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शनिवार, 19 सितंबर 2020

समय


        कल मैंने अपनी पहली संतान, अपनी बड़ी बेटी को, कॉलेज भेजने के लिए उसकी हवाई यात्रा का टिकट खरीदा। ऐसा करते समय मेरी आँखों से बहकर मेरे कम्प्यूटर के की-बोर्ड पर गिरते रहने वाले आँसुओं के बाद, मुझे अचरज है कि मेरा की-बोर्ड अभी भी काम कर रहा है। मुझे उसके साथ बिताए गए अठारह वर्ष का प्रत्येक दिन इतना अच्छा लगता है कि अब उसके चले जाने की बात सोच कर ही मैं उदास हो जाती हूँ। परन्तु फिर भी केवल इसलिए कि उसकी कमी मुझे बहुत खलेगी, मैं उसे उसके भविष्य के उन्नति के अवसरों से वंचित नहीं कर सकती हूँ। उसके जीवन के इस समय में, उसके लिए यह उचित है कि वह अपने जीवन की एक नई यात्रा आरंभ करे, अपने वयस्क होने को समझे और देश के एक नए भाग को देखे।

        जबकि बेटी की परवरिश का यह समय पूरा हो रहा है, किन्तु साथ ही एक दूसरा समय भी आरंभ हो रहा है। निःसंदेह, इस नए समय में भी नई चुनौतियां होंगी, और आनन्द के नए अवसर भी होंगे। परमेश्वर के वचन बाइबल में राजा सुलैमान ने लिखा कि परमेश्वर हर बात के लिए एक समय नियुक्त करता है (सभोपदेशक 3:1)। हम मनुष्यों के हाथों में अपने जीवनों की घटनाओं पर बहुत कम नियंत्रण रहता है – वे घटनाएं चाहे हमारे पक्ष में हो अथवा विरोध में। परन्तु परमेश्वर अपने समय में हर बात को सुन्दर बना कर देता है (सभोपदेशक 3:11)।

        दुःख के समयों के लिए भी हम परमेश्वर पर भरोसा रख सकते हैं कि वह अपने समय में उनसे भी कुछ अच्छा निकाल कर लाएगा। हमारे आराम और आनन्द के समय आते-जाते रह सकते हैं, परन्तु परमेश्वर के कार्य सदा बने रहेंगे (पद 14)। हमें हर एक समय चाहे अच्छा न भी लगे, कुछ बहुत दुखद भी हो सकते हैं, परन्तु परमेश्वर हर समय में से कुछ अच्छा निकाल सकता है। - कर्स्टन होल्मबर्ग

 

परमेश्वर हर बात से कुछ मनोहर निकाल लाता है।


और हम जानते हैं, कि जो लोग परमेश्वर से प्रेम रखते हैं, उन के लिये सब बातें मिलकर भलाई ही को उत्पन्न करती है; अर्थात उन्हीं के लिये जो उस की इच्छा के अनुसार बुलाए हुए हैं। - रोमियों 8:28

बाइबल पाठ: सभोपदेशक 3:1-14

सभोपदेशक 3:1 हर एक बात का एक अवसर और प्रत्येक काम का, जो आकाश के नीचे होता है, एक समय है।

सभोपदेशक 3:2 जन्म का समय, और मरने का भी समय; बोने का समय; और बोए हुए को उखाड़ने का भी समय है;

सभोपदेशक 3:3 घात करने का समय, और चंगा करने का भी समय; ढा देने का समय, और बनाने का भी समय है;

सभोपदेशक 3:4 रोने का समय, और हंसने का भी समय; छाती पीटने का समय, और नाचने का भी समय है;

सभोपदेशक 3:5 पत्थर फेंकने का समय, और पत्थर बटोरने का भी समय; गले लगाने का समय, और गले लगाने से रुकने का भी समय है;

सभोपदेशक 3:6 ढूंढ़ने का समय, और खो देने का भी समय; बचा रखने का समय, और फेंक देने का भी समय है;

सभोपदेशक 3:7 फाड़ने का समय, और सीने का भी समय; चुप रहने का समय, और बोलने का भी समय है;

सभोपदेशक 3:8 प्रेम का समय, और बैर करने का भी समय; लड़ाई का समय, और मेल का भी समय है।

सभोपदेशक 3:9 काम करने वाले को अधिक परिश्रम से क्या लाभ होता है?

सभोपदेशक 3:10 मैं ने उस दु:ख भरे काम को देखा है जो परमेश्वर ने मनुष्यों के लिये ठहराया है कि वे उस में लगे रहें।

सभोपदेशक 3:11 उसने सब कुछ ऐसा बनाया कि अपने अपने समय पर वे सुन्दर होते है; फिर उसने मनुष्यों के मन में अनादि-अनन्त काल का ज्ञान उत्पन्न किया है, तौभी काल का ज्ञान उत्पन्न किया है, वह आदि से अन्त तक मनुष्य बूझ नहीं सकता।

सभोपदेशक 3:12 मैं ने जान लिया है कि मनुष्यों के लिये आनन्द करने और जीवन भर भलाई करने के सिवाय, और कुछ भी अच्छा नहीं;

सभोपदेशक 3:13 और यह भी परमेश्वर का दान है कि मनुष्य खाए-पीए और अपने सब परिश्रम में सुखी रहे।

सभोपदेशक 3:14 मैं जानता हूं कि जो कुछ परमेश्वर करता है वह सदा स्थिर रहेगा; न तो उस में कुछ बढ़ाया जा सकता है और न कुछ घटाया जा सकता है; परमेश्वर ऐसा इसलिये करता है कि लोग उसका भय मानें।

 

एक साल में बाइबल:
  • सभोपदेशक  1-3
  • 2 कुरिन्थियों 11:16-33

सोमवार, 26 अगस्त 2019

प्रमाणित लेख



      बहुत वर्षों से मैं घाना में मेरे और मेरे भाई के साथ, हमारे बचपन में घटित एक घटना की कहानी सुनाता रहा था। मुझे जैसे वह घटना याद थी,  मेरे भाई ने हमारी पुरानी, लोहे से बनी, तिपहिया साईकिल एक नाग के ऊपर लाकर खड़ी कर दी। क्योंकि साईकिल बहुत भारी थी, इसलिए वह नाग उसके अगले पहिए के नीचे दबा पड़ा रहा।

      किन्तु मेरी मौसी और मेरी माँ के देहांत के पश्चात, हमें मेरी माँ द्वारा लिखी गई एक पुरानी चिट्ठी मिली जिसमें उन्होंने उस घटना के बारे में लिखा था। उस चिट्ठी से हमें वास्तविकता पता चली, कि सांप के उपर साईकिल मैंने खड़ी की थी और मेरा भाई माँ को बताने के लिए दौड़कर अन्दर चला गया था। उनके प्रत्यक्षदर्शी विवरण के कारण, जो घटना घटित होने के निकट समय में ही लिखा गया था, वास्तविकता प्रगट हो गई, कोई संदेह नहीं रहा।

      परमेश्वर के वचन बाइबल में प्रभु यीशु मसीह की जीवनी लिखने के लिए लूका ने भी सच्चे अभिलेखों के महत्व को समझा, और उसने प्रत्यक्षदर्शीयों के बयान और विवरण के आधार पर सारा ब्यौरा लिखा, जिससे जो बातें कही और सिखाई जा रही थीं उनकी सत्यता प्रमाणित हो सके (लूका 1:2-4)। उसके इसी परिश्रम का परिणाम बाइबल में ‘लूका रचित सुसमाचार है’। लूका ने ही प्रेरितों के काम नामक पुस्तक को भी लिखा, और उसके आरंभ में लिखा “उसने दु:ख उठाने के बाद बहुत से पड़े प्रमाणों से अपने आप को उन्हें जीवित दिखाया, और चालीस दिन तक वह उन्हें दिखाई देता रहा: और परमेश्वर के राज्य की बातें करता रहा” (प्रेरितों 1:3)।

      हमारा मसीही विश्वास कही-सुनी बातों या काल्पनिक कहानियों पर आधारित नहीं है। हमारा विश्वास प्रभु यीशु मसीह के जीवन के बारे में प्रमाणित और अकाट्य लेखों पर आधारित है, जो हमें बताते हैं कि प्रभु यीशु समस्त मानव जाति को उद्धार और परमेश्वर से मेल-मिलाप का मार्ग प्रदान करने के लिए आए थे। - टिम गुस्ताफासन

वास्तविक विश्वास यथार्थ पर आधारित होता है।

और बालकपन से पवित्र शास्त्र तेरा जाना हुआ है, जो तुझे मसीह पर विश्वास करने से उद्धार प्राप्त करने के लिये बुद्धिमान बना सकता है। हर एक पवित्रशास्‍त्र परमेश्वर की प्रेरणा से रचा गया है और उपदेश, और समझाने, और सुधारने, और धर्म की शिक्षा के लिये लाभदायक है। - 2 तिमुथियुस 3:15-16

बाइबल पाठ: लूका 1:1-4; प्रेरितों 1:1-3
Luke 1:1 इसलिये कि बहुतों ने उन बातों को जो हमारे बीच में होती हैं इतिहास लिखने में हाथ लगाया है।
Luke 1:2 जैसा कि उन्होंने जो पहिले ही से इन बातों के देखने वाले और वचन के सेवक थे हम तक पहुंचाया।
Luke 1:3 इसलिये हे श्रीमान थियुफिलुस मुझे भी यह उचित मालूम हुआ कि उन सब बातों का सम्पूर्ण हाल आरम्भ से ठीक ठीक जांच कर के उन्हें तेरे लिये क्रमानुसार लिखूं।
Luke 1:4 कि तू यह जान ले, कि वे बातें जिनकी तू ने शिक्षा पाई है, कैसी अटल हैं।
Acts 1:1 हे थियुफिलुस, मैं ने पहिली पुस्तिका उन सब बातों के विषय में लिखी, जो यीशु ने आरम्भ में किया और करता और सिखाता रहा।
Acts 1:2 उस दिन तक जब वह उन प्रेरितों को जिन्हें उसने चुना था, पवित्र आत्मा के द्वारा आज्ञा देकर ऊपर उठाया न गया।
Acts 1:3 और उसने दु:ख उठाने के बाद बहुत से पड़े प्रमाणों से अपने आप को उन्हें जीवित दिखाया, और चालीस दिन तक वह उन्हें दिखाई देता रहा: और परमेश्वर के राज्य की बातें करता रहा।

एक साल में बाइबल: 
  • भजन 119:89-176
  • 1 कुरिन्थियों 8



शुक्रवार, 16 फ़रवरी 2018

साझा


   बहुत से परिवारों में कोई-कोई वयंजन बनाने की पारिवारिक विधि होती है, जो पीढ़ी से पीढ़ी को सौंपी जाती है, और उस व्यंजन को एक विशेष स्वाद देती है। हम हक्कास चीनियों के पास भी ऐसी ही एक व्यंजन बनाने की विधि होती थी, और हमारी दादी उसे सबसे बढ़िया बनाती थीं। प्रति वर्ष चीनी नए वर्ष के उपलक्ष में जब परिवार के सभी सदस्य एकत्रित होते थे, और दादी अपनी उस विधी से वह व्यंजन बनाती थीं, तो हम एक दूसरे से कहते थे, “हमें दादी से इसे बनाने की यह वीधी अवश्य सीखनी चाहिए।” परन्तु हमने कभी दादी से उसे सीखा नहीं, और अब वे हमारे बीच में नहीं रही हैं; उनके साथ ही उनकी वह विधी भी जाती रही है।

   हमें दादी की कमी खलती है, और उनकी उस विधी की भी। परन्तु इससे भी कहीं अधिक दुखद बात होगी विश्वास की उस विरासत को बिसरा देना जो परमेश्वर ने हमें सौंपी है। परमेश्वर चाहता है कि प्रत्येक पीढ़ी अगली पीढ़ी को परमेश्वर द्वारा किए गए महान कार्यों के बारे में बताए। परमेश्वर के वचन बाइबल में भजनकार ने कहा, “तेरे कामों की प्रशंसा और तेरे पराक्रम के कामों का वर्णन, पीढ़ी पीढ़ी होता चला जाएगा” (भजन 145:4), जो सदियों पहले मूसा ने भी कहा था “प्राचीनकाल के दिनों को स्मरण करो, पीढ़ी पीढ़ी के वर्षों को विचारो; अपने बाप से पूछो, और वह तुम को बताएगा; अपने वृद्ध लोगों से प्रश्न करो, और वे तुझ से कह देंगे” (व्यवस्थाविवरण 32:7)।

   परमेश्वर ने हमें ऐसा बनाया है कि हम अपने अनुभवों को औरों के साथ साझा करने के द्वारा एक दूसरे के साथ का आनन्दित भी हों और एक दूसरे के अनुभवों से लाभान्वित भी हों। जब हम अपने उद्धार पाने और परमेश्वर से विभिन्न परिस्थितियों में मिली सहायता की बातों और घटनाओं को दूसरों के साथ साझा करते हैं, तो न केवल हम उन्हें भी प्रोत्साहित करते हैं तथा परमेश्वर को आदर देते हैं, परन्तु शैतान और उसकी युक्तियों पर जयवंत होने के अपने मार्ग को भी दृढ़ करते हैं (प्रकाशितवाक्य 12:11)। - पो फैंग चिया


आज जो हम अपने बच्चों को सिखाते हैं, 
वह कल के सँसार को प्रभावित करेगा।

और वे मेम्ने के लोहू के कारण, और अपनी गवाही के वचन के कारण, उस पर जयवन्‍त हुए, और उन्होंने अपने प्राणों को प्रिय न जाना, यहां तक कि मृत्यु भी सह ली। - प्रकाशितवाक्य 12:11

बाइबल पाठ: भजन 145:1-13
Psalms 145:1 हे मेरे परमेश्वर, हे राजा, मैं तुझे सराहूंगा, और तेरे नाम को सदा सर्वदा धन्य कहता रहूंगा।
Psalms 145:2 प्रति दिन मैं तुझ को धन्य कहा करूंगा, और तेरे नाम की स्तुति सदा सर्वदा करता रहूंगा।
Psalms 145:3 यहोवा महान और अति स्तुति के योग्य है, और उसकी बड़ाई अगम है।
Psalms 145:4 तेरे कामों की प्रशंसा और तेरे पराक्रम के कामों का वर्णन, पीढ़ी पीढ़ी होता चला जाएगा।
Psalms 145:5 मैं तेरे ऐश्वर्य की महिमा के प्रताप पर और तेरे भांति भांति के आश्चर्यकर्मों पर ध्यान करूंगा।
Psalms 145:6 लोग तेरे भयानक कामों की शक्ति की चर्चा करेंगे, और मैं तेरे बड़े बड़े कामों का वर्णन करूंगा।
Psalms 145:7 लोग तेरी बड़ी भलाई का स्मरण कर के उसकी चर्चा करेंगे, और तेरे धर्म का जयजयकार करेंगे।।
Psalms 145:8 यहोवा अनुग्रहकारी और दयालु, विलम्ब से क्रोध करने वाला और अति करूणामय है।
Psalms 145:9 यहोवा सभों के लिये भला है, और उसकी दया उसकी सारी सृष्टि पर है।
Psalms 145:10 हे यहोवा, तेरी सारी सृष्टि तेरा धन्यवाद करेगी, और तेरे भक्त लोग तुझे धन्य कहा करेंगे!
Psalms 145:11 वे तेरे राज्य की महिमा की चर्चा करेंगे, और तेरे पराक्रम के विषय में बातें करेंगे;
Psalms 145:12 कि वे आदमियों पर तेरे पराक्रम के काम और तेरे राज्य के प्रताप की महिमा प्रगट करें।
Psalms 145:13 तेरा राज्य युग युग का और तेरी प्रभुता सब पीढ़ियों तक बनी रहेगी।


एक साल में बाइबल: 
  • लैव्यवस्था 19-20
  • मत्ती 27:51-66



सोमवार, 4 दिसंबर 2017

निश्चिंत


   सामयिक घटनाओं की जानकारी रखने के अपने नकारात्मक पहलू हैं, क्योंकि बुरा समाचार अच्छे समाचार से अधिक रुचिकर होता है, अधिक तेज़ी से फैलता है। व्यक्तियों, भीड़, या प्रशासन, जिनपर हमारा कोई नियंत्रण नहीं होता है, के आपाराधिक कार्यों के विषय चिंतित होना सरल है।

   परमेश्वर के वचन बाइबल में भजन 37 ऐसे दैनिक समाचार के प्रति सही रवैया रखने का मार्ग देता है। भजनकार दाऊद इस भजन का आरंभ यह कह कर करता है, "कुकर्मियों के कारण मत कुढ़, कुटिल काम करने वालों के विषय डाह न कर" (पद 1)। फिर वह हमारे लिए चिंता से अभीभूतित होने के विकल्प प्रस्तुत करता है। उसके द्वारा दिए गए इन विकल्पों का सार है कि अपने संसार के नकारात्मक समाचारों को चिंता के नहीं वरन परमेश्वर पर रखे गए भरोसे की एक बेहतर सोच के साथ देखें।

   क्या होगा यदि हम अपने नियंत्रण से बाहर घटनाओं के बारे में चिंता करने की बजाए, परमेश्वर पर भरोसा बनाए रखें? (पद 3)। बस कुड़कुड़ाते ही रहने के स्थान पर यदि हम "यहोवा को अपने सुख का मूल जानें" (पद 4), तो क्या यह हमारे लिए अधिक बेहतर नहीं रहेगा? चिंता से मिलने वाली उस मुक्ति के बारे में ज़रा सोचिए, यदि हम "अपने मार्ग की चिंता यहोवा पर छोड़" दें (पद 5)। और, हम कितने शान्त रह सकते हैं यदि हम "यहोवा के सामने चुपचाप और धीरज से उसकी प्रतीक्षा" करें (पद 7)?

   जिस परेशानी को हम बदल नहीं सकते हैं, उसका समाचार हमें अवसर प्रदान करता है कि हम उससे संबंधित अपनी चिंताओं की सीमाएं निर्धारित कर दें। जब हम परमेश्वर पर भरोसा बनाए रखेंगे, अपने मार्ग की चिंताएं उसे सौंप देंगे, उसमें विश्राम करेंगे, तो हमारा दृष्टिकोण स्कारात्मक हो जाएगा। वे संघर्ष और परीक्षाएं चाहे न भी जाएं, परन्तु हम पाएंगे कि उन परिस्थितियों में भी परमेश्वर हमें अपनी शान्ति से भर देता है, हमें विपरीत परिस्थितियों में भी निश्चिंत बना देता है। - डेव ब्रैनन


बाधाएं हमें परमेश्वर पर भरोसा रखना सिखाती हैं।

चुप हो जाओ, और जान लो, कि मैं ही परमेश्वर हूं। मैं जातियों में महान हूं, मैं पृथ्वी भर में महान हूं! - भजन 46:10

बाइबल पाठ: भजन 37:1-9
Psalms 37:1 कुकर्मियों के कारण मत कुढ़, कुटिल काम करने वालों के विषय डाह न कर! 
Psalms 37:2 क्योंकि वे घास के समान झट कट जाएंगे, और हरी घास के समान मुर्झा जाएंगे। 
Psalms 37:3 यहोवा पर भरोसा रख, और भला कर; देश में बसा रह, और सच्चाई में मन लगाए रह। 
Psalms 37:4 यहोवा को अपने सुख का मूल जान, और वह तेरे मनोरथों को पूरा करेगा।
Psalms 37:5 अपने मार्ग की चिन्ता यहोवा पर छोड़; और उस पर भरोसा रख, वही पूरा करेगा। 
Psalms 37:6 और वह तेरा धर्म ज्योति के समान, और तेरा न्याय दोपहर के उजियाले के समान प्रगट करेगा।
Psalms 37:7 यहोवा के साम्हने चुपचाप रह, और धीरज से उसका आसरा रख; उस मनुष्य के कारण न कुढ़, जिसके काम सफल होते हैं, और वह बुरी युक्तियों को निकालता है! 
Psalms 37:8 क्रोध से परे रह, और जलजलाहट को छोड़ दे! मत कुढ़, उस से बुराई ही निकलेगी। 
Psalms 37:9 क्योंकि कुकर्मी लोग काट डाले जाएंगे; और जो यहोवा की बाट जोहते हैं, वही पृथ्वी के अधिकारी होंगे।

एक साल में बाइबल: 
  • यहेजकेल 47-48
  • 1 यूहन्ना 3


मंगलवार, 12 अप्रैल 2016

नया आरंभ


   नया आरंभ संभव है! इसके बारे में एक नवयुवक ब्रेयन से पूछिए। ब्रेयन 12 वर्ष का था जब वह घर से भाग गया और 3 वर्ष तक आवारागर्दी और अपराध में लिप्त गिरोह के साथ रहा, उनके जैसे कार्य करता रहा, नशीले पदार्थों के सेवन करने में लिप्त रहा। फिर वह उस गिरोह से निकल कर वापस घर तो आ गया, लेकिन उसके लिए जीवन को वापस पटरी पर लाना कठिन हो रहा था क्योंकि नशीले पदार्थ बेचने के जुर्म में वह स्कूल से निकाला जा चुका था। ब्रेयन ने एक नए स्कूल में दाखिला लिया, जहाँ उसके एक अध्यापक ने उसे प्रेरित और उत्साहित किया कि वह अपने पुराने जीवन को दोहराने की बजाए उसके बारे में लिखना आरंभ करे। ब्रेयन ने यह चुनौती स्वीकार करी और आज वह उस नए आरंभ के आनन्द का अनुभव कर रहा है।

   परमेश्वर के वचन बाइबल में भी परमेश्वर ने अपने नबी यशायाह द्वारा निर्वासित यहूदियों को एक नए आरंभ के बारे में विचार करने को कहा। परमेश्वर ने उन से कहा, "अब बीती हुई घटनाओं का स्मरण मत करो, न प्राचीनकाल की बातों पर मन लगाओ" (यशायाह 43:18)। परमेश्वर ने उन्हें बीती बातों, उनकी अनाज्ञाकारिता के दण्ड, यहाँ तक कि उन्हें मिस्त्र की गुलामी से निकाल कर लाने के लिए जो सामर्थी कार्य परमेश्वर ने किए थे, उन सब पर थम कर रह जाने से मना किया। इस सब कि बजाए परमेश्वर ने उन्हें परमेश्वर की सहायता द्वारा बाबुल की गुलामी से निकल कर फिर से वापस अपने देश लौट कर बसने पर ध्यान केंद्रित करने और विचार-मग्न रहने को कहा।

   यही बात आज हमारे लिए भी लागू है; हम कितनी ही निराशा और कुँठाओं से होकर क्यों ना निकले हों, हमारे मन चाहे कितने भी भारी क्यों ना हों, आज परमेश्वर हमें हमारी इन सब बीती बातों से निकाल कर एक नया आरंभ दे सकता है। जब हम अपने जीवन पश्चाताप के साथ परमेश्वर को समर्पित करके प्रभु यीशु मसीह में होकर उससे अपना नाता जोड़ लेते हैं, उसके आज्ञाकारी हो जाते हैं, वह हमारा हाथ पकड़कर अपने साथ लिए चलता है, हमारे लिए मार्ग बनाता है और अनन्त शांति, आशा तथा आशीष का जीवन प्रदान करता है। - मार्विन विलियम्स


परमेश्वर भीतर से बाहर तक एक पूर्ण्त्या नया आरंभ देता है।

सो यदि कोई मसीह में है तो वह नई सृष्‍टि है: पुरानी बातें बीत गई हैं; देखो, वे सब नई हो गईं। - 2 कुरिन्थियों 5:17

बाइबल पाठ: यशायाह 43:14-21
Isaiah 43:14 तुम्हारा छुड़ाने वाला और इस्राएल का पवित्र यहोवा यों कहता है, तुम्हारे निमित्त मैं ने बाबुल को भेजा है, और उसके सब रहने वालों को भगोड़ों की दशा में और कसदियों को भी उन्हीं के जहाजों पर चढ़ाकर ले आऊंगा जिन के विषय वे बड़ा बोल बोलते हैं। 
Isaiah 43:15 मैं यहोवा तुम्हारा पवित्र, इस्राएल का सृजनहार, तुम्हारा राजा हूं। 
Isaiah 43:16 यहोवा जो समुद्र में मार्ग और प्रचण्ड धारा में पथ बनाता है, 
Isaiah 43:17 जो रथों और घोड़ों को और शूरवीरों समेत सेना को निकाल लाता है, (वे तो एक संग वहीं रह गए और फिर नहीं उठ सकते, वे बुझ गए, वे सन की बत्ती की नाईं बुझ गए हैं।) वह यों कहता है, 
Isaiah 43:18 अब बीती हुई घटनाओं का स्मरण मत करो, न प्राचीनकाल की बातों पर मन लगाओ। 
Isaiah 43:19 देखो, मैं एक नई बात करता हूं; वह अभी प्रगट होगी, क्या तुम उस से अनजान रहोगे? मैं जंगल में एक मार्ग बनाऊंगा और निर्जल देश में नदियां बहाऊंगा। 
Isaiah 43:20 गीदड़ और शुतर्मुर्ग आदि जंगली जन्तु मेरी महिमा करेंगे; क्योंकि मैं अपनी चुनी हुई प्रजा के पीने के लिये जंगल में जल और निर्जल देश में नदियां बहाऊंगा। 
Isaiah 43:21 इस प्रजा को मैं ने अपने लिये बनाया है कि वे मेरा गुणानुवाद करें।

एक साल में बाइबल: 
  • 1 शमूएल 19-21
  • लूका 11:29-54


शुक्रवार, 4 सितंबर 2015

विशेष दिन


   आज के दिन, सितंबर 4, में क्या विशेष है? हो सकता है कि यह दिन आपका या आपके किसी प्रीय जन का जन्मदिन हो, या शादी की वर्षगांठ हो, जो इसे विशेष बनाए, और उन बातों का आप उत्सव मनाएं। या फिर चाहे यह आपके साथ जुड़ा हुआ ना हो परन्तु जो ऐतिहासिक घटनाएं इस दिन के साथ जुड़ी हैं, आप उन से आनन्दित हों, जैसे कि इसी दिन सन 1781 में कैलिफोर्निया में लॉस एन्जेलेस शहर की स्थापना हुई; या फिर यदि आप बेसबॉल के खेल में रुचि रखते हैं तो 1993 की वह ऐतिहासिक घटना जब न्यू यॉर्क यैंकीस के गेंदबाज़ जिम ऐबट द्वारा फेंकी गई किसी भी गेंद को प्रतिद्वन्दी टीम का कोई भी खिलाड़ी मार नहीं सका, जबकि जिम ऐबट बिना दाहिने हाथ के पैदा हुआ था। या फिर, यदि आप टी.वी. में रुचि रखते हैं तो इसी दिन सन 1951 में सैन-फ्रांसिस्को से अमेरिका के एक छोर से दूसरे छोर तक दिखाया जाने वाला पहला प्रसारण हुआ था।

   लेकिन यदि इनमें से कोई भी बात आपके लिए 4 सितंबर को विशेष नहीं बनाते, तो परमेश्वर के वचन बाइबल में से इस दिन से संबंधित कुछ बातों पर विचार कीजिए:
  • आज के दिन परमेश्वर आपको उसमें मगन और आनन्दित रहने के नए अवसर प्रदान करता है - "आज वह दिन है जो यहोवा ने बनाया है; हम इस में मगन और आनन्दित हों" (भजन 118:24)।
  • आज के दिन परमेश्वर आपसे विश्वास चाहता है क्योंकि आज वह आपकी आवश्यकताओं को पूरा करेगा - "हमारी दिन भर की रोटी हर दिन हमें दिया कर" (लूका 11:3)।
  • आज के दिन परमेश्वर आपसे अपने वचन बाइबल का अध्ययन चाहता है जिससे वह आप से बातें कर सके - बेरिया के मसीही विश्वासी प्रतिदिन पवित्र शास्त्र से ढूंढ़ते थे (प्रेरितों 17:11)।
  • आज के दिन परमेश्वर आपके भीतरी मनुष्य को नूतन करना चाहता है - "इसलिये हम हियाव नहीं छोड़ते; यद्यपि हमारा बाहरी मनुष्यत्‍व नाश भी होता जाता है, तौभी हमारा भीतरी मनुष्यत्‍व दिन प्रतिदिन नया होता जाता है" (2 कुरिन्थियों 4:16)।

   यदि परमेश्वर आपका मार्गदर्शक और साथी है, तो ना केवल आज का यह दिन वरन आने वाला हर दिन एक आपके लिए विशेष दिन होगा। - डेव ब्रैनन


हर नया दिन हमारे लिए परमेश्वर की स्तुति आराधना करने के नए अवसर प्रदान करता है।

फिर उसने उन से कहा, कि जा कर चिकना चिकना भोजन करो और मीठा मीठा रस पियो, और जिनके लिये कुछ तैयार नहीं हुआ उनके पास बैना भेजो; क्योंकि आज का दिन हमारे प्रभु के लिये पवित्र है; और उदास मत रहो, क्योंकि यहोवा का आनन्द तुम्हारा दृढ़ गढ़ है। - नहेम्याह 8:10

बाइबल पाठ: लूका 11:1-4
Luke 11:1 फिर वह किसी जगह प्रार्थना कर रहा था: और जब वह प्रार्थना कर चुका, तो उसके चेलों में से एक ने उस से कहा; हे प्रभु, जैसे यूहन्ना ने अपने चेलों को प्रार्थना करना सिखलाया वैसे ही हमें भी तू सिखा दे। 
Luke 11:2 उसने उन से कहा; जब तुम प्रार्थना करो, तो कहो; हे पिता, तेरा नाम पवित्र माना जाए, तेरा राज्य आए। 
Luke 11:3 हमारी दिन भर की रोटी हर दिन हमें दिया कर। 
Luke 11:4 और हमारे पापों को क्षमा कर, क्योंकि हम भी अपने हर एक अपराधी को क्षमा करते हैं, और हमें परीक्षा में न ला।

एक साल में बाइबल: 
  • भजन 143-145
  • 1 कुरिन्थियों 14:21-40


शनिवार, 15 जनवरी 2011

प्रभु का अप्रत्याशित समय

मेक्सिको देश का एक ज्वालामुखी पर्वत जो सालों से शांत था अचानक ही सक्रीय हो उठा और इतनी ज़ोर से फटा कि संसार का सबसे शक्तिशाली ज्वालामुखी हो गया। ७,३०० फुट ऊंचा एल चिचोन नाम का यह पर्वत सैंकड़ों सालों से निष्क्रीय पड़ा था। १९८० में सेंट हेलेन्स ज्वालामुखी भी अचानक सक्रीय हो उठा और ज्वालामुखी के फटने से उसका बर्फ से ढका सुन्दर शिखर धूल और भाप में बदल गया। इन पर्वतों के समीप रहने वाले लोगों ने इन पर्वतों में कभी इतने उग्र बदलाव की कल्पना भी नहीं की थी।

ये घटनाएं इतिहास में घटने वाली अप्रत्याशित घटनाओं का एक उदाहरण मात्र हैं, जो नूह के समय से होती आ रही हैं, जब परमेश्वर ने दुष्ट संसार का विनाश किया था। जैसे एल चिचोन और सेंट हेलेंस पर्वतों के समीप रहने वाले लोग निश्चिंत थे, नूह के पड़ौसी भी प्रलय से निश्चिंत थे। लेकिन उनमें विद्यमान दुराचार ने उनकी इस निश्चिंतता को और घातक बना दिया था। वे सोचते थे कि उनके भ्रष्ट और दुराचारी जीवन का कोई हिसाब नहीं लेगा, लेकिन परमेश्वर ने उनसे हिसाब मांगा, अप्रत्याशित रूप से नहीं, वरन उन्हे पूरी चेतावनी और सुधरने का अवसर देकर। किंतु उस चेतावनी और अवसर का उस समय के लोगों ने मज़ाक उड़ाया और मौका गंवा दिया।

कभी कभी हम भी ऐसे ही व्यवहार करते हैं कि जैसे हमें विश्वास हो कि परमेश्वर निष्क्रीय हो गया है, तथा हमें कभी कुछ होने वाला नहीं है, लेकिन यह केवल हमारा भ्रम है। तब, जैसे समय नूह के दिनों में पूरा हुआ और दुष्टता का दुषपरिणाम सामने आ गया, अभी वैसे ही संसार के पाप और दुष्टता के विरुद्ध परमेश्वर की चेतावनी और पश्चताप का अवसर है। प्रभु यीशु ने वायदा किया है कि वह एक दिन अचानक ही आ जाएगा और तब यह अवसर समाप्त हो जाएगा। जैसे नूह के समय में लोगों ने चेतावनी और अवसर का ठठा किया था, आज भी संसार प्रभु की चेतावनी, पश्चाताप के अवसर और प्रभु के दूसरे आगमन का ठठा करते हैं। लेकिन ऐसों को अप्रत्याशित रीति से प्रभु के न्याय का सामना करना पड़ेगा।

यह हमारे ऊपर है कि हम प्रभु और प्रभु की चेतावनी को कितनी गंभीरता से लेते हैं तथा जब आकस्मत उसका दूसरा आगमन हो तब हम अपने पाप में पाए जाते हैं अथवा पापों से पश्चाताप और प्रभु में विश्वास द्वारा प्रभु के साथ हो जाने वालों में। - मार्ट डी हॉन


न्याय में देर हो सकती है, परन्तु न्याय निश्चित है।

और यहोवा ने देखा, कि मनुष्यों की बुराई पृथ्वी पर बढ़ गई है, और उनके मन के विचार में जो कुछ उत्पन्न होता है सो निरन्तर बुरा ही होता है। तब यहोवा ने सोचा, कि मैं मनुष्य को जिसकी मैं ने सृष्टि की है पृथ्वी के ऊपर से मिटा दूंगा क्योंकि मैं उनके बनाने से पछताता हूं। - उत्पत्ति ६:५, ७

बाइबल पाठ: मत्ती २४:३४-४४

मैं तुम से सच कहता हूं, कि जब तक ये सब बातें पूरी न हो लें, तब तक यह पीढ़ी जाती न रहेगी।
आकाश और पृथ्वी टल जाएंगे, परन्‍तु मेरी बातें कभी न टलेंगी।
उस दिन और उस घड़ी के विषय में कोई नहीं जानता, न स्‍वर्ग के दूत, और न पुत्र, परन्‍तु केवल पिता।
जैसे नूह के दिन थे, वैसा ही मनुष्य के पुत्र का आना भी होगा।
क्‍योंकि जैसे जल-प्रलय से पहिले के दिनों में, जिस दिन तक कि नूह जहाज पर न चढ़ा, उस दिन तक लोग खाते-पीते थे, और उन में ब्याह शादी होती थी।
और जब तक जल-प्रलय आकर उन सब को बहा न ले गया, तब तक उन को कुछ भी मालूम न पड़ा; वैसे ही मनुष्य के पुत्र का आना भी होगा।
उस समय दो जन खेत में होंगे, एक ले लिया जाएगा और दूसरा छोड़ दिया जाएगा।
दो स्‍त्रियां चक्की पीसती रहेंगी, एक ले ली जाएगी, और दूसरी छोड़ दी जाएगी।
इसलिये जागते रहो, क्‍योंकि तुम नहीं जानते कि तुम्हारा प्रभु किस दिन आएगा।
परन्‍तु यह जान लो कि यदि घर का स्‍वामी जानता होता कि चोर किस पहर आएगा, तो जागता रहता और अपने घर में सेंध लगने न देता।
इसलिये तुम भी तैयार रहो, क्‍योंकि जिस घड़ी के विषय में तुम सोचते भी नहीं हो, उसी घड़ी मनुष्य का पुत्र आ जाएगा।

एक साल में बाइबल:
  • उत्पत्ति ३६-३८
  • मत्ती १०:२१-४२