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मंगलवार, 16 जून 2020

कहा है


     छुट्टियों के एक समय में, मैंने और मेरे पति ने एक नदी में शांत नौका विहार करने का निर्णय किया। हमने नौका विहार के विज्ञापन देखे, एक नौका विहार को चुना, उसके लिए पैसे भरे, और नौका विहार करवाने वालों के कहे के अनुसार हम यात्रा के आरम्भ स्थान पर पहुँच गए। वहाँ पहुँच कर हमें ज्ञात हुआ कि उनके द्वारा दिए गए विज्ञापन के विपरीत, नौका विहार में कुछ दूरी तेज़ बहते और उछलते हुए पानी की भी थी। उन्होंने मेरे पति को नौका के चप्पू चलाने और नाव को संभालने की कुछ मूल बातें सिखाईं, और हमें आश्वस्त किया कि वे लोग हमें सुरक्षित हमारे विहार के अंतिम छोर तक ले जाएँगे; हम ने धन्यावद किया कि अनुभवी नौका चालक हमारे साथ थे। हमने अपनी जीवन रक्षक जैकेट पहनीं, और हम नदी में चल दिए; तेज़ बहाव के स्थान पर मैं कसकर नाव के प्लास्टिक के हैंडल को पकड़े हुए चिल्लाती रही, जब तक कि हम शांत बहाव में पहुँच कर किनारे नहीं लग गए। नाव से उतर कर हमने अपने कपड़े निचोड़े, पर्स में से पानी निकाला, और यद्यपि वह यात्रा हमारी अपेक्षा के अनुसार तो नहीं रही थी, फिर भी हम एक-दूसरे को देख कर हँस पड़े।

     उस नौका विहार के विज्ञापन के विपरीत, जिसमें उन लोगों ने उस विहार से सम्बंधित एक मुख्य बात नहीं बताई थी, परमेश्वर के वचन बाइबल में प्रभु यीशु ने अपने शिष्यों को यह स्पष्ट बता दिया था कि भविष्य में उनके लिए कठिन दिन रखे हुए हैं। प्रभु ने उन से कहा दिया कि वह स्वयं भी मारा जाएगा और उसका पुनरुत्थान होगा, और आते समय में वे भी सताए जाएँगे, मारे जाएँगे। साथ ही उसने उन्हें अपने विश्वासयोग्य होने का भी आश्वासन दिया, और इसका भी कि वह उन्हें एक चिरस्थाई विजय और अनानात्कालीन आशा में ले जाएगा (यूहन्ना 16:16-33)।

     यदि प्रभु का अनुसरण करते हुए जीवन सरल होता तो बहुत अच्छा होता, परन्तु प्रभु ने अपने अनुयायियों को यह स्पष्ट बता दिया है कि उन्हें कठिनाइयों और विरोधों का सामना करना पड़ेगा। हमारी ये परीक्षाएँ परमेश्वर द्वारा हमारे लिए बनाई गई योजनाओं को न तो परिभाषित करेंगी, न ही उन्हें सीमित करेंगी, और न ही उन्हें बिगाडेंगी या नष्ट करेंगी। प्रभु यीशु के पुनरुत्थान और मृत्यु पर विजय ने हमारे लिए अनन्त विजय सुनिश्चित कर दी है, और प्रभु ने हम से यही कहा है। - होकिटिल डिक्सन

 

प्रभु यीशु सबसे कठिन समयों में भी हमारे साथ रहता है।


हे मृत्यु तेरी जय कहां रही? हे मृत्यु तेरा डंक कहां रहा? मृत्यु का डंक पाप है; और पाप का बल व्यवस्था है। परन्तु परमेश्वर का धन्यवाद हो, जो हमारे प्रभु यीशु मसीह के द्वारा हमें जयवन्‍त करता है। - 1 कुरिन्थियों 15:55-57

बाइबल पाठ: यूहन्ना 16:25-33

यूहन्ना 16:25 मैं ने ये बातें तुम से दृष्‍टान्‍तों में कही हैं, परन्तु वह समय आता है, कि मैं तुम से दृष्‍टान्‍तों में और फिर नहीं कहूंगा परन्तु खोल कर तुम्हें पिता के विषय में बताऊंगा।

यूहन्ना 16:26 उस दिन तुम मेरे नाम से मांगोगे, और मैं तुम से यह नहीं कहता, कि मैं तुम्हारे लिये पिता से बिनती करूंगा।

यूहन्ना 16:27 क्योंकि पिता तो आप ही तुम से प्रीति रखता है, इसलिये कि तुम ने मुझ से प्रीति रखी है, और यह भी प्रतीति की है, कि मैं पिता कि ओर से निकल आया।

यूहन्ना 16:28 मैं पिता से निकलकर जगत में आया हूं, फिर जगत को छोड़कर पिता के पास जाता हूं।

यूहन्ना 16:29 उसके चेलों ने कहा, देख, अब तो तू खोल कर कहता है, और कोई दृष्‍टान्‍त नहीं कहता।

यूहन्ना 16:30 अब हम जान गए, कि तू सब कुछ जानता है, और तुझे प्रयोजन नहीं, कि कोई तुझ से पूछे, इस से हम प्रतीति करते हैं, कि तू परमेश्वर से निकला है।

यूहन्ना 16:31 यह सुन यीशु ने उन से कहा, क्या तुम अब प्रतीति करते हो?

यूहन्ना 16:32 देखो, वह घड़ी आती है वरन आ पहुंची कि तुम सब तित्तर बित्तर हो कर अपना अपना मार्ग लोगे, और मुझे अकेला छोड़ दोगे, तौभी मैं अकेला नहीं क्योंकि पिता मेरे साथ है।

यूहन्ना 16:33 मैं ने ये बातें तुम से इसलिये कही हैं, कि तुम्हें मुझ में शान्‍ति मिले; संसार में तुम्हें क्‍लेश होता है, परन्तु ढाढ़स बांधो, मैं ने संसार को जीत लिया है।    

 

एक साल में बाइबल: 

  • नहेम्याह 4-6
  • प्रेरितों 2:22-47


सोमवार, 23 सितंबर 2019

कहा



      रिफ्यूज रबिन्द्रनाथ नामक एक व्यक्ति, श्री लंका में, दस वर्ष से भी अधिक समय से जवानों के मध्य में काम कर रहा है। वह अकसर जवानों के साथ देर रात तक बातचीत करता रहता है, उनके साथ खेलता है, उनकी सुनता है, उन्हें सिखाता है और परामर्श देता है। उसे उन जवानों के मध्य काम करना अच्छा लगता है किन्तु कभी-कभी निराशाजनक भी हो जाता है जब ऐसे विद्यार्थी जिन पर भरोसा रखा गया था, वे विश्वास से मुड़कर चले जाते हैं। कुछ दिन ऐसे भी होते हैं जब उसे वैसा अनुभव होता है जैसा परमेश्वर के वचन बाइबल में लूका की पुस्तक के पाँचवें अध्याय में शमौन पतरस को हुआ था।

      शमौन सारी रात परिश्रम करता रहा था, परन्तु उसने कोई मछली नहीं पकड़ी (पद 5); वह थका हुआ और निराश अनुभव कर रहा था। परन्तु फिर भी जब प्रभु यीशु ने उससे कहा कि वह गहरे में जाकर जाल डाले (पद 4), तो शमौन ने उत्तर दिया कि “तौभी तेरे कहने से जाल डालूँगा” (पद 5)।

      यहाँ शमौन द्वारा प्रभु की कही बात का पालन करना अद्भुत है। शमौन अनुभवी मछुआरा था, और जानता था कि जब सूरज चढ़ने लगता है तो मछलियाँ झील की गहराइयों में चली जाती हैं, और उनके पास जो जाल थे वे उतनी गहराई से मछलियों को पकड़ नहीं सकते थे।

      शमौन द्वारा प्रभु की कही गई बात को मानने से, उसे अच्छा परिणाम मिला। न केवल शमौन ने ढेर सारी मछलियाँ पकड़ीं, वरन उसे प्रभु यीशु मसीह की और गहरी पहचान भी मिली। वह पहले प्रभु यीशु को “स्वामी” कहकर संबोधित करता था (पद 5), परन्तु अब इस घटना के बाद वह “प्रभु” कहने लगा (पद 8)। निःसंदेह, परमेश्वर की सुनने से हम उसकी निकटता में बढ़ते हैं और उसके कार्यों को निकट से देखने भी लगते हैं।

      हो सकता है कि परमेश्वर आपको कह रहा है कि आप भी अपने “जाल फिर से डालें” जैसा कि उसने शमौन से कहा था। और होनें दें कि हम भी शमौन के समान ही प्रभु से कहें, “तेरे कहने से जाल डालूँगा।” – पो फैंग चिया

परमेश्वर के प्रति हमारी आज्ञाकारिता 
अज्ञात मार्गों में भी हमारा मार्गदर्शन करेगी, 
और हमें उसकी निकटता में लाएगी।

भला होता कि उनका मन सदैव ऐसा ही बना रहे, कि वे मेरा भय मानते हुए मेरी सब आज्ञाओं पर चलते रहें, जिस से उनकी और उनके वंश की सदैव भलाई होती रहे! – व्यवस्थाविवरण 5:29

बाइबल पाठ: लूका 5:1-11
Luke 5:1 जब भीड़ उस पर गिरी पड़ती थी, और परमेश्वर का वचन सुनती थी, और वह गन्नेसरत की झील के किनारे पर खड़ा था, तो ऐसा हुआ।
Luke 5:2 कि उसने झील के किनारे दो नावें लगी हुई देखीं, और मछुवे उन पर से उतरकर जाल धो रहे थे।
Luke 5:3 उन नावों में से एक पर जो शमौन की थी, चढ़कर, उसने उस से बिनती की, कि किनारे से थोड़ा हटा ले चले, तब वह बैठकर लोगों को नाव पर से उपदेश देने लगा।
Luke 5:4 जब वे बातें कर चुका, तो शमौन से कहा, गहिरे में ले चल, और मछिलयां पकड़ने के लिये अपने जाल डालो।
Luke 5:5 शमौन ने उसको उत्तर दिया, कि हे स्‍वामी, हम ने सारी रात मिहनत की और कुछ न पकड़ा; तौभी तेरे कहने से जाल डालूंगा।
Luke 5:6 जब उन्होंने ऐसा किया, तो बहुत मछिलयां घेर लाए, और उन के जाल फटने लगे।
Luke 5:7 इस पर उन्होंने अपने साथियों को जो दूसरी नाव पर थे, संकेत किया, कि आकर हमारी सहायता करो: और उन्होंने आकर, दोनों नाव यहां तक भर लीं कि वे डूबने लगीं।
Luke 5:8 यह देखकर शमौन पतरस यीशु के पांवों पर गिरा, और कहा; हे प्रभु, मेरे पास से जा, क्योंकि मैं पापी मनुष्य हूं।
Luke 5:9 क्योंकि इतनी मछिलयों के पकड़े जाने से उसे और उसके साथियों को बहुत अचम्भा हुआ।
Luke 5:10 और वैसे ही जब्‍दी के पुत्र याकूब और यूहन्ना को भी, जो शमौन के सहभागी थे, अचम्भा हुआ: तब यीशु ने शमौन से कहा, मत डर: अब से तू मनुष्यों को जीवता पकड़ा करेगा।
Luke 5:11 और व नावों को किनारे पर ले आए और सब कुछ छोड़कर उसके पीछे हो लिए।

एक साल में बाइबल: 
  • श्रेष्ठगीत 1-3
  • गलातियों 2