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शनिवार, 26 दिसंबर 2015

उपस्थिति


   कनेटिकट के एक स्कूल के 20 बच्चों और 6 कर्मचारियों की हत्या किए जाने से सारा देश स्तब्ध था कि ऐसी निर्मम घटना कैसे घटित हो गई। हर एक का ध्यान उस त्रासदी और उससे संबंधित प्रश्नों पर केंद्रित था: कैसा व्यक्ति यह कर सकता है? हम इसके दोबारा होने को कैसे रोक सकते हैं? जो उस घटना से होकर निकले हैं उनकी सहायता कैसे करी जा सकती है? उस घटना और उसके बाद संबंधित लोगों के अस्त-व्यस्त जीवन में एक अप्रत्याशित समूह आया और उसके द्वारा उन आहत लोगों के जीवनों में एक बड़ा सकारात्मक परिवर्तन आया।

   शिकागो से कुछ विशेष प्रशिक्षण प्राप्त कुत्ते भेजे गए। गोल्डन रिट्रिवर जाति के इन कुत्तों को केवल प्रेम जताना सिखाया गया था। कुत्ते कोई सलाह नहीं देते; वे केवल साथ उपस्थित रहते हैं। वे बच्चे जो उस त्रासदी से आहत होकर अपने में सिमट गए थे, किसी से कोई बात नहीं कर रहे थे, उन कुत्तों के साथ खुलने लगे, उन से अपने वे भय और भावनाएं व्यक्त करने लगे जो उन्होंने कभी किसी वयस्क से नहीं कही थीं। लूथरन चर्च चैरिटीस के टिम हैट्ज़नर ने उन कुत्तों के बारे में कहा, "उनके प्रशिक्षण का सबसे महत्वपूर्ण भाग है उन्हें बिलकुल शान्त रहना सिखाया जाना।"

   परमेश्वर के वचन बाइबल में अय्युब की पुस्तक से भी हम यही सीखते हैं; शोकित और दुःखी लोगों को हमेशा ही शब्दों की आवश्यकता नहीं होती। कई बार उन्हें किसी ऐसे की आवश्यकता होती है जो उनके साथ खामोशी से बैठा रहे; जब वे बोलें तो उनकी सुन ले, और जब उनका दुःख आँसू बनकर बाहर आएँ तो उन्हें गले लगा कर रोने के लिए एक कंधा दे।

   परमेश्वर हमारे दुःखों के कारणों को चाहे हमें ना समझाए और ना ही हमारी परिस्थितियों को बदले, परन्तु अन्य मसीही विश्वासियों की उपस्थिति के द्वारा वह हमारे लिए सांत्वना उपलब्ध करवाए रखता है (2 कुरिन्थियों 1:4)। यदि आप मसीही विश्वासी हैं तो आपकी उपस्थिति दूसरों के लिए सांत्वना का कारण होनी चाहिए। - जूली ऐकैरमैन लिंक


संभवतः सुनना ही वह सबसे अधिक मसीह के चरित्र के अनुरूप और प्रेम पूर्ण बात है जो आज आप कर सकते हैं।

वह हमारे सब क्‍लेशों में शान्‍ति देता है; ताकि हम उस शान्‍ति के कारण जो परमेश्वर हमें देता है, उन्हें भी शान्‍ति दे सकें, जो किसी प्रकार के क्‍लेश में हों। - 2 कुरिन्थियों 1:4

बाइबल पाठ: अय्युब 2:3-13
Job 2:3 यहोवा ने शैतान से पूछा, क्या तू ने मेरे दास अय्यूब पर ध्यान दिया है कि पृथ्वी पर उसके तुल्य खरा और सीधा और मेरा भय मानने वाला और बुराई से दूर रहने वाला मनुष्य और कोई नहीं है? और यद्यापि तू ने मुझे उसको बिना कारण सत्यानाश करने को उभारा, तौभी वह अब तक अपनी खराई पर बना है। 
Job 2:4 शैतान ने यहोवा को उत्तर दिया, खाल के बदले खाल, परन्तु प्राण के बदले मनुष्य अपना सब कुछ दे देता है। 
Job 2:5 सो केवल अपना हाथ बढ़ाकर उसकी हड्डियां और मांस छू, तब वह तेरे मुंह पर तेरी निन्दा करेगा। 
Job 2:6 यहोवा ने शैतान से कहा, सुन, वह तेरे हाथ में है, केवल उसका प्राण छोड़ देना। 
Job 2:7 तब शैतान यहोवा के साम्हने से निकला, और अय्यूब को पांव के तलवे से ले सिर की चोटी तक बड़े बड़े फोड़ों से पीड़ित किया। 
Job 2:8 तब अय्यूब खुजलाने के लिये एक ठीकरा ले कर राख पर बैठ गया। 
Job 2:9 तब उसकी स्त्री उस से कहने लगी, क्या तू अब भी अपनी खराई पर बना है? परमेश्वर की निन्दा कर, और चाहे मर जाए तो मर जा। 
Job 2:10 उसने उस से कहा, तू एक मूढ़ स्त्री की सी बातें करती है, क्या हम जो परमेश्वर के हाथ से सुख लेते हैं, दु:ख न लें? इन सब बातों में भी अय्यूब ने अपने मुंह से कोई पाप नहीं किया। 
Job 2:11 जब तेमानी एलीपज, और शूही बिलदद, और नामाती सोपर, अय्यूब के इन तीन मित्रों ने इस सब विपत्ति का समाचार पाया जो उस पर पड़ी थीं, तब वे आपस में यह ठान कर कि हम अय्यूब के पास जा कर उसके संग विलाप करेंगे, और उसको शान्ति देंगे, अपने अपने यहां से उसके पास चले। 
Job 2:12 जब उन्होंने दूर से आंख उठा कर अय्यूब को देखा और उसे न चीन्ह सके, तब चिल्लाकर रो उठे; और अपना अपना बागा फाड़ा, और आकाश की ओर धूलि उड़ाकर अपने अपने सिर पर डाली। 
Job 2:13 तब वे सात दिन और सात रात उसके संग भूमि पर बैठे रहे, परन्तु उसका दु:ख बहुत ही बड़ा जान कर किसी ने उस से एक भी बात न कही।

एक साल में बाइबल: 
  • हग्गै 1-2
  • प्रकाशितवाक्य 17


शुक्रवार, 25 दिसंबर 2015

ख्रिस्टिंगल


   चेक गणराज्य तथा अन्य स्थानों पर मनाए जाने वाले क्रिसमस के उत्सव में ख्रिस्टिंगल का भी उपयोग होता है। ख्रिस्टिंगल वास्तव में एक संतरा होता है, जो संसार का प्रतीक है और उसके ऊपर एक मोमबत्ती लगी होती है, जो जगत की ज्योति मसीह यीशु को दर्शाती है। उस संतरे के चारों ओर एक लाल फीता बंधा होता है, जो मसीह यीशु के बलिदान के लहू को दिखाता है और चार तिनकों में सूखे मेवे लगा कर उस फीते में से संतरे के चारों ओर लगा दिए जाते हैं जो मसीह के लिए संसार से आए फल अर्थात मसीह यीशु को समर्पित लोगों को दर्शाते हैं।

   यह साधारण सा प्रतीक मसीह यीशु के संसार में आने के उद्देश्य को बड़ी खूबसूरती से दिखाता है - पाप के अन्धकार में पड़े संसार के लिए जीवन की ज्योति लाना और अपने बलिदान के लहू द्वारा पाप के बन्धन में पड़े लोगों को मुक्त करने का मार्ग प्रदान करना।

   प्रेरित यूहन्ना द्वारा लिखे गए प्रभु यीशु के जीवन के वृतान्त में यूहन्ना ने प्रभु यीशु को संसार की ज्योति कहा है। प्रभु यीशु के जन्म के संदर्भ में यूहन्ना ने लिखा: "सच्ची ज्योति जो हर एक मनुष्य को प्रकाशित करती है, जगत में आनेवाली थी" (यूहन्ना 1:9)। मसीह जो संसार की ज्योति है वह ना केवल पाप के अन्धकार को दूर करने के लिए आया, वरन वह "...परमेश्वर का मेम्ना है, जो जगत के पाप उठा ले जाता है" (यूहन्ना 1:29)।

   ज़रा इस बात पर विचार कीजिए; बेतलहेम में जन्मा वह शिशु वही मसीह यीशु है जिसके जीवन बलिदान और मृतकों में से पुनरुत्थान के कारण आज समस्त संसार के प्रत्येक व्यक्ति को पाप के दण्ड से बचने का मार्ग सेंत-मेंत उपलब्ध है। इसीलिए यूहन्ना हमें कहता है, "पर यदि जैसा वह ज्योति में है, वैसे ही हम भी ज्योति में चलें, तो एक दूसरे से सहभागिता रखते हैं; और उसके पुत्र यीशु का लोहू हमें सब पापों से शुद्ध करता है" (1 John 1:7)। प्रभु यीशु की ज्योति में चलने का निर्णय लेने वाला हर जन प्रभु की शांति एवं सुरक्षा में बने रहने की आशीष भी पा लेता है। - बिल क्राउडर


नवजात शिशु मसीह यीशु जगत की ज्योति और परमेश्वर की ओर से दिया गया उद्धार का मार्ग ठहरा।

तब यीशु ने फिर लोगों से कहा, जगत की ज्योति मैं हूं; जो मेरे पीछे हो लेगा, वह अन्धकार में न चलेगा, परन्तु जीवन की ज्योति पाएगा। - यूहन्ना 8:12

बाइबल पाठ: यूहन्ना 1:1-7
John 1:1 आदि में वचन था, और वचन परमेश्वर के साथ था, और वचन परमेश्वर था। 
John 1:2 यही आदि में परमेश्वर के साथ था। 
John 1:3 सब कुछ उसी के द्वारा उत्पन्न हुआ और जो कुछ उत्पन्न हुआ है, उस में से कोई भी वस्तु उसके बिना उत्पन्न न हुई। 
John 1:4 उस में जीवन था; और वह जीवन मुनष्यों की ज्योति थी। 
John 1:5 और ज्योति अन्धकार में चमकती है; और अन्धकार ने उसे ग्रहण न किया। 
John 1:6 एक मनुष्य परमेश्वर की ओर से आ उपस्थित हुआ जिस का नाम यूहन्ना था। 
John 1:7 यह गवाही देने आया, कि ज्योति की गवाही दे, ताकि सब उसके द्वारा विश्वास लाएं।

एक साल में बाइबल: 
  • सपन्याह 1-3
  • प्रकाशितवाक्य 16


गुरुवार, 24 दिसंबर 2015

उस रात


   साइमन नेदेरलैण्ड्स से आकर अमेरिका में बस गया था, उसकी पत्नी अमेरिका से ही थी और तीनों बच्चे भी अमेरिका में ही पैदा हुए। बड़े होकर साइमन की बेटी जेनि ने पनामा निवासी रोबर्टो से विवाह किया, एक बेटे बिल ने पुर्तगाल की वानिया से और दूसरे बेटे ल्यूकास ने दक्षिणी कोरिया की बोरा से। क्रिसमस की संध्या को जब परिवार के सभी जन एकत्रित हुए तो उन सब ने अपनी अपनी मूल भाषा में क्रिसमस के गीत गाए। उस रात उस परिवार द्वारा परमेश्वर के पुत्र का जन्म दिन अलग अलग भाषाओं लेकिन एक ही उद्देश्य के लिए मधुर स्वरों में मनाया गया।

   दो हज़ार वर्ष पहले एक शांत रात की खामोशी स्वर्गदूतों के गीत से टूटी जब उन स्वर्गदूतों ने चरवाहों को बताया कि एक बालक उत्पन्न हुआ है: "तब स्वर्गदूत ने उन से कहा, मत डरो; क्योंकि देखो मैं तुम्हें बड़े आनन्द का सुसमाचार सुनाता हूं जो सब लोगों के लिये होगा। कि आज दाऊद के नगर में तुम्हारे लिये एक उद्धारकर्ता जन्मा है, और यही मसीह प्रभु है" (लूका 2:10-11) और फिर वे स्वर्गदुत परमेश्वर की महिमा के लिए स्तुतिगान करने लगे (लूका 2:13-14)।

   परमेश्वर की अनुग्रहपूर्ण भेंट, उसका पुत्र, जिसके आगमन का समाचार उस रात सुनाया गया, वह समस्त मानव-जाति के उद्धार और पाप-क्षमा के लिए आया था (तीतुस 2:11-14; प्रकाशितवाक्य 5:9-10), "क्योंकि परमेश्वर ने जगत से ऐसा प्रेम रखा कि उसने अपना एकलौता पुत्र दे दिया, ताकि जो कोई उस पर विश्वास करे, वह नाश न हो, परन्तु अनन्त जीवन पाए" (यूहन्ना 3:16)। - सिंडी हैस कैस्पर


जब स्वर्ग का राजा धरती पर तारणहार बनकर जन्मा तो स्वर्गदूत धरती पर उसकी स्तुति करने आ गए।

और वे यह नया गीत गाने लगे, कि तू इस पुस्‍तक के लेने, और उसकी मुहरें खोलने के योग्य है; क्योंकि तू ने वध हो कर अपने लोहू से हर एक कुल, और भाषा, और लोग, और जाति में से परमेश्वर के लिये लोगों को मोल लिया है। - प्रकाशितवाक्य 5:9

बाइबल पाठ:  लूका 2:1-14
Luke 2:1 उन दिनों में औगूस्‍तुस कैसर की ओर से आज्ञा निकली, कि सारे जगत के लोगों के नाम लिखे जाएं। 
Luke 2:2 यह पहिली नाम लिखाई उस समय हुई, जब क्‍विरिनियुस सूरिया का हाकिम था। 
Luke 2:3 और सब लोग नाम लिखवाने के लिये अपने अपने नगर को गए। 
Luke 2:4 सो यूसुफ भी इसलिये कि वह दाऊद के घराने और वंश का था, गलील के नासरत नगर से यहूदिया में दाऊद के नगर बैतलहम को गया। 
Luke 2:5 कि अपनी मंगेतर मरियम के साथ जो गर्भवती थी नाम लिखवाए। 
Luke 2:6 उन के वहां रहते हुए उसके जनने के दिन पूरे हुए। 
Luke 2:7 और वह अपना पहिलौठा पुत्र जनी और उसे कपड़े में लपेटकर चरनी में रखा: क्योंकि उन के लिये सराय में जगह न थी। 
Luke 2:8 और उस देश में कितने गड़ेरिये थे, जो रात को मैदान में रहकर अपने झुण्ड का पहरा देते थे। 
Luke 2:9 और प्रभु का एक दूत उन के पास आ खड़ा हुआ; और प्रभु का तेज उन के चारों ओर चमका, और वे बहुत डर गए। 
Luke 2:10 तब स्वर्गदूत ने उन से कहा, मत डरो; क्योंकि देखो मैं तुम्हें बड़े आनन्द का सुसमाचार सुनाता हूं जो सब लोगों के लिये होगा। 
Luke 2:11 कि आज दाऊद के नगर में तुम्हारे लिये एक उद्धारकर्ता जन्मा है, और यही मसीह प्रभु है। 
Luke 2:12 और इस का तुम्हारे लिये यह पता है, कि तुम एक बालक को कपड़े में लिपटा हुआ और चरनी में पड़ा पाओगे। 
Luke 2:13 तब एकाएक उस स्वर्गदूत के साथ स्‍वर्गदूतों का दल परमेश्वर की स्‍तुति करते हुए और यह कहते दिखाई दिया। 
Luke 2:14 कि आकाश में परमेश्वर की महिमा और पृथ्वी पर उन मनुष्यों में जिनसे वह प्रसन्न है शान्‍ति हो।

एक साल में बाइबल: 
  • हबक्कूक 1-3
  • प्रकाशितवाक्य 15


बुधवार, 23 दिसंबर 2015

उपस्थिति


   उस कमरे में उसकी उपस्थिति प्रकट थी; उसके अलावा वहाँ उपस्थित सभी जन सभा की औपचारिकता के अनुकूल वस्त्र पहने हुए थे, केवल वही जीन्स, टी-शर्ट और पुरानी सी बेसबॉल टोपी पहने हुए था। उस दिन रोमानिया के ब्युकारेस्ट शहर में स्थित बाइबल कॉलेज के छात्रों को संबोधित करते हुए मेरा ध्यान अनायास ही उस पर जा रहा था। मुझे बिलकुल पता नहीं है कि उस ने सब के समान औपचारिक वेश-भूषा क्यों नहीं पहनी थी, लेकिन मुझे उसका नाम आज भी स्मरण है। सभा के अन्त में जब सब लोगों के समान वह भी मुझ से मिलने आया तो मैंने उससे उसका नाम पूछा, और उसने बताया - इम्मैनुएल! मैं उसके उत्तर से थोड़ा चकित हुआ, और उससे पूछा, "क्या तुम्हें अपने नाम का अर्थ पता है?" उसने निःसंकोच उत्तर दिया, "जी हाँ, परमेश्वर हमारे साथ!"

   मैंने कई बार उस जवान के बारे में सोचा है, और कैसे वह भीड़ में भी अन्य सब से अलग दिखाई दे रहा था, जैसे कि वह जिसके नाम पर उसका नाम रखा गया था - प्रभु यीशु मसीह। प्रभु यीशु परमेश्वर की उपस्थिति को हम मनुष्यों के बीच में निवास करवाने के लिए आए थे, जैसा कि स्वर्गदूत ने यूसुफ को याद दिलाया, "कि, देखो एक कुंवारी गर्भवती होगी और एक पुत्र जनेगी और उसका नाम इम्मैनुएल रखा जाएगा जिस का अर्थ यह है ’परमेश्वर हमारे साथ’ " (मत्ती 1:23)। उसी प्रभु यीशु ने अपने चेलों से कहा, "यीशु ने फिर उन से कहा, तुम्हें शान्‍ति मिले; जैसे पिता ने मुझे भेजा है, वैसे ही मैं भी तुम्हें भेजता हूं" (यूहन्ना 20:21), जिससे कि हम उसकी उपस्थिति का उपहार अपने आस-पास वालों को भी दे सकें।

   हम अपने जीवनों के द्वारा परमेश्वर की उपस्थिति के उपहार को दूसरों तक पहुँचा सकते हैं, यदि हमारे जीवन हमारे अन्दर और हमारे साथ रहने वाले इम्मैनुएल को प्रदर्शित करें। ऐसे में स्वतः ही हम अन्य लोगों से भिन्न दिखेंगे, लोगों का ध्यान उस प्रभु की ओर खेंचेंगे जिसने हमारे जीवनों में यह बड़ा काम किया, और प्रभु यीशु की उपस्थिति उनके जीवनों को भी बदल देगी, उसके प्रेम और अनुग्रह से परिपूर्ण करके उन्हें भी अनन्त स्वर्गीय जीवन और आनन्द का भागी बना देगी। - जो स्टोवैल


परमेश्वर की आपके जीवन में उपस्थिति का प्रदर्शन, आपके द्वारा उपहारस्वरूप इम्मैनुएल को दूसरों को उपलब्ध करवाना है।

इसलिये तुम जा कर सब जातियों के लोगों को चेला बनाओ और उन्हें पिता और पुत्र और पवित्रआत्मा के नाम से बपतिस्मा दो। और उन्हें सब बातें जो मैं ने तुम्हें आज्ञा दी है, मानना सिखाओ: और देखो, मैं जगत के अन्‍त तक सदैव तुम्हारे संग हूं। - मत्ती 28:19-20

बाइबल पाठ: मत्ती 1:18-25
Matthew 1:18 अब यीशु मसीह का जन्म इस प्रकार से हुआ, कि जब उस की माता मरियम की मंगनी यूसुफ के साथ हो गई, तो उन के इकट्ठे होने के पहिले से वह पवित्र आत्मा की ओर से गर्भवती पाई गई। 
Matthew 1:19 सो उसके पति यूसुफ ने जो धर्मी था और उसे बदनाम करना नहीं चाहता था, उसे चुपके से त्याग देने की मनसा की। 
Matthew 1:20 जब वह इन बातों के सोच ही में था तो प्रभु का स्वर्गदूत उसे स्‍वप्‍न में दिखाई देकर कहने लगा; हे यूसुफ दाऊद की सन्तान, तू अपनी पत्‍नी मरियम को अपने यहां ले आने से मत डर; क्योंकि जो उसके गर्भ में है, वह पवित्र आत्मा की ओर से है। 
Matthew 1:21 वह पुत्र जनेगी और तू उसका नाम यीशु रखना; क्योंकि वह अपने लोगों का उन के पापों से उद्धार करेगा। 
Matthew 1:22 यह सब कुछ इसलिये हुआ कि जो वचन प्रभु ने भविष्यद्वक्ता के द्वारा कहा था; वह पूरा हो। 
Matthew 1:23 कि, देखो एक कुंवारी गर्भवती होगी और एक पुत्र जनेगी और उसका नाम इम्मैनुएल रखा जाएगा जिस का अर्थ यह है “ परमेश्वर हमारे साथ”। 
Matthew 1:24 सो यूसुफ नींद से जागकर प्रभु के दूत की आज्ञा अनुसार अपनी पत्‍नी को अपने यहां ले आया। 
Matthew 1:25 और जब तक वह पुत्र न जनी तब तक वह उसके पास न गया: और उसने उसका नाम यीशु रखा।

एक साल में बाइबल: 
  • नहूम 1-3
  • प्रकाशितवाक्य 14


मंगलवार, 22 दिसंबर 2015

अचरज


   बाइबल कॉलेज में मेरे प्रथम सत्र की समाप्ति पर मुझे अपनी पत्नि और दोनों बच्चों सहित अपने घर जाकर क्रिसमस की छुट्टी मनाने के लिए कॉलेज की ओर से हवाई यात्रा के टिकिट भेंट किए गए। हमारी यात्रा की पूर्व संध्या को हमें पता चला कि हमारे पास उस यात्रा के खर्च के लिए 20 डॉलर से भी कम मौजूद हैं, जबकि हवाई-अड्डे तक जाने और अन्य संबंधित खर्चों के लिए इससे अधिक पैसे की आवश्यकता थी। अन्दर से दुःखी, हमने इसके लिए प्रार्थना करने का निर्णय किया और प्रार्थना करने में अपने दोनों छोटे बच्चों, जिनकी उम्र 6 और 2 वर्ष की थी को भी सम्मिलित किया।

   प्रार्थना के दौरान हमें अपने घर के बाहर के गलियारे में किसी के चलने की आवाज़ सुनाई दी और फिर दरवाज़े के नीचे से कुछ अन्दर सरकाए जाने की आवाज़ आई। हमने जाकर देखा तो किसी ने एक लिफाफा हमारे दरवाज़े के नीचे से अन्दर खिसकाया था, और उस लिफाफे में हमारे लिए 50 डॉलर का गुमनाम उपहार रखा था, जो हमारी यात्रा संबंधित खर्चों को पूरा करने के लिए काफी था। प्रार्थना के इस तुरंत उत्तर को पा लेने का हमारे मनों के अन्दर का अचरज हमारी 6 वर्षीय बेटी के चेहरे पर साफ दिखाई दे रहा था। हमारे महान परमेश्वर पिता ने, प्रार्थना के उस तुरंत उत्तर के द्वारा, छोटी उम्र की हमारी बेटी के मन में अपना नाम पक्का लिख दिया था और हम भजनकार दाऊद के समान "...उसके सब आश्चर्य-कर्मों का ध्यान..." (1 इतिहास 16:9) कर सकते थे।

   कुछ यही उस पहले क्रिसमस की रात्रि को भी हुआ था, जब एक सर्व-सामर्थी, सर्व-ज्ञानी, महान परमेश्वर ने, अपने बिना-शर्त प्रेम और पापों की क्षमा को सभी के लिए सेंत-मेंत उपलब्ध करवा के, अपना नाम समस्त मानव जाति के हृदयों पर लिखे जाने का एकमात्र मार्ग दे दिया। मसीह यीशु का जन्म परमेश्वर के प्रेम और क्षमा को प्राप्त करने के लिए हमारी प्रार्थनाओं का उत्तर है; क्या आपने इसके अचरज और महानता को अपना लिया है? - रैंडी किलगोर


जब हम क्रिसमस के कारण को अपनाते हैं तो अचरज और अनन्त आनन्द से भरा जीवन पाते हैं।

जिस के पास पुत्र है, उसके पास जीवन है; और जिस के पास परमेश्वर का पुत्र नहीं, उसके पास जीवन भी नहीं है। - 1 यूहन्ना 5:12

बाइबल पाठ: 1 इतिहास 16:7-13
1 Chronicles 16:7 तब उसी दिन दाऊद ने यहोवा का धन्यवाद करने का काम आसाप और उसके भाइयों को सौंप दिया। 
1 Chronicles 16:8 यहोवा का धन्यवाद करो, उस से प्रार्थना करो; देश देश में उसके कामों का प्रचार करो। 
1 Chronicles 16:9 उसका गीत गाओ, उसका भजन करो, उसके सब आश्चर्य-कर्मों का ध्यान करो। 
1 Chronicles 16:10 उसके पवित्र नाम पर घमंड करो; यहोवा के खोजियों का हृदय आनन्दित हो। 
1 Chronicles 16:11 यहोवा और उसकी सामर्थ की खोज करो; उसके दर्शन के लिये लगातार खोज करो। 
1 Chronicles 16:12 उसके किए हुए आश्चर्यकर्म, उसके चमत्कार और न्यायवचन स्मरण करो। 
1 Chronicles 16:13 हे उसके दास इस्राएल के वंश, हे याकूब की सन्तान तुम जो उसके चुने हुए हो!

एक साल में बाइबल: 
  • मीका 6-7
  • प्रकाशितवाक्य 13


सोमवार, 21 दिसंबर 2015

उजियाला


   कला के इतिहासकार सेमोर स्लाइव ने हॉलेन्ड के महान कलाकार रेमब्रान्ट को उजियाले और परछाईयों के प्रयोग से अपनी चित्रकला के द्वारा कहानी सुनाने में ऐसा दक्ष कलाकार बताया है जो आपको अपनी रचना से मोह कर उसके साथ बाँध ले। रेम्ब्रान्ट का बनाया हुआ एक चित्र जिसका शीर्षक है ’The Adoration of the Shepherds' प्रभु यीशु के जन्म की घटनाओं पर आधारित है। इस चित्र में बेतलहेम की वह गौशाला दिखाई गई है जिसमें प्रभु यीशु का जन्म हुआ। चित्र में हम चरनी के निकट, जिसमें शिशु यीशु को रखा गया था, दो चरवाहों को घुटने टेके बैठा हुआ देखते हैं जबकि अन्य लोग दूर पीछे को खड़े हैं। एक के हाथ में लालटेन है, परन्तु सबसे अधिक रौशनी उसकी लालटेन से नहीं वरन शिशु यीशु से आ रही है और जो यीशु के निकट हैं उन्हें रौशन कर रही है।

   प्रभु यीशु के जन्म से सात शताब्दी पूर्व परमेश्वर के भविष्यद्वक्ता यशायाह ने उजियाले और अन्धकार का उपयोग करके आने वाले मुक्तिदाता प्रभु यीशु के संबंध में भविष्यवाणी करी जो परमेश्वर के वचन बाइबल में यशायाह की पुस्तक में लिखी मिलती है: "जो लोग अन्धियारे में चल रहे थे उन्होंने बड़ा उजियाला देखा; और जो लोग घोर अन्धकार से भरे हुए मृत्यु के देश में रहते थे, उन पर ज्योति चमकी।...क्योंकि हमारे लिये एक बालक उत्पन्न हुआ, हमें एक पुत्र दिया गया है; और प्रभुता उसके कांधे पर होगी, और उसका नाम अद्‌भुत, युक्ति करने वाला, पराक्रमी परमेश्वर, अनन्तकाल का पिता, और शान्ति का राजकुमार रखा जाएगा" (यशायाह 9:2, 6)।

   रेम्ब्रान्ट के उस चित्र को देखने वाला प्रत्येक व्यक्ति उसमें कोई भिन्न कहानी देख सकता है, लेकिन हम में से हर एक का प्रतिरूप उस चित्र में विद्यमान है - हम यीशु के निकट और उसके समक्ष घुटने टेके हुए हो सकते हैं या पीछे परछाईयों में संकोच के अन्धेरों में छिपे खड़े हो सकते हैं, या उसके सब कुछ रौशन कर देने वाले उजियाले के होते हुए भी अपना ही कोई फीका सा उजियाला लेकर उसके सामने खड़े रहने वाले हो सकते हैं; यह हमारे अपने देखने और जाँचने की बात है कि प्रभु यीशु और उसके उजियाले के सामने हम कैसे हैं!

   क्रिसमस का समय हमें अवसर देता है कि हम अपने आप को जाँचें और अपने अन्धकार से निकल कर जीवन के उजियाले में खड़े हों, प्रभु यीशु के उजियाले को अपने हृदयों में चमकने दें, अपने आप को उसे समर्पित कर दें। - डेविड मैक्कैसलैंड


मसीह यीशु में लाया गया विश्वास अन्धकार में लगाई छलाँग नहीं वरन अन्धियारे से उजियाले में कदम बढ़ाना है।

तब यीशु ने फिर लोगों से कहा, जगत की ज्योति मैं हूं; जो मेरे पीछे हो लेगा, वह अन्धकार में न चलेगा, परन्तु जीवन की ज्योति पाएगा। - यूहन्ना 8:12

बाइबल पाठ: यशायाह 9:1-7
Isaiah 9:1 तौभी संकट-भरा अन्धकार जाता रहेगा। पहिले तो उसने जबूलून और नप्ताली के देशों का अपमान किया, परन्तु अन्तिम दिनों में ताल की ओर यरदन के पार की अन्यजातियों के गलील को महिमा देगा। 
Isaiah 9:2 जो लोग अन्धियारे में चल रहे थे उन्होंने बड़ा उजियाला देखा; और जो लोग घोर अन्धकार से भरे हुए मृत्यु के देश में रहते थे, उन पर ज्योति चमकी। 
Isaiah 9:3 तू ने जाति को बढ़ाया, तू ने उसको बहुत आनन्द दिया; वे तेरे साम्हने कटनी के समय का सा आनन्द करते हैं, और ऐसे मगन हैं जैसे लोग लूट बांटने के समय मगन रहते हैं। 
Isaiah 9:4 क्योंकि तू ने उसकी गर्दन पर के भारी जूए और उसके बहंगे के बांस, उस पर अंधेर करने वाले की लाठी, इन सभों को ऐसा तोड़ दिया है जेसे मिद्यानियों के दिन में किया था। 
Isaiah 9:5 क्योंकि युद्ध में लड़ने वाले सिपाहियों के जूते और लोहू में लथड़े हुए कपड़े सब आग का कौर हो जाएंगे। 
Isaiah 9:6 क्योंकि हमारे लिये एक बालक उत्पन्न हुआ, हमें एक पुत्र दिया गया है; और प्रभुता उसके कांधे पर होगी, और उसका नाम अद्‌भुत, युक्ति करने वाला, पराक्रमी परमेश्वर, अनन्तकाल का पिता, और शान्ति का राजकुमार रखा जाएगा। 
Isaiah 9:7 उसकी प्रभुता सर्वदा बढ़ती रहेगी, और उसकी शान्ति का अन्त न होगा, इसलिये वे उसको दाऊद की राजगद्दी पर इस समय से ले कर सर्वदा के लिये न्याय और धर्म के द्वारा स्थिर किए ओर संभाले रहेगा। सेनाओं के यहोवा की धुन के द्वारा यह हो जाएगा।

एक साल में बाइबल: 
  • मीका 4-5
  • प्रकाशितवाक्य 12


रविवार, 20 दिसंबर 2015

शरण-स्थान


   संसार के इतिहास के मध्यकालीन समय में किसान मैदानों में अपने खेतों में कार्य करते, फसल की देखभाल करते थे। परन्तु यदि कोई दुश्मन आते दिखाई देते तो वे अपने परिवार सहित भागकर किसी निकट के गढ़ वाले नगर में शरण ले लेते थे जब तक कि खतरा टल ना जाए। सदियों से, फ्रांस में स्थित करकासोन, ऐसा ही एक नगर रहा है। ईसा पूर्व पांचवीं शताबदी में पत्थरों से बनाए गए इस गढ़ ने रोम के निवासियों, पश्चिमी यूरोप के निवासी गॉल, जर्मनी के बंजारे विज़िगौथ, जर्मनी के कबायली निवासी फ्रैंक्स और फ्रांस के लोगों को आक्रमणकारियों से शरण दी है। इसका विशाल आकार, ऊँचे बुर्ज, मोटी दीवारों और चहारदिवारियों ने अन्दर शरण लेने वालों को भरोसा और हौंसला दिया है, उन्होंने अपने आप को इसमें सुरक्षित अनुभव किया है।

   हम मसीही विश्वासियों के लिए हमारा जीवता परमेश्वर ही हमारा दृढ़ गढ़ है। परमेश्वर के वचन बाइबल में नीतिवचन नामक पुस्तक में आया है, "यहोवा का नाम दृढ़ गढ़ है; धर्मी उस में भाग कर सब दुर्घटनाओं से बचता है" (नीतिवचन 18:10)। "यहोवा का नाम" द्वारा भजनकार का तात्पर्य है परमेश्वर के चरित्र से - उसकी विश्वसनीयता, सामर्थ और करुणा की भरपूरी से, तथा "बचता है" से तात्पर्य है खतरे के स्थान से निकालकर ऊँचे सुरक्षित स्थान पर रखने की क्षमता से।

   हमें जीवन में अनेक बार खतरों का सामना करना पड़ता है, और ऐसे में हमारी प्रतिक्रीया होती है कि हम बचकर, भागकर किसी सुरक्षित स्थान पर छिप जाएं, किसी का आश्रय ले लें। सामान्यतः लोग ऐसे में अपनी धन-संपदा या फिर रिश्तेदारों, मित्रों और जानकारों पर भरोसा करते हैं, उनकी ओर सहायता के लिए मुड़ते हैं। लेकिन मसीही विश्वासियों के लिए, अपने चरित्र और गुणों के कारण परमेश्वर ही सबसे सुरक्षित और विश्वासयोग्य शरण-स्थान रहता है।

   यदि आज आप किसी परेशानी में हैं, किसी भय का सामना कर रहे हैं तो निःसंकोच होकर परमेश्वर के पास आईए; वह आपका शरण-स्थान बनकर आपको आश्रय देगा, उसमें आप सुरक्षा और शान्ति पाएंगे। - डेनिस फिशर


समय अच्छा हो या बुरा, परमेश्वर सदा ही हमारा सुरक्षित विश्राम स्थान बना रहता है।

यहोवा मेरी चट्टान, और मेरा गढ़ और मेरा छुड़ाने वाला है; मेरा ईश्वर, मेरी चट्टान है, जिसका मैं शरणागत हूं, वह मेरी ढ़ाल और मेरी मुक्ति का सींग, और मेरा ऊँचा गढ़ है। - भजन 18:2

बाइबल पाठ: भजन 37:1-19
Psalms 37:1 कुकर्मियों के कारण मत कुढ़, कुटिल काम करने वालों के विषय डाह न कर! 
Psalms 37:2 क्योंकि वे घास की नाईं झट कट जाएंगे, और हरी घास की नाईं मुर्झा जाएंगे। 
Psalms 37:3 यहोवा पर भरोसा रख, और भला कर; देश में बसा रह, और सच्चाई में मन लगाए रह। 
Psalms 37:4 यहोवा को अपने सुख का मूल जान, और वह तेरे मनोरथों को पूरा करेगा।
Psalms 37:5 अपने मार्ग की चिन्ता यहोवा पर छोड़; और उस पर भरोसा रख, वही पूरा करेगा। 
Psalms 37:6 और वह तेरा धर्म ज्योति की नाईं, और तेरा न्याय दोपहर के उजियाले की नाईं प्रगट करेगा।
Psalms 37:7 यहोवा के साम्हने चुपचाप रह, और धीरज से उसका आसरा रख; उस मनुष्य के कारण न कुढ़, जिसके काम सफल होते हैं, और वह बुरी युक्तियों को निकालता है! 
Psalms 37:8 क्रोध से परे रह, और जलजलाहट को छोड़ दे! मत कुढ़, उस से बुराई ही निकलेगी। 
Psalms 37:9 क्योंकि कुकर्मी लोग काट डाले जाएंगे; और जो यहोवा की बाट जोहते हैं, वही पृथ्वी के अधिकारी होंगे। 
Psalms 37:10 थोड़े दिन के बीतने पर दुष्ट रहेगा ही नहीं; और तू उसके स्थान को भलीं भांति देखने पर भी उसको न पाएगा। 
Psalms 37:11 परन्तु नम्र लोग पृथ्वी के अधिकारी होंगे, और बड़ी शान्ति के कारण आनन्द मनाएंगे। 
Psalms 37:12 दुष्ट धर्मी के विरुद्ध बुरी युक्ति निकालता है, और उस पर दांत पीसता है; 
Psalms 37:13 परन्तु प्रभु उस पर हंसेगा, क्योंकि वह देखता है कि उसका दिन आने वाला है।
Psalms 37:14 दुष्ट लोग तलवार खींचे और धनुष बढ़ाए हुए हैं, ताकि दीन दरिद्र को गिरा दें, और सीधी चाल चलने वालों को वध करें। 
Psalms 37:15 उनकी तलवारों से उन्हीं के हृदय छिदेंगे, और उनके धनुष तोड़े जाएंगे।
Psalms 37:16 धर्मी का थोड़ा से माल दुष्टों के बहुत से धन से उत्तम है। 
Psalms 37:17 क्योंकि दुष्टों की भुजाएं तो तोड़ी जाएंगी; परन्तु यहोवा धर्मियों को सम्भालता है।
Psalms 37:18 यहोवा खरे लोगों की आयु की सुधि रखता है, और उनका भाग सदैव बना रहेगा। 
Psalms 37:19 विपत्ति के समय, उनकी आशा न टूटेगी और न वे लज्जित होंगे, और अकाल के दिनों में वे तृप्त रहेंगे।

एक साल में बाइबल: 
  • मीका 1-3
  • प्रकाशितवाक्य 11