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मंगलवार, 28 अप्रैल 2020

प्रशिक्षण



     जब मेरे बेटे के अध्यापक ने मुझ से निवेदन किया की मैं उनके विज्ञान शिविर में एक सहायिका बनूँ, तो मुझे संकोच हुआ। परमेश्वर ने मुझे अपने बेटे से प्रेम करने और उसकी अच्छी परवरिश करने में मेरी सहायता की थी, परन्तु मुझे अकसर संदेह रहता था कि औरों की सेवा करने के लिए वह मुझे कैसे उपयोग कर सकेगा? मैं किसी के लिए सहायक या आदर्श कैसे हो सकती थी जब मेरा अतीत गलतियों से भरा पड़ा था, और मैं आज भी गलत आदतों के साथ संघर्ष करती हूँ, और कभी-कभी लड़खड़ा कर उन में फिर से गिर भी जाती हूँ?

      मैं आज भी कभी-कभी यह ध्यान नहीं रखने पाती हूँ कि परमेश्वर – जो एकमात्र सिद्ध है, केवल वही एक है जो हृदयों और जीवनों को बदला सकता है – हमें समय के साथ-साथ बदलता भी चला जाता है। फिर पवित्र आत्मा मुझे स्मरण करवाता है कि कैसे पौलुस ने तीमुथियुस को प्रोत्साहित किया कि वह अपने दायित्वों का निर्वाह करते हुए प्रशिक्षित होता चला जाए, विश्वास में स्थिर बना रहे, और परमेश्वर ने जो वरदान उसे दिए हैं, उनका उपयोग करे (2 तीमुथियुस 1:6)। तीमुथियुस साहस रख सकता था क्योंकि, उसके बल का स्त्रोत, परमेश्वर उसकी सहायता करेगा कि, जो लोग उसकी सेवा के क्षेत्र में होंगे उनकी सेवा करते हुए वह प्रेम रखे और अनुशासित रहे; इससे स्वयं उसकी भी बढ़ोतरी होती रहेगी, तथा वह और अधिक परिपक्व होता जाएगा (पद 7)।

     प्रभु यीशु हमें उद्धार देता है और हमें बलवंत करता है कि हम अपने जीवनों के द्वारा उसका आदर करें; इसलिए नहीं क्योंकि हम में कुछ विशेष योग्यताएं हैं, परन्तु इसलिए क्योंकि हम सभी उसके परिवार के बहुमूल्य सदस्य है (पद 9)।

     हम इस दायित्व का विश्वासयोग्यता से निर्वाह कर सकते हैं यदि हमें यह ध्यान रहे कि हमारा कार्य केवल परमेश्वर तथा औरों से प्रेम रखना है। मसीह का काम है कि हमें उद्धार, और हमें अपना वह उद्देश्य भी दे, जो संसार के प्रति हमारे सीमित दृष्टिकोण की सीमाओं से भी बाहर है। हम जब दैनिक जीवन में मसीह यीशु का अनुसरण करते रहते हैं, तब वह हमें सक्षम और परिवर्तित करता जाता है, औरों को प्रोत्साहित करने के लिए हमें प्रयोग करता है, और हम उसके प्रेम तथा सत्य को औरों तक पहुंचाने के लिए प्रशिक्षित होते चले जाते हैं। - होकिटिल डिक्सन

हमारी सामर्थ्य के स्त्रोत के साथ हमारा व्यक्तिगत संबंध, 
हमें विश्वासयोग्यता से अपने दायित्व निभाने के लिए सक्षम करता है।

इन बातों की आज्ञा कर, और सिखाता रह। कोई तेरी जवानी को तुच्‍छ न समझने पाए; पर वचन, और चाल चलन, और प्रेम, और विश्वास, और पवित्रता में विश्वासियों के लिये आदर्श बन जा। - 1 तीमुथियुस 4:11-12

बाइबल पाठ:  2 तीमुथियुस 1:6-14
2 तीमुथियुस 1:6 इसी कारण मैं तुझे सुधि दिलाता हूं, कि तू परमेश्वर के उस वरदान को जो मेरे हाथ रखने के द्वारा तुझे मिला है चमका दे।
2 तीमुथियुस 1:7 क्योंकि परमेश्वर ने हमें भय की नहीं पर सामर्थ्य, और प्रेम, और संयम की आत्मा दी है।
2 तीमुथियुस 1:8 इसलिये हमारे प्रभु की गवाही से, और मुझ से जो उसका कैदी हूं, लज्ज़ित न हो, पर उस परमेश्वर की सामर्थ्य के अनुसार सुसमाचार के लिये मेरे साथ दुख उठा।
2 तीमुथियुस 1:9 जिसने हमारा उद्धार किया, और पवित्र बुलाहट से बुलाया, और यह हमारे कामों के अनुसार नहीं; पर अपनी मनसा और उस अनुग्रह के अनुसार है जो मसीह यीशु में सनातन से हम पर हुआ है।
2 तीमुथियुस 1:10 पर अब हमारे उद्धारकर्ता मसीह यीशु के प्रगट होने के द्वारा प्रकाश हुआ, जिसने मृत्यु का नाश किया, और जीवन और अमरता को उस सुसमाचार के द्वारा प्रकाशमान कर दिया।
2 तीमुथियुस 1:11 जिस के लिये मैं प्रचारक, और प्रेरित, और उपदेशक भी ठहरा।
2 तीमुथियुस 1:12 इस कारण मैं इन दुखों को भी उठाता हूं, पर लजाता नहीं, क्योंकि मैं उसे जिस की मैं ने प्रतीति की है, जानता हूं; और मुझे निश्‍चय है, कि वह मेरी थाती की उस दिन तक रखवाली कर सकता है।
2 तीमुथियुस 1:13 जो खरी बातें तू ने मुझ से सुनी हैं उन को उस विश्वास और प्रेम के साथ जो मसीह यीशु में है, अपना आदर्श बनाकर रख।
2 तीमुथियुस 1:14 और पवित्र आत्मा के द्वारा जो हम में बसा हुआ है, इस अच्छी थाती की रखवाली कर।

एक साल में बाइबल: 
  • 1 राजाओं 3-5
  • लूका 20:1-26



सोमवार, 27 अप्रैल 2020

बुद्धि



     विख्यात ब्रिटिश पत्रकार और सामाजिक आलोचक, मैल्कम मग्रिज, साठ वर्ष की आयु में मसीही विश्वास में आए। अपने पचहत्तरवें जन्म दिन पर उन्होंने अपने अनुभवों के आधार पर जीवन से सम्बंधित पच्चीस व्यावाहारिक बातें बताईं। उनमें से एक थी, “मैं आज तक किसी ऐसे धनी व्यक्ति से नहीं मिला हूँ जो सुखी था, परन्तु शायद ही कभी किसी ऐसे निर्धन व्यक्ति से मिला होऊंगा जो धनी होना नहीं चाहता हो।” हम में से अधिकाँश इस बात से सहमत होंगे कि धन हमें खुशी नहीं दे सकता है, परन्तु फिर भी हम में से अधिकाँश और अधिक धन रखना चाहेंगे जिससे निश्चिन्त रह सकें।

     परमेश्वर के वचन बाइबल में संसार के सबसे धनी और सबसे बुद्धिमान व्यक्ति, राजा सुलैमान, के जीवन का विवरण दिया गया है। उस विवरण के आधार पर, सुलैमान की संपत्ति दो ट्रिलियन अमेरिकी डॉलर से भी अधिक मूल्य की आंकी गई है। यद्यपि वह बहुत धनी था, परन्तु उसे यह भी ज्ञात था कि धन की बहुत सीमाएं भी होती हैं। उसके द्वारा लिखे गए नीतिवचनों के संकलन में नीतिवचन की पुस्तक का अध्याय 8 इस विषय पर उसके अनुभव पर आधारित है। सुलैमान बुद्धि द्वारा, एक व्यक्ति के रूप में, कही जा रही बातों को लिखता है : “हे मनुष्यों, मैं तुम को पुकारती हूं, और मेरी बात सब आदमियों के लिये है...क्योंकि मुझ से सच्चाई की बातों का वर्णन होगा; दुष्टता की बातों से मुझ को घृणा आती है” (पद 4-7); “चान्दी नहीं, मेरी शिक्षा ही को लो, और उत्तम कुन्दन से बढ़ कर ज्ञान को ग्रहण करो। क्योंकि बुद्धि, मूंगे से भी अच्छी है, और सारी मनभावनी वस्तुओं में कोई भी उसके तुल्य नहीं है” (पद 10-11)।

     बुद्धि कहती है, “मेरा फल चोखे सोने से, वरन कुन्दन से भी उत्तम है, और मेरी उपज उत्तम चान्दी से अच्छी है। मैं धर्म की बाट में, और न्याय की डगरों के बीच में चलती हूं, जिस से मैं अपने प्रेमियों को परमार्थ के भागी करूं, और उनके भण्डारों को भर दूं” (पद 19-21)।
     यही बुद्धि वास्तविक धन है। - डेविड सी. मेक्कैसलैंड

जितने उस के खोजी होकर उस का अनुसरण करते हैं, 
परमेश्वर उन सभी को बुद्धि का सच्चा धन प्रदान करता है।

यहोवा का भय मानना बुद्धि का आरम्भ है, और परमपवित्र ईश्वर को जानना ही समझ है। - नीतिवचन 9:10

बाइबल पाठ: नीतिवचन 8:10-21
नीतिवचन 8:10 चान्दी नहीं, मेरी शिक्षा ही को लो, और उत्तम कुन्दन से बढ़ कर ज्ञान को ग्रहण करो।
नीतिवचन 8:11 क्योंकि बुद्धि, मूंगे से भी अच्छी है, और सारी मनभावनी वस्तुओं में कोई भी उसके तुल्य नहीं है।
नीतिवचन 8:12 मैं जो बुद्धि हूं, सो चतुराई में वास करती हूं, और ज्ञान और विवेक को प्राप्त करती हूं।
नीतिवचन 8:13 यहोवा का भय मानना बुराई से बैर रखना है। घमण्ड, अंहकार, और बुरी चाल से, और उलट फेर की बात से भी मैं बैर रखती हूं।
नीतिवचन 8:14 उत्तम युक्ति, और खरी बुद्धि मेरी ही है, मैं तो समझ हूं, और पराक्रम भी मेरा है।
नीतिवचन 8:15 मेरे ही द्वारा राजा राज्य करते हैं, और अधिकारी धर्म से विचार करते हैं;
नीतिवचन 8:16 मेरे ही द्वारा राजा हाकिम और रईस, और पृथ्वी के सब न्यायी शासन करते हैं।
नीतिवचन 8:17 जो मुझ से प्रेम रखते हैं, उन से मैं भी प्रेम रखती हूं, और जो मुझ को यत्न से तड़के उठ कर खोजते हैं, वे मुझे पाते हैं।
नीतिवचन 8:18 धन और प्रतिष्ठा मेरे पास है, वरन ठहरने वाला धन और धर्म भी हैं।
नीतिवचन 8:19 मेरा फल चोखे सोने से, वरन कुन्दन से भी उत्तम है, और मेरी उपज उत्तम चान्दी से अच्छी है।
नीतिवचन 8:20 मैं धर्म की बाट में, और न्याय की डगरों के बीच में चलती हूं,
नीतिवचन 8:21 जिस से मैं अपने प्रेमियों को परमार्थ के भागी करूं, और उनके भण्डारों को भर दूं।

एक साल में बाइबल: 
  • 1 राजाओं 1-2
  • लूका 19:28-48



रविवार, 26 अप्रैल 2020

परिस्थिति



     आह-पी जब अपने दिन का आरंभ करती है, तब बाहर बिलकुल अँधेरा होता है। कुछ समय बाद उसके गांवे के अन्य लोग भी उठना आरंभ करते हैं, और रब्बर के वृक्षों पर काम करने के लिए निकलते हैं। चीन के उस गाँव, हौंगझुऔंग के लोगों की आमदनी का एक प्रमुख स्त्रोत है रब्बर के पेड़ों से उसका दूध एकत्रित करना। अधिक से अधिक मात्रा में उस दूध को एकत्रित करने के लिए, पेड़ों पर तड़के प्रातः, सूर्योदय से पहले ही काम आरंभ करना होता है। आह-पी भी उन रब्बर के पेड़ों पर काम करने वालों के साथ काम के लिए जाएगी, लेकिन इस सब से पहले उसे परमेश्वर के साथ समय बिताना है।

     आह-पी का पति, उसके पिता, और उसका एकलौता बेटा, सभी का देहांत हो चुका है। अब आह-पी, अपनी बहु के साथ अपनी वृद्ध माँ और दो छोटे पोतों के पालन के लिए परिश्रम करती है। उसकी कहानी मुझे परमेश्वर के वचन बाइबल में एक अन्य विधवा, जिसने भी अपनी परिस्थितियों में परमेश्वर पर भरोसा रखा, की कहानी का स्मरण दिलाती है।

     उस स्त्री के पति के देहांत के बाद, उसके पति के लिए ॠण को चुकाने का बोझ उसकी विधवा पर आ गया (2 राजा 4:1)। अपनी इस विकट स्थिति में उसने परमेश्वर से उसके सेवक एलीशा के द्वारा सहायता माँगी। उसका विश्वास था कि परमेश्वर को उसकी चिंता है और वह उसकी परिस्थिति के लिए कुछ करेगा। और परमेश्वर ने किया; उसने उस विधवा की आवश्यकताओं की पूर्ति के लिए आश्चर्यजनक रीति से प्रावधान किया (पद 5-6)।

     इसी परमेश्वर ने आह-पी के लिए भी प्रावधान किया, यद्यपि वह उतना नाटकीय नहीं था। आह-पी के लिए परमेश्वर के लोगों की भेंटों, आह-पी के लिए जीविका कमाते रहने के लिए कार्य की उपलब्धता और परिश्रम करने की क्षमता प्रदान करने के द्वारा।

     यद्यपि जीवन हम पर कई प्रकार की परिस्थितियाँ ला सकता है, किन्तु हम हर परिस्थिति का सामना करने के लिए परमेश्वर से सामर्थ्य पा सकते हैं। हम उस पर अपनी चिंताएं छोड़ सकते हैं, जो हम से संभव हो सकता है, वह कार्य करते रह सकते हैं, और जो वह हमारी परिस्थिति के लिए कर सकता है, उसे वह करने का अवसर दे सकते हैं। - पोह फैंग चिया

हमारी परिस्थिति हमारी क्षमता के बाहर हो सकती है,
 किन्तु परमेश्वर की क्षमता और प्रावधानों के बाहर कभी नहीं।

इसलिये तुम चिन्‍ता कर के यह न कहना, कि हम क्या खाएंगे, या क्या पीएंगे, या क्या पहिनेंगे? क्योंकि अन्यजाति इन सब वस्‍तुओं की खोज में रहते हैं, और तुम्हारा स्‍वर्गीय पिता जानता है, कि तुम्हें ये सब वस्तुएं चाहिए। इसलिये पहिले तुम उसे राज्य और धर्म की खोज करो तो ये सब वस्तुएं भी तुम्हें मिल जाएंगी। - मत्ती 6:31-33

बाइबल पाठ: 2 राजा 4:1-7
2 राजा 4:1 भविष्यद्वक्ताओं के चेलों की पत्नियों में से एक स्त्री ने एलीशा की दोहाई देकर कहा, तेरा दास मेरा पति मर गया, और तू जानता है कि वह यहोवा का भय माननेवाला था, और जिसका वह कर्जदार था वह आया है कि मेरे दोनों पुत्रों को अपने दास बनाने के लिये ले जाए।
2 राजा 4:2 एलीशा ने उस से पूछा, मैं तेरे लिये क्या करूं? मुझ से कह, कि तेरे घर में क्या है? उसने कहा, तेरी दासी के घर में एक हांड़ी तेल को छोड़ और कुछ तहीं है।
2 राजा 4:3 उसने कहा, तू बाहर जा कर अपनी सब पड़ोसियों खाली बरतन मांग ले आ, और थोड़े बरतन न लाना।
2 राजा 4:4 फिर तू अपने बेटों समेत अपने घर में जा, और द्वार बन्द कर के उन सब बरतनों में तेल उण्डेल देना, और जो भर जाए उन्हें अलग रखना।
2 राजा 4:5 तब वह उसके पास से चली गई, और अपने बेटों समेत अपने घर जा कर द्वार बन्द किया; तब वे तो उसके पास बरतन लाते गए और वह उण्डेलती गई।
2 राजा 4:6 जब बरतन भर गए, तब उसने अपने बेटे से कहा, मेरे पास एक और भी ले आ, उसने उस से कहा, और बरतन तो नहीं रहा। तब तेल थम गया।
2 राजा 4:7 तब उसने जा कर परमेश्वर के भक्त को यह बता दिया। ओर उसने कहा, जा तेल बेच कर ऋण भर दे; और जो रह जाए, उस से तू अपने पुत्रों सहित अपना निर्वाह करना।

एक साल में बाइबल: 
  • 2 शमुएल 23-24
  • लूका 19:1-27



शनिवार, 25 अप्रैल 2020

भूल जाना



     कैलिफोर्निया के कार्ल्सबाद क्षेत्र की आपातकालीन सेवा एक वृद्ध महिला की सहायता के लिए आगे आई। वह महिला ऑस्ट्रेल्यियाई लहजे में बात कर रही थी, किन्तु उसे अपने बारे में कुछ भी स्मरण नहीं आ रहा था। क्योंकि उसे भूल जाने की बीमारी थी, और उसके पास कोई भी पहचान पत्र नहीं था, इसलिए वह अपना नाम या पता बता पाने में असक्षम थी। डॉक्टरों ने उसकी चिकित्सीय सहायता की और अन्तराष्ट्रीय मीडिया की सहायता से उसके परिवार जनों को खोजा जा सका, और उसे वापस उसके परिवार जनों के साथ मिलाया जा सका।

     परमेश्वर के वचन बाइबल में बेबीलोन का राजा नबूकदनेस्सर भी भूल बैठा था की वह कौन है और कहाँ से आया है। लेकिन उसका यह भूलना आत्मिक बीमारी थी। उसे जो साम्राज्य प्रदान किया गया था, उसके वैभव का सारा श्रेय स्वयं ही लेने में वह भूल गया कि परमेश्वर ही राजाओं का राजा है, और जो कुछ भी उसके पास है वह सबब उसे परमेश्वर द्वारा ही दिया गया है (दानिय्येल 4:17, 28-30)।

     उसके घमंड को देखते हुए, परमेश्वर ने नबूकदनेस्सर की मानसिक स्थिति को नाटकीय बना दिया, और उसे जानवरों के समान खेतों में रहने और घास चरने वाला कर दिया (पद 32-33)। अंततः सात वर्षों के बाद नबूकदनेस्सर ने जब अपनी आँखें स्वर्ग के परमेश्वर की ओर उठाईं तब उसकी स्मृति लौट आई और उसकी बुद्धि ठीक हो गई, उसका राज्य उसे मिल गया, और उसने घोषणा की, “अब मैं नबूकदनेस्सर स्वर्ग के राजा को सराहता हूं, और उसकी स्तुति और महिमा करता हूं” (पद 37)।

     आज हमारा क्या हाल है? हम अपने बारे में क्या सोचते हैं, कि हम कौन हैं; हम कहाँ से आए हैं? क्योंकि हम अकसर अपनी वास्तविकता के बारे में भूल जाते हैं, और ऐसे में अपने मार्गों से भटक सकते हैं, किन्तु ऐसे में भी हम परमेश्वर पर भरोसा रख सकते हैं कि वह हमें कभी नहीं भूलेगा, हमारा ध्यान रखेगा, और हमें फिर से बहाल करेगा। - मार्ट डीहान

जब हम अपने बारे में भूल जाते हैं, 
तब भी हमारा परमेश्वर पिता हमारी देखभाल करता है।

जब मैं बिछौने पर पड़ा तेरा स्मरण करूंगा, तब रात के एक एक पहर में तुझ पर ध्यान करूंगा; - भजन 63:6

बाइबल पाठ: दानिय्येल 4:28-37
दानिय्येल 4:28 यह सब कुछ नबूकदनेस्सर राजा पर घट गया।
दानिय्येल 4:29 बारह महीने बीतने पर जब वह बाबुल के राजभवन की छत पर टहल रहा था, तब वह कहने लगा,
दानिय्येल 4:30 क्या यह बड़ा बाबुल नहीं है, जिसे मैं ही ने अपने बल और सामर्थ से राजनिवास होने को और अपने प्रताप की बड़ाई के लिये बसाया है?
दानिय्येल 4:31 यह वचन राजा के मुंह से निकलने भी न पाया था कि आकाशवाणी हुई, हे राजा नबूकदनेस्सर तेरे विषय में यह आज्ञा निकलती है कि राज्य तेरे हाथ से निकल गया,
दानिय्येल 4:32 और तू मनुष्यों के बीच में से निकाला जाएगा, और मैदान के पशुओं के संग रहेगा; और बैलों के समान घास चरेगा और सात काल तुझ पर बीतेंगे, जब तक कि तू न जान ले कि परमप्रधान, मनुष्यों के राज्य में प्रभुता करता है और जिसे चाहे वह उसे दे देता है।
दानिय्येल 4:33 उसी घड़ी यह वचन नबूकदनेस्सर के विषय में पूरा हुआ। वह मनुष्यों में से निकाला गया, और बैलों के समान घास चरने लगा, और उसकी देह आकाश की ओस से भीगती थी, यहां तक कि उसके बाल उकाब पक्षियों के परों से और उसके नाखून चिडिय़ों के चंगुलों के समान बढ़ गए।
दानिय्येल 4:34 उन दिनों के बीतने पर, मुझ नबूकदनेस्सर ने अपनी आंखें स्वर्ग की ओर उठाईं, और मेरी बुद्धि फिर ज्यों की त्यों हो गई; तब मैं ने परमप्रधान को धन्य कहा, और जो सदा जीवित है उसकी स्तुति और महिमा यह कह कर करने लगा: उसकी प्रभुता सदा की है और उसका राज्य पीढ़ी से पीढ़ी तब बना रहने वाला है।
दानिय्येल 4:35 पृथ्वी के सब रहने वाले उसके साम्हने तुच्छ गिने जाते हैं, और वह स्वर्ग की सेना और पृथ्वी के रहने वालों के बीच अपनी इच्छा के अनुसार काम करता है; और कोई उसको रोक कर उस से नहीं कह सकता है, तू ने यह क्या किया है?
दानिय्येल 4:36 उसी समय, मेरी बुद्धि फिर ज्यों की त्यों हो गई; और मेरे राज्य की महिमा के लिये मेरा प्रताप और मुकुट मुझ पर फिर आ गया। और मेरे मन्त्री और प्रधान लोग मुझ से भेंट करने के लिये आने लगे, और मैं राज्य में स्थिर हो गया; और मेरी और अधिक प्रशंसा होने लगी।
दानिय्येल 4:37 अब मैं नबूकदनेस्सर स्वर्ग के राजा को सराहता हूं, और उसकी स्तुति और महिमा करता हूं क्योंकि उसके सब काम सच्चे, और उसके सब व्यवहार न्याय के हैं; और जो लोग घमण्ड से चलते हैं, उन्हें वह नीचा कर सकता है।

एक साल में बाइबल: 
  • 2 शमुएल 21-22
  • लूका 18:24-43



शुक्रवार, 24 अप्रैल 2020

प्रतीक्षा



     बच्चों की अनेकों पुस्तकों के लेखक, डॉक्टर सियुस का कहना है, “चाहे मछली के कांटे में फंसने की हो, या पतंग उड़ाने के लिए हवा के चलने की, या सप्ताहांत आरंभ होने के लिए शुक्रवार संध्या की, प्रतीक्षा सभी को रहती है।” हमारे जीवनों का बहुत बड़ा भाग प्रतीक्षा से संबंधित है, किन्तु परमेश्वर कभी उतावली में नहीं होता है। पुरानी कहावत है, “परमेश्वर का अपना समय और विलम्ब होता है।” इसलिए हम प्रतीक्षा में रहते हैं।

     प्रतीक्षा करना कठिन होता है; हम प्रतीक्षा में बैठे अपने अंगूठे मटकाते हैं, पैर हिलाते हैं, उबासियों को दबाते हैं, और अन्दर से उठ रही खिसियाहट को नियंत्रण में रखने के लिए लम्बी साँसें लेते हैं, कुछ शारीरिक गतिविधि करते रहते हैं। हमें कितनी ही बातों के लिए प्रतीक्षा करनी पड़ती है, जैसे कि, ‘इस अटपटे व्यक्ति के साथ...’, ‘इस उबाऊ काम को करने के लिए...’, ‘इस शर्मनाक व्यवहार के साथ...’, ‘इस स्वास्थ्य समस्या के साथ जिसका कोई उपाय नहीं है...’,मुझे ही क्यों रहना पड़ रहा है? परमेश्वर इनके बारे में कुछ करता क्यों नहीं है? और परमेश्वर का उत्तर होता है, “थोड़ी प्रतीक्षा करो और देखो कि मैं क्या कर के दिखाऊँगा!”

     प्रतीक्षा जीवन के सबसे अच्छे शिक्षकों में से एक है, क्योंकि इसी के द्वारा हम सही समय के महत्व को सीखते हैं, हम में होकर या हमारे लिए परमेश्वर द्वारा किए जा रहे कार्य के महत्त्व को जानना सीखते हैं। परमेश्वर का वचन बाइबल हमें बताती है कि प्रतीक्षा में होकर ही हम धीरज रखना, परमेश्वर की भलाई और प्रेम पर भरोसा रखना सीखने पाते हैं, चाहे बातें हमारी इच्छा के अनुसार या हमारे अनुरूप न भी जा रही हों (भजन 70:5)।

     किन्तु ऐसा नहीं है कि हम मसीही विश्वासियों के लिए प्रतीक्षा करना उदासीन होकर, दांत-पीस कर बैठे रहना हो। हम प्रभु के समय और अवसर की प्रतीक्षा करते हुए प्रभु में आनंदित रह सकते हैं, स्वयं उत्साहित तथा औरों को प्रोत्साहित कर सकते हैं, हमारे उज्जवल अनंत भविष्य की आशा के सुसमाचार को औरों तक पहुँचा सकते हैं, क्योंकि हम जानते और मानते हैं कि अपने समय में, अपने तरीके द्वारा, परमेश्वर हमें इन परिस्थितियों से छुड़ा लेगा। परमेश्वर चाहे कभी उतावली में न हो, वह कभी विलम्ब भी नहीं करता है। - डेविड एच. रोपर

हमारी प्रतीक्षा में भी परमेश्वर हमारे साथ है।

हर एक बात का एक अवसर और प्रत्येक काम का, जो आकाश के नीचे होता है, एक समय है। - सभोपदेशक 3:1

बाइबल पाठ: भजन 70
भजन संहिता 70:1 हे परमेश्वर मुझे छुड़ाने के लिये, हे यहोवा मेरी सहायता करने के लिये फुर्ती कर!
भजन संहिता 70:2 जो मेरे प्राण के खोजी हैं, उनकी आशा टूटे, और मुंह काला हो जाए! जो मेरी हानि से प्रसन्न होते हैं, वे पीछे हटाए और निरादर किए जाएं।
भजन संहिता 70:3 जो कहते हैं, आहा, आहा, वे अपनी लज्जा के मारे उलटे फेरे जाएं।
भजन संहिता 70:4 जितने तुझे ढूंढ़ते हैं, वे सब तेरे कारण हर्षित और आनन्दित हों! और जो तेरा उद्धार चाहते हैं, वे निरन्तर कहते रहें, कि परमेश्वर की बड़ाई हो।
भजन संहिता 70:5 मैं तो दीन और दरिद्र हूं; हे परमेश्वर मेरे लिये फुर्ती कर! तू मेरा सहायक और छुड़ाने वाला है; हे यहोवा विलम्ब न कर!

एक साल में बाइबल: 
  • 2 शमुएल 19-20
  • लूका 18:1-23



शांत



     क्या कुछ ऐसा है जो आपको रात को ठीक से सोने नहीं देता है? हाल ही में मैं ठीक से सो नहीं पा रही हूँ, बिस्तर पर इधर से उधर करवट बदलती रहती हूँ, और फिर मुझे चिंता होने लगती है कि मैं आने वाले दिन की समस्याओं का सामना करने के लिए पर्याप्त आराम नहीं करने पाऊँगी। क्या आप का भी यही अनुभव रहता है? किसी संबंध को लेकर चिंता, भविष्य की अनिश्चितता, या अन्य जो भी बात हो – हम सभी कभी न कभी चिंता करते ही हैं।

     परमेश्वर के वचन बाइबल में हम देखते हैं कि राजा दाऊद वास्तव में परेशानियों में था, जब उस ने भजन 4 लिखा था। लोग मिथ्या, आधारहीन आरोप लगा कर उसकी साख़ को ख़राब कर रहे थे (पद 2)। कुछ तो उस के राज करने की योग्यता पर प्रश्न चिह्न लगा रहे थे (पद 6)। संभवतः ऐसे अनुचित व्यवहार के कारण दाऊद क्रोधित भी हो रहा होगा। लेकिन फिर भी हम ये अद्भुत शब्द पढ़ते हैं: “मैं शान्ति से लेट जाऊंगा और सो जाऊंगा; क्योंकि, हे यहोवा, केवल तू ही मुझ को एकान्त में निश्चिन्त रहने देता है” (पद 8)।

     सुविख्यात मसीही प्रचारक चार्ल्स स्पर्जन ने पद 8 की बहुत सुन्दर व्याख्या की है; वे कहते हैं, “इस प्रकार से लेट जाने के द्वारा...[दाऊद] ने अपने आप को एक अन्य के हाथों में छोड़ दिया; उस ने ऐसा संपूर्णतः किया, क्योंकि वह फिर निश्चिन्त हो कर सो गया; उसे पूरा भरोसा था।” उसे यह भरोसा क्यों था? आरम्भ से ही दाऊद को विश्वास था कि परमेश्वर उस की प्रार्थनाएं सुनेगा और उन का उत्तर देगा (पद 3)। और वह निश्चित था कि क्योंकि परमेश्वर ने उस से प्रेम करना चुना है, इस लिए वह अपने प्रेम में होकर उस की प्रत्येक आवश्यकता को पूरा भी करेगा।

     जब भी हमें चिंताएँ सताएँ, परमेश्वर हमारी सहायता करे कि हम उसकी सामर्थ्य और उपस्थिति में शांत हो सकें। हम उस की सर्वशक्तिशाली और प्रेम भरी बाहों में शांत हो कर लेट जाएं और सो जाएं। - पोह फैंग चिया

हम पूर्णतः विश्वासयोग्य परमेश्वर में अपना पूरा भरोसा रख सकते हैं।

चुप हो जाओ, और जान लो, कि मैं ही परमेश्वर हूं। मैं जातियों में महान हूं, मैं पृथ्वी भर में महान हूं!  - भजन 46:10

बाइबल पाठ: भजन 4
भजन संहिता 4:1 हे मेरे धर्ममय परमेश्वर, जब मैं पुकारूं तब तू मुझे उत्तर दे; जब मैं सकेती में पड़ा तब तू ने मुझे विस्तार दिया। मुझ पर अनुग्रह कर और मेरी प्रार्थना सुन ले।
भजन संहिता 4:2 हे मनुष्यों के पुत्रों, कब तक मेरी महिमा के बदले अनादर होता रहेगा? तुम कब तक व्यर्थ बातों से प्रीति रखोगे और झूठी युक्ति की खोज में रहोगे?
भजन संहिता 4:3 यह जान रखो कि यहोवा ने भक्त को अपने लिये अलग कर रखा है; जब मैं यहोवा को पुकारूंगा तब वह सुन लेगा।
भजन संहिता 4:4 कांपते रहो और पाप मत करो; अपने अपने बिछौने पर मन ही मन सोचो और चुपचाप रहो।
भजन संहिता 4:5 धर्म के बलिदान चढ़ाओ, और यहोवा पर भरोसा रखो।
भजन संहिता 4:6 बहुत से हैं जो कहते हैं, कि कौन हम को कुछ भलाई दिखाएगा? हे यहोवा तू अपने मुख का प्रकाश हम पर चमका!
भजन संहिता 4:7 तू ने मेरे मन में उस से कहीं अधिक आनन्द भर दिया है, जो उन को अन्न और दाखमधु की बढ़ती से होता था।
भजन संहिता 4:8 मैं शान्ति से लेट जाऊंगा और सो जाऊंगा; क्योंकि, हे यहोवा, केवल तू ही मुझ को एकान्त में निश्चिन्त रहने देता है।

एक साल में बाइबल: 
  • 1 इतिहास 22-24
  • यूहन्ना 8:28-59



गुरुवार, 23 अप्रैल 2020

साहस



     अमेरिका के भूतपूर्व राष्ट्रपति जॉन ऍफ़. केनेडी की 1963 में की गई हत्या से संबंधित रहस्यों में से एक है “बाबुश्का महिला” का रहस्य। उसे मूवी कैमरा के साथ उस दिन की घटनाओं को रिकॉर्ड करते हुए, उस दिन ली गई तस्वीरों में देखा गया है, किन्तु न उसके बारे में कुछ पता चला और न वह कभी पकड़ में आई है। इस रहस्यमयी महिला को, जो एक ओवरकोट पहने और सिर पर स्कार्फ (जो रूसी बाबुश्का के समान दिखता है) पहने हुए है, दशकों की खोज के बावजूद न तो कभी देखा गया है और न ही उस के द्वारा रिकॉर्ड की गई फिल्म देखी जा सकी है। उस के बारे में इतिहासकार और विद्वान बस अनुमान ही लगाते हैं कि वह अपने भय के कारण नवम्बर की उस दुखद शाम की अपनी कहानी बताने नहीं पाई है।

     परन्तु परमेश्वर के वचन बाइबल में प्रभु यीशु के शिष्यों के छिप जाने के कारण को जानने के लिए किसी अनुमान की आवश्यकता नहीं है। वे उन अधिकारियों से भयभीत थे जिन्होंने उन के गुरु की हत्या कर दी थी (यूहन्ना 20:19), और सामने आ कर अपने अनुभव बताने से डरते थे। किन्तु फिर प्रभु यीशु मृतकों में से जी उठे। कुछ समय के पश्चात पवित्र आत्मा भी आ गया; और उस के बाद तो उन पहले के डरे और सहमे हुए मसीह के अनुयायियों को शांत नहीं रखा जा सका। पिन्तेकुस्त के दिन पवित्र आत्मा की सामर्थ्य से भरे हुए शमौन पतरस ने सब के सामने खुले आम घोषणा की, “सो अब इस्त्राएल का सारा घराना निश्‍चय जान ले कि परमेश्वर ने उसी यीशु को जिसे तुम ने क्रूस पर चढ़ाया, प्रभु भी ठहराया और मसीह भी” (प्रेरितों 2:36)।

     प्रभु यीशु मसीह के नाम में और उस के बारे में बोलने के लिए अवसर केवल उन तक ही सीमित नहीं हैं जो दुसाहसी व्यक्तित्व अथवा सेवकाई के कार्य के लिए प्रशिक्षित होते हैं। यह तो हमारे अंदर बसा हुआ पवित्र आत्मा है जो हमें प्रभु यीशु के सुसमाचार को सुनाने के लिए सक्षम करता है। उस की सामर्थ्य से हम अपने उद्धारकर्ता प्रभु परमेश्वर के सुसमाचार को औरों के साथ बांटने का साहस प्राप्त कर सकते हैं। - बिल क्राउडर

जिन्हें उसे सुनने की आवश्यकता है, उन के साथ प्रभु यीशु के अद्वितीय प्रेम को बांटें।

फिर पर्व के अंतिम दिन, जो मुख्य दिन है, यीशु खड़ा हुआ और पुकार कर कहा, यदि कोई प्यासा हो तो मेरे पास आकर पीए। जो मुझ पर विश्वास करेगा, जैसा पवित्र शास्त्र में आया है उसके हृदय में से जीवन के जल की नदियां बह निकलेंगी। उसने यह वचन उस आत्मा के विषय में कहा, जिसे उस पर विश्वास करने वाले पाने पर थे; क्योंकि आत्मा अब तक न उतरा था; क्योंकि यीशु अब तक अपनी महिमा को न पहुंचा था। - यूहन्ना 7:37-39

बाइबल पाठ: प्रेरितों 2:22-36
प्रेरितों के काम 2:22 हे इस्त्राएलियों, ये बातें सुनो: कि यीशु नासरी एक मनुष्य था जिस का परमेश्वर की ओर से होने का प्रमाण उन सामर्थ्य के कामों और आश्चर्य के कामों और चिन्‍हों से प्रगट है, जो परमेश्वर ने तुम्हारे बीच उसके द्वारा कर दिखलाए जिसे तुम आप ही जानते हो।
प्रेरितों के काम 2:23 उसी को, जब वह परमेश्वर की ठहराई हुई मनसा और होनहार के ज्ञान के अनुसार पकड़वाया गया, तो तुम ने अधर्मियों के हाथ से उसे क्रूस पर चढ़वा कर मार डाला।
प्रेरितों के काम 2:24 परन्तु उसी को परमेश्वर ने मृत्यु के बन्‍धनों से छुड़ाकर जिलाया: क्योंकि यह अनहोना था कि वह उसके वश में रहता।
प्रेरितों के काम 2:25 क्योंकि दाऊद उसके विषय में कहता है, कि मैं प्रभु को सर्वदा अपने साम्हने देखता रहा क्योंकि वह मेरी दाहिनी ओर है, ताकि मैं डिग न जाऊं।
प्रेरितों के काम 2:26 इसी कारण मेरा मन आनन्द हुआ, और मेरी जीभ मगन हुई; वरन मेरा शरीर भी आशा में बसा रहेगा।
प्रेरितों के काम 2:27 क्योंकि तू मेरे प्राणों को अधोलोक में न छोड़ेगा; और न अपने पवित्र जन को सड़ने ही देगा!
प्रेरितों के काम 2:28 तू ने मुझे जीवन का मार्ग बताया है; तू मुझे अपने दर्शन के द्वारा आनन्द से भर देगा।
प्रेरितों के काम 2:29 हे भाइयो, मैं उस कुलपति दाऊद के विषय में तुम से साहस के साथ कह सकता हूं कि वह तो मर गया और गाड़ा भी गया और उस की कब्र आज तक हमारे यहां वर्तमान है।
प्रेरितों के काम 2:30 सो भविष्यद्वक्ता हो कर और यह जान कर कि परमेश्वर ने मुझ से शपथ खाई है, कि मैं तेरे वंश में से एक व्यक्ति को तेरे सिंहासन पर बैठाऊंगा।
प्रेरितों के काम 2:31 उसने होनहार को पहिले ही से देखकर मसीह के जी उठने के विषय में भविष्यद्वाणी की, कि न तो उसका प्राण अधोलोक में छोड़ा गया, और न उस की देह सड़ने पाई।
प्रेरितों के काम 2:32 इसी यीशु को परमेश्वर ने जिलाया, जिस के हम सब गवाह हैं।
प्रेरितों के काम 2:33 इस प्रकार परमेश्वर के दाहिने हाथ से सर्वोच्‍च पद पाकर, और पिता से वह पवित्र आत्मा प्राप्त कर के जिस की प्रतिज्ञा की गई थी, उसने यह उंडेल दिया है जो तुम देखते और सुनते हो।
प्रेरितों के काम 2:34 क्योंकि दाऊद तो स्वर्ग पर नहीं चढ़ा; परन्तु वह आप कहता है, कि प्रभु ने मेरे प्रभु से कहा;
प्रेरितों के काम 2:35 मेरे दाहिने बैठ, जब तक कि मैं तेरे बैरियों को तेरे पांवों तले की चौकी न कर दूं।
प्रेरितों के काम 2:36 सो अब इस्त्राएल का सारा घराना निश्‍चय जान ले कि परमेश्वर ने उसी यीशु को जिसे तुम ने क्रूस पर चढ़ाया, प्रभु भी ठहराया और मसीह भी।

एक साल में बाइबल: 
  • 1 इतिहास 19-21
  • यूहन्ना 8:1-27