ई-मेल संपर्क / E-Mail Contact

इन संदेशों को ई-मेल से प्राप्त करने के लिए अपना ई-मेल पता इस ई-मेल पर भेजें : rozkiroti@gmail.com / To Receive these messages by e-mail, please send your e-mail id to: rozkiroti@gmail.com

अचरज लेबलों वाले संदेश दिखाए जा रहे हैं. सभी संदेश दिखाएं
अचरज लेबलों वाले संदेश दिखाए जा रहे हैं. सभी संदेश दिखाएं

सोमवार, 16 मार्च 2020

साथ



      हम में से कुछ की प्रवृत्ति है कि हम संसार में केवल बुरा ही देखते हैं। डीविट जोंस नैशनल जिओग्राफिक पत्रिका के लिए कार्य करने वाले फोटोग्राफर हैं, जिन्होंने अपने व्यवसाय को संसार में जो भला है उसे दिखाने और उससे आनंदित होने के लिए उपयोग किया है। वे ध्यान से देखते रहते तथा प्रतीक्षा में रहते हैं, किसी भी परिपेक्ष अथवा परिस्थिति में आए हलके से भी परिवर्तन के कारण उजागर होने वाले किसी अचरज को, जो वहां होते हुए भी पहले प्रकट नहीं था, अपने कैमरे में पकड़ लेते हैं। वे अपने कैमरे का प्रयोग लोगों तथा प्रकृत्ति की बहुत सामान्य बातों में भी सुन्दरता एवं मनोहरता को ढूँढने तथा दिखाने के लिए करते हैं।

      यदि इस संसार में गलत देखने के लिए किसी के पास कारण थे, तो निःसंदेह अय्यूब के पास थे। परमेश्वर के वचन बाइबल में पुराने नियम खण्ड के इस प्रमुख व्यक्ति ने जो कुछ संसार में भोगा, वह शायद ही कभी किसी अन्य ने भोगा होगा। अय्यूब एक भरे-पूरे परिवार वाला बहुत संपन्न तथा धर्मी व्यक्ति था; परन्तु जो कुछ उसके लिए आनन्द का कारण था, शैतान ने उससे वह सब छीन लिया, और उसे सांत्वना देने आए उसके मित्र भी उस पर दोषारोपण करने वाले बन गए। उन सभी को लगने लगा कि अय्यूब में अवश्य ही कुछ छिपे हुए पाप हैं, जिन्हें वह स्वीकार नहीं कर रहा है, और इसी कारण उसे यह सब दुःख सहना पड़ रहा है। जब उस धर्मी अय्यूब ने सहायता के लिए परमेश्वर को पुकारा, तो परमेश्वर भी चुप रहा।

      अन्ततः परमेश्वर ने उसके जीवन में उठे तूफ़ान और आए अंधियारे में से भी अय्यूब से उसके चारों और फ़ैली प्रकृति के अचरजों को देखने और उन पर विचार करने के लिए कहा, जिन सभी से परमेश्वर की बुद्धिमत्ता और सामर्थ्य प्रकट होती है और जो अय्यूब की अपनी बुद्धिमत्ता और सामर्थ्य से कहीं अधिक बढ़कर है (अय्यूब 38:2-4)। जब अय्यूब ने ऐसा किया, तो वह पहचान सका की परमेश्वर के सम्मुख वह कितना तुच्छ है और उसकी बुद्धिमत्ता कितनी गौण है; और उसने परमेश्वर के सामने नतमस्तक होकर पश्चाताप किया और क्षमा माँगी (अय्यूब 42:1-6)।

      आज जब हम अपनी परिस्थितियों और कठिनाइयों के लिए परमेश्वर पर दोष लगाते हैं, उससे प्रश्न करते हैं, तो वह हम से क्या कहेगा? क्या हम अपने चारों फैली प्रकृति, उसकी हस्तकला और सृष्टि, में उसकी बुद्धिमत्ता और सामर्थ्य को पहचानने और उनके लिए उसकी आराधना और स्तुति करने पाते हैं? यदि हम भी यह दृष्टिकोण रखने लगें, तो हमें भी पहले से विद्यमान परमेश्वर की कारीगरी में एक नई मनोहरता दिखाई देगी, और हम भी अपने सृष्टिकर्ता परमेश्वर के मन और हृदय की हमारे प्रति भावना को समझने पाएंगे, कि वह सदा हमारे साथ बना रहता है। - मार्ट डीहान

प्रकृति में ऐसे अद्भुत अचरज भरे पड़े हैं, जिनका कोई अंत नहीं है।

मैने कानों से तेरा समाचार सुना था, परन्तु अब मेरी आंखें तुझे देखती हैं; इसलिये मुझे अपने ऊपर घृणा आती है, और मैं धूलि और राख में पश्चात्ताप करता हूँ। - अय्यूब 42:5-6

बाइबल पाठ: अय्यूब 38:1-18
Job 38:1 तब यहोवा ने अय्यूब को आँधी में से यूं उत्तर दिया,
Job 38:2 यह कौन है जो अज्ञानता की बातें कहकर युक्ति को बिगाड़ना चाहता है?
Job 38:3 पुरुष के समान अपनी कमर बान्ध ले, क्योंकि मैं तुझ से प्रश्न करता हूँ, और तू मुझे उत्तर दे।
Job 38:4 जब मैं ने पृथ्वी की नेव डाली, तब तू कहां था? यदि तू समझदार हो तो उत्तर दे।
Job 38:5 उसकी नाप किस ने ठहराई, क्या तू जानता है उस पर किस ने सूत खींचा?
Job 38:6 उसकी नेव कौन सी वस्तु पर रखी गई, वा किस ने उसके कोने का पत्थर बिठाया,
Job 38:7 जब कि भोर के तारे एक संग आनन्द से गाते थे और परमेश्वर के सब पुत्र जयजयकार करते थे?
Job 38:8 फिर जब समुद्र ऐसा फूट निकला मानो वह गर्भ से फूट निकला, तब किस ने द्वार मूंदकर उसको रोक दिया;
Job 38:9 जब कि मैं ने उसको बादल पहिनाया और घोर अन्धकार में लपेट दिया,
Job 38:10 और उसके लिये सिवाना बान्धा और यह कहकर बेंड़े और किवाड़े लगा दिए, कि
Job 38:11 यहीं तक आ, और आगे न बढ़, और तेरी उमंडने वाली लहरें यहीं थम जाएं?
Job 38:12 क्या तू ने जीवन भर में कभी भोर को आज्ञा दी, और पौ को उसका स्थान जताया है,
Job 38:13 ताकि वह पृथ्वी की छोरों को वश में करे, और दुष्ट लोग उस में से झाड़ दिए जाएं?
Job 38:14 वह ऐसा बदलता है जैसा मोहर के नीचे चिकनी मिट्टी बदलती है, और सब वस्तुएं मानो वस्त्र पहिने हुए दिखाई देती हैं।
Job 38:15 दुष्टों से उनका उजियाला रोक लिया जाता है, और उनकी बढ़ाई हुई बांह तोड़ी जाती है।
Job 38:16 क्या तू कभी समुद्र के सोतों तक पहुंचा है, वा गहिरे सागर की थाह में कभी चला फिरा है?
Job 38:17 क्या मृत्यु के फाटक तुझ पर प्रगट हुए, क्या तू घोर अन्धकार के फाटकों को कभी देखने पाया है?
Job 38:18 क्या तू ने पृथ्वी की चौड़ाई को पूरी रीति से समझ लिया है? यदि तू यह सब जानता है, तो बतला दे।

एक साल में बाइबल: 
  • व्यवस्थाविवरण 28-29
  • मरकुस 14:54-72



रविवार, 29 दिसंबर 2019

मनन



      हिन्दी में फूलचुसनी कही जाने वाली चिड़िया को अंग्रेज़ी में हमिंगबर्ड कहते हैं, क्योंकि इसके तेज़ी से फड़फड़ाते हुए पंखों के कारण एक गुनगुनाने की सी ध्वनि उत्पन्न होती है। अन्य भाषाओं में भी इस चिड़िया के विभिन्न नाम हैं, पुर्तगाली में इसे फूलों का चुम्बन लेने वाली, और स्पैनिश में इस उड़ती हुई मणि कहते हैं। किन्तु मेरा सबसे प्रिय नाम है मेक्सिको की ज़ेपोटेक का शब्द बियुलू जिसका अर्थ ओता है “आँखों में बस जाने वाला” – एक बार हमिंगबर्ड को देख लेंगे तो फिर उसे कभी नहीं भूलेंगे।

      जी. के. चेस्टरटन ने लिखा, “संसार में कभी अजूबों का अकाल नहीं होगा, परन्तु अचरज का हो सकता है।” हमिंगबर्ड भी संसार का एक अजूबा है। इन छोटे से प्राणियों में क्या अनोखा और रोमांचित कर देने वाला है? हो सकता है कि यह इनका छोटा सा आकार है – मात्र दो या तीन इंच का; या फिर यह इनके पंखों के फड़फड़ाने की गति है – एक सेकेंड में 50 से लेकर 200 बार तक।

      परमेश्वर के वचन बाइबल में भजन 104 किसका लिखा हुआ है, हमें इसका तो पता नहीं है; किन्तु इसे लिखने वाला भजनकार प्रकृति की सुन्दरता से मुग्ध था। प्रकृति के अनेकों अजूबों का वर्णन करने के पश्चात, जैसे कि लबानोन के देवदारु और जंगली गदहे आदि, वह कहता है, “यहोवा अपने कामों से आन्दित होवे!” (पद 31)। फिर वह प्रार्थना करता है, “मेरा ध्यान करना, उसको प्रिय लगे” (पद 34)।

      प्रकृति में अनेकों बातें हैं जो आँखों में बनी रह सकती हैं, उनकी सुन्दरता और सिद्धता के कारण। हम उन बातों पर मनन करने के द्वारा परमेश्वर को कैसे प्रसन्न कर सकते हैं? हम उन पर ध्यान दे सकते हैं, उन से आनंदित हो सकते हैं, और उन के लिए परमेश्वर का धन्यवाद कर सकते हैं। परमेश्वर के अद्भुत कार्यों के अजूबों का ध्यान तथा उन पर मनन करके हम परमेश्वर के धन्यवादी हो सकते हैं। - कीला ओकोआ

अचरज से कृतज्ञता आती है।

हे यहोवा, तेरी सारी सृष्टि तेरा धन्यवाद करेगी, और तेरे भक्त लोग तुझे धन्य कहा करेंगे! भजन 145:10

बाइबल पाठ: भजन 104:24-35
Psalms 104:24 हे यहोवा तेरे काम अनगिनित हैं! इन सब वस्तुओं को तू ने बुद्धि से बनाया है; पृथ्वी तेरी सम्पत्ति से परिपूर्ण है।
Psalms 104:25 इसी प्रकार समुद्र बड़ा और बहुत ही चौड़ा है, और उस में अनगिनित जलचर जीव- जन्तु, क्या छोटे, क्या बड़े भरे पड़े हैं।
Psalms 104:26 उस में जहाज भी आते जाते हैं, और लिव्यातान भी जिसे तू ने वहां खेलने के लिये बनाया है।
Psalms 104:27 इन सब को तेरा ही आसरा है, कि तू उनका आहार समय पर दिया करे।
Psalms 104:28 तू उन्हें देता हे, वे चुन लेते हैं; तू अपनी मुट्ठी खोलता है और वे उत्तम पदार्थों से तृप्त होते हैं।
Psalms 104:29 तू मुख फेर लेता है, और वे घबरा जाते हैं; तू उनकी सांस ले लेता है, और उनके प्राण छूट जाते हैं और मिट्टी में फिर मिल जाते हैं।
Psalms 104:30 फिर तू अपनी ओर से सांस भेजता है, और वे सिरजे जाते हैं; और तू धरती को नया कर देता है।
Psalms 104:31 यहोवा की महिमा सदा काल बनी रहे, यहोवा अपने कामों से आन्दित होवे!
Psalms 104:32 उसकी दृष्टि ही से पृथ्वी कांप उठती है, और उसके छूते ही पहाड़ों से धुआं निकलता है।
Psalms 104:33 मैं जीवन भर यहोवा का गीत गाता रहूंगा; जब तक मैं बना रहूंगा तब तक अपने परमेश्वर का भजन गाता रहूंगा।
Psalms 104:34 मेरा ध्यान करना, उसको प्रिय लगे, क्योंकि मैं तो यहोवा के कारण आनन्दित रहूंगा।
Psalms 104:35 पापी लोग पृथ्वी पर से मिट जाएं, और दुष्ट लोग आगे को न रहें! हे मेरे मन यहोवा को धन्य कह! याह की स्तुति करो!

एक साल में बाइबल: 
  • ज़कर्याह 9-12
  • प्रकाशितवाक्य 20



मंगलवार, 22 दिसंबर 2015

अचरज


   बाइबल कॉलेज में मेरे प्रथम सत्र की समाप्ति पर मुझे अपनी पत्नि और दोनों बच्चों सहित अपने घर जाकर क्रिसमस की छुट्टी मनाने के लिए कॉलेज की ओर से हवाई यात्रा के टिकिट भेंट किए गए। हमारी यात्रा की पूर्व संध्या को हमें पता चला कि हमारे पास उस यात्रा के खर्च के लिए 20 डॉलर से भी कम मौजूद हैं, जबकि हवाई-अड्डे तक जाने और अन्य संबंधित खर्चों के लिए इससे अधिक पैसे की आवश्यकता थी। अन्दर से दुःखी, हमने इसके लिए प्रार्थना करने का निर्णय किया और प्रार्थना करने में अपने दोनों छोटे बच्चों, जिनकी उम्र 6 और 2 वर्ष की थी को भी सम्मिलित किया।

   प्रार्थना के दौरान हमें अपने घर के बाहर के गलियारे में किसी के चलने की आवाज़ सुनाई दी और फिर दरवाज़े के नीचे से कुछ अन्दर सरकाए जाने की आवाज़ आई। हमने जाकर देखा तो किसी ने एक लिफाफा हमारे दरवाज़े के नीचे से अन्दर खिसकाया था, और उस लिफाफे में हमारे लिए 50 डॉलर का गुमनाम उपहार रखा था, जो हमारी यात्रा संबंधित खर्चों को पूरा करने के लिए काफी था। प्रार्थना के इस तुरंत उत्तर को पा लेने का हमारे मनों के अन्दर का अचरज हमारी 6 वर्षीय बेटी के चेहरे पर साफ दिखाई दे रहा था। हमारे महान परमेश्वर पिता ने, प्रार्थना के उस तुरंत उत्तर के द्वारा, छोटी उम्र की हमारी बेटी के मन में अपना नाम पक्का लिख दिया था और हम भजनकार दाऊद के समान "...उसके सब आश्चर्य-कर्मों का ध्यान..." (1 इतिहास 16:9) कर सकते थे।

   कुछ यही उस पहले क्रिसमस की रात्रि को भी हुआ था, जब एक सर्व-सामर्थी, सर्व-ज्ञानी, महान परमेश्वर ने, अपने बिना-शर्त प्रेम और पापों की क्षमा को सभी के लिए सेंत-मेंत उपलब्ध करवा के, अपना नाम समस्त मानव जाति के हृदयों पर लिखे जाने का एकमात्र मार्ग दे दिया। मसीह यीशु का जन्म परमेश्वर के प्रेम और क्षमा को प्राप्त करने के लिए हमारी प्रार्थनाओं का उत्तर है; क्या आपने इसके अचरज और महानता को अपना लिया है? - रैंडी किलगोर


जब हम क्रिसमस के कारण को अपनाते हैं तो अचरज और अनन्त आनन्द से भरा जीवन पाते हैं।

जिस के पास पुत्र है, उसके पास जीवन है; और जिस के पास परमेश्वर का पुत्र नहीं, उसके पास जीवन भी नहीं है। - 1 यूहन्ना 5:12

बाइबल पाठ: 1 इतिहास 16:7-13
1 Chronicles 16:7 तब उसी दिन दाऊद ने यहोवा का धन्यवाद करने का काम आसाप और उसके भाइयों को सौंप दिया। 
1 Chronicles 16:8 यहोवा का धन्यवाद करो, उस से प्रार्थना करो; देश देश में उसके कामों का प्रचार करो। 
1 Chronicles 16:9 उसका गीत गाओ, उसका भजन करो, उसके सब आश्चर्य-कर्मों का ध्यान करो। 
1 Chronicles 16:10 उसके पवित्र नाम पर घमंड करो; यहोवा के खोजियों का हृदय आनन्दित हो। 
1 Chronicles 16:11 यहोवा और उसकी सामर्थ की खोज करो; उसके दर्शन के लिये लगातार खोज करो। 
1 Chronicles 16:12 उसके किए हुए आश्चर्यकर्म, उसके चमत्कार और न्यायवचन स्मरण करो। 
1 Chronicles 16:13 हे उसके दास इस्राएल के वंश, हे याकूब की सन्तान तुम जो उसके चुने हुए हो!

एक साल में बाइबल: 
  • मीका 6-7
  • प्रकाशितवाक्य 13


गुरुवार, 29 अक्टूबर 2015

अद्भुत


   जैसे ही हमारा वायुयान उतरने लगा, विमान परिचारिका ने उतरने से संबंधित जानकारी पढ़नी आरंभ कर दी; उसका बताने का तरीका ऐसा था मानों वह उस दिन में हज़ारवीं बार दोहरा रही हो - ना कोई रुचि और ना ही कोई भावना; रूखी नीरस आवाज़ में उसने जानकारी की सूचि को पढ़कर समाप्त करते हुए कहा, "आपका दिन अत्युत्तम रहे" जबकि उसके कहने के लहज़े में उस दिन को विशेष बताने लायक कुछ भी नहीं था।

   कभी कभी मुझे लगता है कि परमेश्वर के साथ अपने संबंध को हम ऐसे ही देखते हैं - औपचारिक, उबाऊ, बेपरवाह, उदासीन। प्रभु यीशु में होकर हमें परमेश्वर की सन्तान होने, उसके परिवार के सदस्य होने का गौरव प्राप्त हुआ है; लेकिन इस अद्भुत सच्चाई के साथ जो अचरज और आनन्द जुड़ा होना चाहिए अनेक बार वह हमारे जीवनों से दिखाई नहीं देता।

   अय्युब ने परमेश्वर से अपनी परेशानियों और दुखों को लेकर प्रश्न किया, लेकिन जब परमेश्वर ने उसे उत्तर देना और उससे अपनी सृष्टि की अद्भुत बातें बयान करना आरंभ किया तो अय्युब अपने सृष्टिकर्ता और उसकी अद्भुत सृष्टि का वर्णन सुनकर नतमस्तक हो गया, और शर्मिंदगी के साथ परमेश्वर से बोला, तू ने पूछा "तू कौन है जो ज्ञान रहित हो कर युक्ति पर परदा डालता है? परन्तु मैं ने तो जो नहीं समझता था वही कहा, अर्थात जो बातें मेरे लिये अधिक कठिन और मेरी समझ से बाहर थीं जिन को मैं जानता भी नहीं था" (अय्युब 42:3)।

   मेरी लालसा है कि परमेश्वर और मेरे प्रति उसके अद्भुत प्रेम की अद्भुत सच्चाई मेरे मन को पकड़ ले, वश में कर ले - प्रभु यीशु पर लाए गए विश्वास द्वारा परमेश्वर की सन्तान हो जाना - क्या ही अद्भुत बात है! - बिल क्राउडर


परमेश्वर और हमारे प्रति उसके प्रेम से बढ़कर अद्भुत कोई भी अन्य बात नहीं है।

देखो, हम धीरज धरने वालों को धन्य कहते हैं: तुम ने अय्यूब के धीरज के विषय में तो सुना ही है, और प्रभु की ओर से जो उसका प्रतिफल हुआ उसे भी जान लिया है, जिस से प्रभु की अत्यन्‍त करूणा और दया प्रगट होती है। - याकूब 5:11

बाइबल पाठ: अय्युब 42:1-6
Job 42:1 तब अय्यूब ने यहोवा को उत्तर दिया; 
Job 42:2 मैं जानता हूँ कि तू सब कुछ कर सकता है, और तेरी युक्तियों में से कोई रुक नहीं सकती। 
Job 42:3 तू कौन है जो ज्ञान रहित हो कर युक्ति पर परदा डालता है? परन्तु मैं ने तो जो नहीं समझता था वही कहा, अर्थात जो बातें मेरे लिये अधिक कठिन और मेरी समझ से बाहर थीं जिन को मैं जानता भी नहीं था। 
Job 42:4 मैं निवेदन करता हूं सुन, मैं कुछ कहूंगा, मैं तुझ से प्रश्न करता हूँ, तू मुझे बता दे। 
Job 42:5 मैं कानों से तेरा समाचार सुना था, परन्तु अब मेरी आंखें तुझे देखती हैं; 
Job 42:6 इसलिये मुझे अपने ऊपर घृणा आती है, और मैं धूलि और राख में पश्चात्ताप करता हूँ।

एक साल में बाइबल: यिर्मयाह 18-19; 2 तिमुथियुस 3