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सोमवार, 1 जनवरी 2018

इस वर्ष


सभी पाठकों को नव-वर्ष की शुभकामनाएँ

मेरे पिताजी पास्टर थे, और प्रत्येक नए वर्षा के प्रथम इतवार को वे प्रभु यीशु मसीह के पुनःआगमन पर संदेश देते थे, जिसका आधार बहुधा वे परमेश्वर के वचन बाइबल के 1 थिस्सलुनीकियों 4 अध्याय को बनाते थे। उनके उस सन्देश का सदैव एक ही बिंदु होता था – “हो सकता है कि प्रभु यीशु मसीह का आगमन इस वर्ष हो। क्या आप उससे मिलने, उसे हिसाब देने के लिए तैयार हैं?” छः वर्ष की आयु में सुना गया यह सन्देश मुझे कभी नहीं भूलेगा, क्योंकि उस सन्देश को सुनकर मेरे अन्दर विचार उठा, “यदि यह सही है, तो मुझे नहीं लगता की प्रभु मुझे ले जाने के लिए आएगा, या मैं प्रभु यीशु के साथ जाने पाऊँगा।”

मुझे यह निश्चित था की मेरे माता-पिता प्रभु यीशु के साथ स्वर्ग जाएँगे, और मैं भी उनके साथ जाना चाहता था। इसलिए उस शाम जब पिताजी घर आए, तो मैं ने उन से पूछा की मैं कैसे सुनिश्चित कर सकता हूँ की मैं भी उनके साथ स्वर्ग जाऊँगा। उन्होंने अपनी बाइबल खोली, उसमें से कुछ पद मुझे पढकर सुनाए, और मेरे लिए आवश्यक उस उद्धारकर्ता प्रभु यीशु मसीह के बारे में मुझ से बातें कीं। मुझे मेरे पापों के प्रति कायल करने के लिए उन्हें कुछ विशेष प्रयास नहीं करना पड़ा। उस दिन मेरे पिताजी ने मुझे प्रभु यीशु मसीह से मिलवाया। परमेश्वर के इन सत्यों को मेरे हृदय में रोपने के लिए मैं सदैव उनका कृतज्ञ रहूँगा।

पाप और गड़बड़ी से भरे इस संसार में, जहाँ दुराचार बढ़ता ही जा रहा है, यह कितना आशाजनक विचार है की संभवतः इस वर्ष प्रभु यीशु का पुनःआगमन हो जाए। उससे भी अधिक शांतिदायक यह सत्य है कि जितनों ने प्रभु यीशु पर अपने पापों की क्षमा और उद्धार के लिए विश्वास किया है, उसे अपना जीवन समर्पित किया है, वे उसके साथ एकत्रित किए जाएँगे, और इस सँसार की पीड़ा, दुःख, पाप, और भय से सदा के लिए मुक्त हो जाएँगे। और सर्वोत्तम सत्य यह है कि फिर हम सभी मसीही विश्वासी प्रभु यीशु के साथ स्वर्गीय स्थानों में सदा काल के लिए निवास करेंगे। -  जो स्टोवैल


प्रभु यीशु का पुनः आगमन शायद आज ही हो! – डा० एम. आर. डी हौंन

फिर मैं ने सिंहासन में से किसी को ऊंचे शब्द से यह कहते सुना, कि देख, परमेश्वर का डेरा मनुष्यों के बीच में है; वह उन के साथ डेरा करेगा, और वे उसके लोग होंगे, और परमेश्वर आप उन के साथ रहेगा; और उन का परमेश्वर होगा। और वह उन की आंखों से सब आंसू पोंछ डालेगा; और इस के बाद मृत्यु न रहेगी, और न शोक, न विलाप, न पीड़ा रहेगी; पहिली बातें जाती रहीं। और जो सिंहासन पर बैठा था, उसने कहा, कि देख, मैं सब कुछ नया कर देता हूं: फिर उसने कहा, कि लिख ले, क्योंकि ये वचन विश्वास के योग्य और सत्य हैं। - प्रकाशितवाक्य 21:3-5

बाइबल पाठ: 1 थिस्सलुनीकियों 4:13-18
1 Thessalonians 4:13 हे भाइयों, हम नहीं चाहते, कि तुम उनके विषय में जो सोते हैं, अज्ञान रहो; ऐसा न हो, कि तुम औरों के समान शोक करो जिन्हें आशा नहीं।
1 Thessalonians 4:14 क्योंकि यदि हम प्रतीति करते हैं, कि यीशु मरा, और जी भी उठा, तो वैसे ही परमेश्वर उन्हें भी जो यीशु में सो गए हैं, उसी के साथ ले आएगा।
1 Thessalonians 4:15 क्योंकि हम प्रभु के वचन के अनुसार तुम से यह कहते हैं, कि हम जो जीवित हैं, और प्रभु के आने तक बचे रहेंगे तो सोए हुओं से कभी आगे न बढ़ेंगे।
1 Thessalonians 4:16 क्योंकि प्रभु आप ही स्वर्ग से उतरेगा; उस समय ललकार, और प्रधान दूत का शब्द सुनाई देगा, और परमेश्वर की तुरही फूंकी जाएगी, और जो मसीह में मरे हैं, वे पहिले जी उठेंगे।
1 Thessalonians 4:17 तब हम जो जीवित और बचे रहेंगे, उन के साथ बादलों पर उठा लिये जाएंगे, कि हवा में प्रभु से मिलें, और इस रीति से हम सदा प्रभु के साथ रहेंगे।
1 Thessalonians 4: 18 सो इन बातों से एक दूसरे को शान्‍ति दिया करो।


एक साल में बाइबल: 
  • उत्पत्ति 1-3
  • मत्ती 1



रविवार, 31 दिसंबर 2017

नज़र


   अपनी पुस्तक On The Wing में ऐलेन टेनेंट ने बाज़ पक्षी के प्रवसन पर नज़र रखने के अपने प्रयासों का ब्यौरा दिया है। ये पक्षी अपनी सुन्दरता, तीव्रता और बल के लिए जाने जाते हैं तथा शिकार के लिए राजाओं और नवाबों के साथ रखे जाते रहे हैं। परन्तु 1950 के दशक में डी.डी.टी. नामक कीटनाशक के प्रभाव के कारण, इन पक्षियों के प्रजनन में बाधा आई और इनकी संख्या इतनी अधिक घट गई, कि इन्हें विलुप्तप्रायः जीवों की सूचि में रखा गया। इन पक्षियों के पुनः संख्या वृद्धि में रुचि रखने वाले टेनेंट ने कुछ बाज़ पक्षियों पर रेडियो ट्रांसमिटर लगा कर उनके प्रवसन मार्गों और नमूनों की जानकारी जमा करनी चाही। परन्तु जब वह और उसका साथी वायुयान चालक रेडियो ट्रांसमिटर लगे पक्षियों के पीछे अपने सेसना विमान से उड़ने लगे तो उन्होंने पाया कि बारंबार उन्हें रेडियो सिगनल मिलने बन्द हो जाते थे। उन्नत टेक्नौलोजी के प्रयोग के बावजूद, जिन पक्षियों की वे सहायता करना चाहते थे, उन पर पूरी तरह से नज़र नहीं रख पा रहे थे।

   हम मसीही विश्वासियों के लिए यह निश्चिन्त और आश्वस्त रहने की बात है कि जिस प्रभु परमेश्वर पर हम विश्वास करते हैं, जिसके हाथों में हमने अपना जीवन समर्पित किया है, हम कभी उसकी नज़रों से ओझल नहीं होते हैं; वह सदा हमारी चिंता और देखभाल करता है, हम पर अपनी नज़र बनाए रखता है। परमेश्वर के वचन बाइबल में प्रभु यीशु मसीह ने कहा: "क्या पैसे मे दो गौरैये नहीं बिकतीं? तौभी तुम्हारे पिता की इच्छा के बिना उन में से एक भी भूमि पर नहीं गिर सकती। तुम्हारे सिर के बाल भी सब गिने हुए हैं। इसलिये, डरो नहीं; तुम बहुत गौरैयों से बढ़कर हो" (मत्ती 10:29-31)।

   जब भी हम कठिनाईयों में पड़ें, भय और आशंका द्वारा शैतान हमारे मनों में डालना चाहे कि परमेश्वर हमारी परिस्थिति से अवगत नहीं है, या हमारी चिंता नहीं करता है, तो प्रभु यीशु की शिक्षाएं हमें आश्वस्त करती हैं कि परमेश्वर हम से बहुत प्रगाढ़ प्रेम करता है, और सभी बातें, सभी परिस्थितियाँ, हर समय उसके नियंत्रण में रहती हैं। वह हमारी हर बात, हर कठिनाई, हर परिस्थिति से सदैव अवगत रहता है, उसकी नज़र हम पर सदा बनी रहती है। - डैनिस फिशर


यदि परमेश्वर पक्षियों की चिंता करता है, 
तो क्या अपनी सन्तान की चिंता नहीं करेगा?

तुम किसी ऐसी परीक्षा में नहीं पड़े, जो मनुष्य के सहने से बाहर है: और परमेश्वर सच्चा है: वह तुम्हें सामर्थ्य से बाहर परीक्षा में न पड़ने देगा, वरन परीक्षा के साथ निकास भी करेगा; कि तुम सह सको। - 1 कुरिन्थियों 10:13

बाइबल पाठ: मत्ती 10:26-31
Matthew 10:26 सो उन से मत डरना, क्योंकि कुछ ढपा नहीं, जो खोला न जाएगा; और न कुछ छिपा है, जो जाना न जाएगा। 
Matthew 10:27 जो मैं तुम से अन्धियारे में कहता हूं, उसे उजियाले में कहो; और जो कानों कान सुनते हो, उसे कोठों पर से प्रचार करो। 
Matthew 10:28 जो शरीर को घात करते हैं, पर आत्मा को घात नहीं कर सकते, उन से मत डरना; पर उसी से डरो, जो आत्मा और शरीर दोनों को नरक में नाश कर सकता है। 
Matthew 10:29 क्या पैसे मे दो गौरैये नहीं बिकतीं? तौभी तुम्हारे पिता की इच्छा के बिना उन में से एक भी भूमि पर नहीं गिर सकती। 
Matthew 10:30 तुम्हारे सिर के बाल भी सब गिने हुए हैं। 
Matthew 10:31 इसलिये, डरो नहीं; तुम बहुत गौरैयों से बढ़कर हो। 

एक साल में बाइबल: 
  • मलाकी 1-4
  • प्रकाशितवाक्य 22


शनिवार, 30 दिसंबर 2017

विश्राम


   मैं अपने एक मित्र के साथ एक अस्पताल के एमरजेंसी वार्ड में बैठा हुआ था, और आस-पास के अन्य मरीज़ों की पीड़ा से कराहने के आवाज़ों से विचलित हो रहा था। मैंने अपने मित्र और अन्य मरीज़ों के लिए प्रार्थना करते हुए एक बार फिर एहसास किया कि इस पृथ्वी पर हमारा जीवन कितना क्षणिक और भंगुर है। मुझे जिम रीव्ज़ द्वारा गाया हुआ एक गीत स्मरण हो आया, जिसमें वह कह रहा है कि यह संसार हमारा घर नहीं है, हम बस इसमें से हो कर गुज़र रहे हैं। हमारे इस संसार में थकान, दुःख, भूख, ऋण, ग़रीबी, बीमारी और मृत्यु भरे हुए हैं। परन्तु फिर भी हमें इस संसार और उसकी परिस्थितियों में से होकर निकलना ही है। इस लिए प्रभु यीशु द्वारा संसार के सभी लोगों को विश्राम पाने का निमंत्रण सामयिक और सुखद है: "हे सब परिश्रम करने वालों और बोझ से दबे लोगों, मेरे पास आओ; मैं तुम्हें विश्राम दूंगा" (मत्ती 11:28)।

   शायद ही ऐसा कोई अंतिम संस्कार हुआ होगा जिसमें परमेश्वर के वचन बाइबल में प्रभु यीशु के शिष्य, प्रेरित यूहन्ना द्वारा युगान्त और नए युग के आरंभ से संबंधित भविष्यवाणी की "नए आकाश और नई पृथ्वी" की बात दोहराई न जाती हो (प्रकाशितवाक्य 21:1-5)। बाइबल का यह खण्ड निश्चय ही अंतिम संसकारों के समय के लिए महत्व का है; परन्तु यह खण्ड मृतकों से अधिक जीवतों के लिए महत्व का है।

   प्रभु यीशु के निमंत्रण को स्वीकार कर के उसमें विश्राम प्राप्त करने का अवसर और समय पृथ्वी पर हमारे जीवन के दौरान ही है, उसके पश्चात नहीं। इस जीवन के दौरान प्रभु में विश्राम को स्वीकार कर लेने पर ही हम युगान्त पर मिलने वाली, बाइबल के प्रकाशित्वाक्य में उल्लेखित, आशीषों को प्राप्त करने पाएंगे। उन आशीषों में ऐसी अद्भुत आशीषें भी सम्मिलित हैं, जो और कहीं नहीं मिलती हैं - परमेश्वर हमारे संग निवास करेगा (पद 3)। वह हमारे सभी आँसू पोंछ डालेगा, और फिर हमें कभी किसी भी प्रकार की पीड़ा, शोक या विलाप का सामना नहीं करना पड़ेगा (पद 4)।

   प्रभु यीशु के निमंत्रण और विश्राम को स्वीकार करके अपना अनन्त भविष्य सुदृढ़ कर लीजिए। - लॉरेंस दरमानी


जब जीवन के संघर्षों से व्यथित हों, प्रभु यीशु में अपना विश्राम प्राप्त कर लें।

मनुष्य जो धरती पर मन लगा लगाकर परिश्रम करता है उस से उसको क्या लाभ होता है? उसके सब दिन तो दु:खों से भरे रहते हैं, और उसका काम खेद के साथ होता है; रात को भी उसका मन चैन नहीं पाता। यह भी व्यर्थ ही है। - सभोपदेशक 2:22-23

बाइबल पाठ: प्रकाशितवाक्य 21:1-5
Revelation 21:1 फिर मैं ने नए आकाश और नयी पृथ्वी को देखा, क्योंकि पहिला आकाश और पहिली पृथ्वी जाती रही थी, और समुद्र भी न रहा। 
Revelation 21:2 फिर मैं ने पवित्र नगर नए यरूशलेम को स्वर्ग पर से परमेश्वर के पास से उतरते देखा, और वह उस दुल्हिन के समान थी, जो अपने पति के लिये सिंगार किए हो। 
Revelation 21:3 फिर मैं ने सिंहासन में से किसी को ऊंचे शब्द से यह कहते सुना, कि देख, परमेश्वर का डेरा मनुष्यों के बीच में है; वह उन के साथ डेरा करेगा, और वे उसके लोग होंगे, और परमेश्वर आप उन के साथ रहेगा; और उन का परमेश्वर होगा। 
Revelation 21:4 और वह उन की आंखों से सब आंसू पोंछ डालेगा; और इस के बाद मृत्यु न रहेगी, और न शोक, न विलाप, न पीड़ा रहेगी; पहिली बातें जाती रहीं। 
Revelation 21:5 और जो सिंहासन पर बैठा था, उसने कहा, कि देख, मैं सब कुछ नया कर देता हूं: फिर उसने कहा, कि लिख ले, क्योंकि ये वचन विश्वास के योग्य और सत्य हैं। 

एक साल में बाइबल: 
  • ज़कर्याह 13-14
  • प्रकाशितवाक्य 21


शुक्रवार, 29 दिसंबर 2017

सहायक


   कुछ महिलाओं ने मिलकर धन-संग्रह करने के लिए एक कार्यक्रम आयोजित किया था, और वे उस कार्यक्रम की तैयारियों को अन्तिम रूप दे रही थीं। वे भारत से थीं, परन्तु अब अमेरिका में आकर रहने लगी थीं। परन्तु अपने मूल देश के प्रति उनका लगाव और चिंता बनी हुई थी। जब उन्होंने भारत में मसीहियों द्वारा "औटिस्टिक" बच्चों के लिए चलाए जा रहे एक स्कूल की कठिन आर्थिक परिस्थितियों के बारे में सुना, तो उन्होंने सहायाता करने के लिए कुछ करना ठान लिया, और यह कार्यक्रम आयोजित किया।

   परमेश्वर के वचन बाइबल में हम नहेम्याह के बारे में पढ़ते हैं। वह इस्त्राएल से बन्धुआ बना कर ले जाए लोगों में से एक था, परन्तु अब राजा का पिलानेहारा था और उस समय और स्थान के सबसे ताकतवर व्यक्ति, राजा, का विश्वासपात्र था। नहेम्याह ने अपनी आरामदायक परिस्थिति को अपने देश-वासियों के प्रति चिंता के आड़े नहीं आने दिया। उसने जब यरुशलेम से लौट कर आए लोगों से वहाँ की दुर्दशा के बारे में सुना (नहेम्याह 1:2), तो उसे मालुम पड़ा कि, "...जो बचे हुए लोग बन्धुआई से छूटकर उस प्रान्त में रहते हैं, वे बड़ी दुर्दशा में पड़े हैं, और उनकी निन्दा होती है; क्योंकि यरूशलेम की शहरपनाह टूटी हुई, और उसके फाटक जले हुए हैं" (पद 3)।

   यह सुनकर नहेम्याह का हृदय टूट गया; और उसने विलाप, उपवास और प्रार्थना की, और परमेश्वर आग्रह किया कि वहाँ की उस दुर्दशा के लिए कोई समाधान दे (पद 4)। उसकी प्रार्थना के उत्तर में परमेश्वर ने नहेम्याह को इस योग्य किया कि वह यरुशलेम को लौट सके और उसके पुनःनिर्माण के कार्यों का नेतृत्व करे (नहेम्याह 2:1-8)। नहेम्याह अपने लोगों के लिए महान कार्य कर सका, क्योंकि उसने परमेश्वर से महान बातें माँगीं, और परमेश्वर पर उन बातों को करने के लिए भरोसा भी किया।

   प्रार्थना करें कि परमेश्वर आपकी आँखें भी आप के आस-पास के लोगों की आवश्यकताओं के लिए खोले और आपको ऐसा हृदय दे जिससे आप परमेश्वर के सामर्थ्य और सहायता से एक उत्साही तथा रचनात्मक समस्या-निवारक बन सकें, जो दूसरों के लिए आशीष का कारण हो। - पोह फैंग चिया


जो परमेश्वर के साथ चलते हैं वे औरों की आवश्यकताओं से भागेंगे नहीं।

तब राजा उन्हें उत्तर देगा; मैं तुम से सच कहता हूं, कि तुम ने जो मेरे इन छोटे से छोटे भाइयों में से किसी एक के साथ किया, वह मेरे ही साथ किया। - मत्ती 25:40

बाइबल पाठ: नहेम्याह 1:1-11
Nehemiah 1:1 हकल्याह के पुत्र नहेमायाह के वचन। बीसवें वर्ष के किसलवे नाम महीने में, जब मैं शूशन नाम राजगढ़ में रहता था, 
Nehemiah 1:2 तब हनानी नाम मेरा एक भाई और यहूदा से आए हुए कई एक पुरुष आए; तब मैं ने उन से उन बचे हुए यहूदियों के विषय जो बन्धुआई से छूट गए थे, और यरूशलेम के विष्य में पूछा। 
Nehemiah 1:3 उन्होंने मुझ से कहा, जो बचे हुए लोग बन्धुआई से छूटकर उस प्रान्त में रहते हैं, वे बड़ी दुर्दशा में पड़े हैं, और उनकी निन्दा होती है; क्योंकि यरूशलेम की शहरपनाह टूटी हुई, और उसके फाटक जले हुए हैं। 
Nehemiah 1:4 ये बातें सुनते ही मैं बैठकर रोने लगा और कितने दिन तक विलाप करता; और स्वर्ग के परमेश्वर के सम्मुख उपवास करता और यह कह कर प्रार्थना करता रहा। 
Nehemiah 1:5 हे स्वर्ग के परमेश्वर यहोवा, हे महान और भययोग्य ईश्वर! तू जो अपने प्रेम रखने वाले और आज्ञा मानने वाले के विष्य अपनी वाचा पालता और उन पर करुणा करता है; 
Nehemiah 1:6 तू कान लगाए और आंखें खोले रह, कि जो प्रार्थना मैं तेरा दास इस समय तेरे दास इस्राएलियों के लिये दिन रात करता रहता हूँ, उसे तू सुन ले। मैं इस्राएलियों के पापों को जो हम लोगों ने तेरे विरुद्ध किए हैं, मान लेता हूँ। मैं और मेरे पिता के घराने दोनों ने पाप किया है। 
Nehemiah 1:7 हम ने तेरे साम्हने बहुत बुराई की है, और जो आज्ञाएं, विधियां और नियम तू ने अपने दास मूसा को दिए थे, उन को हम ने नहीं माना। 
Nehemiah 1:8 उस वचन की सुधि ले, जो तू ने अपने दास मूसा से कहा था, कि यदि तुम लोग विश्वासघात करो, तो मैं तुम को देश देश के लोगों में तितर बितर करूंगा। 
Nehemiah 1:9 परन्तु यदि तुम मेरी ओर फिरो, और मेरी आज्ञाएं मानो, और उन पर चलो, तो चाहे तुम में से निकाले हुए लोग आकाश की छोर में भी हों, तौभी मैं उन को वहां से इकट्ठा कर के उस स्थान में पहुंचाऊंगा, जिसे मैं ने अपने नाम के निवास के लिये चुन लिया है। 
Nehemiah 1:10 अब वे तेरे दास और तेरी प्रजा के लोग हैं जिन को तू ने अपनी बड़ी सामर्थ और बलवन्त हाथ के द्वारा छुड़ा लिया है। 
Nehemiah 1:11 हे प्रभु बिनती यह है, कि तू अपने दास की प्रार्थना पर, और अपने उन दासों की प्रार्थना पर, जो तेरे नाम का भय मानना चाहते हैं, कान लगा, और आज अपने दास का काम सफल कर, और उस पुरुष को उस पर दयालु कर। (मैं तो राजा का पियाऊ था।) 

एक साल में बाइबल: 
  • ज़कर्याह 9-12
  • प्रकाशितवाक्य 20


गुरुवार, 28 दिसंबर 2017

शरणस्थान


   वैंकूवर, ब्रिटिश कोलंबिया में बेघर लोगों के लिए रात बिताने के लिए शरणस्थानों का एक नया तरीका ईजाद किया गया है। एक स्थानीय सहायता संस्था, रेन सिटी हाउसिंग, ने विशेष बेंच बनाए हैं जिन्हें अस्थायी रैन-बसेरे के समान प्रयोग किया जा सकता है। उन बेंचों का पिछला टेक लगाने वाला भाग ऊपर खींच कर, हवा और बारिश से बचने के लिए, छत के समान किया जा सकता है। रात में इन स्थानों को आसानी से ढ़ूंढ़ा जा सकता है क्योंकि इन पर बड़े और अन्धकार में चमकने वाले अक्षरों में लिखा होता है: "यह रैन-बसेरा है"।

   शरणस्थान की आवश्यकता न केवल शारीरिक होती है, वरन आत्मिक भी होती है। हम मसीही विश्वासी जब भी किसी परेशानी में हों, हमें ध्यान करना चाहिए किए परमेश्वर हमारा सदा उपलब्ध शरणस्थान है। परमेश्वर के वचन बाइबल में राजा दाऊद ने अपने एक भजन में लिखा, "मूर्छा खाते समय मैं पृथ्वी की छोर से भी तुझे पुकारूंगा, जो चट्टान मेरे लिये ऊंची है, उस पर मुझ को ले चल" (भजन 61:2)। शत्रु शैतान की युक्तियों में हमारे फंसने की संभावना अधिक हो जाती है जब हम पर अत्याधिक भावनात्मक बोझ होता है; शैतान अपनी युक्तियों को भय, दोष भावना, और वासना या हवस की भावनाओं के द्वारा चलाता है। इन और ऐसी अन्य बुराईयों से बचने के लिए हमें सुरक्षा और स्थिरता का कोई स्त्रोत चाहिए होता है।

   जब हम परमेश्वर में शरण ले लेते हैं, तो परमेश्वर की सामर्थ्य और सदबुद्धि से हम शैतान के हमारे हृदयों और मनों को प्रभावित करने के प्रयासों को निषफल कर सकते हैं। दाऊद ने उसी भजन में आगे लिखा, "क्योंकि तू मेरा शरणस्थान है, और शत्रु से बचने के लिये ऊंचा गढ़ है। मैं तेरे तम्बू में युगानुयुग बना रहूंगा। मैं तेरे पंखों की ओट में शरण लिये रहुंगा" (पद 3-4)।

   हम जब भी किसी भी बात को लेकर अभिभूतित अनुभव करें, तो ध्यान करें कि प्रभु यीशु मसीह में होकर परमेश्वर की शान्ति और सुरक्षा हमारे साथ है, हमें सदा उपलब्ध है; प्रभु ने हमसे इसका वायदा किया है (यूहन्ना 16:33); वह हर बात, हर परिस्थिति में हमारा शरण्स्थान है। - जेनिफर बेन्सन शुल्ट


परमेश्वर सदैव ही हमारा शरणस्थान है।

मैं ने ये बातें तुम से इसलिये कही हैं, कि तुम्हें मुझ में शान्‍ति मिले; संसार में तुम्हें क्‍लेश होता है, परन्तु ढाढ़स बांधो, मैं ने संसार को जीत लिया है। - यूहन्ना 16:33

बाइबल पाठ: भजन 61
Psalms 61:1 हे परमेश्वर, मेरा चिल्लाना सुन, मेरी प्रार्थना की ओर घ्यान दे। 
Psalms 61:2 मूर्छा खाते समय मैं पृथ्वी की छोर से भी तुझे पुकारूंगा, जो चट्टान मेरे लिये ऊंची है, उस पर मुझ को ले चल; 
Psalms 61:3 क्योंकि तू मेरा शरणस्थान है, और शत्रु से बचने के लिये ऊंचा गढ़ है।
Psalms 61:4 मैं तेरे तम्बू में युगानुयुग बना रहूंगा। मैं तेरे पंखों की ओट में शरण लिये रहुंगा 
Psalms 61:5 क्योंकि हे परमेश्वर, तू ने मेरी मन्नतें सुनीं, जो तेरे नाम के डरवैये हैं, उनका सा भाग तू ने मुझे दिया है।
Psalms 61:6 तू राजा की आयु को बहुत बढ़ाएगा; उसके वर्ष पीढ़ी पीढ़ी के बराबर होंगे। 
Psalms 61:7 वह परमेश्वर के सम्मुख सदा बना रहेगा; तू अपनी करूणा और सच्चाई को उसकी रक्षा के लिये ठहरा रख। 
Psalms 61:8 और मैं सर्वदा तेरे नाम का भजन गा गाकर अपनी मन्नतें हर दिन पूरी किया करूंगा।

एक साल में बाइबल: 
  • ज़कर्याह 5-8
  • प्रकाशितवाक्य 19


बुधवार, 27 दिसंबर 2017

हिम


   मिशिगन प्रांत के हमारे क्षेत्र में एक लंबी और बहुत ठण्डी शरद-ऋतु के दौरान मौसम को लेकर लोगों के मिली-जुली प्रतिक्रिया उभरने लगी थी। हिमपात के साथ ठण्डा मौसम मार्च महीने तक खिंच चुका था, और अधिकांश लोगों का हिम के प्रति प्रेम भी ठण्डा पड़ चुका था; वे अब मौसम विभाग द्वारा लंबे समय तक चलने वाले ठण्डे तापमान की भविष्यवाणियों से उक्ता चुके थे।

   परन्तु हिम की वह अद्भुत सुन्दरता फिर भी मेरे लिए अचरज का कारण बनी हुई थी। मैं सड़क से अपने घर के अन्दर तक आने वाले मार्ग पर जमी हुई बर्फ को बेलचे भर-भर के उठा कर मार्ग के दोनों ओर मेरे सिर से ऊँचे बर्फ के ढेरों पर फेंकता हुए भी उस श्वेत वस्तु से मोहित रहता था। एक दिन मैं और मेरी पत्नि हिम से ढ़ंके उस इलाके में टहलने के लिए निकले, तभी हलकी सी बर्फबारी होने लगी। पुरानी पड़ी बर्फ पर हिम के नए चमकीले कण ऐसे दिख रहे थे मानों किसी ने हीरों की धूल बनाकर वहाँ बिखेर दी हो।

   परमेश्वर के वचन बाइबल में भी हिम का विभिन्न संदर्भों में उल्लेख हुआ है। परमेश्वर ने उसे अपनी सृजन करने की महान सामर्थ्य के प्रतीक के रूप में प्रस्तुत किया है (अय्युब 37:6; 38:22-23)। पहाड़ों की चोटियों पर जमी हुई बर्फ से नीचे की सूखी घाटियों तक पानी पहुँचता है। परन्तु सबसे महत्वपूर्ण वह चित्रण है जहाँ परमेश्वर उसे हमें मिलने वाली क्षमा और निर्मलता का सूचक बताता है। प्रभु यीशु मसीह के सुसमाचार पर लाए गए विश्वास द्वारा हमारे पापों के धोए जाने और हमारे हृदयों के "हिम से भी अधिक श्वेत" किए जाने की बात बाइबल बताती है (भजन 51:7; यशायाह 1:18)।

   अगली बार जब आप हिम को देखें, चाहे किसी फोटो में अथवा वास्तविक जीवन में, तो प्रभु यीशु पर विश्वास द्वारा परमेश्वर से मिलने वाली पापों की क्षमा और हृदय की मलिनता के धोए जाने के प्रावधान के लिए प्रभु परमेश्वर का धन्यवाद कीजिए। हिम वह सुन्दर प्राकृतिक उपहार है जो प्रभु यीशु में लाए गए विश्वास से मिलने वाली निर्मलता का प्रतीक है। - डेव ब्रैनन


जब मसीह यीशु में हमें पापों से क्षमा प्राप्त होती है 
तो हमारे हृदय ताज़े हिमपात के समान स्वच्छ और श्वेत हो जाते हैं।

जूफा से मुझे शुद्ध कर, तो मैं पवित्र हो जाऊंगा; मुझे धो, और मैं हिम से भी अधिक श्वेत बनूंगा। - भजन 51:7

बाइबल पाठ: यशायाह 1:16-20
Isaiah 1:16 अपने को धोकर पवित्र करो: मेरी आंखों के साम्हने से अपने बुरे कामों को दूर करो; भविष्य में बुराई करना छोड़ दो, 
Isaiah 1:17 भलाई करना सीखो; यत्न से न्याय करो, उपद्रवी को सुधारो; अनाथ का न्याय चुकाओ, विधवा का मुकद्दमा लड़ो।
Isaiah 1:18 यहोवा कहता है, आओ, हम आपस में वादविवाद करें: तुम्हारे पाप चाहे लाल रंग के हों, तौभी वे हिम के समान उजले हो जाएंगे; और चाहे अर्गवानी रंग के हों, तौभी वे ऊन के समान श्वेत हो जाएंगे। 
Isaiah 1:19 यदि तुम आज्ञाकारी हो कर मेरी मानो, 
Isaiah 1:20 तो इस देश के उत्तम से उत्तम पदार्थ खाओगे; और यदि तुम ना मानो और बलवा करो, तो तलवार से मारे जाओगे; यहोवा का यही वचन है।

एक साल में बाइबल: 
  • ज़कर्याह 1-4
  • प्रकाशितवाक्य 18


मंगलवार, 26 दिसंबर 2017

बलिदान


   ओ. हेनरी की लिखी सुप्रसिद्ध कहानी The Gift of the Magi एक दंपति जिम और डैला, और उनके एक दूसरे के प्रति प्रगाढ़ प्रेम पर आधारित है। वे दोनों आर्थिक संघर्ष से जूझ रहे हैं, और क्रिसमस के निकट आने पर एक दूसरे को अच्छे उपहार भी देना चाहते हैं, किंतु उसके लिए उनके पास पैसे नहीं हैं। जिम के पास एक बहुमूल्य सोने की घड़ी है, परन्तु उसे पहनने के लिए वह उसके उपयुक्त चेन नहीं ले पाता है; डैला के बाल बहुत सुन्दर और लंबे हैं और जिम उसे उन्हें संवारने के लिए डैला को कीमती कंघियों का एक सेट देना चाहता है। एक दूसरे को उपहार देने के लिए, एक दूसरे को बताए बिना, जिम अपनी घड़ी को बेच देता है और डैला अपने लंबे सुन्दर बाल कटवा कर उन्हें बेच देती है। जिम कंघियों का सेट लेकर डैला के पास आता है, किंतु डैला के पास अब बाल नहीं हैं; डैला घड़ी के लिए चेन लेकर आती है, किंतु जिम के पास अब घड़ी नहीं है।

   जैसा होना चाहिए था, यह कहानी बहुत लोकप्रीय हुई, क्योंकि यह पाठकों को स्मरण करवाती है कि सच्चे प्रेम का आधार बलिदान है, और बलिदान ही प्रेम का वास्तविक माप भी है। यह विचार क्रिसमस के लिए भी सर्वथा उपयुक्त है, क्योंकि प्रभु यीशु के जन्म की कहानी के हृदय की धड़कन भी बलिदान ही है। प्रभु यीशु ने हम मनुष्यों के उद्धार का मार्ग बना कर देने के लिए बलिदान होने के लिए ही जन्म लिया था। इसीलिए स्वर्गदूत ने उनके सांसारिक पिता, यूसुफ से कहा था, "वह पुत्र जनेगी और तू उसका नाम यीशु रखना; क्योंकि वह अपने लोगों का उन के पापों से उद्धार करेगा" (मत्ती 1:21)।

   प्रभु यीशु के जन्म से बहुत पहले, उनके विषय में यह भविष्यवाणी की गई थी कि वह हमें हमारी पाप में गिरी हुई दशा में से हमें निकालेगा और उठाएगा। इसका अर्थ है कि प्रभु के जन्म और उनके जन्म-स्थल, उस चरनी को, हम उनकी मृत्यु और उनके बलिदान-स्थल उस क्रूस के संदर्भ में ही समझ सकते हैं। क्रिसमस पूर्णतः मसीह यीशु के प्रेम के बारे में है, जिसका सबसे स्पष्ट प्रकटिकरण क्रूस पर उनके द्वारा दिया गया बलिदान है। - बिल क्राउडर

मसीहीयत का आधारभूत तथ्य यह है कि परमेश्वर ने समस्त मनुष्य-जाति को
 अपने पुत्र का बलिदान दिए जाने के योग्य समझा। - विलिय्म बार्कले

उसी इच्छा से हम यीशु मसीह की देह के एक ही बार बलिदान चढ़ाए जाने के द्वारा पवित्र किए गए हैं। - इब्रानियों 10:10

बाइबल पाठ: गलतियों 4:1-7
Galatians 4:1 मैं यह कहता हूं, कि वारिस जब तक बालक है, यद्यपि सब वस्‍तुओं का स्‍वामी है, तौभी उस में और दास में कुछ भेद नहीं। 
Galatians 4:2 परन्तु पिता के ठहराए हुए समय तक रक्षकों और भण्‍डारियों के वश में रहता है। 
Galatians 4:3 वैसे ही हम भी, जब बालक थे, तो संसार की आदि शिक्षा के वश में हो कर दास बने हुए थे। 
Galatians 4:4 परन्तु जब समय पूरा हुआ, तो परमेश्वर ने अपने पुत्र को भेजा, जो स्त्री से जन्मा, और व्यवस्था के आधीन उत्पन्न हुआ। 
Galatians 4:5 ताकि व्यवस्था के आधीनों को मोल ले कर छुड़ा ले, और हम को लेपालक होने का पद मिले। 
Galatians 4:6 और तुम जो पुत्र हो, इसलिये परमेश्वर ने अपने पुत्र के आत्मा को, जो हे अब्‍बा, हे पिता कह कर पुकारता है, हमारे हृदय में भेजा है। 
Galatians 4:7 इसलिये तू अब दास नहीं, परन्तु पुत्र है; और जब पुत्र हुआ, तो परमेश्वर के द्वारा वारिस भी हुआ।

एक साल में बाइबल: 

  • हग्गै 1-2
  • प्रकाशितवाक्य 17