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Saturday, December 31, 2016

भरोसा


   मेरी छोटी बेटी तैराकी के ताल के किनारे पर आशंकित होकर खड़ी थी। उसे तैरना नहीं आता था, वह अभी पानी में जाने के भय से निकलने के प्रयास कर रही थी। उसके सामने ताल में पानी के अन्दर उसका प्रशिक्षक अपनी बाहें फैलाए खड़ा था, कि जब वह पानी में कूदे तो उसे पकड़ ले। मेरी बेटी की हिचकिचाहट में मुझे उसकी आँखों में प्रशिक्षक को लेकर उसके अन्दर के प्रश्न दिखाई दे रहे थे: क्या वह मुझे पकड़ लेगा? यदि मेरा सिर पानी के अन्दर चला गया तो क्या होगा?

   इसी प्रकार परमेश्वर के लोगों, इस्त्राएलियों के मन भी शंका उठ रही होगी - क्या होगा जब वे यरदन पार कर के कनान देश में प्रवेश करेंगे? क्या वे परमेश्वर पर भरोसा रख सकते हैं कि उनके पार उतर जाने के लिए वह यरदन नदी के जल को रोक कर वहाँ सूखी भूमि और मार्ग प्रदान करेगा? जैसा परमेश्वर ने मूसा में होकर उनकी अगुवाई की थी, क्या वैसे ही उनके नए अगुवे यहोशू में होकर भी करेगा? क्या परमेश्वर अपने लोगों की सहायता करेगा कि वे उन कनानियों को पराजित कर सके जो यरदन के पार रहते थे?

   इन प्रश्नों का उत्तर पाने का एक ही तरीका था, इस्त्राएलियों को विश्वास की परीक्षा से होकर निकलना था - उन्हें कहे गए कार्य को करना था। इसलिए "सो जब प्रजा के लोगों ने अपने डेरों से यरदन पार जाने को कूच किया, और याजक वाचा का सन्दूक उठाए हुए प्रजा के आगे आगे चले" (यहोशू 3:14)। अपने विश्वास को कार्यान्वित करने के द्वारा वे अनुभव से जान सके कि परमेश्वर उनके साथ है; वह यहोशू में होकर उनकी अगुवाई कर रहा है, और कनान में बस जाने में उनकी सहायता करेगा (पद 7, 10, 17)।

   यदि आज आप अपने विश्वास की परीक्षा लेने वाली परिस्थिति में हैं, तो परमेश्वर के कभी ना बदलने वाले चरित्र और कभी ना टलने वाली प्रतिज्ञाओं पर भरोसा करके, उन इस्त्राएलियों के समान आप भी आगे बढ़ सकते हैं। परमेश्वर पर भरोसा रख कर, उसके मार्गदर्शन में आगे बढ़ने से, वह आपको जहाँ आप हैं वहाँ से उस स्थान पर ले जाएगा जहाँ वह आपको पहुँचाना चाहता है। - जेनिफ़र बेन्सन शुल्ट


जब हम अपने पिता परमेश्वर पर भरोसा रखते हैं तो भय जाता रहता है।

अब विश्वास आशा की हुई वस्‍तुओं का निश्‍चय, और अनदेखी वस्‍तुओं का प्रमाण है। - इब्रानियों 11:1

बाइबल पाठ: यहोशू 3:9-17
Joshua 3:9 तब यहोशू ने इस्राएलियों से कहा, कि पास आकर अपने परमेश्वर यहोवा के वचन सुनो। 
Joshua 3:10 और यहोशू कहने लगा, कि इस से तुम जान लोगे कि जीवित ईश्वर तुम्हारे मध्य में है, और वह तुम्हारे सामहने से नि:सन्देह कनानियों, हित्तियों, हिव्वियों, परिज्जियों, गिर्गाशियों, एमोरियों, और यबूसियों को उनके देश में से निकाल देगा। 
Joshua 3:11 सुनो, पृथ्वी भर के प्रभु की वाचा का सन्दूक तुम्हारे आगे आगे यरदन में जाने पर है। 
Joshua 3:12 इसलिये अब इस्राएल के गोत्रों में से बारह पुरूषों को चुन लो, वे एक एक गोत्र में से एक पुरूष हो। 
Joshua 3:13 और जिस समय पृथ्वी भर के प्रभु यहोवा की वाचा का सन्दूक उठाने वाले याजकों के पांव यरदन के जल में पड़ेंगे, उस समय यरदन का ऊपर से बहता हुआ जल थम जाएगा, और ढेर हो कर ठहरा रहेगा। 
Joshua 3:14 सो जब प्रजा के लोगों ने अपने डेरों से यरदन पार जाने को कूच किया, और याजक वाचा का सन्दूक उठाए हुए प्रजा के आगे आगे चले, 
Joshua 3:15 और सन्दूक के उठाने वाले यरदन पर पहुंचे, और सन्दूक के उठाने वाले याजकों के पांव यरदन के तीर के जल में डूब गए (यरदन का जल तो कटनी के समय के सब दिन कड़ारों के ऊपर ऊपर बहा करता है), 
Joshua 3:16 तब जो जल ऊपर की ओर से बहा आता था वह बहुत दूर, अर्थात आदाम नगर के पास जो सारतान के निकट है रूककर एक ढेर हो गया, और दीवार सा उठा रहा, और जो जल अराबा का ताल, जो खारा ताल भी कहलाता है, उसकी ओर बहा जाता था, वह पूरी रीति से सूख गया; और प्रजा के लाग यरीहो के साम्हने पार उतर गए। 
Joshua 3:17 और याजक यहोवा की वाचा का सन्दूक उठाए हुए यरदन के बीचोंबीच पहुंचकर स्थल पर स्थिर खड़े रहे, और सब इस्राएली स्थल ही स्थल पार उतरते रहे, निदान उस सारी जाति के लोग यरदन पार हो गए।

एक साल में बाइबल: 
  • मलाकी 1-4
  • प्रकाशितवाक्य 22



Friday, December 30, 2016

अगुवा


   टर्की के इस्तानबुल शहर में, सन 2005 में एक भेड़ खाई में कूद गई, और देखते ही देखते, उसके पीछे-पीछे लगभग 1500 और भेड़ें भी खाई में कूद गईं! अन्ततः उन में से लगभग एक तिहाई की मृत्यु हो गई। ना जानते हुए कि सही मार्ग कौन सा है, भेड़ बिना सूझ-बूझ के झुण्ड के अन्य सदस्यों के पीछे चल पड़ती हैं।

   भेड़ को छोड़ कोई और शब्द, सही अगुवे की हमारी आवश्यकता को नहीं जता सकता है। परमेश्वर के वचन में यशायाह भविष्यद्वक्ता ने हम मनुष्यों के लिए लिखा कि "हम तो सब के सब भेड़ों की नाईं भटक गए थे; हम में से हर एक ने अपना अपना मार्ग लिया; और यहोवा ने हम सभों के अधर्म का बोझ उसी पर लाद दिया" (यशायाह 53:6)। हमारी प्रवृत्ति है कि हम अपनी ही मार्ग पर चल निकलते हैं, इसीलिए हमें एक अच्छे चरवाहे का मार्गदर्शन चाहिए जो हमें सही राह दिखाए तथा उस पर हमें बनाए भी रखे।

   परमेश्वर के वचन बाइबल में भजन 23 हमारे अच्छे और विश्वासयोग्य चरवाहे का वर्णन करता है। यह चरवाहा हमारी चिन्ता करता है (पद 1); हमारी आवश्यकताओं की पूर्ति करता है (पद 2); वह हमें पवित्रता का जीवन जीना सिखाता है (पद 3); वह हमें प्रफुलित करता है, सान्तवना देता है, चंगाई देता है और बहुतायत से आशीषें देता है (पद 3-5); वह सदा हमारे साथ बना रहता है (पद 6)।

   यह जानना कितनी दिलासा देता है कि हमारा प्रभु परमेश्वर ही हमारा अच्छा चरवाहा है जो हमें कोमलता परन्तु दृढ़ता के साथ जीवन के सही मार्ग पर लिए चलता है। वह ऐसा हमें अपने पवित्र आत्मा की प्रेरणा, अपने वचन के अध्ययन, और प्रार्थना के द्वारा करता है। परमेश्वर ही वह विश्वासयोग्य अगुवा है जिस की हमें आवश्यकता है।

   प्रभु परमेश्वर पर हमारी निर्भरता का, और उसकी सदा उपलब्ध अगुवाई का अंगीकार करते हुए हम भी भजनकार के साथ कह सकते हैं, "यहोवा मेरा चरवाहा है, मुझे कुछ घटी न होगी। वह मुझे हरी हरी चराइयों में बैठाता है; वह मुझे सुखदाई जल के झरने के पास ले चलता है; वह मेरे जी में जी ले आता है। धर्म के मार्गो में वह अपने नाम के निमित्त मेरी अगुवाई करता है"। - डेव एग्नर


वह मेमना जो हमें बचाने के लिए बलिदान हुआ, 
वही हमारा चरवाहा भी है जो हमारे मार्गदर्शन के लिए हमारे साथ चलता है।

चोर किसी और काम के लिये नहीं परन्तु केवल चोरी करने और घात करने और नष्‍ट करने को आता है। मैं इसलिये आया कि वे जीवन पाएं, और बहुतायत से पाएं। अच्छा चरवाहा मैं हूं; अच्छा चरवाहा भेड़ों के लिये अपना प्राण देता है। - यूहन्ना 10:10-11

बाइबल पाठ: भजन 23
Psalms 23:1 यहोवा मेरा चरवाहा है, मुझे कुछ घटी न होगी। 
Psalms 23:2 वह मुझे हरी हरी चराइयों में बैठाता है; वह मुझे सुखदाई जल के झरने के पास ले चलता है; 
Psalms 23:3 वह मेरे जी में जी ले आता है। धर्म के मार्गो में वह अपने नाम के निमित्त मेरी अगुवाई करता है। 
Psalms 23:4 चाहे मैं घोर अन्धकार से भरी हुई तराई में हो कर चलूं, तौभी हानि से न डरूंगा, क्योंकि तू मेरे साथ रहता है; तेरे सोंटे और तेरी लाठी से मुझे शान्ति मिलती है।
Psalms 23:5 तू मेरे सताने वालों के साम्हने मेरे लिये मेज बिछाता है; तू ने मेरे सिर पर तेल मला है, मेरा कटोरा उमण्ड रहा है। 
Psalms 23:6 निश्चय भलाई और करूणा जीवन भर मेरे साथ साथ बनी रहेंगी; और मैं यहोवा के धाम में सर्वदा वास करूंगा।

एक साल में बाइबल: 
  • ज़कर्याह 13-14
  • प्रकाशितवाक्य 21


Thursday, December 29, 2016

आश्चर्यकर्म


   मेरे बेटों एन्गस और डेविड के जन्मदिन दिसंबर माह में आते हैं। अपनी बाल्यावस्था में ही उन्होंने अपने अनुभवों से सीख लिया था कि यदि एन्गस को दिसंबर माह के आरंभ में अपने जन्म दिन के अवसर पर उसकी पसन्द का खिलौना नहीं मिला है तो वह उसके क्रिसमस के उपहार में होगा। और डेविड को जो उसके क्रिसमिस के उपहार में नहीं मिला, वह 4 दिन बाद आने वाले उसके जन्म दिन के अवसर पर आ जाएगा। विलंब का अर्थ इन्कार नहीं था।

   जब मार्था और मरियम का भाई लाज़र, जिससे प्रभु यीशु प्रेम करते थे, गंभीर रूप से बीमार हुआ, तो उन्होंने प्रभु यीशु को आने का सन्देश भेजा (यूहन्ना 11:1-3)। संभवतः वे आशा और आशंका के साथ मार्ग की ओर प्रभु यीशु के आने की आँखें लगाए उसकी बाट जोहते रहे होंगे, परन्तु प्रभु यीशु नहीं आए। अन्तिम क्रियाकर्म को हुए भी 4 दिन बीत गए थे जब अन्ततः यीशु नगर में आए (पद 17)।

   मार्था उनसे मिलने गई और कुण्ठित होकर कहा, "...हे प्रभु, यदि तू यहां होता, तो मेरा भाई कदापि न मरता" (पद 21), और फिर उसका विश्वास पुनः जागृत हुआ और वह आगे बोली, "और अब भी मैं जानती हूं, कि जो कुछ तू परमेश्वर से मांगेगा, परमेश्वर तुझे देगा" (पद 22)। मैं सोचता हूँ कि उसने किस आशा के साथ यह कहा होगा? लाज़र अब मर चुका था, और वह उसकी कब्र को खोलने के लिए राज़ी नहीं थी (पद 39)। परन्तु फिर भी, प्रभु यीशु के एक कहने पर लाज़र की आत्मा उसके सड़ते हुए शरीर में वापस आ गई (पद 41-44)। प्रभु यीशु ने अपने बीमार मित्र को केवल चँगा कर देने की बजाए उससे भी बड़ा आश्चर्यकर्म करने के लिए विलंब किया था, कि उसे मृतकों में से वापस ला सके। उसके इस विलंब का परिणाम यह भी हुआ कि इस आश्चर्यकर्म के कारण अनेकों यहूदियों ने उस पर विश्वास किया (पद 45)।

   परमेश्वर के समय और विधि की धैर्य के साथ प्रतीक्षा करना, हमारे जीवनों में भी हमारी आशा से कहीं बढ़कर आश्चर्यकर्म ला सकता है। - मेरियन स्ट्राउड


परमेश्वर के लिए प्रतीक्षा में लगाया गया समय कभी गँवाया हुआ नहीं होता।

वरन जितने तेरी बाट जोहते हैं उन में से कोई लज्जित न होगा; परन्तु जो अकारण विश्वासघाती हैं वे ही लज्जित होंगे। हे यहोवा अपने मार्ग मुझ को दिखला; अपना पथ मुझे बता दे। मुझे अपने सत्य पर चला और शिक्षा दे, क्योंकि तू मेरा उद्धार करने वाला परमेश्वर है; मैं दिन भर तेरी ही बाट जोहता रहता हूं। - भजन 25:3-5

बाइबल पाठ: यूहन्ना 11:20-45
John 11:20 सो मारथा यीशु के आने का समचार सुनकर उस से भेंट करने को गई, परन्तु मरियम घर में बैठी रही। 
John 11:21 मारथा ने यीशु से कहा, हे प्रभु, यदि तू यहां होता, तो मेरा भाई कदापि न मरता।
John 11:22 और अब भी मैं जानती हूं, कि जो कुछ तू परमेश्वर से मांगेगा, परमेश्वर तुझे देगा। 
John 11:23 यीशु ने उस से कहा, तेरा भाई जी उठेगा। 
John 11:24 मारथा ने उस से कहा, मैं जानती हूं, कि अन्‍तिम दिन में पुनरुत्थान के समय वह जी उठेगा। 
John 11:25 यीशु ने उस से कहा, पुनरुत्थान और जीवन मैं ही हूं, जो कोई मुझ पर विश्वास करता है वह यदि मर भी जाए, तौभी जीएगा। 
John 11:26 और जो कोई जीवता है, और मुझ पर विश्वास करता है, वह अनन्तकाल तक न मरेगा, क्या तू इस बात पर विश्वास करती है? 
John 11:27 उसने उस से कहा, हां हे प्रभु, मैं विश्वास कर चुकी हूं, कि परमेश्वर का पुत्र मसीह जो जगत में आनेवाला था, वह तू ही है। 
John 11:28 यह कहकर वह चली गई, और अपनी बहिन मरियम को चुपके से बुलाकर कहा, गुरू यहीं है, और तुझे बुलाता है। 
John 11:29 वह सुनते ही तुरन्त उठ कर उसके पास आई। 
John 11:30 (यीशु अभी गांव में नहीं पहुंचा था, परन्तु उसी स्थान में था जहां मारथा ने उस से भेंट की थी।) 
John 11:31 तब जो यहूदी उसके साथ घर में थे, और उसे शान्‍ति दे रहे थे, यह देखकर कि मरियम तुरन्त उठके बाहर गई है और यह समझकर कि वह कब्र पर रोने को जाती है, उसके पीछे हो लिये। 
John 11:32 जब मरियम वहां पहुंची जहां यीशु था, तो उसे देखते ही उसके पांवों पर गिर के कहा, हे प्रभु, यदि तू यहां होता तो मेरा भाई न मरता। 
John 11:33 जब यीशु न उसको और उन यहूदियों को जो उसके साथ आए थे रोते हुए देखा, तो आत्मा में बहुत ही उदास हुआ, और घबरा कर कहा, तुम ने उसे कहां रखा है? 
John 11:34 उन्होंने उस से कहा, हे प्रभु, चलकर देख ले। 
John 11:35 यीशु के आंसू बहने लगे। 
John 11:36 तब यहूदी कहने लगे, देखो, वह उस से कैसी प्रीति रखता था। 
John 11:37 परन्तु उन में से कितनों ने कहा, क्या यह जिसने अन्धे की आंखें खोली, यह भी न कर सका कि यह मनुष्य न मरता?
John 11:38 यीशु मन में फिर बहुत ही उदास हो कर कब्र पर आया, वह एक गुफा थी, और एक पत्थर उस पर धरा था। 
John 11:39 यीशु ने कहा; पत्थर को उठाओ: उस मरे हुए की बहिन मारथा उस से कहने लगी, हे प्रभु, उस में से अब तो र्दुगंध आती है क्योंकि उसे मरे चार दिन हो गए। 
John 11:40 यीशु ने उस से कहा, क्या मैं ने तुझ से न कहा था कि यदि तू विश्वास करेगी, तो परमेश्वर की महिमा को देखेगी। 
John 11:41 तब उन्होंने उस पत्थर को हटाया, फिर यीशु ने आंखें उठा कर कहा, हे पिता, मैं तेरा धन्यवाद करता हूं कि तू ने मेरी सुन ली है। 
John 11:42 और मैं जानता था, कि तू सदा मेरी सुनता है, परन्तु जो भीड़ आस पास खड़ी है, उन के कारण मैं ने यह कहा, जिस से कि वे विश्वास करें, कि तू ने मुझे भेजा है। 
John 11:43 यह कहकर उसने बड़े शब्द से पुकारा, कि हे लाजर, निकल आ। 
John 11:44 जो मर गया था, वह कफन से हाथ पांव बन्‍धे हुए निकल आया और उसका मुंह अंगोछे से लिपटा हुआ था। यीशु ने उन से कहा, उसे खोल कर जाने दो।
John 11:45 तब जो यहूदी मरियम के पास आए थे, और उसका यह काम देखा था, उन में से बहुतों ने उस पर विश्वास किया।

एक साल में बाइबल: 
  • ज़कर्याह 9-12
  • प्रकाशितवाक्य 20


Wednesday, December 28, 2016

आशा


   कोलेराडो में स्थित टेड रॉबर्टसन का घर