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शुक्रवार, 27 दिसंबर 2019

धन्यवादी



      मैं जब नई मसीही विश्वासी ही थी, तब एक आत्मिक सलाहकार ने मुझे प्रोत्साहित किया कि मैं एक “धन्यवादी दैनिकी” रखा करूं। वह एक छोटी सी नोटबुक थी, जो मेरे साथ रहती थी, और जिसमें मैं समय पाकर परमेश्वर द्वारा मेरे हित में किए गए कार्यों के बारे में लिखती रहती थी। कभी-कभी मैं धन्यवाद के कारण को तुरंत ही लिख लेती थी, और कभी उसे सप्ताह के अंत में, मनन करते हुए लिखती थी।

      धन्यवाद के विषयों का ध्यान रखना एक अच्छी आदत है – मैं उसे फिर से आरम्भ करने की सोच रही हूँ। इससे मुझे परमेश्वर की मेरे साथ बनी रहने वाली उपस्थिति का एहसास रहता है और मैं उसके प्रति उससे मिलने वाली देखभाल के लिए उसकी कृतज्ञ भी बनी रहती हूँ।

      परमेश्वर के वचन बाइबल के सबसे छोटे भजन, भजन 117 में भजनकार सभी को परमेश्वर का धन्यवादी होने के लिए प्रोत्साहित करता है क्योंकि “क्योंकि उसकी करूणा हमारे ऊपर प्रबल हुई है...” (पद 2)।

      इसपर थोड़ा विचार करें: परमेश्वर ने आपके प्रति अपने प्रेम को किस प्रकार प्रकट किया है – आज, इस सप्ताह, इस महीने, इस वर्ष? केवल अद्भुत के बारे ही में नहीं सोचें, क्योंकि उसका प्रेम तो प्रतिदिन की सामान्य बातों और परिस्थितियों एवं कार्यों में भी दिखाई देता है। इसके बाद इस पर भी विचार करें कि परमेश्वर का प्रेम आपके परिवार, आपके चर्च, और अन्य लोगों के प्रति किस प्रकार से प्रगट रहा है? सभी के प्रति उसके प्रेम के विस्तार को अपने चित में उतर जाने दें।

      भजनकार ने यह भी लिखा, “...और यहोवा की सच्चाई सदा की है याह की स्तुति करो” (पद 2)। दूसरे शब्दों में, हमारे प्रति उसके प्रेम का कभी अंत नहीं होगा! इसलिए हमारे पास उसकी स्तुति, आराधना और धन्यवाद करने के अवसर तथा कारण सदा बने रहेंगे। उसके प्रिय बच्चे होने के कारण, होने दें कि परमेश्वर का धन्यवाद और स्तुति करना हमारे जीवनों का एक अभिन्न भाग बन जाए, और हम सदा उसके धन्यवादी बने रहें। - पो फैंग चिया

प्रत्येक बात के लिए, चाहे साधारण हो या असाधारण, परमेश्वर के धन्यवादी बने रहें।

किसी भी बात की चिन्‍ता मत करो: परन्तु हर एक बात में तुम्हारे निवेदन, प्रार्थना और बिनती के द्वारा धन्यवाद के साथ परमेश्वर के सम्मुख अपस्थित किए जाएं। - फिलिप्पियों 4:6

बाइबल पाठ: भजन 117
Psalms 117:1 हे जाति जाति के सब लोगों यहोवा की स्तुति करो! हे राज्य राज्य के सब लोगो, उसकी प्रशंसा करो!
Psalms 117:2 क्योंकि उसकी करूणा हमारे ऊपर प्रबल हुई है; और यहोवा की सच्चाई सदा की है याह की स्तुति करो!

एक साल में बाइबल: 
  • ज़कर्याह 1-4
  • प्रकाशितवाक्य 18



गुरुवार, 26 दिसंबर 2019

भरोसा



      जब एन्ड्रयू चीटल ने समुद्र तट पर अपना फोन खोया तो उसे भरोसा नहीं था कि वह उसे कभी मिल जाएगा। किन्तु इसके लगभग एक सप्ताह के बाद, एक मछुआरे, ग्लेन केरली ने, उसे फोन किया। ग्लेन को एन्ड्रयू का फोन एक 25 पौंड वज़न की मछली के पेट में से मिला था, और उसे सुखा लेने के पश्चात, वह फिर भी काम कर रहा था।

      जीवन विचित्र घटनाओं से भरा पड़ा है, और परमेश्वर के वचन बाइबल में भी ऐसी घटनाओं की कोई कमी नहीं है। हम प्रभु यीशु के जीवन से संबंधित घटनाओं में पाते हैं कि एक बार मंदिर का कर लेने वाले कुछ अधिकारी प्रभु के शिष्य पतरस के पास आए, और उससे पूछा, “क्या तुम्हारा गुरू मन्दिर का कर नहीं देता?” (मत्ती 17:24)। प्रभु यीशु ने इस अवसर को एक शिक्षा देने का अवसर बना दिया। प्रभु चाहता था कि पतरस प्रभु के राजा होने को समझे। राजा की संतानों से कर नहीं लिए जाते थे, और प्रभु ने यह स्पष्ट किया कि न तो राजा और न ही उसकी संतान मंदिर का कर देने के लिए बाध्य थे (पद 25-26)।

      परन्तु प्रभु किसी को कोई “ठोकर” भी नहीं देना चाहते थे (पद 27), इसलिए प्रभु ने पतरस से कहा कि वह जाकर मछली पकड़े – और यह इस घटना का विचित्र भाग है – जो पहली मछली पतरस ने पकड़ी, उसके मुंह में एक सिक्का था; प्रभु ने कहा कि उस सिक्के से वह मंदिर का कर चुका दे।

      प्रभु यीशु यहाँ पर क्या भरोसा दिला रहे हैं? चाहे लोग उसे न भी पहचानें, किन्तु इस सृष्टि के सार्वभौमिक राजा और अधिकारी वे ही हैं। सारी सृष्टि की हर वस्तु उनकी आज्ञा मानती है। जब हम अपने जीवनों में उन्हें प्रभु मानकर, अपना जीवन उन्हें सच्चे मन और स्वेच्छा से पूर्णतः समर्पित कर देते हैं, उनपर विश्वास करने लगते हैं, तो हम उनकी संतान हो जाते हैं।

      जीवन अपनी विभिन्न मांगें फिर भी हमारे सामने उठाएगा, परन्तु हम हर परिस्थिति में भरोसा रख सकते हैं कि प्रभु हमारी प्रत्येक आवश्यकता की पूर्ति करेगा। जैसे कि भूतपूर्व पास्टर डेविड पौमपो ने कहा, “जब हम अपने स्वर्गीय परमेश्वर पिता के लिए मछुआरे बन जाते हैं, तो हम अपनी प्रत्येक आवश्यकता की पूर्ति के लिए उस पर भरोसा रख सकते हैं।” – टिम गुस्ताफ्सन

हम मसीही विश्वासी राजा की संतान हैं!

परन्तु जितनों ने उसे ग्रहण किया, उसने उन्हें परमेश्वर के सन्तान होने का अधिकार दिया, अर्थात उन्हें जो उसके नाम पर विश्वास रखते हैं। वे न तो लोहू से, न शरीर की इच्छा से, न मनुष्य की इच्छा से, परन्तु परमेश्वर से उत्पन्न हुए हैं। - यूहन्ना 1:12-13

बाइबल पाठ: मत्ती 17:24-27
Matthew 17:24 जब वे कफरनहूम में पहुंचे, तो मन्दिर के लिये कर लेने वालों ने पतरस के पास आकर पूछा, कि क्या तुम्हारा गुरू मन्दिर का कर नहीं देता? उसने कहा, हां देता तो है।
Matthew 17:25 जब वह घर में आया, तो यीशु ने उसके पूछने से पहिले उस से कहा, हे शमौन तू क्या समझता है पृथ्वी के राजा महसूल या कर किन से लेते हैं? अपने पुत्रों से या परायों से? पतरस ने उन से कहा, परायों से।
Matthew 17:26 यीशु ने उस से कहा, तो पुत्र बच गए।
Matthew 17:27 तौभी इसलिये कि हम उन्हें ठोकर न खिलाएं, तू झील के किनारे जा कर बंसी डाल, और जो मछली पहिले निकले, उसे ले; तो तुझे उसका मुंह खोलने पर एक सिक्का मिलेगा, उसी को ले कर मेरे और अपने बदले उन्हें दे देना।

एक साल में बाइबल: 
  • हाग्गै 1-2
  • प्रकाशितवाक्य 17



बुधवार, 25 दिसंबर 2019

धन्यवाद



      इस क्रिसमस पर जब आप क्रिसमस की विशेष मिठाई, कैंडी केन का स्वाद लें तो जर्मनी के लोगों को “डैंके सकोन” बोलें, क्योंकि वह कैंडी सबसे पहले जर्मनी के कोलोन शहर में बनी थी। जब आप क्रिसमस की ऋतु में खिलने वाले पोइंसेटिया के फूलों का आनन्द लें तो मेक्सिको के लोगों को “ग्रासियास” कहें, जहां से यह पौधा लाया गया और सब स्थानों पर पहुँच गया। इस त्यौहार के अवसर पर फ्रांस के लोगों को उनकी भाषा के शब्द ‘नोएल’ के लिए “मर्सी बौकूप” कहें, और क्रिसमस ट्री तथा दीवारों पर सजावट के लिए लगाई जाने वाली ‘मिसलटो’ की बेल के लिए अंग्रजों का धन्यवाद करें।

      लेकिन क्रिसमस के समय विभिन्न परंपराओं एवं उत्सवों – वे रीति-रिवाज़ जो संसार के भिन्न स्थानों से एकत्रित हुए हैं, का आनन्द लेते समय, हमारा सबसे निष्ठावान और हृदय से निकला धन्यवाद हमारे भले, दयालु, और प्रेमी परमेश्वर के लिए हो। क्योंकि परमेश्वर ही से हमें क्रिसमस मनाने का कारण प्राप्त हुआ – 2000 वर्ष से भी अधिक पहले बैतलहम की चरनी में जन्मा शिशु यीशु। उनके आगमन की सूचना मानव-जाति को एक स्वर्गदूत ने यह कहकर दी, “...देखो मैं तुम्हें बड़े आनन्द का सुसमाचार सुनाता हूं जो सब लोगों के लिये होगा। कि आज दाऊद के नगर में तुम्हारे लिये एक उद्धारकर्ता जन्मा है, और यही मसीह प्रभु है” (लूका 2:10-11)।

      इस क्रिसमस के समय, रौशनी से जगमगाते क्रिसमस ट्री और उसके चारों ओर रखे खुले हुए नए उपहारों के होते हुए भी सच्ची खुशी की उत्तेजना प्रभु यीशु की ओर ध्यान करने और उनके संसार में आने के उद्देश्य, “...तू उसका नाम यीशु रखना; क्योंकि वह अपने लोगों का उन के पापों से उद्धार करेगा” (मत्ती 1:21) पर मनन करने से ही होती है। प्रभु का जन्म परंपराओं से बढ़कर है: परमेश्वर के इस अवर्णनीय उपहार के लिए वही हमारे स्तुतिगान और धन्यवाद का केंद्र बिंदु है। - डेव ब्रैनन

सो परमेश्वर जो आशा का दाता है तुम्हें विश्वास करने में सब प्रकार के आनन्द और शान्ति से परिपूर्ण करे, कि पवित्र आत्मा की सामर्थ से तुम्हारी आशा बढ़ती जाए - रोमियों 15:13

बाइबल पाठ: लूका 2:1-10
Luke 2:1 उन दिनों में औगूस्‍तुस कैसर की ओर से आज्ञा निकली, कि सारे जगत के लोगों के नाम लिखे जाएं।
Luke 2:2 यह पहिली नाम लिखाई उस समय हुई, जब क्‍विरिनियुस सूरिया का हाकिम था।
Luke 2:3 और सब लोग नाम लिखवाने के लिये अपने अपने नगर को गए।
Luke 2:4 सो यूसुफ भी इसलिये कि वह दाऊद के घराने और वंश का था, गलील के नासरत नगर से यहूदिया में दाऊद के नगर बैतलहम को गया।
Luke 2:5 कि अपनी मंगेतर मरियम के साथ जो गर्भवती थी नाम लिखवाए।
Luke 2:6 उन के वहां रहते हुए उसके जनने के दिन पूरे हुए।
Luke 2:7 और वह अपना पहिलौठा पुत्र जनी और उसे कपड़े में लपेटकर चरनी में रखा: क्योंकि उन के लिये सराय में जगह न थी।
Luke 2:8 और उस देश में कितने गड़ेरिये थे, जो रात को मैदान में रहकर अपने झुण्ड का पहरा देते थे।
Luke 2:9 और प्रभु का एक दूत उन के पास आ खड़ा हुआ; और प्रभु का तेज उन के चारों ओर चमका, और वे बहुत डर गए।
Luke 2:10 तब स्वर्गदूत ने उन से कहा, मत डरो; क्योंकि देखो मैं तुम्हें बड़े आनन्द का सुसमाचार सुनाता हूं जो सब लोगों के लिये होगा।

एक साल में बाइबल: 
  • सपन्याह 1-3
  • प्रकाशितवाक्य 16



मंगलवार, 24 दिसंबर 2019

सन्देश



      रेजिनल्ड फेसेंडेन कई वर्षों से बेतार रेडियो संचार पर कार्य कर रहे थे जिससे बेतार रेडियो संपर्क किया जा सके। अन्य वैज्ञानिकों को उनके विचार अविश्वसनीय और अपारंपरिक लगते थे, और उन्हें संदेह रहता था कि वे कभी अपने प्रयासों में सफल हो भी पाएंगे। परन्तु फेसेंडेन का दावा है कि 24 दिसंबर, 1906 की संध्या को वे रेडियो पर संगीत प्रसारित करने वाले सर्वप्रथम व्यक्ति बन गए।

      फेसेंडेन का एक फलों का व्यापार करने वाली कंपनी के साथ अनुबंध था, और उस कंपनी ने अपनी लगभग एक दर्जन नावों पर बेतार प्रणाली लगा रखी थे जिससे केलों की फसल की काटने और बेचने से संबंधित जानकारी भेजी जा सके। उस क्रिसमस की पूर्व-संध्या को, फेसेंडेन ने बताया, कि उन्होंने उन सभी नावों के बेतार यंत्रों के चलाने वालों को बताया कि वे ध्यान दें, और उन्होंने संध्या 9 बजे, फेसेंडेन की आवाज़ सुनी।

      कहा जाता है कि फेसेंडेन ने एक संगीत नाटक का रिकॉर्ड बजाया, फिर अपने वायलिन पर “ओ पवित्र रात” गीत बजाया, और बजाते हुए उसके अंतिम छंद के शब्दों को गाया भी। अंत में उन्होंने क्रिसमस की शुभकामनाएं देते हुए परमेश्वर के वचन बाइबल से लूका 2 में से स्वर्गदूतों द्वारा बैतलेहम में चरवाहों को प्रभु यीशु के जन्म का समाचार सुनाए जाने वाले खंड को पढ़ा भी।

      दो हज़ार से भी अधिक वर्ष पहले के उन चरवाहों, तथा 1906 में उस फल व्यापार की कंपनी के नाविकों ने, अंधेरी रात में एक अप्रत्याशित तथा चकित कर देने वाला आशा से भरा सन्देश सुना। और आशा का यही सन्देश परमेश्वर आज हमें भी देता है। हमारे लिए एक मुक्तिदाता ने जन्म लिया है – प्रभु यीशु मसीह! (लूका 2:11)। इस अद्भुत आशा के सन्देश के प्रत्युत्तर में हम सदियों से मसीह यीशु में विश्वास लाने वाले लोगों के साथ सम्मिलित होकर, स्वर्गदूतों द्वारा की बात को दोहरा सकते हैं कि, “आकाश में परमेश्वर की महिमा और पृथ्वी पर उन मनुष्यों में जिनसे वह प्रसन्न है शान्‍ति हो” (पद 14)। - एमी पीटरसन

मसीह यीशु के बिना कोई आशा नहीं है। - चार्ल्स स्पर्जन

और उस स्त्री से कहा, अब हम तेरे कहने ही से विश्वास नहीं करते; क्योंकि हम ने आप ही सुन लिया, और जानते हैं कि यही सचमुच में जगत का उद्धारकर्ता है। - यूहन्ना 4:42

बाइबल पाठ: लूका 2:10-20
Luke 2:10 तब स्वर्गदूत ने उन से कहा, मत डरो; क्योंकि देखो मैं तुम्हें बड़े आनन्द का सुसमाचार सुनाता हूं जो सब लोगों के लिये होगा।
Luke 2:11 कि आज दाऊद के नगर में तुम्हारे लिये एक उद्धारकर्ता जन्मा है, और यही मसीह प्रभु है।
Luke 2:12 और इस का तुम्हारे लिये यह पता है, कि तुम एक बालक को कपड़े में लिपटा हुआ और चरनी में पड़ा पाओगे।
Luke 2:13 तब एकाएक उस स्वर्गदूत के साथ स्‍वर्गदूतों का दल परमेश्वर की स्‍तुति करते हुए और यह कहते दिखाई दिया।
Luke 2:14 कि आकाश में परमेश्वर की महिमा और पृथ्वी पर उन मनुष्यों में जिनसे वह प्रसन्न है शान्‍ति हो।
Luke 2:15 जब स्वर्गदूत उन के पास से स्वर्ग को चले गए, तो गड़ेरियों ने आपस में कहा, आओ, हम बैतलहम जा कर यह बात जो हुई है, और जिसे प्रभु ने हमें बताया है, देखें।
Luke 2:16 और उन्होंने तुरन्त जा कर मरियम और यूसुफ को और चरनी में उस बालक को पड़ा देखा।
Luke 2:17 इन्हें देखकर उन्होंने वह बात जो इस बालक के विषय में उन से कही गई थी, प्रगट की।
Luke 2:18 और सब सुनने वालों ने उन बातों से जो गड़िरयों ने उन से कहीं आश्चर्य किया।
Luke 2:19 परन्तु मरियम ये सब बातें अपने मन में रखकर सोचती रही।
Luke 2:20 और गड़ेरिये जैसा उन से कहा गया था, वैसा ही सब सुनकर और देखकर परमेश्वर की महिमा और स्‍तुति करते हुए लौट गए।

एक साल में बाइबल: 
  • हबक्कूक 1-3
  • प्रकाशितवाक्य 15



सोमवार, 23 दिसंबर 2019

साथ



      जब मैं परमेश्वर के वचन बाइबल में मत्ती रचित सुसमाचार में प्रभु यीशु के जन्म से संबंधित विवरण को पढ़ता हूँ, तो मुझे पांचवीं सदी के केल्टिक मसीही, संत पैट्रिक द्वारा लिखे गए एक मसीही भजन के शब्द याद आ जाते हैं। उन्होंने लिखा था, “मसीह मेरे साथ, मसीह मेरे आगे, मसीह मेरे पीछे, मसीह मेरे ऊपर, मसीह मेरे दाएं, मसीह मेरे बाएँ...” जिससे मुझे अनुभव होता है कि मैं कभी अकेला नहीं हूँ, मसीह ने मुझे अपने आलिंगन में ले रखा है।

      मत्ती द्वारा लिखा गया विवरण हमें बताता है कि क्रिसमस का मर्म है परमेश्वर हम मनुष्यों के साथ निवास करता है। मत्ती ने यशायाह नबी द्वारा की गई भविष्यवाणी का संदर्भ दिया कि एक कुंवारी से एक पुत्र जन्म लेगा जिसका नाम इम्मानुएल अर्थात “परमेश्वर हमारे साथ” होगा (यशायाह 7:14)। मत्ती बताता है कि यह भविष्यवाणी, पवित्र आत्मा की सामर्थ्य से प्रभु यीशु के जन्म के द्वारा, पूरी हुई; मसीह यीशु हमारे साथ रहने वाला परमेश्वर है। यह सत्य इतना महत्वपूर्ण है कि मत्ती अपने द्वारा रचित सुसमाचार का आरम्भ और अंत इसी के साथ करता है। मत्ती रचित सुसमाचार का अंत प्रभु यीशु द्वारा अपने शिष्यों से कहे गए इन शब्दों के साथ ओता है: “उन्हें सब बातें जो मैं ने तुम्हें आज्ञा दी है, मानना सिखाओ: और देखो, मैं जगत के अन्‍त तक सदैव तुम्हारे संग हूं” (मत्ती 28:20)।

      संत पैट्रिक द्वारा लिखित गीत के शब्द मुझे स्मरण दिलाते हैं कि मसीह यीशु अपने विश्वासियों के साथ सर्वदा बना रहता है, उनमें निवास करने वाले पवित्र आत्मा के द्वारा। मैं जब भी घबराता या परेशान होता हूँ तो मैन उसकी प्रतिज्ञा कि वह मुझे कभी नहीं छोड़ेगा का ध्यान करके शांत हो सकता हूँ। जब मैं बेचैन होता हूँ और ठीक से सो नहीं पाता हूँ, तो मैं उससे उसकी शान्ति को मांग सकता हूँ। जब मैं आनंदित होता हूँ और उत्सव मना रहा होता हूँ, तब मैं उसका धन्यवादी एवं कृतज्ञ हो सकता हूँ मेरे जीवन में उसके द्वारा किए गए अनुग्रह के कार्य और उसकी अनगिनित भलाईयों के लिए।

      प्रभु यीशु, इम्मानुएल – परमेश्वर हमारे साथ। - एमी बाउचर पाई

परमेश्वर का प्रेम बैतलहेम में देहधारी होकर प्रकट हुआ।

इस कारण प्रभु आप ही तुम को एक चिन्ह देगा। सुनो, एक कुमारी गर्भवती होगी और पुत्र जनेगी, और उसका नाम इम्मानूएल रखेगी। - यशायाह 7:14

बाइबल पाठ: मत्ती 1:18-23
Matthew 1:18 अब यीशु मसीह का जन्म इस प्रकार से हुआ, कि जब उस की माता मरियम की मंगनी यूसुफ के साथ हो गई, तो उन के इकट्ठे होने के पहिले से वह पवित्र आत्मा की ओर से गर्भवती पाई गई।
Matthew 1:19 सो उसके पति यूसुफ ने जो धर्मी था और उसे बदनाम करना नहीं चाहता था, उसे चुपके से त्याग देने की मनसा की।
Matthew 1:20 जब वह इन बातों के सोच ही में था तो प्रभु का स्वर्गदूत उसे स्‍वप्‍न में दिखाई देकर कहने लगा; हे यूसुफ दाऊद की सन्तान, तू अपनी पत्‍नी मरियम को अपने यहां ले आने से मत डर; क्योंकि जो उसके गर्भ में है, वह पवित्र आत्मा की ओर से है।
Matthew 1:21 वह पुत्र जनेगी और तू उसका नाम यीशु रखना; क्योंकि वह अपने लोगों का उन के पापों से उद्धार करेगा।
Matthew 1:22 यह सब कुछ इसलिये हुआ कि जो वचन प्रभु ने भविष्यद्वक्ता के द्वारा कहा था; वह पूरा हो।
Matthew 1:23 कि, देखो एक कुंवारी गर्भवती होगी और एक पुत्र जनेगी और उसका नाम इम्मानुएल रखा जाएगा जिस का अर्थ यह है “ परमेश्वर हमारे साथ”।

एक साल में बाइबल: 
  • नहूम 1-3
  • प्रकाशितवाक्य 14



रविवार, 22 दिसंबर 2019

जन्म



      पोलैंड के एक मसीही मठ में रहने वाले एक साधु, सिलेसियस ने सन 1657 में अपनी एक कविता “काश आपकी आत्मा शांत रात बन जाती”, लघु कविताओं के संग्रह, द चेरुबिक पिलग्रिम में प्रकाशित की थी, जो उस शांत धन्य रात के बारे में थी, जब प्रभु यीशु मसीह का जन्म हुआ। यह जोसफ मोहर और फ्रैन्ज़ ग्रूबर द्वारा लिखित, और विश्व भर में लोकप्रीय तथा प्रचलित क्रिसमस कैरल “धन्य रात” से बहुत पहले की बात है। सिलेसियस ने लिखा:
      देखो! रात के अँधेरे में परमेश्वर का पुत्र जन्मा है,
      और जो कुछ भी खोया या त्यागा हुआ था, वह सभी बचा लिया गया है।
      हे मनुष्य यदि तेरा मन भी एक शांत रात बन जाता     
      तो परमेश्वर तुझ में भी जन्म लेता और सब कुछ ठीक कर देता।
     
      हमारे चर्च की सालाना क्रिसमस की पूर्व-संध्या की आराधना सभा में, हमारी संगीत मण्डली ने सिलेसियस की इस कविता को गाया था।

      क्रिसमस का रहस्य यही है कि परमेश्वर हम मनुष्यों के समान एक हो गया, जिससे कि वह हमें अपने साथ एक बना सके। प्रभु यीशु मसीह ने हर वह बात सही जो गलत हो सकती थी, जिससे कि हम सही किए जा सकें। इसीलिए परमेश्वर के वचन बाइबल में पौलुस प्रेरित यह लिखा सका, “सो यदि कोई मसीह में है तो वह नई सृष्‍टि है: पुरानी बातें बीत गई हैं; देखो, वे सब नई हो गईं। और सब बातें परमेश्वर की ओर से हैं, जिसने मसीह के द्वारा अपने साथ हमारा मेल-मिलाप कर लिया, और मेल-मिलाप की सेवा हमें सौंप दी है” (2 कुरिन्थियों 5:17-18)।

      हमारा क्रिसमस चाहे परिवार और मित्र जनों से भरा हुआ हो, या हम जो कुछ भी चाहते हैं, उस सब से रिक्त हो, लेकिन हम यह जानते हैं कि प्रभु यीशु हम में जन्म लेने के लिए आए हैं, और जन्म लेना चाहते हैं। - डेविड मैक्कैसलैंड

परमेश्वर हमारे समान बन गया, जिससे हमें अपने साथ एक कर ले।

क्योंकि जो काम व्यवस्था शरीर के कारण दुर्बल हो कर न कर सकी, उसको परमेश्वर ने किया, अर्थात अपने ही पुत्र को पापमय शरीर की समानता में, और पाप के बलिदान होने के लिये भेज कर, शरीर में पाप पर दण्ड की आज्ञा दी। - रोमियों 8:3

बाइबल पाठ: 2 कुरिन्थियों 5:14-21
2 Corinthians 5:14 क्योंकि मसीह का प्रेम हमें विवश कर देता है; इसलिये कि हम यह समझते हैं, कि जब एक सब के लिये मरा तो सब मर गए।
2 Corinthians 5:15 और वह इस निमित्त सब के लिये मरा, कि जो जीवित हैं, वे आगे को अपने लिये न जीएं परन्तु उसके लिये जो उन के लिये मरा और फिर जी उठा।
2 Corinthians 5:16 सो अब से हम किसी को शरीर के अनुसार न समझेंगे, और यदि हम ने मसीह को भी शरीर के अनुसार जाना था, तौभी अब से उसको ऐसा नहीं जानेंगे।
2 Corinthians 5:17 सो यदि कोई मसीह में है तो वह नई सृष्‍टि है: पुरानी बातें बीत गई हैं; देखो, वे सब नई हो गईं।
2 Corinthians 5:18 और सब बातें परमेश्वर की ओर से हैं, जिसने मसीह के द्वारा अपने साथ हमारा मेल-मिलाप कर लिया, और मेल-मिलाप की सेवा हमें सौंप दी है।
2 Corinthians 5:19 अर्थात परमेश्वर ने मसीह में हो कर अपने साथ संसार का मेल मिलाप कर लिया, और उन के अपराधों का दोष उन पर नहीं लगाया और उसने मेल मिलाप का वचन हमें सौंप दिया है।
2 Corinthians 5:20 सो हम मसीह के राजदूत हैं; मानो परमेश्वर हमारे द्वारा समझाता है: हम मसीह की ओर से निवेदन करते हैं, कि परमेश्वर के साथ मेल मिलाप कर लो।
2 Corinthians 5:21 जो पाप से अज्ञात था, उसी को उसने हमारे लिये पाप ठहराया, कि हम उस में हो कर परमेश्वर की धामिर्कता बन जाएं।

एक साल में बाइबल: 
  • मीका 6-7
  • प्रकाशितवाक्य 13



शनिवार, 21 दिसंबर 2019

घर



      एक वर्ष, क्रिसमस के समय मैं काम पर एक ऐसे स्थान को गया हुआ था जिसे मेरे बहुत से मित्र नक़्शे पर भी ढूँढ़ नहीं पा रहे थे। एक संध्या काम समाप्त करके जब मैं थका हुआ घर की ओर चला जा रहा था, तो तेज़ बहती सर्द हवाएं मुझे परेशान कर रहीं थीं, और मेरा मन हो रहा था, काश मैं घर पर होता। जब मैनें कमरे पर पहुँच कर दरवाज़ा खोला तो वह एक चमत्कारिक पल था। मेरे साथ रहने वाले मेरे कला प्रेमी साथी ने अपनी कला का एक नया नमूना तैयार कर रखा था – चीनी मिट्टी से बना उन्नीस इंच ऊँचा क्रिसमस ट्री, जिस पर रंगीन बत्तियां जगमगा रहीं थीं, और जो उस समय हमारे कमरे के अँधेरे को रंगीन बना रही थीं। चाहे थोड़ी से देर ही के लिए सही, मुझे लगा जैसे मैं घर पहुँच गया था।

      परमेश्वर के वचन बाइबल में हम देखते हैं कि जब याकूब अपने भाई एसाव से बचकर भाग रहा था, तो एक रात उसने अपने आप को एक अकेले और सुनसान स्थान पर पाया। वह वहीं धरती पर सो गया और रात को एक स्वप्न में परमेश्वर ने उसे दर्शन दिए, और याकूब को घर के लिए एक स्थान देने का वायदा किया। परमेश्वर ने उससे कहा, “...जिस भूमि पर तू पड़ा है, उसे मैं तुझ को और तेरे वंश को दूंगा। और तेरा वंश भूमि की धूल के किनकों के समान बहुत होगा, और पच्छिम, पूरब, उत्तर, दक्खिन, चारों ओर फैलता जाएगा: और तेरे और तेरे वंश के द्वारा पृथ्वी के सारे कुल आशीष पाएंगे” (उत्पत्ति 28:13-14)।

      आगे चलकर याकूब के वंशजों में से ही प्रतिज्ञागत मसीहा – संसार के उद्धारकर्ता प्रभु यीशु मसीह, अपना स्वर्गीय घर छोड़कर आए, और उन्होंने उन पर विश्वास लाने वालों को यह वायदा दिया कि, “और यदि मैं जा कर तुम्हारे लिये जगह तैयार करूं, तो फिर आकर तुम्हें अपने यहां ले जाऊंगा, कि जहां मैं रहूं वहां तुम भी रहो” (यूहन्ना 14:3)।

      उस दिसंबर की रात को मैं अपने कमरे के अँधेरे में बैठा उस क्रिसमस ट्री को निहार रहा था; और निश्चय ही मैंने जगत की उस ज्योति के बारे में सोचा होगा, जो समस्त संसार के लोगों सभी लोगों को घर वापसी का मार्ग प्रदान करने आई थी। - टीम गुस्ताफ्सन

घर नक़्शे पर स्थित कोई स्थान नहीं है; 
वह अपनेपन का स्थान है; और परमेश्वर ही हमें वह स्थान देता है।

तब यीशु ने फिर लोगों से कहा, जगत की ज्योति मैं हूं; जो मेरे पीछे हो लेगा, वह अन्धकार में न चलेगा, परन्तु जीवन की ज्योति पाएगा। - यूहन्ना 8:12

बाइबल पाठ: उत्पत्ति 28:10-17
Genesis 28:10 सो याकूब बेर्शेबा से निकल कर हारान की ओर चला।
Genesis 28:11 और उसने किसी स्थान में पहुंच कर रात वहीं बिताने का विचार किया, क्योंकि सूर्य अस्त हो गया था; सो उसने उस स्थान के पत्थरों में से एक पत्थर ले अपना तकिया बना कर रखा, और उसी स्थान में सो गया।
Genesis 28:12 तब उसने स्वप्न में क्या देखा, कि एक सीढ़ी पृथ्वी पर खड़ी है, और उसका सिरा स्वर्ग तक पहुंचा है: और परमेश्वर के दूत उस पर से चढ़ते उतरते हैं।
Genesis 28:13 और यहोवा उसके ऊपर खड़ा हो कर कहता है, कि मैं यहोवा, तेरे दादा इब्राहीम का परमेश्वर, और इसहाक का भी परमेश्वर हूं: जिस भूमि पर तू पड़ा है, उसे मैं तुझ को और तेरे वंश को दूंगा।
Genesis 28:14 और तेरा वंश भूमि की धूल के किनकों के समान बहुत होगा, और पच्छिम, पूरब, उत्तर, दक्खिन, चारों ओर फैलता जाएगा: और तेरे और तेरे वंश के द्वारा पृथ्वी के सारे कुल आशीष पाएंगे।
Genesis 28:15 और सुन, मैं तेरे संग रहूंगा, और जहां कहीं तू जाए वहां तेरी रक्षा करूंगा, और तुझे इस देश में लौटा ले आऊंगा: मैं अपने कहे हुए को जब तक पूरा न कर लूं तब तक तुझ को न छोडूंगा।
Genesis 28:16 तब याकूब जाग उठा, और कहने लगा; निश्चय इस स्थान में यहोवा है; और मैं इस बात को न जानता था।
Genesis 28:17 और भय खा कर उसने कहा, यह स्थान क्या ही भयानक है! यह तो परमेश्वर के भवन को छोड़ और कुछ नहीं हो सकता; वरन यह स्वर्ग का फाटक ही होगा।

एक साल में बाइबल: 
  • मीका 4-5
  • प्रकाशितवाक्य 12