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रविवार, 13 दिसंबर 2015

चिरस्थायी ईनाम


   ओलंपिक खेलों में सबसे अधिक, 18 स्वर्ण पदक पाने का कीर्तिमान युक्रेन की जिमनैस्ट, लरीसा लतिनीना के पास था; उसने उन पदकों को 1956, 1960 और 1964 के ओलंपिक खेलों में जीता था। 48 वर्ष तक बने रहने वाला उनका यह कीर्तिमान तब टूटा जब 2012 के लंदन ओलंपिक खेलों में माईकल फेल्प्स ने अपना 19वें पदक 4 x 200 मीटर की तैराकी प्रतियोगिता में प्राप्त किया। इसके बारे में International Gymnast नामक पत्रिका के प्रकाशक ने कहा, लतिनीना इतिहास में कहीं खो गई थी; जब सोवियत यूनियन का विभाजन हुआ, हम उनके बारे में भूल गए।

   प्रेरित पौलुस हमें याद दिलाता है कि कभी कभी मेहनत से किया गया कार्य भी भुला दिया जाता है। खिलाड़ी अपने शरीरों की कड़ी मेहनत और अनुशासन के द्वारा नाशमान ईनामों को पाने के प्रयास करते हैं (1कुरिन्थियों 9:25)। लेकिन केवल ईनाम या पदक ही नाशमान नहीं होते, समय के साथ उन उपलब्धियों की यादें भी धूमिल पड़ती जाती हैं और समाप्त हो जाती हैं। यदि खिलाड़ी इस पृथ्वी पर नाशमान और भुला दिए जाने वाले ईनाम पाने के लिए इतनी कड़ी मेहनत और अनुशासन के साथ प्रयासरत रह सकते हैं तो हम मसीही विश्वासियों को अपने अविनाशी मुकटों को पाने के लिए कितनी अधिक मेहनत करने और अनुशासन रखने वाला होना चाहिए (1तिमुथियुस 4:8)?

   खिलाड़ियों के दृढ़ निश्चय और बलिदान का प्रतिफल उन्हें पदकों, ट्रोफियों और पैसे के रूप में मिलता है। लेकिन हमारा परमेश्वर पिता अपने बच्चों के अनुशासन का प्रतिफल इससे भी कहीं अधिक बढ़कर देगा (लूका 19:17)।

   जिस प्रभु यीशु ने हमसे हमारी पापों की दशा में ही प्रेम किया और हमारे लिए अपने आप को बलिदान कर दिया, उसके लिए हमारे प्रेम और सेवकाई की सेवा को परमेश्वर पिता कभी नहीं भुलाएगा, वह हमें चिरस्थायी ईनाम देगा। - सी. पी. हिया


परमेश्वर के राज्य के लिए किया गया बलिदान सदा पुरस्कृत होता है।

क्योंकि देह की साधना से कम लाभ होता है, पर भक्ति सब बातों के लिये लाभदायक है, क्योंकि इस समय के और आने वाले जीवन की भी प्रतिज्ञा इसी के लिये है। - 1तिमुथियुस 4:8

बाइबल पाठ: 1 कुरिन्थियों 9:24-27
1 Corinthians 9:24 क्या तुम नहीं जानते, कि दौड़ में तो दौड़ते सब ही हैं, परन्तु इनाम एक ही ले जाता है तुम वैसे ही दौड़ो, कि जीतो। 
1 Corinthians 9:25 और हर एक पहलवान सब प्रकार का संयम करता है, वे तो एक मुरझाने वाले मुकुट को पाने के लिये यह सब करते हैं, परन्तु हम तो उस मुकुट के लिये करते हैं, जो मुरझाने का नहीं। 
1 Corinthians 9:26 इसलिये मैं तो इसी रीति से दौड़ता हूं, परन्तु बेठिकाने नहीं, मैं भी इसी रीति से मुक्कों से लड़ता हूं, परन्तु उस की नाईं नहीं जो हवा पीटता हुआ लड़ता है। 
1 Corinthians 9:27 परन्तु मैं अपनी देह को मारता कूटता, और वश में लाता हूं; ऐसा न हो कि औरों को प्रचार कर के, मैं आप ही किसी रीति से निकम्मा ठहरूं।

एक साल में बाइबल: 
  • होशे 12-14
  • प्रकाशितवाक्य 4


रविवार, 22 मार्च 2015

दौड़


   प्रति वर्ष मार्च महीने में उत्तरी ध्रुवीय इलाके अलास्का में आएडीटेरोड ट्रेल दौड़ प्रतियोगिता होती है। सारे साल बर्फीले तथा अति ठंडे रहने वाले उस इलाके में, कुत्तों द्वारा बर्फ पर खींची जाने वाली गाड़ियों और उनके चालकों को, जिन्हें ’मुशर्स’ कहा जाता है, ऐंकरेज से नोम नामक स्थान की 1049 मील की दूरी तय करनी होती है। दौड़ में भाग लेने वाली टीमों को यह दूरी तय करने में 8 से 15 दिनों तक का समय लगता है। सन 2011 की दौड़ में मुशर जौन बेकर ने एक नया कीर्तिमान स्थापित किया जब उसने यह दौड़ 8 दिन, 19 घंटे, 46 मिनिट तथा 39 सेकेंड में पूरी करी। इस दौड़ को पूरा करने के लिए गाड़ी खींचने वाले कुत्तों और उनके चालकों के बीच अद्भुत समझ-बूझ तथा सामंजस्य होता है, और भाग लेने वाले सभी प्रतियोगी जीतने के अपने प्रयास में बहुत दृढ़ होते हैं। प्रथम स्थान पाने वाले को नकद पुरुस्कार के अतिरिक्त एक नया पिकअप ट्रक भी ईनाम में दीया जाता है। किंतु इतने अधिक ठंडे वातावरण और जोखिम भरे मार्ग पर दौड़ में दृढ़ता से डटे रहने के पश्चात यह सब शाबाशी और पुरुस्कार क्षणिक तथा महत्वहीन ही प्रतीत होते हैं।

   प्रेरित पौलुस के लिए दौड़ की उत्तेजना एवं रोमांच कोई अनजानी बात नहीं थे; पौलुस ने प्रतियोगिता की भावना को एक अनन्तकालीन बात के बारे में समझाने के लिए उपयोग किया; उसने लिखा, "और हर एक पहलवान सब प्रकार का संयम करता है, वे तो एक मुरझाने वाले मुकुट को पाने के लिये यह सब करते हैं, परन्तु हम तो उस मुकुट के लिये करते हैं, जो मुरझाने का नहीं" (1 कुरिन्थियों 9:25)।

   बहुत बार हमें प्रलोभन रहता है कि हम नश्वर सांसारिक उपलब्धियों पर ध्यान लगाएं, उन बातों को महत्वपूर्ण आँकें जो समय बीतने के साथ नष्ट होती जाती हैं। किंतु परमेश्वर का वचन बाइबल हमें प्रभु यीशु में विश्वास द्वारा मिलने वाले चिरस्थाई तथा अविनाशी पुरुस्कार पर मन लगाने की शिक्षा देती है, चाहे इसके लिए हमें संसार से कितना ही कष्ट और कैसी भी परेशानियाँ क्यों ना झेलनी पड़ें। जब हम दृढ़ता से आत्मिक बातों की खोज में रहकर परमेश्वर पिता से प्रभु यीशु में होकर अनन्तकाल तक बने रहने वाली बातों पर पूरी निश्ठा के साथ मन लगाते हैं, उन्हें अपनाते हैं, तब ना केवल हम परमेश्वर को आदर देते हैं वरन उससे अविनाशी तथा चिरस्थाई आदर प्राप्त भी करते हैं। - डेनिस फिशर


अपने जीवन की दौड़ को अनन्तकाल के परिपेक्ष्य में रखकर ही दौड़ें।

विश्वास की अच्छी कुश्‍ती लड़; और उस अनन्त जीवन को धर ले, जिस के लिये तू बुलाया, गया, और बहुत गवाहों के साम्हने अच्छा अंगीकार किया था। - 1 तिमुथियुस 6:12

बाइबल पाठ: 1 कुरिन्थियों 9:24-27
1 Corinthians 9:24 क्या तुम नहीं जानते, कि दौड़ में तो दौड़ते सब ही हैं, परन्तु इनाम एक ही ले जाता है तुम वैसे ही दौड़ो, कि जीतो। 
1 Corinthians 9:25 और हर एक पहलवान सब प्रकार का संयम करता है, वे तो एक मुरझाने वाले मुकुट को पाने के लिये यह सब करते हैं, परन्तु हम तो उस मुकुट के लिये करते हैं, जो मुरझाने का नहीं। 
1 Corinthians 9:26 इसलिये मैं तो इसी रीति से दौड़ता हूं, परन्तु बेठिकाने नहीं, मैं भी इसी रीति से मुक्कों से लड़ता हूं, परन्तु उस की नाईं नहीं जो हवा पीटता हुआ लड़ता है। 
1 Corinthians 9:27 परन्तु मैं अपनी देह को मारता कूटता, और वश में लाता हूं; ऐसा न हो कि औरों को प्रचार कर के, मैं आप ही किसी रीति से निकम्मा ठहरूं।

एक साल में बाइबल: 
  • यहोशू 10-12
  • लूका 1:39-56