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सोमवार, 10 दिसंबर 2018

मित्रता



      चार्ल्स लोएरी ने अपने मित्र से अपनी पीठ के निचले भाग में हो रहे दर्द के विषय शिकायत की। उसे अपने मित्र से सहानुभूतिपूर्ण प्रत्युत्तर की अपेक्षा था, परन्तु उसके मित्र ने उसे एक ईमानदार आंकलन दिया। उसके मित्र ने कहा, “मुझे नहीं लगता है कि तुम्हारे पीठ में कोई समस्या है; समस्या है तुम्हारा पेट। तुम्हारा पेट इतना बड़ा है कि वह पीठ को असंतुलित कर रहा है।”

      REV! पत्रिका में लिखे गए अपने लेख में चार्ल्स ने इस बात को बताते हुए कहा कि उसने अपने मित्र की बात का बुरा मान लेने के प्रलोभन का डट कर सामना किया। उसने वज़न कम करना आरंभ किया, और वज़न कम हो जाने के साथ उसके कमर दर्द की समस्या भी चली गई। चार्ल्स ने परमेश्वर के वचन बाइबल की बात को पहचाना कि, “खुली हुई डांट गुप्त प्रेम से उत्तम है। जो घाव मित्र के हाथ से लगें वह विश्वासयोग्य है परन्तु बैरी अधिक चुम्बन करता है” (नीतिवचन 27:5-6)।

      समस्या यह है कि हम बहुधा आलोचना द्वारा बचाए जाने की अपेक्षा, प्रशंसा के द्वारा बर्बाद हो जाना अधिक पसन्द करते हैं, क्योंकि आलोचना से पीड़ा होती है। आलोचना हमारे अहम को ठेस पहुंचाती है, हमें विचलित करती है और हमें बदलने के लिए कहती है।

      सच्चे मित्र हमें आहत करने से सुखी नहीं होते हैं; वे हमसे इतना प्रेम करते हैं कि हमें धोखे में रखना नहीं चाहते हैं। वे ही लोग हैं जो साहस करके हमें सप्रेम वह बताते हैं जिसे हम जानते तो हैं परन्तु उसे स्वीकार करके उसके अनुसार चलने और जीवन जीने में आनाकानी करते हैं। मित्र हमें न केवल वह बताते हैं जो हम सुनना चाहते हैं, वरन वह भी जिसे वास्तव में सुनने की हमें आवश्यकता है।

      बाइबल के एक प्रमुख पात्र, राजा सुलेमान ने ऐसी मित्रता को अपने द्वारा लिखे नीतिवचनों में आदर दिया। प्रभु यीशु मसीह ने तो इससे भी बढ़कर हमारे लिए किया, उसने हमारे विषय सत्य को हमें बताने के लिए हमारे द्वारा उसे तिरिस्कार करने के घाव भी सहे, और हमारे पापों की क्षमा और उद्धार के लिए अपने आप को बलिदान भी कर दिया तथा तीसरे दिन मृतकों में से जी उठा, और दिखा दिया कि वह हम से कितना प्रेम करता है। - पो फंग चिया


मित्र वही है जो आपको प्रेम के साथ सत्य बता सकता है।

इस से बड़ा प्रेम किसी का नहीं, कि कोई अपने मित्रों के लिये अपना प्राण दे। जो कुछ मैं तुम्हें आज्ञा देता हूं, यदि उसे करो, तो तुम मेरे मित्र हो। - यूहन्ना 15:13-14

बाइबल पाठ: नीतिवचन 27:5-10
Proverbs 27:5 खुली हुई डांट गुप्त प्रेम से उत्तम है।
Proverbs 27:6 जो घाव मित्र के हाथ से लगें वह विश्वासयोग्य है परन्तु बैरी अधिक चुम्बन करता है।
Proverbs 27:7 सन्तुष्ट होने पर मधु का छत्ता भी फीका लगता है, परन्तु भूखे को सब कड़वी वस्तुएं भी मीठी जान पड़ती हैं।
Proverbs 27:8 स्थान छोड़ कर घूमने वाला मनुष्य उस चिडिय़ा के समान है, जो घोंसला छोड़ कर उड़ती फिरती है।
Proverbs 27:9 जैसे तेल और सुगन्ध से, वैसे ही मित्र के हृदय की मनोहर सम्मति से मन आनन्दित होता है।
Proverbs 27:10 जो तेरा और तेरे पिता का भी मित्र हो उसे न छोड़ना; और अपनी विपत्ति के दिन अपने भाई के घर न जाना। प्रेम करने वाला पड़ोसी, दूर रहने वाले भाई से कहीं उत्तम है।


एक साल में बाइबल: 
  • होशे 1-4
  • प्रकाशितवाक्य 1



रविवार, 9 दिसंबर 2018

प्रोत्साहन



      एक पुराना गाना है, “If We Make it Through December” जो एक ऐसे व्यक्ति की कहानी बताता है जिसे फैक्ट्री के कार्य से निकाल दिया जाता है और उसके पास अपने बेटी के लिए क्रिसमस के उपहार खरीदने के लिए कोई पैसा नहीं होता है। यद्यपि दिसंबर वर्ष का आनन्द मनाने का समय होता है, उसका जीवन अन्धेरा और ठंडा था।

      निराशा दिसंबर के लिए अनूठी तो नहीं है, परन्तु उस समय बढ़ सकती है। हमारी अपेक्षाएं बड़ी हो सकती हैं, हमारी उदासी और गहरी हो सकती है। ऐसे में थोड़ा सा प्रोत्साहन बहुत सहायक हो सकता है।

      परमेश्वर के वचन बाइबल में नए नियम खण्ड का एक पात्र है यूसुफ, जो साइप्रस का निवासी था, प्रभु यीशु के आरंभिक अनुयायियों में से था, और प्रेरित उसे बरनाबास अर्थात “शान्ति का पुत्र” भी कहते थे। उससे हमारी मुलाकात प्रेरितों 4:36-37 में होती है, जब उसने अपनी भूमि बेचकर अन्य विश्वासियों की आवश्यकता में उनकी सहायता के लिए वह पैसा दान कर दिया। बाद में हम देखते हैं कि जब अन्य शिष्य पौलुस से भयभीत थे, क्योंकि पहले शाउल (पौलुस का पहला नाम) यीशु के शिष्यों का शत्रु हुआ करता था, तो बरनाबास ही था जो मसीह द्वारा उसके परिवर्तन पर विश्वास करके,पौलुस को खोजकर अन्य शिष्यों के पास लेकर लाया और उसका समर्थन किया, उसे अन्य शिष्यों से मिलवाया  (प्रेरितों 9:26-27)।

      हमारे चारों ओर ऐसे लोग हैं जिन्हें प्रोत्साहन की आवश्यकता है। समय से कहा गया एक शब्द, एक फोन, या एक प्रार्थना, मसीह में उनके विश्वास को सहारा दे सकती है, उन्हें संभाल सकती है।

      बरनाबास की उदारता और सहायता दिखाते हैं कि शान्ति या प्रोत्साहन का पुत्र होने का अभिप्राय क्या होता है। हो सकता है कि यह प्रोत्साहन ही वह सबसे अच्छा उपहार है जिसे आप इस क्रिसमस काल में किसी को दे सकें। - डेविड मैक्कोस्लैंड


प्रोत्साहन किसे को दिया गया सर्वोत्तम उपहार हो सकता है।

हे भाइयों, यदि कोई मनुष्य किसी अपराध में पकड़ा भी जाए, तो तुम जो आत्मिक हो, नम्रता के साथ ऐसे को संभालो, और अपनी भी चौकसी रखो, कि तुम भी परीक्षा में न पड़ो। - गलातियों 6:1

बाइबल पाठ: प्रेरितों 4:32-37; 9:26-27
Acts 4:32 और विश्वास करने वालों की मण्‍डली एक चित्त और एक मन के थे यहां तक कि कोई भी अपनी सम्पति अपनी नहीं कहता था, परन्तु सब कुछ साझे का था।
Acts 4:33 और प्रेरित बड़ी सामर्थ से प्रभु यीशु के जी उठने की गवाही देते रहे और उन सब पर बड़ा अनुग्रह था।
Acts 4:34 और उन में कोई भी दरिद्र न था, क्योंकि जिन के पास भूमि या घर थे, वे उन को बेच बेचकर, बिकी हुई वस्‍तुओं का दाम लाते, और उसे प्रेरितों के पांवों पर रखते थे।
Acts 4:35 और जैसी जिसे आवश्यकता होती थी, उसके अनुसार हर एक को बांट दिया करते थे।
Acts 4:36 और यूसुफ नाम, कुप्रुस का एक लेवी था जिसका नाम प्रेरितों ने बरनबास (अर्थात शान्‍ति का पुत्र) रखा था।
Acts 4:37 उस की कुछ भूमि थी, जिसे उसने बेचा, और दाम के रूपये लाकर प्रेरितों के पांवों पर रख दिए।

Acts 9:26 यरूशलेम में पहुंचकर उसने चेलों के साथ मिल जाने का उपाय किया: परन्तु सब उस से डरते थे, क्योंकि उन को प्रतीति न होता था, कि वह भी चेला है।
Acts 9:27 परन्तु बरनबास ने उसे अपने साथ प्रेरितों के पास ले जा कर उन से कहा, कि इस ने किस रीति से मार्ग में प्रभु को देखा, और इस ने इस से बातें कीं; फिर दमिश्क में इस ने कैसे हियाव से यीशु के नाम का प्रचार किया।


एक साल में बाइबल: 
  • दानिय्येल 11-12
  • यहूदा



शनिवार, 8 दिसंबर 2018

स्तुति-आराधना



      फिल्मों में धवनी को सुनने का एक नया प्रकार, “स्टीरियोफोनिक साउंड” या सराउंड साउंड को सबसे पहले वॉल्ट डिज़्नी स्टूडियोज लाए थे, क्योंकि फिल्म निर्माता चाहते थे कि फ़िल्में देखने जाने वाले दर्शक संगीत को एक नई रीति से सुनें।

      परन्तु सराउंड साउंड के सिद्धांत का यह सर्वप्रथम उपयोग नहीं था। हज़ारों वर्ष पहले नहेम्याह ने यरूशलेम की पुनःनिर्मित दीवार के समर्पण के समय इस विचार को कार्यान्वित किया था। परमेश्वर के वचन बाइबल में हम देखते हैं कि नहेम्याह बता रहा है: “तब मैं ने यहूदी हाकिमों को शहरपनाह पर चढ़ाकर दो बड़े दल ठहराए, जो धन्यवाद करते हुए धूमधाम के साथ चलते थे। इनमें से एक दल तो दक्खिन ओर, अर्थात कूड़ाफाटक की ओर शहरपनाह के ऊपर ऊपर से चला” (नहेम्याह 12:31)। वे दोनों संगीत मंडलियां दीवार के दक्षिणी भाग से आरंभ हुईं, और एक दाहिनी ओर गई, तथा दूसरी बाईं ओर, और उन्होंने यरूशलेम शहर को स्तुति-आराधना गाते हुए घेर लिया (पद 31, 37-40)। उन मंडलियों ने स्तुति-आराधना करने में लोगों की अगुवाई की क्योंकि “परमेश्वर ने उन्हें बहुत ही आनन्दित किया था”; और उनके आनन्द की यह ध्वनी दूर-दूर तक फैल गई (पद 43)।

      उनकी यह आराधना परमेश्वर की सहायता के कारण थी क्योंकि लोग संबल्लत जैसे शत्रुओं द्वारा किए गए विरोध पर विजयी हुए थे और दीवार के निर्माण को पूरा करने पाए थे। क्या परमेश्वर ने हमें कुछ दिया है जिससे हमारा आनन्द स्तुति-आराधना में होकर प्रवाहित हो – परमेश्वर का स्पष्ट मार्गदर्शन? परेशानियों के समय में उससे मिलने वाली सांत्वना और चैन? या हमें मिला सबसे उत्तम उपहार  – हमारे पापों की क्षमा और उद्धार?

      हो सकता है कि हम अपनी स्तुति-आराधना के द्वारा सराउंड साउंड उत्पन्न न कर सकें, परन्तु हम परमेश्वर द्वारा दिए गए आनन्द में मगन हो सकते हैं। फिर अन्य लोग हमें परमेश्वर की स्तुति-आराधाना करते हुए सुन सकते हैं और जान सकते हैं कि वह कैसे कार्य करता है। - डेव ब्रैनन


हम कभी भी यीशु की अत्याधिक स्तुति-आराधाना नहीं कर सकते है!

यहोवा के लिये एक नया गीत गाओ, क्योंकि उसने आश्चर्यकर्म किए है! उसके दाहिने हाथ और पवित्र भुजा ने उसके लिये उद्धार किया है! – भजन 98:1

बाइबल पाठ: नहेम्याह 12:27-43
Nehemiah 12:27 और यरूशलेम की शहरपनाह की प्रतिष्ठा के समय लेवीय अपने सब स्थानों में ढूंढ़े गए, कि यरूशलेम को पहुंचाए जाएं, जिस से आनन्द और धन्यवाद कर के और झांझ, सारंगी और वीणा बजाकर, और गाकर उसकी प्रतिष्ठा करें।
Nehemiah 12:28 तो गवैयों के सन्तान यरूशलेम के चारों ओर के देश से और नतोपातियों के गांवों से,
Nehemiah 12:29 और बेतगिलगाल से, और गेबा और अज्माबेत के खेतों से इकट्ठे हुए; क्योंकि गवैयों ने यरूशलेम के आस-पास गांव बसा लिये थे।
Nehemiah 12:30 तब याजकों और लेवियों ने अपने अपने को शुद्ध किया; और उन्होंने प्रजा को, और फाटकों और शहरपनाह को भी शुद्ध किया।
Nehemiah 12:31 तब मैं ने यहूदी हाकिमों को शहरपनाह पर चढ़ाकर दो बड़े दल ठहराए, जो धन्यवाद करते हुए धूमधाम के साथ चलते थे। इनमें से एक दल तो दक्खिन ओर, अर्थात कूड़ाफाटक की ओर शहरपनाह के ऊपर ऊपर से चला;
Nehemiah 12:32 और उसके पीछे पीछे ये चले, अर्थात होशयाह और यहूदा के आधे हाकिम,
Nehemiah 12:33 और अजर्याह, एज्रा, मशुल्लाम,
Nehemiah 12:34 यहूदा, बिन्यामीन, शमायाह, और यिर्मयाह,
Nehemiah 12:35 और याजकों के कितने पुत्र तुरहियां लिये हुए: अर्थात जकर्याह जो योहानान का पुत्र था, यह शमायाह का पुत्र, यह मत्तन्याह का पुत्र, यह मीकायाह का पुत्र, यह जक्कूर का पुत्र, यह आसाप का पुत्र था।
Nehemiah 12:36 और उसके भाई शमायाह, अजरेल, मिललै, गिललै, माऐ, नतनेल, यहूदा और हनानी परमेश्वर के भक्त दाऊद के बाजे लिये हुए थे; और उनके आगे आगे एज्रा शास्त्री चला।
Nehemiah 12:37 ये सोताफाटक से हो सीधे दाऊदपुर की सीढ़ी पर चढ़, शहरपनाह की ऊंचाई पर से चलकर, दाऊद के भवन के ऊपर से हो कर, पूरब की ओर जलफाटक तक पहुंचे।
Nehemiah 12:38 और धन्यवाद करने और धूमधाम से चलने वालों का दूसरा दल, और उनके पीछे पीछे मैं, और आधे लोग उन से मिलने को शहरपनाह के ऊपर ऊपर से भट्ठों के गुम्मट के पास से चौड़ी शहरपनाह तक।
Nehemiah 12:39 और एप्रैम के फाटक और पुराने फाटक, और मछलीफाटक, और हननेल के गुम्मट, और हम्मेआ नाम गुम्मट के पास से हो कर भेड़ फाटक तक चले, और पहरुओं के फाटक के पास खड़े हो गए।
Nehemiah 12:40 तब धन्यवाद करने वालों के दोनों दल और मैं और मेरे साथ आधे हाकिम परमेश्वर के भवन में खड़े हो गए।
Nehemiah 12:41 और एल्याकीम, मासेयाह, मिन्यामीन, मीकायाह, एल्योएनै, जकर्याह और हनन्याह नाम याजक तुरहियां लिये हुए थे।
Nehemiah 12:42 और मासेयाह, शमायाह, एलीआजर, उज्जी, यहोहानान, मल्किय्याह, एलाम, ओर एजेर (खड़े हुए थे) और गवैये जिनका मुखिया यिज्रह्याह था, वह ऊंचे स्वर से गाते बजाते रहे।
Nehemiah 12:43 उसी दिन लोगों ने बड़े बड़े मेलबलि चढ़ाए, और आनन्द लिया; क्योंकि परमेश्वर ने उन को बहुत ही आनन्दित किया था; स्त्रियों ने और बाल-बच्चों ने भी आनन्द किया। और यरूशलेम के आनन्द की ध्वनि दूर दूर तक फैल गई।


एक साल में बाइबल: 
  • दानिय्येल 8-10
  • 3 यूहन्ना



शुक्रवार, 7 दिसंबर 2018

एकता



      तीन बड़े और हिंसक जानवरों को एक साथ खेलते और आपस में लिपटते देखना बहुत ही असामान्य है। परन्तु यह जोर्जिया प्रांत के एक पशु शरणस्थान में प्रतिदिन होता रहता है। सन 2001 में, महीनों से उपेक्षा और दुर्व्यवहार झेल रहे एक शेर, एक बाघ और एक भालू को संरक्षकों ने बचाया। उस शरणस्थान के उप्निर्देश्क ने कहा, “हम इन्हें अलग-अलग रख सकते थे, परन्तु क्योंकि ये एक परिवार के समान साथ ही आए थे इसलिए हमने उन्हें साथ ही रहने देने का निर्णय लिया। उन तीनों जनावारों को, उनके साथ हो रहे दुर्व्यवहार के समय में, एक दूसरे के साथ से सुख मिलता था, और अपनी भिन्नताओं के बावजूद वे अभी भी एक-दूसरे के साथ शान्ति से रहते हैं।

      एकता बहुत सुन्दर बात है। परन्तु परमेश्वर के वचन बाइबल में जिस एकता के विषय पौलुस ने इफिसियों की मण्डली को अपने द्वारा लिखी गई पत्री में लिखा था वह अनुपम है। पौलुस ने उन्हें प्रोत्साहित किया कि वे मसीह में एक देह होकर रहने की अपनी बुलाहट के अनुसार रहें (इफिसियों 4:4-5)। पवित्र आत्मा की सामर्थ्य से वे एकमनता के साथ रहने पाते, और उनमें नम्रता, कोमलता, और धैर्य बढ़ता जाता। यही गुण हमें, मसीह यीशु में होकर हमें मिले सामान्य आधार के द्वारा, “एक दूसरे की सहने” में भी सहायता करते हैं (4:2)।

      हमारी परस्पर भिन्नताओं के बावजूद, परमेश्वर के परिवार के सदस्य होने के नाते, उसके साथ हमारा मेल-मिलाप हमारे उद्धारकर्ता की मृत्यु के द्वारा हुआ है, और एक दूसरे के साथ हमारा मेल-मिलाप हमारे जीवन में चल रहे पवित्र आत्मा के कार्य के द्वारा होता है। - मारविन विलियम्स


आत्मा में एक होने के द्वारा ही हम एकता को बनाए रख सकते हैं।

सो यदि मसीह में कुछ शान्‍ति और प्रेम से ढाढ़स और आत्मा की सहभागिता, और कुछ करूणा और दया है। तो मेरा यह आनन्द पूरा करो कि एक मन रहो और एक ही प्रेम, एक ही चित्त, और एक ही मनसा रखो। - फिलिप्पियों 2:1-2

बाइबल पाठ:इफिसियों 4:1-6
Ephesians 4:1 सो मैं जो प्रभु में बन्‍धुआ हूं तुम से बिनती करता हूं, कि जिस बुलाहट से तुम बुलाए गए थे, उसके योग्य चाल चलो।
Ephesians 4:2 अर्थात सारी दीनता और नम्रता सहित, और धीरज धरकर प्रेम से एक दूसरे की सह लो।
Ephesians 4:3 और मेल के बन्ध में आत्मा की एकता रखने का यत्‍न करो।
Ephesians 4:4 एक ही देह है, और एक ही आत्मा; जैसे तुम्हें जो बुलाए गए थे अपने बुलाए जाने से एक ही आशा है।
Ephesians 4:5 एक ही प्रभु है, एक ही विश्वास, एक ही बपतिस्मा।
Ephesians 4:6 और सब का एक ही परमेश्वर और पिता है, जो सब के ऊपर और सब के मध्य में, और सब में है।


एक साल में बाइबल: 
  • दानिय्येल 5-7
  • 2 यूहन्ना



गुरुवार, 6 दिसंबर 2018

दयालुता



      जब मैं बच्चा था, तब मैं एल. फ्रैंक बौम की ‘लैंड ऑफ ओज़’ श्रंखला की पुस्तकों को बड़ी रुचि के साथ पढ़ता था। हाल ही में उसी श्रंखला की एक पुस्तक रिंकीटिंक इन ओज़ मेरे हाथ लगी, समस्त मूल कलाकृतियों के साथ। एक बार फिर मैं बौम के उस व्यावाहारिक भलाई से भरे चरित्र, राजा रिंकीटिंक की मस्खरी हरकतों पर हँसा। उस पुस्तक के एक अन्य चरित्र, राजकुमार इंगा ने राजा का सही वर्णन दिया: “उनका हृदय दयालु और कोमल है, और यह बुद्धिमान होने से कहीं बेहतर है।”

      यह बात कितनी साधारण किन्तु कितनी विवेकपूर्ण है। परन्तु शायद ही कोई होगा जिसने अपने किसी प्रिय जन का हृदय अपनी किसी कठोर बात के द्वारा दुखाया न हो। ऐसा करने के द्वारा हम न केवल उस समय की शान्ति और सुख में परेशानी उत्पन्न करते हैं परन्तु जिनसे हम प्रेम करते हैं उनके प्रति की गई भलाई में से भी बहुत कुछ बिगाड़ देते हैं। एक 18वीं सदी की लेखिका हन्नाह मोर ने कहा, “एक छोटी सी दयाहीनता, बहुत बड़ा अपराध होती है।”

      भला समाचार यह है कि कोई भी दयालु हो सकता है। हो सकता है कि हम कोई प्रोत्साहित करने वाला सन्देश प्रचार न कर सकें, कठिन प्रश्नों के उत्तर न देने पाएँ, या बहुत से लोगों तक सुसमाचार सन्देश न पहुँचा पाएँ; परन्तु हम सभी दयालु अवश्य हो सकते हैं।

      कैसे? प्रार्थना के द्वारा। हमारे हृदयों को नम्र करने का यही एक तरीका है। परमेश्वर के वचन बाइबल में भजनकार ने कहा: “हे यहोवा, मेरे मुख का पहरा बैठा, मेरे होठों के द्वार पर रखवाली कर! मेरा मन किसी बुरी बात की ओर फिरने न दे; मैं अनर्थकारी पुरूषों के संग, दुष्ट कामों में न लगूं, और मैं उनके स्वादिष्ट भोजन वस्तुओं में से कुछ न खाऊं!” (भजन 141: 3-4)।

      ऐसे सँसार में जहाँ प्रेम ठण्डा पड़ गया है, परमेश्वर के हृदय से आने वाली दयालुता किसी के भी लिए सबसे अधिक सहायक और स्वस्थ करने वाली बात हो सकती है। - डेविड रोपर


यह ज्ञान कि परमेश्वर ने मुझ से असीम प्रेम किया है, 
मुझे बाध्य करेगा कि मैं भी सँसार में जाऊँ तथा औरों से ऐसा ही प्रेम करूँ। - ओस्वोल्ड चैम्बर्स

और अधर्म के बढ़ने से बहुतों का प्रेम ठण्‍डा हो जाएगा। परन्तु जो अन्‍त तक धीरज धरे रहेगा, उसी का उद्धार होगा। - मत्ती 24:12-13


बाइबल पाठ: भजन 141
Psalms 141:1 हे यहोवा, मैं ने तुझे पुकारा है; मेरे लिये फुर्ती कर! जब मैं तुझ को पुकारूं, तब मेरी ओर कान लगा!
Psalms 141:2 मेरी प्रार्थना तेरे साम्हने सुगन्ध धूप, और मेरा हाथ फैलाना, संध्या काल का अन्नबलि ठहरे!
Psalms 141:3 हे यहोवा, मेरे मुख का पहरा बैठा, मेरे होठों के द्वार पर रखवाली कर!
Psalms 141:4 मेरा मन किसी बुरी बात की ओर फिरने न दे; मैं अनर्थकारी पुरूषों के संग, दुष्ट कामों में न लगूं, और मैं उनके स्वादिष्ट भोजन वस्तुओं में से कुछ न खाऊं!
Psalms 141:5 धर्मी मुझ को मारे तो यह कृपा मानी जाएगी, और वह मुझे ताड़ना दे, तो यह मेरे सिर पर का तेल ठहरेगा; मेरा सिर उस से इन्कार न करेगा। लोगों के बुरे काम करने पर भी मैं प्रार्थना में लौलीन रहूंगा।
Psalms 141:6 जब उनके न्यायी चट्टान के पास गिराए गए, तब उन्होंने मेरे वचन सुन लिये; क्योंकि वे मधुर हैं।
Psalms 141:7 जैसे भूमि में हल चलने से ढेले फूटते हैं, वैसे ही हमारी हडि्डयां अधोलोक के मुंह पर छितराई हुई हैं।
Psalms 141:8 परन्तु हे यहोवा, प्रभु, मेरी आंखे तेरी ही ओर लगी हैं; मैं तेरा शरणागत हूं; तू मेरे प्राण जाने न दे!
Psalms 141:9 मुझे उस फन्दे से, जो उन्होंने मेरे लिये लगाया है, और अनर्थकारियों के जाल से मेरी रक्षा कर!
Psalms 141:10 दुष्ट लोग अपने जालों में आप ही फंसें, और मैं बच निकलूं।


एक साल में बाइबल: 
  • दानिय्येल 3-4
  • 1 यूहन्ना 5



बुधवार, 5 दिसंबर 2018

ज्योति



      प्रति वर्ष, क्रिसमस के निकट के कुछ सप्ताह के लिए, सिंगापुर का सैलानियों का प्रमुख क्षेत्र, औरर्चर्ड रोड, ज्योति और रंगों के अद्भुत सँसार में परिवर्तित हो जाता है। ज्योति का यह नज़ारा, इस “व्यवसाय के सुनहरे माह” में, सैलानियों को आकर्षित कर के उन्हें वहाँ की दुकानों से सामान खरीदने में पैसा खर्च करवाने के लिए उत्साहित करने के लिए होता है। खरीददार आते हैं, उत्सव का आनन्द लेते हैं, संगीत मंडलियों को परिचित क्रिसमस गीत गाते हुए सुनते हैं, और कलाकारों को प्रदर्शन करते हुए देखते हैं।

      इसकी तुलना में, सबसे पहले “क्रिसमस” पर ज्योति का प्रदर्शन बिजली के तारों और चमकती हुई बत्तियों से नहीं हुआ था, परन्तु “प्रभु का एक दूत उन के पास आ खड़ा हुआ; और प्रभु का तेज उन के चारों ओर चमका” (लूका 2:9)। किसी सैलानी ने उस प्रदर्शन को नहीं देखा, केवल कुछ साधारण से चरवाहों ने, जो मैदान में भेड़ चारा रहे थे ही उसे देखा। उसके पश्चात स्वर्गदूतों की संगीत मण्डली ने परमेश्वर का स्तुतिगान किया (लूका 2:14)। और इस सब का उद्देश्य लोगों से पैसा कमाकर अपना लाभ अर्जित करना नहीं वरन सँसार के लिए बलिदान देकर पापों से बचने तथा उद्धार का मार्ग देने वाले प्रभु यीशु को प्रस्तुत करना था।

      वे चरवाहे बैतलहम गए, यह देखने के लिए कि जो कुछ बताया गया था वह सत्य है कि नहीं (लूका 2:15) और जब उन्होंने बात को सत्य पाया तो वे इस आनन्द के समाचार को अपनी तक सीमित नहीं रख सके, उन्होंने जाकर सब को बताया: “इन्हें देखकर उन्होंने वह बात जो इस बालक के विषय में उन से कही गई थी, प्रगट की” (लूका 2:17)।

      हम में से बहुतेरों ने क्रिसमस की कहानी अकसर सुनी है। इस क्रिसमस पर क्यों न जीवन की ज्योति की यह सच्चाई औरों के साथ भी बांटे कि “जगत की ज्योति” प्रभु यीशु सँसार में आ चुका है, अब किसी को भी पाप के अन्धकार में जीवन बिताने की आवश्यकता नहीं है। - सी. पी. हिया


हमारे अन्दर परमेश्वर के प्रेम का उपहार, 
किसी के भी अंधकारमय जीवन को ज्योतिर्मय बना सकता है।

तब यीशु ने फिर लोगों से कहा, जगत की ज्योति मैं हूं; जो मेरे पीछे हो लेगा, वह अन्धकार में न चलेगा, परन्तु जीवन की ज्योति पाएगा। - यूहन्ना 8:12

बाइबल पाठ: लूका 2:4-18
Luke 2:4 सो यूसुफ भी इसलिये कि वह दाऊद के घराने और वंश का था, गलील के नासरत नगर से यहूदिया में दाऊद के नगर बैतलहम को गया।
Luke 2:5 कि अपनी मंगेतर मरियम के साथ जो गर्भवती थी नाम लिखवाए।
Luke 2:6 उन के वहां रहते हुए उसके जनने के दिन पूरे हुए।
Luke 2:7 और वह अपना पहिलौठा पुत्र जनी और उसे कपड़े में लपेटकर चरनी में रखा: क्योंकि उन के लिये सराय में जगह न थी।
Luke 2:8 और उस देश में कितने गड़ेरिये थे, जो रात को मैदान में रहकर अपने झुण्ड का पहरा देते थे।
Luke 2:9 और प्रभु का एक दूत उन के पास आ खड़ा हुआ; और प्रभु का तेज उन के चारों ओर चमका, और वे बहुत डर गए।
Luke 2:10 तब स्वर्गदूत ने उन से कहा, मत डरो; क्योंकि देखो मैं तुम्हें बड़े आनन्द का सुसमाचार सुनाता हूं जो सब लोगों के लिये होगा।
Luke 2:11 कि आज दाऊद के नगर में तुम्हारे लिये एक उद्धारकर्ता जन्मा है, और यही मसीह प्रभु है।
Luke 2:12 और इस का तुम्हारे लिये यह पता है, कि तुम एक बालक को कपड़े में लिपटा हुआ और चरनी में पड़ा पाओगे।
Luke 2:13 तब एकाएक उस स्वर्गदूत के साथ स्‍वर्गदूतों का दल परमेश्वर की स्‍तुति करते हुए और यह कहते दिखाई दिया।
Luke 2:14 कि आकाश में परमेश्वर की महिमा और पृथ्वी पर उन मनुष्यों में जिनसे वह प्रसन्न है शान्‍ति हो।
Luke 2:15 जब स्वर्गदूत उन के पास से स्वर्ग को चले गए, तो गड़ेरियों ने आपस में कहा, आओ, हम बैतलहम जा कर यह बात जो हुई है, और जिसे प्रभु ने हमें बताया है, देखें।
Luke 2:16 और उन्होंने तुरन्त जा कर मरियम और यूसुफ को और चरनी में उस बालक को पड़ा देखा।
Luke 2:17 इन्हें देखकर उन्होंने वह बात जो इस बालक के विषय में उन से कही गई थी, प्रगट की।
Luke 2:18 और सब सुनने वालों ने उन बातों से जो गड़िरयों ने उन से कहीं आश्चर्य किया।


एक साल में बाइबल: 
  • दानिय्येल 1-2
  • 1 यूहन्ना 4



मंगलवार, 4 दिसंबर 2018

खज़ाना



      मेक्सिको के पुरातत्ववेता,एल्फोंसो कासो ने 1932 में मोंटे एल्बन, ओक्साका में कब्र 7 को खोजा था। वहाँ उसे चार सौ से भी अधिक शिल्पकृतियाँ मिली, जिनमें मेक्सिको पर स्पेन के कब्ज़े से पहले के सैंकड़ों भी जवाहरात हैं। उसने इस खज़ाने को “मोंटे एल्बन का खज़ाना” कहा। यह मेक्सिको की पुरातत्व खोज के इतिहास में एक प्रमुख खोज है। हम कासो की उत्तेजना की कल्पना कर सकते हैं जब उसने उस खज़ाने के जवाहरात को अपने हाथों में उठाया होगा।

      इससे भी सदियों पहले परमेश्वर के वचन बाइबल में भजनकार ने ऐसे खज़ाने के विषय लिखा था जो सोने या स्फटिक से भी अधिक मूल्यवान है। भजनकार ने कहा, “जैसे कोई बड़ी लूट पा कर हर्षित होता है, वैसे ही मैं तेरे वचन के कारण हर्षित हूं” (भजन 119:162)। भजन 119 में लेखक जानता था कि परमेश्वर के निर्देश और प्रतिज्ञाएँ हमारे जीवनों के लिए कितने बहुमूल्य हैं, इसलिए उसने उनकी तुलना विजयी शासक को लूट में मिलने वाले खज़ाने से की।

      आज कासो का नाम उसके द्वारा कब्र 7 को खोज निकालने के लिए किया जाता है। उसके द्वारा खोजे गए खज़ाने को देखने का आनन्द हम ओक्साका के संग्रहालय में जाकर ही ले सकते हैं। परन्तु भजनकार का खज़ाना हमारे हाथों में उपलब्ध है। हम दिन-प्रतिदिन पवित्र शास्त्र में खोज कर परमेश्वर की प्रतिज्ञाओं, आशा और बुद्धिमता के बहुमूल्य रत्न प्राप्त कर सकते हैं। परन्तु जो सबसे महान और बहुमूल्य बात हम बाइबल में पाते हैं वह है प्रभु यीशु मसीह का व्यक्तित्व, जिसके बारे में बाइबल बयान करती है, क्योंकि वही तो बाइबल का लेखक है।

      हम इस भरोसे के साथ कि हम उससे समृद्ध हो जाएँगे, मेहनत से प्रतिदिन बाइबल के खज़ाने को तलाशें; जैसा कि भजनकार ने कहा, “मैं ने तेरी चितौनियों को सदा के लिये अपना निज भाग कर लिया है, क्योंकि वे मेरे हृदय के हर्ष का कारण हैं” (भजन 119:111)।  - केला ओकोआ


परमेश्वर का वचन बहुमूल्य संपत्ति और जीवन का मार्गदर्शक है।

आदि में वचन था, और वचन परमेश्वर के साथ था, और वचन परमेश्वर था। यही आदि में परमेश्वर के साथ था। सब कुछ उसी के द्वारा उत्पन्न हुआ और जो कुछ उत्पन्न हुआ है, उस में से कोई भी वस्तु उसके बिना उत्पन्न न हुई। - यूहन्ना 1:1-3

बाइबल पाठ: भजन 119:161-168
Psalms 119:161 हाकिम व्यर्थ मेरे पीछे पड़े हैं, परन्तु मेरा हृदय तेरे वचनों का भय मानता है।
Psalms 119:162 जैसे कोई बड़ी लूट पा कर हर्षित होता है, वैसे ही मैं तेरे वचन के कारण हर्षित हूं।
Psalms 119:163 झूठ से तो मैं बैर और घृणा रखता हूं, परन्तु तेरी व्यवस्था से प्रीति रखता हूं।
Psalms 119:164 तेरे धर्ममय नियमों के कारण मैं प्रतिदिन सात बार तेरी स्तुति करता हूं।
Psalms 119:165 तेरी व्यवस्था से प्रीति रखने वालों को बड़ी शान्ति होती है; और उन को कुछ ठोकर नहीं लगती।
Psalms 119:166 हे यहोवा, मैं तुझ से उद्धार पाने की आशा रखता हूं; और तेरी आज्ञाओं पर चलता आया हूं।
Psalms 119:167 मैं तेरी चितौनियों को जी से मानता हूं, और उन से बहुत प्रीति रखता आया हूं।
Psalms 119:168 मैं तेरे उपदेशों और चितौनियों को मानता आया हूं, क्योंकि मेरी सारी चालचलन तेरे सम्मुख प्रगट है।


एक साल में बाइबल: 
  • यहेजकेल 47-48
  • 1 यूहन्ना 3