना कि वह गर्भवती है, तब वह मुझे तुच्छ समझने लगी, सो यहोवा मेरे और तेरे बीच में न्याय करे। 
Genesis 16:6 अब्राम ने सारै से कहा, देख तेरी लौंडी तेरे वश में है: जैसा तुझे भला लगे वैसा ही उसके साथ कर। सो सारै उसको दु:ख देने लगी और वह उसके साम्हने से भाग गई। 
Genesis 16:7 तब यहोवा के दूत ने उसको जंगल में शूर के मार्ग पर जल के एक सोते के पास पाकर कहा, 
Genesis 16:8 हे सारै की लौंडी हाजिरा, तू कहां से आती और कहां को जाती है? उसने कहा, मैं अपनी स्वामिनी सारै के साम्हने से भाग आई हूं।
Genesis 16:9 यहोवा के दूत ने उस से कहा, अपनी स्वामिनी के पास लौट जा और उसके वश में रह। 
Genesis 16:10 और यहोवा के दूत ने उस से कहा, मैं तेरे वंश को बहुत बढ़ाऊ&#