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शुक्रवार, 28 अक्टूबर 2016

संपदा


   हॉवर्ड ल्यूइट को अपनी 200,000 डॉलर की फेरारी कार पानी से ढंके टोरन्टो राजमार्ग पर गंवानी पड़ी। हॉवर्ड ने अपनी कार यह समझकर आगे बढ़ाई थी कि सड़क पर दिखने वाला पानी थोड़ा सा ही गहरा होगा और वे उसके पार हो जाएंगे। लेकिन पानी में उतर जाने के बाद ही उन्हें पता चला कि ना केवल पानी गहरा था, वरन वह तेज़ी से चढ़ भी रहा था। पानी आ जाने के कारण उनकी फेरारी का 450 अश्वशक्ति का शक्तिशाली ईंजन बन्द हो गया और कार पानी में डुबने लगी; हॉवर्ड किसी तरह अपनी जान बचा कर निकल कर ऊँचे स्थान पर आने पाए।

   हॉवर्ड की पानी में डूबी हुई वह मूल्यवान कार मुझे परमेश्वर के वचन में राजा सुलेमान द्वारा विचार करके धन-संपत्ति के विषय में लिखी गई बात याद दिलाती है: "...वह किसी बुरे काम में उड़ जाता है..." (सभोपदेशक 5:14)। प्राकृतिक आपदाएं, चोरी, दुर्घटनाएं आदि हमारी प्रीय और मूल्यवान वस्तुओं को ले जा सकती हैं। चाहे हम उन अनकी रक्षा कर भी लें, तो भी उन्हें अपने साथ स्वर्ग लेकर तो कदापित नहीं जा पाएंगे (पद 15)। इसीलिए राजा सुलेमान ने ऐसे व्यर्थ परिश्रम करने के विषय में प्रश्न किया, "...उसे उस व्यर्थ परिश्रम से और क्या लाभ है?" (पद 16)। ऐसी वस्तुओं को अर्जित करने के लिए मेहनत करना जो अन्ततः चली ही जाएंगी व्यर्थता ही तो है।

   लेकिन कुछ ऐसा भी है जो खराब भी नहीं होता है और जिसे हम मसीही विश्वासी पृथ्वी से अपने साथ ले कर जा भी सकते हैं - स्वर्गीय वस्तुएं। हम मसीही विश्वासियों के लिए अनन्तकाल तक बने रहने वाले खज़ाने को स्वर्ग में संचित करना संभव है; यदि हम सदगुणों को निभाएं, जैसे कि उदारता (मत्ती 19:21), नम्रता (मत्ती 5:3), आत्मिक धैर्य (लूका 6:22-23) आदि तो ये हमें ऐसे प्रतिफल देंगे जो कभी नष्ट नहीं होंगे।

   आज आप किस संपदा को अर्जित करने में लगे हुए हैं? क्या जिसके लिए आप मेहनत कर रहे हैं, जिसे आप बचा रहे हैं वह पृथ्वी पर ही क्षय हो जाने वाला तो नहीं है? या क्या आप "सो जब तुम मसीह के साथ जिलाए गए, तो स्‍वर्गीय वस्‍तुओं की खोज में रहो, जहां मसीह वर्तमान है और परमेश्वर के दाहिनी ओर बैठा है। पृथ्वी पर की नहीं परन्तु स्‍वर्गीय वस्‍तुओं पर ध्यान लगाओ" (कुलुस्सियों 3:1-2) का पालन कर रहे हैं? - जेनिफर बेन्सन शुल्ट


पृथ्वी के खज़ाने स्वर्गीय खज़ानों का ज़रा भी मुकाबला नहीं कर सकते हैं।

यदि मनुष्य सारे जगत को प्राप्त करे, और अपने प्राण की हानि उठाए, तो उसे क्या लाभ होगा? या मनुष्य अपने प्राण के बदले में क्या देगा? - मत्ती 16:26

बाइबल पाठ: सभोपदेशक 5:10-17
Ecclesiastes 5:10 जो रूपये से प्रीति रखता है वह रूपये से तृप्त न होगा; और न जो बहुत धन से प्रीति रखता है, लाभ से: यह भी व्यर्थ है। 
Ecclesiastes 5:11 जब सम्पत्ति बढ़ती है, तो उसके खाने वाले भी बढ़ते हैं, तब उसके स्वामी को इसे छोड़ और क्या लाभ होता है कि उस सम्पत्ति को अपनी आंखों से देखे? 
Ecclesiastes 5:12 परिश्रम करने वाला चाहे थोड़ा खाए, या बहुत, तौभी उसकी नींद सुखदाई होती है; परन्तु धनी के धन के बढ़ने के कारण उसको नींद नहीं आती। 
Ecclesiastes 5:13 मैं ने धरती पर एक बड़ी बुरी बला देखी है; अर्थात वह धन जिसे उसके मालिक ने अपनी ही हानि के लिये रखा हो, 
Ecclesiastes 5:14 और वह किसी बुरे काम में उड़ जाता है; और उसके घर में बेटा उत्पन्न होता है परन्तु उसके हाथ में कुछ नहीं रहता। 
Ecclesiastes 5:15 जैसा वह मां के पेट से निकला वैसा ही लौट जाएगा; नंगा ही, जैसा आया था, और अपने परिश्रम के बदले कुछ भी न पाएगा जिसे वह अपने हाथ में ले जा सके। 
Ecclesiastes 5:16 यह भी एक बड़ी बला है कि जैसा वह आया, ठीक वैसा ही वह जाएगा; उसे उस व्यर्थ परिश्रम से और क्या लाभ है? 
Ecclesiastes 5:17 केवल इसके कि उसने जीवन भर बेचैनी से भोजन किया, और बहुत ही दु:खित और रोगी रहा और क्रोध भी करता रहा?

एक साल में बाइबल: 
  • यिर्मयाह 15-17
  • 2 तिमुथियुस 2


गुरुवार, 27 अक्टूबर 2016

परिवार


   हम मसीही हाई स्कूल की गायन-मण्डली के साथ जमाइका में सेवकाई के दौरे पर थे; वहाँ हमने परमेश्वर के प्रेम को कार्यान्वित होते हुए देखा। एक दिन हम वहाँ एक ऐसे अनाथालय में गए हुए थे जो अपंग बच्चों और किशोरों के लिए था; वहाँ हमें ज्ञात हुआ कि उस अनाथालय के एक बच्चे, डॉनल्ड को, जो सेरेब्रल पाल्सी से ग्रसित था जिस के कारण बांहें और टांगें भली भांति कार्य नहीं कर पाते हैं, और जिसके साथ हमारी मण्डली के बच्चों ने बातचीत करी थी, गोद लिया जा रहा है। जब डॉनल्ड को गोद लेने वाले दंपत्ति उस स्थान पर आए तो उनके साथ डॉनल्ड के बारे में वार्तालाप करना बड़े आनन्द की बात थी; लेकिन उस भी अधिक आनन्द की बात वह था जो इसके बाद हुआ।

   जब डॉनल्ड के नए माता-पिता उसे अनाथालय से गोद लेने की प्रक्रिया पूरी करके बाहर लेकर आए और उसकी नई माँ ने उसे गोद में भर लिया, तो हमारी गायन मण्डली के बच्चों ने उनके चारों ओर एकत्रित होकर परमेश्वर की स्तुति और धन्यवाद के गीत गाए। वहाँ आनन्द के आँसू बह रहे थे, और डॉनल्ड का चेहरा खुशी से खिला हुआ था।

   बाद में एक बच्चे ने मुझ से कहा, "इससे मुझे ध्यान आया कि स्वर्ग में कैसा लगता होगा जब कोई जन प्रभु यीशु में लाए विश्वास के द्वारा पाप क्षमा एवं उद्धार पाकर परमेश्वर की सन्तान बन जाता है। स्वर्ग में भी इसी प्रकार से स्वर्गदूत आनन्द मनाते हैं क्योंकि परमेश्वर के परिवार में एक नया सदस्य सम्मिलित हो गया है।" वास्तव में यह स्वर्ग में मनाए जाने वाले उस आनन्द का, जो प्रभु यीशु में लाए विश्वास के द्वारा परमेश्वर के परिवार में आए जन के लिए होता है, एक चित्रण ही था। प्रभु यीशु ने स्वयं इस विषय में कहा था, "मैं तुम से कहता हूं; कि इसी रीति से एक मन फिराने वाले पापी के विषय में भी स्वर्ग में इतना ही आनन्द होगा..." (लूका 15:7)।

   परमेश्वर का धन्यवाद और आराधना हो कि उसने हमें अपने परिवार में सम्मिलित कर लिया है; इसीलिए स्वर्गदूत हमारे लिए आनन्द मनाते हैं। - डेव ब्रैनन


जब पृथ्वी पर मनुष्य पापों से मन फिराते और प्रभु यीशु से उद्धार पाते हैं, 
तो स्वर्ग में स्वर्गदूत आनन्द मनाते हैं।

सो तुम जा कर इस का अर्थ सीख लो, कि मैं बलिदान नहीं परन्तु दया चाहता हूं; क्योंकि मैं धर्मियों को नहीं परन्तु पापियों को बुलाने आया हूं। - मत्ती 9:13

बाइबल पाठ: लूका 15:1-10
Luke 15:1 सब चुंगी लेने वाले और पापी उसके पास आया करते थे ताकि उस की सुनें। 
Luke 15:2 और फरीसी और शास्त्री कुड़कुड़ा कर कहने लगे, कि यह तो पापियों से मिलता है और उन के साथ खाता भी है।
Luke 15:3 तब उसने उन से यह दृष्‍टान्‍त कहा। 
Luke 15:4 तुम में से कौन है जिस की सौ भेड़ें हों, और उन में से एक खो जाए तो निन्नानवे को जंगल में छोड़कर, उस खोई हुई को जब तक मिल न जाए खोजता न रहे? 
Luke 15:5 और जब मिल जाती है, तब वह बड़े आनन्द से उसे कांधे पर उठा लेता है। 
Luke 15:6 और घर में आकर मित्रों और पड़ोसियों को इकट्ठे कर के कहता है, मेरे साथ आनन्द करो, क्योंकि मेरी खोई हुई भेड़ मिल गई है। 
Luke 15:7 मैं तुम से कहता हूं; कि इसी रीति से एक मन फिराने वाले पापी के विषय में भी स्वर्ग में इतना ही आनन्द होगा, जितना कि निन्नानवे ऐसे धर्मियों के विषय नहीं होता, जिन्हें मन फिराने की आवश्यकता नहीं।
Luke 15:8 या कौन ऐसी स्त्री होगी, जिस के पास दस सिक्के हों, और उन में से एक खो जाए; तो वह दीया बारकर और घर झाड़ बुहार कर जब तक मिल न जाए, जी लगाकर खोजती न रहे? 
Luke 15:9 और जब मिल जाता है, तो वह अपनी सखियों और पड़ोसिनियों को इकट्ठी कर के कहती है, कि मेरे साथ आनन्द करो, क्योंकि मेरा खोया हुआ सिक्‍का मिल गया है। 
Luke 15:10 मैं तुम से कहता हूं; कि इसी रीति से एक मन फिराने वाले पापी के विषय में परमेश्वर के स्‍वर्गदूतों के साम्हने आनन्द होता है।

एक साल में बाइबल: 
  • यिर्मयाह 12-14
  • 2 तिमुथियुस 1


बुधवार, 26 अक्टूबर 2016

स्तुति और आराधना


   अनेकों वर्ष तक मेरी पत्नि के प्यानो और मेरे बैन्जो के मध्य कभी-कभार का और सामन्जस्य रहित संबंध रहा। लेकिन फिर मेरी पत्नि जैनेट ने मेरे जन्म दिन के उपहार के लिए एक नया गिटार खरीदा, और मेरे पुराने गिटार को बजाना सीखने की इच्छा प्रगट करी। जैनेट एक बहुत माहिर संगीतज्ञ है, और हम शीघ्र ही अपने अपने गिटार पर एक साथ परमेश्वर की स्तुति और आराधना के गीत गाने लग गए। मैं यह कह सकता हूँ कि हमारे घर में अब एक नया ही स्तुति संबंध स्थापित हो गया है।

   परमेश्वर के वचन बाइबल में जब भजनकार परमेश्वर की स्तुति और आराधना के लिए प्रेरित हुआ तो उसके आरंभिक शब्द थे, क्योंकि परमेश्वर ने अद्भुत कार्य किए हैं इसलिए सारी पृथ्वी इस स्तुति और आराधना में सम्मिलित हो (भजन 98:1); "हे सारी पृथ्वी के लोगों यहोवा का जयजयकार करो; उत्साहपूर्वक जयजयकार करो, और भजन गाओ" (पद 4); । उसने परमेश्वर की स्तुति के लिए वाद्यों के प्रयोग के लिए कहा, "वीणा बजा कर यहोवा का भजन गाओ, वीणा बजा कर भजन का स्वर सुनाओ। तुरहियां और नरसिंगे फूंक फूंककर यहोवा राजा का जयजयकार करो" (पद 5, 6)। उसने समुद्र, नदियों, पहाड़ियों, सारी मानव जाति को, अर्थात सारी सृष्टि को एक नए गीत के साथ इस स्तुति और आराधना में सम्मिलित होने को कहा (पद 7, 8)।

   आज अपने हृदयों को अन्य लोगों तथा परमेश्वर की सृष्टि के साथ जोड़ें और अपने महान सृष्टिकर्ता तथा उद्धारकर्ता परमेश्वर की स्तुति और आराधना में सम्मिलित हों। - डेनिस फिशर


परमेश्वर साधारण वस्तुओं को भी अपनी स्तुति-गान के लिए उपयोग कर सकता है।

याह की स्तुति करो, क्योंकि यहोवा भला है; उसके नाम का भजन गाओ, क्योंकि यह मन भाऊ है! - भजन 135:3

बाइबल पाठ: भजन 98:1-9
Psalms 98:1 यहोवा के लिये एक नया गीत गाओ, क्योंकि उसने आश्चर्यकर्म किए है! उसके दाहिने हाथ और पवित्र भुजा ने उसके लिये उद्धार किया है! 
Psalms 98:2 यहोवा ने अपना किया हुआ उद्धार प्रकाशित किया, उसने अन्यजातियों की दृष्टि में अपना धर्म प्रगट किया है। 
Psalms 98:3 उसने इस्राएल के घराने पर की अपनी करूणा और सच्चाई की सुधि ली, और पृथ्वी के सब दूर दूर देशों ने हमारे परमेश्वर का किया हुआ उद्धार देखा है।
Psalms 98:4 हे सारी पृथ्वी के लोगों यहोवा का जयजयकार करो; उत्साहपूर्वक जयजयकार करो, और भजन गाओ! 
Psalms 98:5 वीणा बजा कर यहोवा का भजन गाओ, वीणा बजा कर भजन का स्वर सुनाओ। 
Psalms 98:6 तुरहियां और नरसिंगे फूंक फूंककर यहोवा राजा का जयजयकार करो।
Psalms 98:7 समुद्र और उस में की सब वस्तुएं गरज उठें; जगत और उसके निवासी महाशब्द करें! 
Psalms 98:8 नदियां तालियां बजाएं; पहाड़ मिलकर जयजयकार करें। 
Psalms 98:9 यह यहोवा के साम्हने हो, क्योंकि वह पृथ्वी का न्याय करने को आने वाला है। वह धर्म से जगत का, और सीधाई से देश देश के लोगों का न्याय करेगा।

एक साल में बाइबल: 
  • यिर्मयाह 9-11
  • 1 तिमुथियुस 6


मंगलवार, 25 अक्टूबर 2016

प्रार्थना


   जब मेरे पति को अचानक ही आपात स्थिति में ऑपरेशन के लिए अस्पताल ले कर जाना पड़ा, तब मैं फोन के द्वारा परिवार और निकट संबंधियों को इसके बारे में बताने लगी। मेरी बहन और उसके पति तुरंत ही मेरे साथ रहने के लिए मेरे पास अस्पताल में आ गए, और वहाँ प्रतीक्षा के समय में हम प्रार्थना करने लगे। मेरे पति की बहन ने जब फोन पर मेरी चिंतित आवाज़ को सुना तो उसने तुरंत कहा, "सिंडी क्या मैं अभी तुम्हारे साथ प्रार्थना कर सकती हूँ?" जब हमारे पास्टर और उनकी पत्नि आए, तो उन्होंने भी आकर हमारे साथ प्रार्थना करी।

   प्रसिद्ध मसीही लेखक और प्रचारक ऑस्वॉल्ड चैम्बर्स ने लिखा था: "हम अकसर प्रार्थना को अपने अन्तिम प्रयास की तरह प्रयोग करते हैं, जबकि परमेश्वर चाहता है कि प्रार्थना हमारी सुरक्षा की सर्वप्रथम पंक्ति होनी चाहिए। बहुदा हम तब प्रार्थना करते हैं जब करने के लिए और कुछ नहीं बचता, लेकिन परमेश्वर चाहता है कि कुछ भी करने से पहले हम प्रार्थना करें।"

   अपने मूल स्वरूप में प्रार्थना परमेश्वर से वार्तालाप के अलावा और कुछ भी नहीं है; ऐसा वार्तालाप जो इस आशा के साथ किया जाए कि परमेश्वर ना केवल सुनता है वरन उत्तर भी देता है। प्रार्थना हमारा अन्तिम प्रयास नहीं होना चाहिए। अपने वचन बाइबल में परमेश्वर हमें प्रोत्साहित करता है कि हम हर बात के लिए उसके साथ प्रार्थना में रहें: "किसी भी बात की चिन्‍ता मत करो: परन्तु हर एक बात में तुम्हारे निवेदन, प्रार्थना और बिनती के द्वारा धन्यवाद के साथ परमेश्वर के सम्मुख अपस्थित किए जाएं" (फिलिप्पियों 4:6)। हमारे प्रभु परमेश्वर ने हमें अपना वायदा दिया है, "क्योंकि जहां दो या तीन मेरे नाम पर इकट्ठे होते हैं वहां मैं उन के बीच में होता हूं" (मत्ती 18:20)।

   हम में से जिन लोगों ने परमेश्वर की सामर्थ को अनुभव किया है, उनके लिए हर बात में सर्वप्रथम परमेश्वर को पुकारना स्वाभाविक हो जाता है। उन्नीसवीं शताबदी के पास्टर एन्ड्रयू मर्रे ने कहा है, "प्रार्थना परमेश्वर के लिए मार्ग तैयार करती है कि वह हम में और हमारे लिए कार्य कर सके।" इसीलिए प्रथम मसीही मण्डली के चार आधारभूत सिद्धांतों में से एक था प्रार्थना (प्रेरितों  2:42) और प्रेरित पौलुस ने थिस्सुलुनिकीया के मसीही विश्वासियों को लिखा, "निरन्‍तर प्रार्थना में लगे रहो" (1 थिस्सुलुनीकियों 5:17)। - सिंडी कैस्पर


मसीही विश्वास के जीवन का सिद्धांत: सर्वप्रथम प्रार्थना, फिर कुछ अन्य।

और वे प्रेरितों से शिक्षा पाने, और संगति रखने में और रोटी तोड़ने में और प्रार्थना करने में लौलीन रहे। - प्रेरितों 2:42

बाइबल पाठ: याकूब 5:13-16
James 5:13 यदि तुम में कोई दुखी हो तो वह प्रार्थना करे: यदि आनन्‍दित हो, तो वह स्‍तुति के भजन गाए। 
James 5:14 यदि तुम में कोई रोगी हो, तो कलीसिया के प्राचीनों को बुलाए, और वे प्रभु के नाम से उस पर तेल मल कर उसके लिये प्रार्थना करें। 
James 5:15 और विश्वास की प्रार्थना के द्वारा रोगी बच जाएगा और प्रभु उसको उठा कर खड़ा करेगा; और यदि उसने पाप भी किए हों, तो उन की भी क्षमा हो जाएगी। 
James 5:16 इसलिये तुम आपस में एक दूसरे के साम्हने अपने अपने पापों को मान लो; और एक दूसरे के लिये प्रार्थना करो, जिस से चंगे हो जाओ; धर्मी जन की प्रार्थना के प्रभाव से बहुत कुछ हो सकता है।

एक साल में बाइबल: 
  • यिर्मयाह 6-8
  • 1 तिमुथियुस 5


सोमवार, 24 अक्टूबर 2016

ध्यान


   सिंगापुर एक छोटा सा द्वीप-देश है; वह आकार में इतना छोटा है कि संसार के नक्शों में उसे देख पाना कठिन होता है - यदि आप नहीं जानते हैं कि सिंगापुर कहाँ स्थित है तो संसार के नक्शे पर उसे ढूँढ़ कर देखें। क्योंकि सिंगापुर सघन आबादी वाला स्थान है, इसलिए वहाँ रहने वालों को एक दूसरे के प्रति ध्यानपूर्वक रहना होता है। एक व्यक्ति ने अपनी मंगेतर को, जो पहली बार सिंगापुर आ रही थी लिखा, "यहाँ स्थान बहुत सीमित है, इसलिए तुम्हें सदा ही अपने चारों ओर के स्थान का ध्यान रखना होगा। तुम्हें सदा ही यह ध्यान करना होगा कि कहीं तुम किसी अन्य के लिए बाधा तो नहीं बन रही हो। इस प्रकार ध्यान रखना ही यहाँ रहने की कुँजी है।"

   परमेश्वर के वचन बाइबल में प्रेरित पौलुस ने युवा पास्टर तीतुस को लिखा: "लोगों को सुधि दिला, कि हाकिमों और अधिकारियों के आधीन रहें, और उन की आज्ञा मानें, और हर एक अच्‍छे काम के लिये तैयार रहें। किसी को बदनाम न करें; झगडालू न हों: पर कोमल स्‍वभाव के हों, और सब मनुष्यों के साथ बड़ी नम्रता के साथ रहें" (तीतुस 3:1-2)। हम मसीही विश्वासियों के लिए यह कहा जाता है कि, "संभव है कि हमारे जीवन ही वह एकमात्र बाइबल हों जिसे लोग पढ़ते हैं।" संसार जानता है कि मसीही विश्वासी संसार के सामान्य लोगों से भिन्न होते हैं। यदि हम झगड़ालू, स्वार्थी और अशिष्ट होंगे तो फिर लोग मसीह यीशु और उस सुसमाचार के बारे में जिसका हम प्रचार करते हैं क्या सोचेंगे?

   दूसरों के प्रति सजग रहना, उनका ध्यान रखना जीवन जीने के लिए एक अच्छा आदर्श है, और यदि हम प्रभु यीशु पर आधारित और निर्भर जीवन जीते हैं तो ऐसा करना संभव भी है। साथ ही ऐसा जीवन संसार के सामने प्रत्यक्ष प्रमाण भी है कि प्रभु यीशु ना केवल पाप क्षमा करके उद्धार करता है, वरन जीवन को परिवर्तित भी करता है। - पोह फैंग चिया


आपकी गवाही आपके जीवन चरित्र जितनी ही प्रभावी होती है।

और प्रभु के दास को झगड़ालू होना न चाहिए, पर सब के साथ कोमल और शिक्षा में निपुण, और सहनशील हो। - 2 तिमुथियुस 2:24

बाइबल पाठ: तीतुस 3:1-7
Titus 3:1 लोगों को सुधि दिला, कि हाकिमों और अधिकारियों के आधीन रहें, और उन की आज्ञा मानें, और हर एक अच्‍छे काम के लिये तैयार रहें। 
Titus 3:2 किसी को बदनाम न करें; झगडालू न हों: पर कोमल स्‍वभाव के हों, और सब मनुष्यों के साथ बड़ी नम्रता के साथ रहें। 
Titus 3:3 क्योंकि हम भी पहिले, निर्बुद्धि, और आज्ञा न मानने वाले, और भ्रम में पड़े हुए, और रंग रंग के अभिलाषाओं और सुखविलास के दासत्‍व में थे, और बैरभाव, और डाह करने में जीवन निर्वाह करते थे, और घृणित थे, और एक दूसरे से बैर रखते थे। 
Titus 3:4 पर जब हमारे उद्धारकर्ता परमेश्वर की कृपा, और मनुष्यों पर उसकी प्रीति प्रगट हुई। 
Titus 3:5 तो उसने हमारा उद्धार किया: और यह धर्म के कामों के कारण नहीं, जो हम ने आप किए, पर अपनी दया के अनुसार, नए जन्म के स्‍नान, और पवित्र आत्मा के हमें नया बनाने के द्वारा हुआ। 
Titus 3:6 जिसे उसने हमारे उद्धारकर्ता यीशु मसीह के द्वारा हम पर अधिकाई से उंडेला। 
Titus 3:7 जिस से हम उसके अनुग्रह से धर्मी ठहरकर, अनन्त जीवन की आशा के अनुसार वारिस बनें।

एक साल में बाइबल: 
  • यिर्मयाह 3-5
  • 1 तिमुथियुस 4


रविवार, 23 अक्टूबर 2016

साफ-सुथरा


   मुझे आज भी अपने बचपन के समय में माँ द्वारा बहुदा कहे गए शब्द याद हैं, कि मैं जाकर अपने कमरे को साफ-सुथरा करूँ। माँ की बात सुनकर मैं निष्ठापूर्वक जाकर कमरे की सफाई करने तो लगता, लेकिन किसी कॉमिक के मिल जाने पर मैं उसे उसके स्थान पर रखने की बजाए उसे पढ़ने लग जाता, और समय ऐसे ही व्यर्थ निकलने लगता। तभी माँ की आवाज़ फिर से आती के वे पाँच मिनिट में कमरे की सफाई के हाल देखने आ रही हैं। इतने कम समय में ठीक से सफाई ना कर पाने के कारण, मैं सारा अस्त-व्यस्त सामान उठाकर अपनी आलमारी में भर कर आलमारी बन्द कर देता, और माँ के निरीक्षण करने आने की बाट जोहने लगता, इस आशा के साथ कि वे आकर मेरी आलमारी खोलकर नहीं देखेंगी।

   बचपन की यह हरकत आज मुझे वह स्मरण कराती है जो हम अकसर अपने जीवनों के साथ करते हैं। हम लोगों को दिखाने के लिए अपने जीवनों को बाहर से तो साफ कर देते हैं, लेकिन साथ ही यह भी आशा रखते हैं कि कोई भी हमारे जीवन की "आलमारी" खोलकर अन्दर की वास्तविकता को नहीं देखेगा, जहाँ हमने अपने तर्क, बहानों और दूसरों को दोषी ठहराने के द्वारा अपने पाप, बुराईयों और चरित्र की कमज़ोरियों को छुपा रखा है; क्योंकि हम भली-भांति जानते हैं कि चाहे हम बाहर से कितने भी भले प्रतीत क्यों ना हों, वास्तव में हमारे अन्दर वह सच्ची भलाई और सफाई नहीं है जो होनी चाहिए। स्वयं की यह सच्ची सफाई हम अपने आप कदापि नहीं कर सकते हैं; लेकिन परमेश्वर की सहायता और मार्ग-दर्शन से यह संभव है।

   परमेश्वर हम सभी को साफ-सुथरा करना चाहता है, यदि हम उसे करने दें तो। इसीलिए परमेश्वर के वचन बाइबल में भजनकार हमें प्रोत्साहित करता है कि उसके समान हम भी अपने आप को परमेश्वर के निरीक्षण में ले आएं जिससे हम साफ-सुथरा हों: "हे ईश्वर, मुझे जांच कर जान ले! मुझे परख कर मेरी चिन्ताओं को जान ले! और देख कि मुझ में कोई बुरी चाल है कि नहीं, और अनन्त के मार्ग में मेरी अगुवाई कर" (भजन 139:23-24)। - जो स्टोवैल


क्योंकि परमेश्वर से हमारी कोई भी बात छिपी नहीं है, 
इसलिए उसके सामने अपनी सभी बातों को मान लेने में संकोच करना व्यर्थ है।

यदि हम अपने पापों को मान लें, तो वह हमारे पापों को क्षमा करने, और हमें सब अधर्म से शुद्ध करने में विश्वासयोग्य और धर्मी है। - 1 यूहन्ना 1:9

बाइबल पाठ: भजन 139:13-24
Psalms 139:13 मेरे मन का स्वामी तो तू है; तू ने मुझे माता के गर्भ में रचा। 
Psalms 139:14 मैं तेरा धन्यवाद करूंगा, इसलिये कि मैं भयानक और अद्भुत रीति से रचा गया हूं। तेरे काम तो आश्चर्य के हैं, और मैं इसे भली भांति जानता हूं। 
Psalms 139:15 जब मैं गुप्त में बनाया जाता, और पृथ्वी के नीचे स्थानों में रचा जाता था, तब मेरी हडि्डयां तुझ से छिपी न थीं। 
Psalms 139:16 तेरी आंखों ने मेरे बेडौल तत्व को देखा; और मेरे सब अंग जो दिन दिन बनते जाते थे वे रचे जाने से पहिले तेरी पुस्तक में लिखे हुए थे। 
Psalms 139:17 और मेरे लिये तो हे ईश्वर, तेरे विचार क्या ही बहुमूल्य हैं! उनकी संख्या का जोड़ कैसा बड़ा है।
Psalms 139:18 यदि मैं उन को गिनता तो वे बालू के किनकों से भी अधिक ठहरते। जब मैं जाग उठता हूं, तब भी तेरे संग रहता हूं।
Psalms 139:19 हे ईश्वर निश्चय तू दुष्ट को घात करेगा! हे हत्यारों, मुझ से दूर हो जाओ। 
Psalms 139:20 क्योंकि वे तेरी चर्चा चतुराई से करते हैं; तेरे द्रोही तेरा नाम झूठी बात पर लेते हैं। 
Psalms 139:21 हे यहोवा, क्या मैं तेरे बैरियों से बैर न रखूं, और तेरे विरोधियों से रूठ न जाऊं? 
Psalms 139:22 हां, मैं उन से पूर्ण बैर रखता हूं; मैं उन को अपना शत्रु समझता हूं। 
Psalms 139:23 हे ईश्वर, मुझे जांच कर जान ले! मुझे परख कर मेरी चिन्ताओं को जान ले! 
Psalms 139:24 और देख कि मुझ में कोई बुरी चाल है कि नहीं, और अनन्त के मार्ग में मेरी अगुवाई कर!

एक साल में बाइबल: 
  • यिर्मयाह 1-2
  • 1 तिमुथियुस 3


शनिवार, 22 अक्टूबर 2016

परम मित्र


   मेरी एक मित्र के पति डिमेन्शिया रोग के कारण, जिसमें यादाश्त जाती रहती है तथा मरीज़ अपनी देखभाल, भूख-प्यास का निवारण और साफ-सफाई भी नहीं कर पाता, जीवन के अन्तिम चरणों में थे। उनकी देखभाल करने के लिए एक नर्स नियुक्त करी गई, और जब उनसे उस नर्स की प्रथम मुलाकात करवाई गई तो उन्होंने हाथ बढ़ाकर उसकी बाँह थाम ली, उसे रोका और कहा कि वे उसका परिचय अपने सबसे अच्छे और परम-मित्र से करवाना चाहते हैं, जो उनसे बहुत प्रेम करता है।

   क्योंकि वहाँ और कोई नहीं था, इसलिए उस नर्स को लगा कि अपने मानसिक रोग के कारण वे यूँ ही बड़बड़ा रहे हैं; लेकिन बाद में पता चला कि वे प्रभु यीशु की बात कर रहे थे। वह नर्स उनकी बात से बहुत प्रभावित हुई किंतु एक अन्य मरीज़ की देखभाल करने जाने के कारण वह उनकी पूरी बात सुन नहीं सकी और उसे जाना पड़ा। बाद में जब वह लौट कर उनके पास आई, तब तक वे पुनः अपनी बीमारी के प्रभाव में आ चुके थे, अपने आस-पास का बोध ना होने के अन्धकार में जा चुके थे।

   यद्यपि यह व्यक्ति डिमेन्शिया के अन्धकार में उतर गया था, लेकिन फिर भी उसे यह याद था कि उसका सबसे अच्छा मित्र प्रभु यीशु है, जो उससे बहुत प्रेम करता है। परमेश्वर हम मसीही विश्वासियों के मन की अथाह गहराईयों में निवास करता है। वह हमारे मन के सबसे गहरे अन्धकार को भी बींध कर अपने कोमल प्रेम और देखभाल के आश्वासन का उजियाला हमारे मनों में कर सकता है; कोई भी अन्धकार हमें उस से छुपा नहीं सकता है (भजन 139:12)।

   हम यह तो नहीं जानते कि हमारे अपने लिए या हमारे प्रीय जनों के लिए भविष्य में क्या रखा है। संभव है कि वे या हम भी किसी मानसिक अथवा शारीरिक रोग के कारण किसी अन्धकार में पड़ जाएं। लेकिन हम मसीही विश्वासियों को यह निश्चय और आश्वासन अवश्य है कि हमारे सबसे अच्छे और परम मित्र, हमारे उद्धारकर्ता प्रभु यीशु का साथ, देखभाल और मार्गदर्शन उस परिस्थिति में भी हमारे साथ बना रहेगा, हमें आश्वस्त तथा शान्त रखेगा। उस परम मित्र के प्रेम और व्यक्तिगत देखभाल से हमें कुछ भी, कोई भी, कभी भी अलग नहीं कर सकता है। - डेविड रोपर


प्रभु यीशु मुझ से प्रेम करता है, यह मैंने व्यक्तिगत अनुभव से जाना है।

क्योंकि मैं निश्चय जानता हूं, कि न मृत्यु, न जीवन, न स्वर्गदूत, न प्रधानताएं, न वर्तमान, न भविष्य, न सामर्थ, न ऊंचाई, न गहिराई और न कोई और सृष्टि, हमें परमेश्वर के प्रेम से, जो हमारे प्रभु मसीह यीशु में है, अलग कर सकेगी| - रोमियों 8:38-39

बाइबल पाठ: भजन 139:7-12
Psalms 139:7 मैं तेरे आत्मा से भाग कर किधर जाऊं? वा तेरे साम्हने से किधर भागूं? 
Psalms 139:8 यदि मैं आकाश पर चढूं, तो तू वहां है! यदि मैं अपना बिछौना अधोलोक में बिछाऊं तो वहां भी तू है! 
Psalms 139:9 यदि मैं भोर की किरणों पर चढ़ कर समुद्र के पार जा बसूं, 
Psalms 139:10 तो वहां भी तू अपने हाथ से मेरी अगुवाई करेगा, और अपने दाहिने हाथ से मुझे पकड़े रहेगा। 
Psalms 139:11 यदि मैं कहूं कि अन्धकार में तो मैं छिप जाऊंगा, और मेरे चारों ओर का उजियाला रात का अन्धेरा हो जाएगा, 
Psalms 139:12 तौभी अन्धकार तुझ से न छिपाएगा, रात तो दिन के तुल्य प्रकाश देगी; क्योंकि तेरे लिये अन्धियारा और उजियाला दोनों एक समान हैं।

एक साल में बाइबल: 
  • यशायाह 65-66
  • 1 तिमुथियुस 2