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Tuesday, September 5, 2017

प्रेम


   संसार के अनेकों देशों में "प्रेम के ताले लगाना" एक बढ़ता हुआ प्रचलन है। हज़ारों लोगों ने इन तालों को कई सार्वजनिक स्थलों के दरवाज़ों, चारदिवारियों, और नदियों पर बने पुलों पर, फ्रांस, चीन, ऑस्ट्रिया, चैक गणराज्य, सरबिया, स्पेन, मैक्सिको, उत्तरी आयरलैंड आदि देशों में लगा रखा है। प्रेमी जोड़े अपने नाम तालों पर खोदकर लिखते हैं और उस ताले को, अपने सदा-बहार प्रेम के प्रतीक के रूप में, किसी ऐसे सार्वजनिक स्थान पर लगा देते हैं। इन स्थानों पर लगे इन हज़ारों तालों को लेकर अधिकारी भी दुविधा में हैं, क्योंकि उनकी बहुतायत और वज़न के कारण, जिस स्थान पर वे लगाए गए हैं, उसके लिए खतरा हो सकते हैं। कुछ लोग इन तालों को स्वरूप और सुन्दरता बिगाड़ने वाला मानते हैं, तो अन्य उन्हें समर्पित प्रेम के प्रतीक के रूप में एक सुन्दर कलाकृति मानते हैं।

   प्रभु यीशु ने हमें दिखाया कि किसी सार्वजनिक स्थाल पर प्रकट किया गया "सच्चा और अटल प्रेम" क्या होता है। उन्होंने सारे संसार के प्रत्येक व्यक्ति के पापों के लिए अपने प्राण क्रूस पर बलिदान कर के उन पापों की क्षमा प्राप्त करने का मार्ग संसार को बना कर दे दिया। आज भी वह हमारे प्रति धैर्य और सहनशीलता रखने के द्वारा, हमें बारंबार पापों की क्षमा के अवसर तथा क्षमा को देने के द्वारा, हमारी देखभाल करने के द्वारा, हमारे प्रति अपने प्रेम को प्रकट करता है। प्रभु यीशु पर लाए गए विश्वास और उसे समर्पित किए गए जीवन के द्वारा मिलने वाला उद्धार, अनन्तकाल परमेश्वर पिता के साथ बिताने की केवल एक प्रतिज्ञा नहीं है, वरन यह एक दैनिक अनुभव है, प्रभु यीशु के साथ संबंध बनाए रखने का, उसकी क्षमा, आश्वासन, प्रबन्ध और अनुग्रह का। हमारे प्रति प्रभु यीशु का प्रेम ही, परमेश्वर के वचन बाइबल में पौलुस द्वारा प्रेम में चलते रहने के लिए दी गई चुनौती (इफिसियों 5:2) का आधार है।

   परमेश्वर पिता का प्रेम हमें धीरजवन्त और द्यालु बनाता है; और हमारे तथा संपूर्ण जगत के उद्धाकर्ता में होकर परमेश्वर ने सबसे प्रेम करने का सर्वोत्तम उदाहरण दिया है। - ऐनी सेटास


प्रभु यीशु का हमारे प्रति प्रेम हमें एक दुसरे से प्रेम करना सिखाता है।

और उस की आज्ञा यह है कि हम उसके पुत्र यीशु मसीह के नाम पर विश्वास करें और जैसा उसने हमें आज्ञा दी है उसी के अनुसार आपस में प्रेम रखें। - 1 यूहन्ना 3:23

बाइबल पाठ: इफिसियों 4:29-5:2
Ephesians 4:29 कोई गन्‍दी बात तुम्हारे मुंह से न निकले, पर आवश्यकता के अनुसार वही जो उन्नति के लिये उत्तम हो, ताकि उस से सुनने वालों पर अनुग्रह हो। 
Ephesians 4:30 और परमेश्वर के पवित्र आत्मा को शोकित मत करो, जिस से तुम पर छुटकारे के दिन के लिये छाप दी गई है। 
Ephesians 4:31 सब प्रकार की कड़वाहट और प्रकोप और क्रोध, और कलह, और निन्‍दा सब बैरभाव समेत तुम से दूर की जाए। 
Ephesians 4:32 और एक दूसरे पर कृपाल, और करूणामय हो, और जैसे परमेश्वर ने मसीह में तुम्हारे अपराध क्षमा किए, वैसे ही तुम भी एक दूसरे के अपराध क्षमा करो।
Ephesians 5:1 इसलिये प्रिय, बालकों की नाईं परमेश्वर के सदृश बनो। 
Ephesians 5:2 और प्रेम में चलो; जैसे मसीह ने भी तुम से प्रेम किया; और हमारे लिये अपने आप को सुखदायक सुगन्‍ध के लिये परमेश्वर के आगे भेंट कर के बलिदान कर दिया।

एक साल में बाइबल: 
  • भजन 146-147
  • 1 कुरिन्थियों 15:1-28